हनुमान मंदिर में बौद्ध प्रतिमा स्थापित करने का आरोप: श्रावस्ती के ताल बघौड़ा गांव में धार्मिक विवाद, ग्रामीणों में रोष हनुमान मंदिर में बौद्ध प्रतिमा स्थापित करने का आरोप: श्रावस्ती के ताल बघौड़ा गांव में एक गंभीर धार्मिक विवाद सामने आया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि कुछ व्यक्तियों द्वारा हनुमान मंदिर में बौद्ध प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं, जिससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि हिंदू समाज के लोगों को बौद्ध धर्म में परिवर्तित करने का प्रयास किया जा रहा है, जो सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश है। ग्रामीणों के अनुसार, गांव में लगभग 40 साल पुराना एक हनुमान मंदिर है। पहली फरवरी की रात को तेजू मौर्य नामक व्यक्ति सहित कुछ बौद्ध धर्म के लोगों ने मंदिर में भगवान गौतम बुद्ध और भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाएं स्थापित कर दीं। ग्रामीणों ने बताया कि हनुमान जी का ध्वज हटाकर बौद्ध धर्म का ध्वजारोहण भी किया गया। इसके अलावा, इन्हीं लोगों द्वारा संत रविदास का भंडारा भी आयोजित किया गया था। ताल बघौड़ा निवासी प्रमोद पाठक ने आरोप लगाया कि गांव के कृपा राम गौतम, इन्दल प्रसाद गौतम, चेतराम गौतम और राम फेरन मौर्या जैसे लोग ग्रामीणों को बहला-फुसलाकर बौद्ध धर्म में परिवर्तित करने का प्रयास कर रहे हैं। जितबहादुर नामक एक ग्रामीण ने बताया कि ये लोग समाज में विभाजन पैदा कर रहे हैं। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि सूरदास कुटी के पास स्थित एक कुएं में बिरयानी की दुकान से मुर्गा काटने का पानी डाला जाता है, जिससे धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचती है। उदय राज नामक एक ग्रामीण ने बताया कि कुछ लोग प्रतिमा स्थापित करने वाले व्यक्ति को 'पागल' बता रहे हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि ककर के एक पुराने पंडित जी ने तेजू मौर्य के पिता को चार बीघा जमीन इस शर्त पर दी थी कि वे हर साल भंडारा और पूजा करते रहेंगे। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बदले में रात में बौद्ध धर्म की प्रतिमाएं स्थापित कर दी गईं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
हनुमान मंदिर में बौद्ध प्रतिमा स्थापित करने का आरोप: श्रावस्ती के ताल बघौड़ा गांव में धार्मिक विवाद, ग्रामीणों में रोष हनुमान मंदिर में बौद्ध प्रतिमा स्थापित करने का आरोप: श्रावस्ती के ताल बघौड़ा गांव में एक गंभीर धार्मिक विवाद सामने आया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि कुछ व्यक्तियों द्वारा हनुमान मंदिर में बौद्ध प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं, जिससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि हिंदू समाज के लोगों को बौद्ध धर्म में परिवर्तित करने का प्रयास किया जा
रहा है, जो सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश है। ग्रामीणों के अनुसार, गांव में लगभग 40 साल पुराना एक हनुमान मंदिर है। पहली फरवरी की रात को तेजू मौर्य नामक व्यक्ति सहित कुछ बौद्ध धर्म के लोगों ने मंदिर में भगवान गौतम बुद्ध और भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाएं स्थापित कर दीं। ग्रामीणों ने बताया कि हनुमान जी का ध्वज हटाकर बौद्ध धर्म का ध्वजारोहण भी किया गया। इसके अलावा, इन्हीं लोगों द्वारा संत रविदास का भंडारा भी आयोजित किया गया था। ताल बघौड़ा निवासी प्रमोद पाठक ने आरोप
लगाया कि गांव के कृपा राम गौतम, इन्दल प्रसाद गौतम, चेतराम गौतम और राम फेरन मौर्या जैसे लोग ग्रामीणों को बहला-फुसलाकर बौद्ध धर्म में परिवर्तित करने का प्रयास कर रहे हैं। जितबहादुर नामक एक ग्रामीण ने बताया कि ये लोग समाज में विभाजन पैदा कर रहे हैं। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि सूरदास कुटी के पास स्थित एक कुएं में बिरयानी की दुकान से मुर्गा काटने का पानी डाला जाता है, जिससे धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचती है। उदय राज नामक एक ग्रामीण ने बताया
