साक्षरता कल्याण समिति के शिक्षा प्रेरकों ने बेसिक शिक्षा अधिकारी को सौंपा ज्ञापन, बीएसए ने दिया सत्यापन का आश्वासन। *साक्षरता कल्याण समिति के शिक्षा प्रेरकों ने बीएसए को सौंपा ज्ञापन, सत्यापन का आश्वासन* *पीलीभीत*: साक्षरता कल्याण समिति पीलीभीत के शिक्षा प्रेरकों ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर अपने सत्यापन की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने की मांग की है। ज्ञापन में शिक्षा प्रेरकों ने कहा कि वे लंबे समय से जिले में साक्षरता कार्यक्रम के तहत कार्यरत हैं, लेकिन उनका सत्यापन अब तक लंबित है। इससे उनके मानदेय और सेवा संबंधी कार्यों में बाधा आ रही है। ज्ञापन प्राप्त करने के बाद जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने कहा कि शिक्षा प्रेरकों के सत्यापन के लिए *जल्दी से अति शीघ्र प्रयास किए जाएंगे* और नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस अवसर पर *जिला अध्यक्ष अरविंद मिश्रा*, *मण्डल प्रभारी नरेश कुमार गंगवार*, *जिला महामंत्री रघुवर सिंह*, *लालता प्रसाद*, *सुरेन्द्र पाल*, *जगदीश प्रसाद*, *हरीशंकर* सहित कई शिक्षा प्रेरक उपस्थित रहे।
साक्षरता कल्याण समिति के शिक्षा प्रेरकों ने बेसिक शिक्षा अधिकारी को सौंपा ज्ञापन, बीएसए ने दिया सत्यापन का आश्वासन। *साक्षरता कल्याण समिति के शिक्षा प्रेरकों ने बीएसए को सौंपा ज्ञापन, सत्यापन का आश्वासन* *पीलीभीत*: साक्षरता कल्याण समिति पीलीभीत के शिक्षा प्रेरकों
ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर अपने सत्यापन की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने की मांग की है। ज्ञापन में शिक्षा प्रेरकों ने कहा कि वे लंबे समय से जिले में साक्षरता कार्यक्रम के तहत कार्यरत हैं, लेकिन उनका
सत्यापन अब तक लंबित है। इससे उनके मानदेय और सेवा संबंधी कार्यों में बाधा आ रही है। ज्ञापन प्राप्त करने के बाद जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने कहा कि शिक्षा प्रेरकों के सत्यापन के लिए *जल्दी से अति शीघ्र प्रयास
किए जाएंगे* और नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस अवसर पर *जिला अध्यक्ष अरविंद मिश्रा*, *मण्डल प्रभारी नरेश कुमार गंगवार*, *जिला महामंत्री रघुवर सिंह*, *लालता प्रसाद*, *सुरेन्द्र पाल*, *जगदीश प्रसाद*, *हरीशंकर* सहित कई शिक्षा प्रेरक उपस्थित रहे।
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- 🚨 ठेले पर जिंदगी, अस्पताल में बेदर्दी! 🚨 बरेली जिला अस्पताल का एक बेहद दर्दनाक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसने सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। वीडियो में एक गरीब बुजुर्ग अपनी बीमार पत्नी को ठेले पर लिटाकर अस्पताल से ले जाता दिखाई दे रहा है। बताया जा रहा है कि चार दिन तक इलाज न मिलने और अस्पताल प्रशासन की बेरुखी से परेशान होकर बुजुर्ग ने मजबूरी में यह कदम उठाया। जिस अस्पताल में मरीजों को सहारा मिलना चाहिए, वहां इंसानियत ठेले पर नजर आई। यह दृश्य सिर्फ एक परिवार का दर्द नहीं, बल्कि सिस्टम की संवेदनहीनता की तस्वीर बन गया है। आखिर कब तक गरीब इलाज के लिए यूं दर-दर भटकता रहेगा? क्या जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई 🚨 ठेले पर जिंदगी, अस्पताल में बेदर्दी! 🚨 बरेली जिला अस्पताल का एक बेहद दर्दनाक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसने सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। वीडियो में एक गरीब बुजुर्ग अपनी बीमार पत्नी को ठेले पर लिटाकर अस्पताल से ले जाता दिखाई दे रहा है। बताया जा रहा है कि चार दिन तक इलाज न मिलने और अस्पताल प्रशासन की बेरुखी से परेशान होकर बुजुर्ग ने मजबूरी में यह कदम उठाया। जिस अस्पताल में मरीजों को सहारा मिलना चाहिए, वहां इंसानियत ठेले पर नजर आई। यह दृश्य सिर्फ एक परिवार का दर्द नहीं, बल्कि सिस्टम की संवेदनहीनता की तस्वीर बन गया है। आखिर कब तक गरीब इलाज के लिए यूं दर-दर भटकता रहेगा? क्या जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई1
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