धौलपुर जिले के मरेना कस्बे में भगवान परशुराम जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में एक भव्य शोभायात्रा और वाहन रैली का आयोजन बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ किया गया। यह यात्रा मरेना इंद्रावली मोड़ से शुरू हुई, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालु और धर्मप्रेमी शामिल हुए, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्तिमय माहौल बन गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पागल बाबा 1008 उपस्थित रहे, जिन्होंने भगवान परशुराम की पूजा-अर्चना करने के बाद शोभायात्रा और रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर नीरजा शर्मा, प्रिंस होडवाल, अनुराग मुदगल, अनुपम तिवारी, महेश बोहरे और पवन चंसोरिया जैसे अन्य अतिथि भी मौजूद रहे। आयोजक समिति ने सभी अतिथियों का माला, साफा और भगवान परशुराम जी की तस्वीर भेंट कर स्वागत-सम्मान किया। संयोजक रिंकू उपाध्याय ने बताया कि शोभायात्रा में आकर्षक झांकियां, डोला और वाहन रैली विशेष आकर्षण का केंद्र रही। यात्रा का मरेना, पहाड़ी मछरिया चौराहा, मछरिया और सिहोली में श्रद्धालुओं द्वारा पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया गया। शोभायात्रा का समापन हनुमान पुरा स्थित भगवान परशुराम मंदिर पर हुआ, जहाँ सभी धर्मप्रेमियों ने भगवान परशुराम जी के दर्शन किए और प्रसादी ग्रहण की। इस आयोजन में कोषाध्यक्ष रामू मुदगल, उपाध्यक्ष अमित लहचोरिया, हरेश शर्मा, राजू पहलवान, अनिकेत, कृष्णकांत शुक्ला और अमन दीक्षित सहित हजारों धर्मप्रेमी उपस्थित रहे।
धौलपुर जिले के मरेना कस्बे में भगवान परशुराम जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में एक भव्य शोभायात्रा और वाहन रैली का आयोजन बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ किया गया। यह यात्रा मरेना इंद्रावली मोड़ से शुरू हुई, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालु और धर्मप्रेमी शामिल हुए, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्तिमय
माहौल बन गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पागल बाबा 1008 उपस्थित रहे, जिन्होंने भगवान परशुराम की पूजा-अर्चना करने के बाद शोभायात्रा और रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर नीरजा शर्मा, प्रिंस होडवाल, अनुराग मुदगल, अनुपम तिवारी, महेश बोहरे और पवन चंसोरिया जैसे अन्य अतिथि भी मौजूद रहे। आयोजक
समिति ने सभी अतिथियों का माला, साफा और भगवान परशुराम जी की तस्वीर भेंट कर स्वागत-सम्मान किया। संयोजक रिंकू उपाध्याय ने बताया कि शोभायात्रा में आकर्षक झांकियां, डोला और वाहन रैली विशेष आकर्षण का केंद्र रही। यात्रा का मरेना, पहाड़ी मछरिया चौराहा, मछरिया और सिहोली में श्रद्धालुओं द्वारा पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत
किया गया। शोभायात्रा का समापन हनुमान पुरा स्थित भगवान परशुराम मंदिर पर हुआ, जहाँ सभी धर्मप्रेमियों ने भगवान परशुराम जी के दर्शन किए और प्रसादी ग्रहण की। इस आयोजन में कोषाध्यक्ष रामू मुदगल, उपाध्यक्ष अमित लहचोरिया, हरेश शर्मा, राजू पहलवान, अनिकेत, कृष्णकांत शुक्ला और अमन दीक्षित सहित हजारों धर्मप्रेमी उपस्थित रहे।