कि कुछ लोग प्रतिमा स्थापित करने वाले व्यक्ति को 'पागल' बता रहे हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि ककर के एक पुराने पंडित जी ने तेजू मौर्य के पिता को चार बीघा जमीन इस शर्त पर दी थी कि वे हर साल भंडारा और पूजा करते रहेंगे। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बदले में रात में बौद्ध धर्म की प्रतिमाएं स्थापित कर दी गईं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
- Post by Ravi Verma Bahraich1
- aap logon Ko nahin pata ek hi fakharpur sabji mandi sign nath hospital ke samne yahan per hua tha cal danga sabji ko lekar mahangai bahut badh gai hai usko lekar danga hota rahata Hai akhandpur mein1
- गनेशपुर में मामूली विवाद पर बुजुर्ग से हुई मारपीट, बुजुर्ग हुआ घायल बहराइच के कोतवाली नान-पारा के साईं गांव में एक बुजुर्ग से मारपीट का मामला सामने आया है। 70 वर्षीय राम मनोहर अपने साले के घर गणेशपुर आए थे, जहां गांव के लोगों से उनकी मारपीट हो गई। इस घटना में बुजुर्ग का हाथ टूट गया है। बुजुर्ग को इलाज के लिए बहराइच मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।1
- रामपुर में किन्नरों के आपसी विवाद का मामला फिर से तूल पकड़ गया। धार्मिक कीनन को लेकर दो गुटों में चल रहा झगड़ा आज एक बार फिर सड़कों पर आ गया। कोतवाली क्षेत्र के हम इंटर कॉलेज गेट के पास किन्नरों के दो पक्ष आपस में भिड़ गए। पहले कहासुनी हुई, फिर देखते-ही-देखते लात-घूंसे और चप्पल चलने लगी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक इससे पहले भी कीनन के आशीर्वाद को लेकर कई बार मारपीट हो चुकी है। आज का हंगामा इतना बढ़ गया कि सड़क पर दोनों पक्ष एक-दूसरे के कपड़े फाड़ते नजर आए, हालात यहां तक पहुंच गए कि नग्न अवस्था में भी हंगामा होता रहा। इस नजारे से वहां मौजूद महिलाएं शर्म के मारे मुंह फेरती दिखीं। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और बीच-बचाव की कोशिश की, लेकिन हंगामा कर रहे लोगों ने पुलिस की बात नहीं मानी। आरोप है कि एक किन्नर ने एक पुलिसकर्मी के साथ भी हाथापाई करने की कोशिश की। घटना के चलते सड़क पर लंबा जाम लग गया और शहर का माहौल खराब हो गया। स्थानीय लोगों ने ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।1
- बलरामपुर व्यूरो रिपोर्ट विकासखंड की 110 ग्राम पंचायत में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति योजना आधूरी पड़ी है1
- Post by Ravi Tiwari3
- सदस्या, राज्य महिला आयोग ने जनपद को बाल विवाह मुक्त कराए जाने हेतु ’’बाल विवाह मुक्त भारत’’ जागरूकता रथ को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना श्रावस्ती, प्रदेश के राज्य महिला आयोग की सदस्या डा0 प्रियंका मौर्या एवं अधिकारियों ने ’’बाल विवाह मुक्त भारत’’ एवं ’’बाल श्रम मुक्त भारत’’ पम्पलेट का भी विमोचन किया।जनपद को बाल विवाह मुक्त कराए जाने हेतु महिला कल्याण विभाग एवं नीति आयोग (एसोसिएशन फॉर वॉलंटरी एक्शन) के तत्वाधान में सदस्या डा0 प्रियंका मौर्या, उपजिलाधिकारी रवेन्द्र कुमार, क्षेत्राधिकारी भिनगा सतीश शर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी मोहम्मद मुमताज द्वारा ’’बाल विवाह मुक्त भारत’’ अभियान के तहत पुलिस लाइन से हरी झंडी दिखाकर जागरूकता रथ को रवाना किया गया। और बाल विवाह मुक्त भारत की संकल्पना के क्रम में हस्ताक्षर अभियान और बाल विवाह के खिलाफ शपथ भी दिलाई गई। यह जागरूकता रथ जनपद के समस्त विकासखंडों में भ्रमण कर वृहद बाल विवाह के प्रति जागरूकता हेतु प्रचार प्रसार करेगा। इस दौरान मा0 सदस्या एवं अन्य अधिकारियों ने बाल विवाह मुक्त सेल्फी स्टैण्ड पर जाकर सेल्फी भी लिया।इस अवसर पर उपजिलाधिकारी रवेन्द्र कुमार, पुलिस क्षेत्राधिकारी सतीश कुमार शर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी मो0 मुमताज, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अजय कुमार, महिला थाना प्रभारी पुष्पलता सहित सम्बन्धित अधिकारीगण एवं पीड़ित महिलाएं उपस्थित रही।1
- Post by Ravi Verma Bahraich1
- बलरामपुर व्यूरो रिपोर्ट बलरामपुर में आधार नामांकन संशोधन की मांग को देखते हुए जिला प्रशासन ने आधार सेवाओं को व्यापक सुलभ समयबद्ध बनाने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं1