मधेपुरा जिले के मुरलीगंज में मुहर्रम पर्व के मद्देनजर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से बुधवार को पुलिस ने शहर के प्रमुख इलाकों में फ्लैग मार्च निकाला। इस दौरान आम लोगों से अफवाहों से दूर रहने और आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की गई। प्रशिक्षु डीएसपी सह थानाध्यक्ष नूरुल हक के नेतृत्व में यह फ्लैग मार्च थाना परिसर से शुरू हुआ और बाजार के मुख्य मार्गों, चौक-चौराहों, तथा संवेदनशील इलाकों से होकर गुजरा। मार्च में बड़ी संख्या में पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे। पुलिस टीम ने लोगों से मुहर्रम को शांति, सौहार्द और आपसी भाईचारे के साथ मनाने का आग्रह किया। फ्लैग मार्च के दौरान सुरक्षा व्यवस्था का जायजा भी लिया गया, और यह संदेश दिया गया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। साथ ही, किसी भी तरह की अफवाह या संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई। पुलिस प्रशासन का कहना है कि वे मुहर्रम पर्व को लेकर पूरी तरह सतर्क हैं, और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती भी की गई है, जिससे आम लोगों के सहयोग से पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जा सके। प्रशासन की इस सक्रियता से आम लोगों में सुरक्षा के प्रति विश्वास बढ़ा है, जबकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शांति भंग करने की कोशिश करने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
मधेपुरा जिले के मुरलीगंज में मुहर्रम पर्व के मद्देनजर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से बुधवार को पुलिस ने शहर के प्रमुख इलाकों में फ्लैग मार्च निकाला। इस दौरान आम लोगों से अफवाहों से दूर रहने और आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की गई। प्रशिक्षु डीएसपी सह थानाध्यक्ष नूरुल हक के नेतृत्व में यह फ्लैग मार्च थाना परिसर से शुरू हुआ और बाजार के मुख्य मार्गों, चौक-चौराहों, तथा संवेदनशील इलाकों से
होकर गुजरा। मार्च में बड़ी संख्या में पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे। पुलिस टीम ने लोगों से मुहर्रम को शांति, सौहार्द और आपसी भाईचारे के साथ मनाने का आग्रह किया। फ्लैग मार्च के दौरान सुरक्षा व्यवस्था का जायजा भी लिया गया, और यह संदेश दिया गया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। साथ ही, किसी भी तरह की अफवाह या संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई। पुलिस प्रशासन का कहना है कि
वे मुहर्रम पर्व को लेकर पूरी तरह सतर्क हैं, और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती भी की गई है, जिससे आम लोगों के सहयोग से पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जा सके। प्रशासन की इस सक्रियता से आम लोगों में सुरक्षा के प्रति विश्वास बढ़ा है, जबकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शांति भंग करने की कोशिश करने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
- सुपौल जिले के पिपरा थाना पुलिस को मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान में बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने एक स्मैक कारोबारी, लोकेश कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस ने उसके पास से 85 ग्राम स्मैक, 47 हजार 7 सौ 80 रुपये नगद, एक कार समेत कई अन्य सामान बरामद किए हैं। थानाध्यक्ष किशोर कुमार ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी। उन्हें पता चला था कि थाना क्षेत्र के विशनपुर वार्ड 13 में लोकेश कुमार स्मैक का अवैध कारोबार चलाता है। इस सूचना के आधार पर पुलिस ने लोकेश के घर पर छापेमारी की। छापेमारी के दौरान पुलिस ने 85 ग्राम स्मैक, 47,780 रुपये नगद, एक इलेक्ट्रॉनिक तराजू, एक मोबाइल, दो स्कैनर और एक चार चक्का वाहन जब्त किया। पुलिस ने लोकेश कुमार के खिलाफ थाना कांड संख्या 223/26 दर्ज कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद बुधवार को उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस की इस प्रभावी कार्रवाई से पूरे क्षेत्र के नशा कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।2