- धौलपुर के अधन्नपुर में आयोजित संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के आठवें दिन श्रद्धालुओं का भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस अवसर पर कथा व्यास लोकेशानंद महाराज ने अपनी ओजस्वी वाणी से भगवान श्रीकृष्ण की अलौकिक लीलाओं, विशेषकर महारास, कंस वध और रुक्मिणी विवाह का अत्यंत मार्मिक वर्णन किया। महाराज लोकेशानंद ने महारास प्रसंग की व्याख्या करते हुए बताया कि यह कोई सांसारिक क्रीड़ा नहीं, बल्कि आत्मा का परमात्मा से मिलन है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने कामदेव के अहंकार को नष्ट करने, भक्तों की इच्छा पूरी करने और आत्मा का परमात्मा से मिलन कराने के लिए शरद पूर्णिमा की रात को परासौली में महारास रचाया था। कंस वध के प्रसंग में महाराज जी ने बताया कि जब अत्याचार अपनी चरम सीमा पर पहुँच जाते हैं, तब ईश्वर का अवतार होता है। भगवान श्रीकृष्ण ने मथुरा जाकर अत्याचारी कंस का वध किया और धर्म की स्थापना की, जिसके माध्यम से समाज से बुराइयों और अहंकार को मिटाने का संदेश दिया गया। कथा का मुख्य आकर्षण रुक्मिणी विवाह का पावन प्रसंग रहा। इसके आध्यात्मिक रहस्यों पर प्रकाश डालते हुए महाराज ने कहा कि रुक्मिणी साक्षात लक्ष्मी स्वरूपा हैं और जीव का भगवान से मिलन ही रुक्मिणी विवाह है। उन्होंने विदर्भ देश की राजकुमारी रुक्मिणी की कथा सुनाई, जो भगवान कृष्ण के गुणों और रूप पर मोहित होकर उन्हें अपना पति मान चुकी थीं। जब उनके भाई रुक्मी ने उनका विवाह जबरन शिशुपाल से कराना चाहा, तब रुक्मिणी जी ने एक ब्राह्मण के माध्यम से श्रीकृष्ण को द्वारका संदेश भेजा। भगवान ने उनके अटूट विश्वास और भक्ति का मान रखते हुए उनका हरण किया और उन्हें अपनी पटरानी बनाया। इस प्रसंग से यह शिक्षा मिली कि जो पूरी तरह भगवान के शरणागत होता है, उसकी रक्षा स्वयं ईश्वर करते हैं। इस अवसर पर आयोजक सोबरन सिंह अरेला और भगवंत प्रसाद अरेला सहित सीपी शर्मा, राजेश मरैया, बृजेश उपाध्याय, अशोक रावत, देवकीनंदन अरेला, पुरुषोत्तम, संतोष, कृष्णकांत, योगेश चौबे, ब्रजमोहन, दिनेश चंद्र रावत, मोतीराम शर्मा, राजकुमार बित्थरिया, शाशिकांत, भीमसेन, लोकेंद्र, आदित्येन्द्र तथा अन्य श्रद्धालुओं ने व्यास पीठ का पूजन किया। दूर-दराज से आए अतिथियों व श्रद्धालुओं ने कथा व्यास से आशीर्वाद लिया और कथा का समापन महाआरती व प्रसादी वितरण के साथ किया गया।4
- अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) की बाड़ी इकाई ने धौलपुर के राजकीय महाविद्यालय बाड़ी में भीषण गर्मी से बेजुबान पक्षियों को बचाने के लिए परिंडे लगाए। यह पहल एबीवीपी के 'एक कदम बेजुबान पक्षियों के लिए' अभियान के तहत की गई, जिसका उद्देश्य पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था करना है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राजकीय महाविद्यालय बाड़ी के प्राचार्य मनोज कुमार जी ने इस अवसर पर कहा कि इस भीषण गर्मी में पानी को अमृत के समान माना जाता है। उन्होंने बताया कि जहाँ मनुष्य अपनी प्यास बोलकर बुझा लेता है, वहीं मूक पशु-पक्षियों को पानी के लिए तड़पना पड़ता है। उन्होंने लोगों से अपने घरों के बाहर पानी की व्यवस्था करने का आग्रह किया, इसे ही सच्ची मानवता बताया। एबीवीपी के जिला संयोजक समरथ गुर्जर ने भी इस पुण्य कार्य में सबकी भागीदारी पर जोर देते हुए कहा कि वर्तमान में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर है, ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को पशु-पक्षियों की जान बचाने के लिए आगे आना चाहिए और अपने घरों की छतों व बाहर विभिन्न माध्यमों से पानी की व्यवस्था करनी चाहिए ताकि पक्षियों को भटकना न पड़े। एबीवीपी की महाविद्यालय इकाई अध्यक्षा गुनगुन परमार ने बताया कि विद्यार्थी परिषद SFD (सेवा फ़ॉर डेवलपमेंट) आयाम के तहत बेजुबान पक्षियों की सुरक्षा और संरक्षण को ध्यान में रखते हुए परिंडे लगा रही है, और गर्मी के मौसम में पानी की व्यवस्था करना जीव मात्र के कल्याण का काम है। इस दौरान प्राचार्य श्री एम के सिंह जी, जिला संयोजक समरथ गुर्जर, सह प्राचार्य धर्मेंद्र सिंह मीणा, गुमान सिंह मीणा, केदार सिंह, दिनेश सिंह, इकाई अध्यक्षा गुनगुन परमार, शिवानी शर्मा, हरिओम, चेतन शर्मा, शिवा और विशाल सहित कई सदस्य मौजूद रहे।4
