रविवार को पकड़ीदयाल के मीना बाजार में वर्षों से चले आ रहे भूमि विवाद मामले में न्यायालय के आदेश पर विवादित जमीन की पैमाइश कराई गई। प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस बल की मौजूदगी में हुई इस कार्रवाई को देखने बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौके पर मौजूद रहे। पकड़ीदयाल सिनेमा रोड स्थित मीना बाजार में राजस्व कर्मियों ने अधिवक्ता आयुक्त भाग नारायण प्रसाद की देखरेख में खाता संख्या 72 के अंतर्गत खेसरा संख्या 1218, 1219, 1220, 1221 और 1229 की करीब तीन बीघा भूमि का सीमांकन किया। यह भूमि स्वर्गीय श्रीनारायण सिंह और छपरा निवासी ओम प्रकाश सिंह के बीच लंबे समय से विवाद का विषय रही है, और पैमाइश के दौरान दोनों पक्षों के प्रतिनिधि भी मौजूद थे। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी, जिसके तहत पुलिस बल पूरे समय मौके पर तैनात रहा और यह कार्य शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। अधिवक्ता आयुक्त भाग नारायण प्रसाद ने बताया कि न्यायालय के आदेश के आलोक में संबंधित भूमि का सीमांकन और अतिक्रमण की जांच कराई जा रही है। प्रारंभिक जांच में करीब पाँच दर्जन से अधिक लोगों द्वारा भूमि पर अतिक्रमण किए जाने के संकेत मिले हैं। प्रशासन का कहना है कि पैमाइश पूरी होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट न्यायालय को सौंपी जाएगी, जिसके बाद आगे की कार्रवाई न्यायालय के निर्देशानुसार की जाएगी। फिलहाल विवादित जमीन की पैमाइश का कार्य पूरा कर लिया गया है, और अब सभी की नजर उस रिपोर्ट पर है जिसे अधिवक्ता आयुक्त न्यायालय में प्रस्तुत करेंगे, ताकि उसी के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय हो सके। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में भूमि विवाद को लेकर चर्चाओं का माहौल बना हुआ है।
रविवार को पकड़ीदयाल के मीना बाजार में वर्षों से चले आ रहे भूमि विवाद मामले में न्यायालय के आदेश पर विवादित जमीन की पैमाइश कराई गई। प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस बल की मौजूदगी में हुई इस कार्रवाई को देखने बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौके पर मौजूद रहे। पकड़ीदयाल सिनेमा रोड स्थित मीना बाजार में राजस्व कर्मियों ने अधिवक्ता आयुक्त भाग नारायण प्रसाद की देखरेख में खाता संख्या 72 के अंतर्गत खेसरा संख्या 1218, 1219, 1220, 1221 और 1229 की करीब तीन बीघा भूमि का सीमांकन किया। यह भूमि स्वर्गीय श्रीनारायण सिंह और छपरा निवासी ओम प्रकाश सिंह के बीच लंबे समय से विवाद का विषय रही है, और पैमाइश के दौरान दोनों पक्षों के प्रतिनिधि भी मौजूद थे। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी, जिसके तहत पुलिस बल पूरे समय मौके पर तैनात रहा और यह कार्य शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। अधिवक्ता आयुक्त भाग नारायण प्रसाद ने बताया कि न्यायालय के आदेश के आलोक में संबंधित भूमि का सीमांकन और अतिक्रमण की जांच कराई जा रही है। प्रारंभिक जांच में करीब पाँच दर्जन से अधिक लोगों द्वारा भूमि पर अतिक्रमण किए जाने के संकेत मिले हैं। प्रशासन का कहना है कि पैमाइश पूरी होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट न्यायालय को सौंपी जाएगी, जिसके बाद आगे की कार्रवाई न्यायालय के निर्देशानुसार की जाएगी। फिलहाल विवादित जमीन की पैमाइश का कार्य पूरा कर लिया गया है, और अब सभी की नजर उस रिपोर्ट पर है जिसे अधिवक्ता आयुक्त न्यायालय में प्रस्तुत करेंगे, ताकि उसी के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय हो सके। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में भूमि विवाद को लेकर चर्चाओं का माहौल बना हुआ है।
- एक व्यक्ति ने आक्रोश व्यक्त किया है कि किसी ने उनकी माँ को गाली दी है।1
- गुरनाम सिंह ने राजस्थान के अलवर जिले की रामगढ़ तहसील में स्थित मिलकपुर गांव से एक लाइव वीडियो और तस्वीरें साझा की हैं। इस सामग्री में मिलकपुर गांव से संबंधित जानकारी दी गई है। साझा किए गए विवरणों में गुरुग्राम के मिलकपुर का भी जिक्र है।4
- डीग पुलिस अधीक्षक शरण गोपीनाथ (IPS) के निर्देश पर मंगलवार को बहज चौकी उत्तर प्रदेश बॉर्डर पर विशेष वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। इस दौरान सघन नाकाबंदी कर वाहनों की जांच की गई, जिसमें कोतवाली थाना प्रभारी रामनरेश मीणा और उप निरीक्षक अमर सिंह गुर्जर सहित अन्य पुलिस जाब्ता मौजूद रहा। कोतवाली थाना प्रभारी रामनरेश मीणा ने बताया कि इस अभियान के तहत काली फिल्म, फैंसी नंबर प्लेट, मॉडिफाइड वाहन, अवैध हूटर, फ्लैशर, लाल-नीली बत्ती, बिना नंबर, बिना हेलमेट, बिना सीट बेल्ट और बिना वैध दस्तावेज चलने वाले वाहनों सहित यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। यह अभियान अपराध नियंत्रण और सड़क सुरक्षा को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिले के सभी सर्किल व थाना क्षेत्रों में लगातार जारी रहेगा।3
- मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हरियाणा विजन-2047 के एक्शन प्लान को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में ऊर्जा, स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास विभागों से संबंधित विषयों पर गहन मंथन किया गया।1
- कोटकासिम के गांव लाडपुर स्थित श्री श्री 1008 श्री कैलासवासी श्री सोमनाथ जी महाराज मंदिर में एक मेले का आयोजन किया गया। इस मेले के दौरान विधायक दीपचन्द खैरिया ने शिरकत की।1
- ब्यावर जिले की लांबिया ग्राम पंचायत भवन में मंगलवार को उपखंड अधिकारी मनोज कुमार मीणा की अध्यक्षता में एक ग्रामीण सेवा शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में 22 विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया, जिन्होंने ग्रामीणों की समस्याओं को सुना और मौके पर ही अनेक मामलों का समाधान किया। उपखंड अधिकारी मनोज कुमार मीणा ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे आमजन की समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित करें और योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें। शिविर के दौरान ग्रामीणों ने मुख्य पेयजल लाइन में बार-बार लीकेज, नलों में गंदा एवं बदबूदार पानी आने तथा कई मोहल्लों में नियमित जलापूर्ति नहीं होने जैसी गंभीर समस्याएं उठाईं। इस पर संबंधित विभाग के अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई कर व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त, बारिश के मौसम को देखते हुए नालों और पानी निकासी मार्गों पर रेत-मिट्टी के ढेर तथा अतिक्रमण हटाकर जलभराव की समस्या से बचाव के भी निर्देश दिए गए। शिविर में पट्टा वितरण, म्यूटेशन (नामांतरण), नाम शुद्धिकरण, जन्म-मृत्यु और जाति प्रमाण पत्र संबंधी प्रकरणों का निस्तारण किया गया। कृषि विभाग ने तारबंदी, फसली बीमा एवं कृषि ऋण से जुड़े मामलों पर कार्रवाई की। वहीं, रास्तों से अतिक्रमण हटाने और खेल मैदान स्वीकृति सहित विभिन्न विभागों से संबंधित कार्यों का भी समाधान किया गया। इस अवसर पर शिविर प्रभारी नायब तहसीलदार प्रहलादराम, अतिरिक्त विकास अधिकारी रामरसिया आचार्य, पीईईओ सत्यनारायण वैष्णव, ग्राम विकास अधिकारी सोहनलाल विश्नोई, प्रशासक प्रतिनिधि मानसिंह राठौड़ के साथ-साथ विभिन्न विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- रविवार को पकड़ीदयाल के मीना बाजार में वर्षों से चले आ रहे भूमि विवाद मामले में न्यायालय के आदेश पर विवादित जमीन की पैमाइश कराई गई। प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस बल की मौजूदगी में हुई इस कार्रवाई को देखने बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौके पर मौजूद रहे। पकड़ीदयाल सिनेमा रोड स्थित मीना बाजार में राजस्व कर्मियों ने अधिवक्ता आयुक्त भाग नारायण प्रसाद की देखरेख में खाता संख्या 72 के अंतर्गत खेसरा संख्या 1218, 1219, 1220, 1221 और 1229 की करीब तीन बीघा भूमि का सीमांकन किया। यह भूमि स्वर्गीय श्रीनारायण सिंह और छपरा निवासी ओम प्रकाश सिंह के बीच लंबे समय से विवाद का विषय रही है, और पैमाइश के दौरान दोनों पक्षों के प्रतिनिधि भी मौजूद थे। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी, जिसके तहत पुलिस बल पूरे समय मौके पर तैनात रहा और यह कार्य शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। अधिवक्ता आयुक्त भाग नारायण प्रसाद ने बताया कि न्यायालय के आदेश के आलोक में संबंधित भूमि का सीमांकन और अतिक्रमण की जांच कराई जा रही है। प्रारंभिक जांच में करीब पाँच दर्जन से अधिक लोगों द्वारा भूमि पर अतिक्रमण किए जाने के संकेत मिले हैं। प्रशासन का कहना है कि पैमाइश पूरी होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट न्यायालय को सौंपी जाएगी, जिसके बाद आगे की कार्रवाई न्यायालय के निर्देशानुसार की जाएगी। फिलहाल विवादित जमीन की पैमाइश का कार्य पूरा कर लिया गया है, और अब सभी की नजर उस रिपोर्ट पर है जिसे अधिवक्ता आयुक्त न्यायालय में प्रस्तुत करेंगे, ताकि उसी के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय हो सके। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में भूमि विवाद को लेकर चर्चाओं का माहौल बना हुआ है।1
- डीग नगर रोड पर स्थित गांव पानहोरी के मेन चौराहे पर सीसी रोड बुरी तरह से टूट चुकी है, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों के लिए गंभीर समस्या खड़ी हो गई है। इस टूटी सड़क के कारण गाड़ियों के बंपर और मोटरसाइकिलें सीधे गड्ढे से टकराती हैं, जिससे तेज रफ्तार वाहनों को जोरदार झटका लगता है। इससे गाड़ी या बाइक के पलटने का खतरा बना रहता है, जिसके चलते बड़ी दुर्घटनाएं हो सकती हैं और आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या को देखते हुए, मांग की जा रही है कि संभावित दुर्घटनाओं को रोकने और किसी की जान बचाने के लिए इस गड्ढे को तत्काल भरवाया जाए। हालांकि, शिकायतकर्ता ने इस बात पर चिंता व्यक्त की है कि इस मार्ग से माननीय विधायक जवाहर सिंह बेढम जी और SP कांबले जी का रोजाना आवागमन होता है, फिर भी कोई भी जिम्मेदार अधिकारी इस पर ध्यान नहीं दे रहा है, जिससे उनकी कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।1