बालोतरा में 90-A नामांतरण निरस्तीकरण के विरोध में प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन ने कलेक्टर को दिया ज्ञापन जिलाध्यक्ष ने प्रेस वार्ता कर प्रशासन पर गंभीर आरोप बालोतरा, नगर परिषद द्वारा वर्ष 2023 से 2026 के बीच किए गए धारा 90-A के रूपांतरण व नामांतरण (म्यूटेशन) निरस्त करने के फैसले के विरोध में बालोतरा के बालोतरा प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन ने करीब 15 हजार भूखंड धारकों पीड़ा को व्यक्त करते हुए जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में प्रभावित नागरिकों ने अपने अधिकारों की रक्षा की मांग करते हुए प्रशासनिक कार्यशैली पर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ज्ञापन के अनुसार, वर्ष 2023 से 2026 के बीच करीब 262 खसरों का रूपांतरण नियमानुसार सरकारी शुल्क जमा करवाकर किया गया था। बावजूद इसके अब नगर परिषद द्वारा फाइलें गायब होने का हवाला देकर नामांतरण निरस्त करना पूरी तरह अनुचित बताया गया है। ज्ञापन में सवाल उठाया गया है कि यदि रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं था तो तहसील कार्यालय ने उच्च दर पर स्टांप ड्यूटी लेकर रजिस्ट्री कैसे की और राजस्व अधिकारियों ने म्यूटेशन कैसे खोला। प्रभावितों ने आरोप लगाया कि प्रशासन की लापरवाही का खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। एक ओर सरकार इन भूखंडों को “रूपांतरित भूमि” मानकर राजस्व वसूल चुकी है, वहीं अब उन्हें पुनः “कृषि भूमि” घोषित किया जा रहा है, जिससे हजारों परिवारों की जमा-पूंजी फंस गई है। इससे न तो वे निर्माण कार्य कर पा रहे हैं और न ही भूमि का क्रय-विक्रय। ज्ञापन में इस मुद्दे को मानवीय संकट बताते हुए कहा गया है कि यह केवल जमीन का विवाद नहीं, बल्कि हजारों परिवारों के भविष्य से जुड़ा मामला है। बच्चों की शिक्षा, शादी और बुजुर्गों के सहारे तक पर इसका असर पड़ रहा है। साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि वैध संपत्तियां छीनी गईं तो लोग मानसिक रूप से टूट सकते हैं। प्रभावितों ने प्रशासन पर रिकॉर्ड रूम में ताले लगाने, दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराने और अधिकारियों द्वारा सहयोग नहीं करने जैसे आरोप भी लगाए हैं। उनका कहना है कि आवश्यक दस्तावेज मांगने पर भी विभाग द्वारा स्पष्ट जवाब नहीं दिया जा रहा, जिससे लोगों में रोष और असुरक्षा का माहौल है।बालोतरा प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष खेतसिंह भाटी ने कहा कि जांच पूरी होने तक नामांतरण निरस्तीकरण के आदेश पर तत्काल रोक लगाई जाए। फाइलें गायब करने वाले जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई हो। प्रभावित पक्ष को “ऑडिट अल्टरम पार्टम” के तहत सुनवाई का अवसर दिया जाए। जिन भूखंडों की रजिस्ट्री हो चुकी है, उनके मालिकाना हक सुरक्षित रखे जाएं। इस मौके पर बालोतरा जिले के समस्त प्रोपर्टी डीलर एवं बालोतरा प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन के सभी सदस्य मौजूद रहे ।
