उमरिया जिले के विकासखंड मानपुर की ग्राम पंचायत बड़खेरा के वार्ड क्रमांक 19 में बनाई जा रही पुलिया की गुणवत्ता को लेकर ग्रामीणों ने गंभीर सवाल उठाए हैं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने के बाद बड़ी संख्या में जागरूक नागरिकों ने मौके पर पहुंचकर इस घटिया निर्माण कार्य को रुकवा दिया है। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिया के निर्माण में अच्छी रेत की जगह नाली की मिट्टी मिली सामग्री का उपयोग किया जा रहा है और सरिया के ऊपर मशीन से बेहद पतला मसाला डाला जा रहा है। लोगों का सीधा आरोप है कि यह काम सरपंच पुष्पमनी सिंह और सचिव धीरज लाल की मिलीभगत से उनके किसी करीबी ठेकेदार द्वारा करवाया जा रहा है। इसके साथ ही शिकायत में यह भी कहा गया है कि पंचायत में कुआं खनन समेत सभी विकास कार्य ठेके पर ही करवाए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि इस पुलिया की अनुमानित लागत 10 लाख रुपये है, जिससे एक टिकाऊ और गुणवत्तायुक्त पुलिया बन सकती थी जो दशकों तक ग्रामीणों का सहारा बनती। ग्रामीणों का कहना है कि घटिया सामग्री से बन रही यह पुलिया एक ही बारिश में बह जाएगी और सरकारी पैसे का दुरुपयोग होगा। इस मामले को लेकर ग्रामवासियों ने उमरिया कलेक्टर और मानपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी से पुलिया निर्माण की तत्काल जांच कराने और दोषियों पर सख्त वैधानिक कार्रवाई करने की मांग की है।
उमरिया जिले के विकासखंड मानपुर की ग्राम पंचायत बड़खेरा के वार्ड क्रमांक 19 में बनाई जा रही पुलिया की गुणवत्ता को लेकर ग्रामीणों ने गंभीर सवाल उठाए हैं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने के बाद बड़ी संख्या में जागरूक नागरिकों ने मौके पर पहुंचकर इस घटिया निर्माण कार्य को रुकवा दिया है। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिया के निर्माण में अच्छी रेत की जगह नाली की मिट्टी मिली सामग्री का उपयोग किया जा रहा है और सरिया के ऊपर मशीन से बेहद पतला मसाला डाला जा रहा है। लोगों का सीधा आरोप है कि यह काम सरपंच पुष्पमनी सिंह और सचिव धीरज लाल की मिलीभगत से उनके किसी करीबी ठेकेदार द्वारा करवाया जा रहा है। इसके साथ ही शिकायत में यह भी कहा गया है कि पंचायत में कुआं खनन समेत सभी विकास कार्य ठेके पर ही करवाए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि इस पुलिया की अनुमानित लागत 10 लाख रुपये है, जिससे एक टिकाऊ और गुणवत्तायुक्त पुलिया बन सकती थी जो दशकों तक ग्रामीणों का सहारा बनती। ग्रामीणों का कहना है कि घटिया सामग्री से बन रही यह पुलिया एक ही बारिश में बह जाएगी और सरकारी पैसे का दुरुपयोग होगा। इस मामले को लेकर ग्रामवासियों ने उमरिया कलेक्टर और मानपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी से पुलिया निर्माण की तत्काल जांच कराने और दोषियों पर सख्त वैधानिक कार्रवाई करने की मांग की है।
- अनूपपुर जिला मुख्यालय से 7 किलोमीटर दूर ग्राम पंचायत बरबसपुर के भोलगढ़ जंगल में तीन हाथियों का समूह पिछले आठ दिनों से डेरा डाले हुए है। शनिवार (11/07/2026) को शाम 7:30 बजे ये हाथी मुख्य मार्ग के पास विचरण करते देखे गए। इससे पहले दोपहर में, समूह के एक बड़े नर हाथी ने जंगल के तालाब में पानी पिया और फिर वापस अपने दल में शामिल हो गया। वर्तमान में यह हाथियों का समूह शहडोल-कोतमा-मनेंद्रगढ़ मुख्य मार्ग पर भोलगढ़ गांव के बस स्टैंड और वाटर शेड तालाब के बीच सड़क किनारे जंगल में घूम रहा है। आज रात इन हाथियों के भोलगढ़ और बरबसपुर के विभिन्न टोले-मोहल्लों में पहुंचने की आशंका बनी हुई है। हाथियों के मुख्य मार्ग के बिल्कुल करीब आने पर वन विभाग के गश्ती दल, कोतवाली पुलिस और अनूपपुर यातायात पुलिस ने सुरक्षा के लिहाज से कुछ देर के लिए वाहनों का आवागमन रोक दिया था। हाथियों के सड़क किनारे से दोबारा जंगल की ओर लौट जाने के बाद यातायात को फिर से सुचारू रूप से चालू कर दिया गया। फिलहाल पुलिस और वन विभाग की टीम हाथियों की हर गतिविधि पर लगातार नजर बनाए हुए है।1