- अलवर जिले के बालेटा स्थित राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में भीषण गर्मी से पक्षियों को राहत पहुँचाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। समाजोपयोगी शिविर के तहत, विद्यालय की प्रधानाचार्य संगीता गौड़ के मार्गदर्शन में कक्षा 12वीं की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक पक्षियों के लिए पानी के परिंडे लगाए। इस दौरान, छात्राओं ने पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था कर अपनी खुशी व्यक्त की। प्रधानाचार्य संगीता गौड़ ने जानकारी दी कि गर्मी के दिनों में वे लगातार विभिन्न स्थानों पर जाकर पक्षियों के लिए पानी के परिंडे लगाने का कार्य करती रहती हैं। इसी क्रम में, विद्यालय परिसर और आसपास कुल 11 परिंडे स्थापित किए गए हैं, ताकि पक्षियों को पानी की कमी से राहत मिल सके। उन्होंने इस अवसर पर सभी से अपील करते हुए कहा कि भीषण गर्मी में पक्षियों के सामने पानी का संकट गहरा जाता है, ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को अपने घर, छत या आसपास किसी बर्तन में पानी भरकर रखना चाहिए। ऐसा करने से पक्षियों की प्यास बुझेगी और उनका जीवन सुरक्षित रह सकेगा। इस कार्यक्रम में प्रधानाचार्य संगीता गौड़ के साथ रामप्रसाद सैनी एवं दिनेश शर्मा भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के माध्यम से छात्राओं को पर्यावरण संरक्षण और जीव-जंतुओं के प्रति संवेदनशील बनने का महत्वपूर्ण संदेश भी दिया गया, जो पक्षियों की प्यास बुझाने की इस अनूठी पहल का एक अभिन्न अंग था।1
- यह दावा किया गया है कि कांग्रेस आज भी एक 'रिमोट कंट्रोल' पार्टी के रूप में संचालित हो रही है। इस संबंध में, कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने स्वयं इस सच्चाई को उजागर किया है।1
- मुरैना जिले के अम्बाह स्थित पोरसा चौराहे पर अब राहगीरों और स्थानीय लोगों को ठंडा पानी मिल सकेगा। अम्बाह नगर पालिका ने भीषण गर्मी के बीच लोगों को बड़ी राहत देते हुए यहां सार्वजनिक प्याऊ और फ्रीजर की व्यवस्था की है। यह महत्वपूर्ण कदम जनहित से जुड़ी खबरों के लगातार प्रकाशन के बाद उठाया गया। दरअसल, स्थानीय समाचारों में गर्मी के मौसम में पेयजल संकट और राहगीरों की परेशानियों को प्रमुखता से उजागर किया जा रहा था। इस समस्या को सबसे पहले 25 अप्रैल को भीमसेन सिंह तोमर ने लोकल न्यूज के माध्यम से उठाया था, जिसके बाद 26 अप्रैल को अवधेश तोमर ने पीपल चौराहे से संबंधित खबर प्रकाशित कर प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया। लगातार खबरें सामने आने के बाद नगर पालिका ने मामले को गंभीरता से लिया और पोरसा चौराहे पर सार्वजनिक प्याऊ तथा फ्रीजर स्थापित करने का निर्णय लिया। स्थानीय नागरिकों ने नगर पालिका के इस प्रयास की सराहना की है, उनका कहना है कि यह सुविधा मानव सेवा का एक अच्छा उदाहरण बनेगी और भीषण गर्मी में आमजन को काफी राहत प्रदान करेगी।1