बालोतरा में 90-A नामांतरण निरस्तीकरण के विरोध में प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन ने कलेक्टर को दिया ज्ञापन जिलाध्यक्ष ने प्रेस वार्ता कर प्रशासन पर गंभीर आरोप बालोतरा, नगर परिषद द्वारा वर्ष 2023 से 2026 के बीच किए गए धारा 90-A के रूपांतरण व नामांतरण (म्यूटेशन) निरस्त करने के फैसले के विरोध में बालोतरा के बालोतरा प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन ने करीब 15 हजार भूखंड धारकों पीड़ा को व्यक्त करते हुए जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में प्रभावित नागरिकों ने अपने अधिकारों की रक्षा की मांग करते हुए प्रशासनिक कार्यशैली पर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ज्ञापन के अनुसार, वर्ष 2023 से 2026 के बीच करीब 262 खसरों का रूपांतरण नियमानुसार सरकारी शुल्क जमा करवाकर किया गया था। बावजूद इसके अब नगर परिषद द्वारा फाइलें गायब होने का हवाला देकर नामांतरण निरस्त करना पूरी तरह अनुचित बताया गया है। ज्ञापन में सवाल उठाया गया है कि यदि रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं था तो तहसील कार्यालय ने उच्च दर पर स्टांप ड्यूटी लेकर रजिस्ट्री कैसे की और राजस्व अधिकारियों ने म्यूटेशन कैसे खोला। प्रभावितों ने आरोप लगाया कि प्रशासन की लापरवाही का खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। एक ओर सरकार इन भूखंडों को “रूपांतरित भूमि” मानकर राजस्व वसूल चुकी है, वहीं अब उन्हें पुनः “कृषि भूमि” घोषित किया जा रहा है, जिससे हजारों परिवारों की जमा-पूंजी फंस गई है। इससे न तो वे निर्माण कार्य कर पा रहे हैं और न ही भूमि का क्रय-विक्रय। ज्ञापन में इस मुद्दे को मानवीय संकट बताते हुए कहा गया है कि यह केवल जमीन का विवाद नहीं, बल्कि हजारों परिवारों के भविष्य से जुड़ा मामला है। बच्चों की शिक्षा, शादी और बुजुर्गों के सहारे तक पर इसका असर पड़ रहा है। साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि वैध संपत्तियां छीनी गईं तो लोग मानसिक रूप से टूट सकते हैं। प्रभावितों ने प्रशासन पर रिकॉर्ड रूम में ताले लगाने, दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराने और अधिकारियों द्वारा सहयोग नहीं करने जैसे आरोप भी लगाए हैं। उनका कहना है कि आवश्यक दस्तावेज मांगने पर भी विभाग द्वारा स्पष्ट जवाब नहीं दिया जा रहा, जिससे लोगों में रोष और असुरक्षा का माहौल है।बालोतरा प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष खेतसिंह भाटी ने कहा कि जांच पूरी होने तक नामांतरण निरस्तीकरण के आदेश पर तत्काल रोक लगाई जाए। फाइलें गायब करने वाले जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई हो। प्रभावित पक्ष को “ऑडिट अल्टरम पार्टम” के तहत सुनवाई का अवसर दिया जाए। जिन भूखंडों की रजिस्ट्री हो चुकी है, उनके मालिकाना हक सुरक्षित रखे जाएं। इस मौके पर बालोतरा जिले के समस्त प्रोपर्टी डीलर एवं बालोतरा प्रोपर्टी वेलफेयर एसोसिएशन के सभी सदस्य मौजूद रहे ।
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- road nhi bana Hai1
- जालौर आज जालौर शहर में मंगलवार को भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ प्रेस वार्ता के दौरान जालौर शहर के पत्रकारों के सवालों के जवाब को संतुष्ट पूर्ण नहीं दे सके साथ ही वह सवालों से बचाव करते हुए नजर आए इस दौरान पत्रकारों ने कहा सवालों का जवाब आपको देना चाहिए यह आपकी जिम्मेवारी आयोजित प्रेस वार्ता में जालौर के पत्रकार मौजूद रहे1
- आज बाबा साहब डा भीमराव अभेडकर जी का जनमदिन मनाया गया जोधपुर मे बिजेऐस 18 नम्बर गली मे नयु जोधाणा ओटो रिकशा समिति जोधपुर कार्यलय मे जन्मदिन मनाया गया डा भीम साहब अभेडकर जयन्ती धुमधाम से मनाई गई1
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