- चंदिया में हिंदू बहनों के साथ हुए लव जिहाद के विरोध में विश्व हिंदू परिषद् और बजरंग दल उमरिया जिला द्वारा कलेक्टर परिसर में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने इस मामले के आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए एक ज्ञापन भी सौंपा है। इस प्रदर्शन के दौरान संगठन के कार्यकर्ताओं ने जिहादी मानसिकता के अपराधी मोहम्मद हारुन खान एवं इश्तियाक मौलाना के घरों को जमींदोज करने की मांग की। इसके साथ ही मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने और अपराधियों को जल्द से जल्द फांसी की सजा देने की जोरदार मांग उठाई गई। इस विरोध प्रदर्शन में विश्व हिंदू परिषद् उमरिया जिला अध्यक्ष सुरेश द्विवेदी जी, चंदिया प्रखंड अध्यक्ष खुल्लू शर्मा जी, चंदिया प्रखंड संयोजक गौरव वर्मा जी, मातृशक्ति प्रांत सहसंयोजिका श्रीमती निधि श्रीवास्तव दीदी, श्रीमती सपना दहिया दीदी, जिला मंत्री श्रीमती सुषमा गुप्ता दीदी और मातृशक्ति जिला संयोजिका कामना साहू दीदी उपस्थित रहीं। इसके अलावा पवन तिवारी जी, प्रदीप सेन जी, चंदिया प्रखंड उपाध्यक्ष चिराग लोकचंदानी, चंदिया प्रखंड सहसंयोजक गुड्डू कुशवाहा जी, शिवांश अग्रवाल जी, संदीप बाधवा जी, पवन त्रिपाठी जी, उपेंद्र सिंह जी, सोनू विश्वकर्मा जी, शिवम् तिवारी जी, गोविंद द्विवेदी जी, डॉ अखिलेश तिवारी जी, श्री राकेश शर्मा जी, श्री विभूति गौतम जी, निक्की रजक जी, जया श्रीवास्तव जी सहित सैकड़ों अन्य कार्यकर्ता भी इसमें शामिल हुए।1
- ये 2023 का मुद्दा है साथियो आज तक इसमें काम नहीं हुवा साथियो1
- डिंडोरी जिले के करंजिया ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत परसेल मॉल के ग्राम परसेल रैयत टिकरा देवरी में एक नए गोंडवाना कृषि फार्म हाउस का शुभारंभ हुआ है। इस नव-प्रारंभ फार्म हाउस में मुख्य रूप से टमाटर, मिर्ची और भांटा की खेती की जाएगी।1
- उमरिया के मानपुर विधानसभा क्षेत्र के दौरे के दौरान विधायक मीना सिंह का एक बेहद सरल और आत्मीय अंदाज देखने को मिला। क्षेत्र भ्रमण पर निकलीं विधायक मीना सिंह की नजर जब सड़क किनारे बोरी में रखकर पुटू (जंगली मशरूम) बेच रही एक बुजुर्ग महिला पर पड़ी, तो उन्होंने बिना देर किए अपना काफिला रुकवा दिया। वे गाड़ी से उतरकर सीधे बुजुर्ग महिला के पास पहुंचीं और उनके व साथ में मौजूद बच्चों का हालचाल जाना। उन्होंने महिला से पुटू खरीदा और स्थानीय वन उपज व ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा देने का संदेश दिया। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो रविवार को सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसके बाद से पूरे जिले में इसकी खूब चर्चा हो रही है। पुटू खरीदने के बाद विधायक मीना सिंह ने अपने पारंपरिक भोजन की यादें भी साझा कीं। उन्होंने कहा कि बरसात का मौसम हमेशा से जंगलों की प्राकृतिक उपज का समय रहा है। पहले के समय में जब गांवों में ताजी सब्जियां आसानी से नहीं मिलती थीं, तब लोग जंगलों से मिलने वाले पुटू, पीहरी और चकौड़ा की भाजी जैसे पौष्टिक वन उत्पादों से अपने भोजन का स्वाद बढ़ाते थे। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आधुनिक जीवनशैली के बीच भी इन पारंपरिक खाद्य पदार्थों का महत्व कम नहीं हुआ है और इन्हें संरक्षित किया जाना बेहद जरूरी है। विधायक ने आसपास मौजूद लोगों और आम जनता से भी अपील की कि वे सड़क किनारे वन उपज बेचने वाले ग्रामीणों से ही खरीदारी करें। उन्होंने कहा कि इससे एक ओर लोगों को प्राकृतिक और पौष्टिक भोजन मिलेगा, तो दूसरी ओर जंगलों पर निर्भर रहने वाले गरीब परिवारों की आय में भी बढ़ोतरी होगी। उनका मानना है कि स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देना ही आत्मनिर्भर ग्रामीण अर्थव्यवस्था की दिशा में एक बड़ा कदम है। बिना किसी औपचारिकता के सड़क किनारे बैठकर बुजुर्ग महिला से सहज बातचीत करने का विधायक का यह अंदाज वहां मौजूद लोगों को बेहद पसंद आया। विधायक के इस अपनत्व को देखकर बुजुर्ग महिला भी भावुक हो गईं। लोगों द्वारा मोबाइल में रिकॉर्ड किया गया यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और विधायक मीना सिंह के इस सादगी भरे जनसरोकारी अंदाज की लोग जमकर सराहना कर रहे हैं।1