- मधेपुरा के कुमारखंड स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का सिविल सर्जन डॉ. विजय कुमार ने मंगलवार को औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल के मरीज वार्ड, जननी वार्ड, ओपीडी, आउटसोर्सिंग कार्य और साफ-सफाई सहित पूरे सीएचसी का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, सीएस ने मरीजों को दी जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं के साथ-साथ हेल्थ कार्ड बनाने, परिवार नियोजन कार्यक्रम, दवा वितरण, लैब जांच, टीकाकरण और वैक्सीनेशन कार्य जैसी विभिन्न सरकारी योजनाओं का भी निरीक्षण किया। उन्होंने स्वास्थ्य प्रबंधक कुमार धनंजय से स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित कई महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। सिविल सर्जन ने बताया कि विभाग से स्त्री रोग विशेषज्ञ और हड्डी रोग विशेषज्ञ की मांग की गई है, और जल्द ही इनकी व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने उपस्थिति पंजी और अन्य कई पंजियों का अवलोकन कर कई आवश्यक निर्देश दिए, जिसमें जांच को संतोषजनक पाया गया। डॉ. विजय कुमार ने यह भी बताया कि सरकार ने अस्पताल में मरीजों के लिए सभी तरह की सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं, जिनमें सभी प्रकार की जांच, एक्स-रे, ईसीजी, आंख का इलाज सहित सभी सेवाएं निःशुल्क प्रदान की जाती हैं। इस अवसर पर डॉ. नवीन प्रसाद भारती, डॉ. वैदप्रकाश गुप्ता, डॉ. प्रवीण कुमार, डॉ. आरपी रमण, सुब्रत दास, लैब टेक्नीशियन सुनील कुमार यादव, बीएनएमई अमित कुमार, लेखापाल मनोज कुमार, लिपिक नवीन कुमार, बीसीएम उपेंद्र कुमार अमर, डीईओ मो. मुजाहिद आलम, एएनएम शिवानी कुमारी, सैमसन कुमार, पिंकी कुमारी, दीपक कुमार, पपीन कुमार, ब्रह्मदेव कुमार, विरेंद्र साह, दीनानाथ यादव, सुरेंद्र कुमार, विभा कुमारी, राम बहादुर मंडल और अन्य स्वास्थ्य कर्मी मौजूद थे।1
- नेपाल बैराज के बाईस फाटक खोले जाने के बाद कोसी नदी ने विकराल रूप ले लिया है।1
- सहरसा सदर थाना द्वारा की गई एक कार्रवाई में अनैतिक गतिविधियों का खुलासा हुआ है। इस कार्रवाई के परिणामस्वरूप, पुलिस ने कुल 5 लोगों को गिरफ्तार किया है।1
- सहरसा जिले के महिषी से प्राप्त जानकारी में बीए फाइनल का जिक्र किया गया है।1
- सरायगढ़ और छातापुर के बीच NH-27 पर हुए एक सड़क हादसे में एक आंगनबाड़ी सेविका की दुखद मृत्यु हो गई है। यह घटना तब हुई जब सेविका अपने पति के साथ घर लौट रही थीं।1
- सुपौल जिले के निर्मली प्रखंड अंतर्गत कमलपुर में वार्ड नंबर 6 और 7 की सड़कों का निर्माण कार्य किया जा रहा है।1
- बिहार के सुपौल जिले में एक श्राद्ध भोज के बाद उस समय हड़कंप मच गया, जब दाल में कथित तौर पर छिपकली मिलने की चर्चा फैल गई। इस घटना के परिणामस्वरूप, 150 से अधिक लोग बीमार पड़ गए हैं। प्रभावितों में बच्चे भी शामिल हैं, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उनका इलाज जारी है।1
- दरभंगा के पुतई गाँव के वार्ड-01 में लगातार शिकायतों और जनआवाज़ उठाने के लगभग दो सप्ताह बाद अंततः एक नया मोटर लगाया गया, जिसके फलस्वरूप जलापूर्ति फिर से शुरू हो गई। इस समस्या को लेकर स्थानीय लोग काफी समय से अपनी बात उठा रहे थे। हालांकि, यह उपलब्धि केवल महथौर पंचायत के वार्ड-01 तक ही सीमित है। पंचायत के कई अन्य वार्ड आज भी पेयजल, सड़क और अन्य मूलभूत सुविधाओं की गंभीर समस्याओं से जूझ रहे हैं। स्थानीय निवासियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक हर वार्ड तक आवश्यक सुविधाएँ नहीं पहुँच जातीं, तब तक उनकी आवाज़ उठती रहेगी और वे सभी वंचित वार्डों के लिए अपने हकों का संघर्ष जारी रखेंगे।1