*“मिशन शक्ति फेज-5.0” द्वितीय चरण के अंतर्गत थाना मेंहदावल व बेलहरकला पुलिस द्वारा महिलाओं/बालिकाओं को जागरूक करने हेतु नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित “मिशन शक्ति फेज-5.0” के अंतर्गत पु पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन में महिला सशक्तिकरण, एंटी रोमियो अभियान तथा महिलाओं/बालिकाओं की सुरक्षा एवं जागरूकता के संबंध में दिए गए निर्देशों के क्रम में थाना मेंहदावल अन्तर्गत थाना मेंहदावल व मेंहदावल कस्बा तथा थाना बेलहरकला अन्तर्गत सांथा बाजार में नुक्कड़ नाटक आयोजित कर जागरूकता कार्यक्रम किया गया । नुक्कड़ नाटक के माध्यम से “बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ” एवं वूमेन पावर लाइन 1090 के संबंध में संदेश देकर बालिकाओं एवं महिलाओं को मिशन शक्ति फेज-5.0 के तहत जागरूक किया गया तथा साइबर सुरक्षा एवं विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों के बारे में जानकारी दी गई । कार्यक्रम के दौरान महिलाओं व बालिकाओं को सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं जैसे मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, रानी लक्ष्मीबाई बाल एवं महिला सम्मान कोष, नारी शक्ति वंदन अधिनियम, निराश्रित महिला पेंशन योजना तथा मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना आदि के बारे में जानकारी देते हुए उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया । साथ ही महिलाओं एवं बालिकाओं को विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों जैसे वूमेन पावर लाइन-1090, पुलिस आपातकालीन सेवा-112, एम्बुलेंस सेवा-108, चाइल्ड लाइन-1098, स्वास्थ्य सेवा-102, महिला हेल्पलाइन-181, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन-1076 तथा साइबर हेल्पलाइन-1930 के बारे में जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान गुड टच-बैड टच, घरेलू हिंसा तथा साइबर अपराधों से बचाव के संबंध में भी जागरूक किया गया तथा पम्पलेट वितरित किए गए ।
*“मिशन शक्ति फेज-5.0” द्वितीय चरण के अंतर्गत थाना मेंहदावल व बेलहरकला पुलिस द्वारा महिलाओं/बालिकाओं को जागरूक करने हेतु नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित “मिशन शक्ति फेज-5.0” के अंतर्गत पु पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन में महिला सशक्तिकरण, एंटी रोमियो अभियान तथा महिलाओं/बालिकाओं की सुरक्षा एवं
जागरूकता के संबंध में दिए गए निर्देशों के क्रम में थाना मेंहदावल अन्तर्गत थाना मेंहदावल व मेंहदावल कस्बा तथा थाना बेलहरकला अन्तर्गत सांथा बाजार में नुक्कड़ नाटक आयोजित कर जागरूकता कार्यक्रम किया गया । नुक्कड़ नाटक के माध्यम से “बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ” एवं वूमेन पावर लाइन 1090 के संबंध में संदेश देकर बालिकाओं एवं महिलाओं को मिशन शक्ति फेज-5.0 के तहत जागरूक किया गया
तथा साइबर सुरक्षा एवं विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों के बारे में जानकारी दी गई । कार्यक्रम के दौरान महिलाओं व बालिकाओं को सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं जैसे मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, रानी लक्ष्मीबाई बाल एवं महिला सम्मान कोष, नारी शक्ति वंदन अधिनियम, निराश्रित महिला पेंशन योजना तथा मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना आदि के बारे में जानकारी देते हुए उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया
। साथ ही महिलाओं एवं बालिकाओं को विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों जैसे वूमेन पावर लाइन-1090, पुलिस आपातकालीन सेवा-112, एम्बुलेंस सेवा-108, चाइल्ड लाइन-1098, स्वास्थ्य सेवा-102, महिला हेल्पलाइन-181, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन-1076 तथा साइबर हेल्पलाइन-1930 के बारे में जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान गुड टच-बैड टच, घरेलू हिंसा तथा साइबर अपराधों से बचाव के संबंध में भी जागरूक किया गया तथा पम्पलेट वितरित किए गए ।