- अंबाह तहसील क्षेत्र की श्यामपुर कलां ग्राम पंचायत के परिक्षत पुरा में स्थानीय लोगों ने एक शासकीय तालाब पर अतिक्रमण कर उसे पूरी तरह बंद कर दिया है। इस अतिक्रमण के कारण पानी का निकास रुक गया है, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल, आंगनबाड़ी और प्राथमिक विद्यालय जाने वाले छोटे बच्चों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है, वहीं पानी के लगातार भराव से जीवाणु जनित रोगों के फैलने की आशंका भी बनी हुई है। जलभराव और अतिक्रमण की इन गंभीर समस्याओं को लेकर पूर्व सैनिक संगठन ग्वालियर के अध्यक्ष शत्रुघ्न सिंह तोमर ने अपने संगठन के सदस्यों और ग्राम पंचायत के सरपंच गणेश सिंह तोमर (पिंटू दादा) के साथ मिलकर तहसीलदार रामनरेश शर्मा को एक शिकायती आवेदन सौंपा। इस अवसर पर अमर सम्मान सेवा संघ के सेवक और सैकड़ों की संख्या में पूर्व सैनिक भी उपस्थित थे। तहसीलदार शर्मा ने पूर्व सैनिकों की बातों को गंभीरतापूर्वक सुना और उन्हें आश्वस्त किया कि आगामी तीन दिन के भीतर वह एक दल गठित कर मौके स्थल की जांच कराएंगे तथा अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करेंगे।3
- यह पोस्ट 26 मई 2014 को भारत के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण दिवस के रूप में रेखांकित करती है, जिस दिन देश ने मानो 'रीसेट बटन' दबाकर एक नई शुरुआत की थी। इस निर्णायक क्षण को सीधे तौर पर नरेंद्र दामोदरदास मोदी से जोड़ा गया है, जिनका नाम विशेष रूप से उल्लेखित किया गया है, जो भारत के लिए एक बड़े बदलाव और नई दिशा का संकेत देता है।1
- अंबाह तहसील के श्यामपुर कलां ग्राम पंचायत के परिक्षत पुरा में स्थानीय लोगों ने शासकीय तालाब पर अतिक्रमण कर उसे पूरी तरह बंद कर दिया है। इस अवैध कब्जे के कारण पानी का निकास अवरुद्ध हो गया है, जिससे अन्य ग्रामीणों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। बच्चों को अस्पताल, आंगनवाड़ी और प्राथमिक विद्यालय जाने के लिए गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है, वहीं लगातार जलभराव के कारण जीवाणु जनित रोगों के फैलने की आशंका भी बनी हुई है। ग्रामीणों की जलभराव और अतिक्रमण संबंधी इन समस्याओं को लेकर, स्थानीय पूर्व सैनिक शत्रुघ्न सिंह तोमर (पूर्व सैनिक संगठन ग्वालियर के अध्यक्ष) ने अपने संगठन के सदस्यों और सरपंच के साथ तहसीलदार रामनरेश शर्मा को एक शिकायती आवेदन सौंपा। तहसीलदार शर्मा ने पूर्व सैनिकों की बातों को गंभीरता से सुना और उन्हें आश्वस्त किया कि आगामी तीन दिनों के भीतर वे एक दल गठित कर मौके स्थल की जांच कराएंगे और अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध आवश्यक कार्यवाही करेंगे। इस अवसर पर ग्राम पंचायत के सरपंच गणेश सिंह तोमर (पिंटू दादा), अमर सम्मान सेवा संघ के सेवक और सैकड़ों की संख्या में भूतपूर्व सैनिक मौजूद रहे।3
- मुरैना जिले के अम्बाह स्थित पोरसा चौराहे पर अब लोगों को ठंडा पानी उपलब्ध हो सकेगा, क्योंकि अम्बाह नगर पालिका द्वारा एक सार्वजनिक प्याऊ और फ्रीजर स्थापित किया गया है। यह कदम स्थानीय समाचारों में उठाई गई एक जनहितार्थ खबर का सीधा परिणाम है, जिसने लोगों की प्यास की पीड़ा को प्रमुखता से उजागर किया था। यह पहल 25 अप्रैल को सामने आई उस खबर के बाद की गई है, जिसमें भीमसेन सिंह तोमर ने सबसे पहले लोकल न्यूज़ पर लोगों की प्यास की पीड़ा को प्रमुखता से दिखाया था। इसके बाद 26 अप्रैल को अवधेश तोमर द्वारा पीपल चौराहे से की गई कवरेज इस रिपोर्ट के बाद नगर पालिका ने मामले का संज्ञान लिया और इस सार्वजनिक सुविधा को स्थापित करने का निर्णय लिया।2