- शहडोल के जयसिंहनगर क्षेत्र में स्थित ग्राम बराटोला के नजदीकी जंगल में एक बाघ को घूमते हुए देखा गया है। बाघ की मौजूदगी की सूचना मिलने के बाद स्थानीय स्तर पर सुरक्षा को लेकर चेतावनी जारी की गई है और लोगों को फिलहाल जंगल की ओर न जाने के लिए कहा गया है। बराटोला के अलावा ग्राम अंतौली, ठेगरहा, अटरिया और बैरिया से लगे जंगलों के पास रहने वाले ग्रामीणों से विशेष निवेदन किया गया है कि वे पूटू पिहिरी निकालने के लिए जंगल के भीतर न जाएं। इसके साथ ही बच्चों को भी जंगल की तरफ भेजने से पूरी तरह बचने तथा हर समय सावधान, सतर्क और सुरक्षित रहने की अपील की गई है।1
- कोरिया जिले के बहुचर्चित आदिवासी छात्रा आत्महत्या कांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मामले के मुख्य आरोपी विनोद बैद को राजस्थान से लौटते समय अनूपपुर से गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूछताछ के लिए आरोपी को बैकुंठपुर स्थित आईसी मार्ट लेकर पहुंची, जहां मामले से जुड़े अहम साक्ष्यों और तथ्यों की जांच की गई। इस पूरे मामले का खुलासा कोरिया पुलिस अधीक्षक ने एसपी कार्यालय में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान किया। एसपी ने बताया कि इस प्रकरण में अब तक एक मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए पुलिस की विशेष टीमें लगातार उनके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं और छापेमारी की जा रही है। फिलहाल, गिरफ्तार आरोपी विनोद बैद से गहन पूछताछ जारी है और उसके बयानों के आधार पर मामले के अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि इस बहुचर्चित मामले की जांच तेजी से आगे बढ़ रही है और सभी दोषियों को कानून के दायरे में लाया जाएगा। जिले में इस कार्रवाई को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।1
- अनूपपुर के वेकटनगर और कदमसरा के बीच मुख्य मार्ग पर बना पुल अपनी बदहाली के कारण बेहद खतरनाक मार्ग में तब्दील हो चुका है। पुल की सतह पर गहरे और चौड़े गड्ढे खाई का रूप ले चुके हैं और जगह-जगह दरारें उभर आई हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि वेकटनगर और कदमसरा के बीच आवागमन की इस प्रमुख कड़ी से रोजाना हजारों दोपहिया, चारपहिया और भारी वाहन गुजरते हैं, लेकिन सालों से पुल की मरम्मत के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। भारी वाहनों की आवाजाही और बारिश के पानी के कारण ये गड्ढे और भी गहरे हो गए हैं, जिससे यहां से गुजरने वाले लोगों की जान हर पल जोखिम में रहती है। मुख्य मार्ग होने की वजह से वाहनों की रफ्तार तेज रहती है और अचानक पुल पर गहरे गड्ढे सामने आने से लगातार हादसे हो रहे हैं। बीते साल राजेंद्रग्राम के दो युवक मोटरसाइकिल से पैजा जा रहे थे, तभी पुल के इसी गड्ढे में बाइक जंप करने से वे नीचे गिर गए और सिर पर गंभीर चोट लगने के कारण दोनों की जान चली गई। वर्तमान में भी वाहन चालक अचानक ब्रेक लगाते हैं, जिससे पीछे आने वाले वाहनों का संतुलन बिगड़ जाता है और दुर्घटना का खतरा लगातार बना रहता है। ग्रामीणों के अनुसार, यह मार्ग केवल गांवों को ही नहीं जोड़ता, बल्कि स्कूल, अस्पताल, बाजार, आधिकारिक क्षेत्रों के साथ-साथ मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग भी है। स्थानीय व्यापारी लक्ष्मण दूबे और क्षेत्र के लोगों ने बताया कि इस वर्षों पुराने पुल की हालत बेहद जर्जर है और इसमें से लोहे के सरिये बाहर निकल आए हैं। विभागीय अधिकारियों और जिला प्रशासन से बार-बार पुल की मरम्मत कराने की मांग की गई है, लेकिन शासन और प्रशासन की अनदेखी के चलते आज तक इस स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। लोगों ने मांग की है कि प्रशासन इस गंभीर समस्या का संज्ञान लेकर जल्द से जल्द ब्रिज का मरम्मत कार्य शुरू करवाए ताकि रोजाना सफर करने वाले लोगों को राहत मिल सके।1