- 🚨 बस स्टैंड के पास दो पक्षों में मारपीट, पुलिस ने की त्वरित कार्रवाई 📍 थाना मेंहदावल क्षेत्र के सोनवरसा रोडवेज बस स्टैंड के पास दो पक्षों के बीच मारपीट की घटना सामने आई। 👉 सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित कर लिया। 👮♂️ क्षेत्राधिकारी मेंहदावल के अनुसार मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। ✅ वर्तमान में स्थिति पूरी तरह शांतिपूर्ण है और कानून-व्यवस्था बनी हुई है। #Mehdawal #PoliceAction #LawAndOrder #BreakingNews #UPPolice #SantKabirNagar1
- कंगना रनौत का बड़ा बयान: “हमें पीएम मोदी पर विश्वास है”, महिला आरक्षण बिल पर जताई नाराज़गी1
- मेहदावल थानाक्षेत्र में दो पक्षों में हुई जमकर मारपीट, पुलिस टीम पर पथराव की सूचना। मौके पर कई थानों की फोर्स तैनात। संतकबीरनगर - नगर पंचायत मेहदावल के तुलसीपुर वार्ड के पास दो पक्षों में हुआ जमकर विवाद । इस घटना में दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हुई, जिससे एक पक्ष नाराज होकर सड़क पर बैठ गया। मामले की सूचना मेंहदावल पुलिस को मिली। मेंहदावल थानाध्यक्ष पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे, तब तक एक पक्ष के लोगों ने पुलिस के वाहन पर पत्थर फेंकने शुरू कर दिए। इसमें एक पुलिसकर्मी के घायल होने की सूचना है। मौके पर तीन थानों की फोर्स तैनात है। शनिवार की देर रात 8:30 बजे मेंहदावल के रोडवेज के पास दो पक्षों में विवाद होने के बाद मारपीट हो गई। मामले की सूचना मिलने के बाद एक पक्ष के लोगों के समर्थन में चार गांव के लोग जुट गए। इसके बाद दोबारा तुलसीपुर के पास मारपीट हुई। पुलिसकर्मियों ने पहुंचकर भीड़ को हटाया। इसके बाद विवाद शांत हुआ। इसी दौरान एक पक्ष के लोग सड़क पर बैठ गए। मामले की जानकारी मिलने के बाद थानाध्यक्ष सुरेंद्र कुमार सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। इसी दौरान कुछ उपद्रवियों ने पुलिसकर्मियों के वाहनों पर पथराव कर दिया। एक पुलिसकर्मी के घायल होने की सूचना है। जानकारी मिलने के बाद मेंहदावल सीओ सर्वदमन सिंह, बखिरा थानाध्यक्ष सतीश सिंह के अलावा खलीलाबाद सीओ दुधारा व बेलहर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। देर रात तक पुलिस उपद्रवियों की पहचान करने में जुटी थी।5
- भगवान विष्णु के छठे अवतार माने जाने वाले परशुराम की जयंती पर श्रद्धालुओं का उम्र सैलाब, भंडारा और प्रसाद वितरण के जरिए मनाई जयंती।1
- गोरखपुर जनपद के बड़हलगंज क्षेत्र के लिए यह एक ऐतिहासिक और गौरवपूर्ण क्षण है, क्योंकि देश के प्रसिद्ध हेयर विशेषज्ञ Jawed Habib ने यहां अपने पहले प्रीमियम सैलून का शुभारंभ किया है। पटना चौराहा, बड़हलगंज में खुले इस भव्य सैलून ने स्थानीय लोगों के लिए सौंदर्य और साज-सज्जा के नए द्वार खोल दिए हैं। यह अत्याधुनिक सैलून फ्रेंचाइज़ सहयोगियों प्रशांत कुमार सिंह, सलीम शेख और अरविंद शर्मा द्वारा संचालित किया जा रहा है। यहां आधुनिक सुविधाओं के साथ प्रशिक्षित और अनुभवी विशेषज्ञों की टीम ग्राहकों को बालों की कटिंग, उपचार, त्वचा की देखभाल और मेकअप जैसी उच्च स्तरीय सेवाएं प्रदान करेगी। हर ग्राहक को एक विशेष और यादगार अनुभव देना इस सैलून की प्राथमिकता है। Jawed Habib Hair & Beauty Ltd देश की एक प्रतिष्ठित संस्था है, जिसने सौंदर्य उद्योग में अपनी मजबूत पहचान बनाई है। 260 से अधिक शहरों में फैले 1000 से ज्यादा सैलून और अनेक प्रशिक्षण केंद्रों के माध्यम से यह संस्था लाखों लोगों को सेवाएं और रोजगार के अवसर प्रदान कर रही है। जावेद हबीब का उद्देश्य हमेशा से यही रहा है कि उच्च गुणवत्ता वाली सौंदर्य सेवाएं हर व्यक्ति तक सरल और किफायती रूप में पहुंच सकें। बड़हलगंज में इस प्रीमियम सैलून का शुभारंभ केवल एक नया व्यवसाय नहीं, बल्कि स्थानीय युवाओं और उद्यमियों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी है। इससे क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे और आधुनिक जीवनशैली को बढ़ावा मिलेगा। जो लोग इस प्रतिष्ठित ब्रांड के साथ जुड़कर अपना भविष्य उज्ज्वल बनाना चाहते हैं, उनके लिए यह एक सुनहरा अवसर है। इच्छुक व्यक्ति अधिक जानकारी के लिए 9839051040 पर संपर्क कर सकते हैं। निष्कर्ष: बड़हलगंज में यह नया प्रीमियम सैलून अब स्टाइल, आत्मविश्वास और आधुनिकता का प्रतीक बनेगा, जो पूरे क्षेत्र को एक नई पहचान और नई ऊर्जा प्रदान करेगा।1
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- साइना नेहवाल का महिला आरक्षण बिल पर बड़ा बयान | राजनीति में महिलाओं की भागीदारी पर कही अहम बात1
- सरकारी अस्पताल या 'मयखाना'? जहाँ इलाज से पहले 'जाम' टकराते हैं लेख: अजीत मिश्रा (खोजी) कहते हैं कि अस्पताल 'धरती का स्वर्ग' और डॉक्टर 'भगवान' का रूप होते हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश के बांदा से आई एक वायरल वीडियो ने इस परिभाषा को ही बदल दिया है। अब अस्पताल 'स्वर्ग' तो नहीं, हाँ 'मयखाना' ज़रूर बन गए हैं। बांदा के एक सरकारी अस्पताल में ड्यूटी के दौरान 'डॉक्टर साहब' और उनके सहयोगियों की 'दारू पार्टी' का दृश्य देखकर लगता है कि यहाँ मरीजों की धड़कनें नापने के लिए स्टेथोस्कोप नहीं, बल्कि बोतलों के ढक्कन नापने का पैमाना इस्तेमाल होता है। सोशल मीडिया पर 'नशे' की नुमाइश हैरानी की बात यह नहीं है कि अस्पताल में शराब पी जा रही थी—भ्रष्टाचार और लापरवाही के इस दौर में यह अब 'आम' बात लगने लगी है। असली तमाशा तो यह है कि इसे बाकायदा 'डॉ. सुशील' नाम के इंस्टाग्राम हैंडल से पोस्ट किया गया। यानी सिस्टम का खौफ इतना खत्म हो चुका है कि अब अपराध छिपकर नहीं, बल्कि 'रील' बनाकर और 'लाइक-शेयर' बटोरने के लिए किया जा रहा है। शायद डॉक्टर साहब को लगा होगा कि सफेद कोट पहनकर जाम छलकाते हुए वे किसी फिल्म के विलेन से कम नहीं लगेंगे। जब डॉक्टर ही 'टल्ली' हो, तो मरीज का क्या? अब जरा उस मरीज की कल्पना कीजिए जो अपनी जान बचाने की उम्मीद में आधी रात को अस्पताल पहुँचता है। उसे क्या पता कि जो हाथ उसका ऑपरेशन करेंगे या सुई लगाएंगे, वो खुद लड़खड़ा रहे हैं। इलाज या खिलवाड़? शराब के नशे में धुत डॉक्टर मरीज को दवा देगा या जहर, इसकी गारंटी तो अब भगवान भी नहीं ले सकते। सरकारी संरक्षण का गुरूर: ये वीडियो चीख-चीख कर कह रहा है कि इन 'सफेदपोशों' को प्रशासन का कोई डर नहीं है। उन्हें पता है कि जाँच होगी, कमेटी बैठेगी और फिर मामला 'ठंडे बस्ते' में डाल दिया जाएगा। सिस्टम की बेहोशी का इलाज कौन करेगा? बांदा की यह घटना केवल एक अस्पताल की नहीं, बल्कि उस पूरी व्यवस्था पर तमाचा है जो स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर करोड़ों का बजट तो डकारती है, लेकिन अस्पतालों में अनुशासन कायम नहीं रख पाती। क्या सरकारी अस्पताल अब केवल रसूखदारों की अय्याशी के अड्डे बनकर रह गए हैं? कड़वा सवाल: > "साहब! अगर डॉक्टर ही नशे में रहेगा, तो मरीज को होश में लाने की जिम्मेदारी किसकी होगी? क्या अब अस्पतालों के बाहर 'दवा' के साथ-साथ 'चखने' की दुकान खोलना ही बाकी रह गया है?" प्रशासन को चाहिए कि केवल सस्पेंशन का 'नाटक' न करे, बल्कि ऐसी कठोर कार्रवाई करे कि भविष्य में किसी भी 'डॉ. सुशील' की हिम्मत अस्पताल को बार (Bar) बनाने की न हो। वरना जनता तो यही कहेगी— "मरीज का राम नाम सत्य है, क्योंकि डॉक्टर साहब अभी 'मस्त' हैं।" बस्ती ब्यूरो रिपोर्ट1
- 🙏सहयोग आपका,संर्घष हमारा।👍 "हमारी संस्था का एक ही सपना, ✍️पढ़ा लिखा हो समाज अपना"।1