पारी जिले के रानी स्टेशन के निकटवर्ती बिजोवा गांव स्थित भगवान महावीर गौशाला परिसर में रविवार, 7 जून को आस्था आयुर्वेद एवं नशा मुक्ति क्लीनिक के तत्वावधान में एकदिवसीय निःशुल्क नशा मुक्ति और आयुर्वेदिक चिकित्सा परामर्श शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर में क्षेत्र के लगभग 100 से अधिक ग्रामीणों ने भाग लेकर स्वास्थ्य परामर्श, जांच और उपचार सेवाओं का लाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम के दौरान आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. त्रिलोक प्रतिहार और डॉ. राहुल कुमार के सान्निध्य में मरीजों का परीक्षण कर उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श के साथ निःशुल्क औषधियां वितरित की गईं। शिविर में विशेष रूप से नशा मुक्ति, बवासीर, मस्से, गठिया, जोड़ों के दर्द और त्वचा रोगों से संबंधित मरीजों का उपचार किया गया। कवि युगराज जैन और मुकेश पालरेचा ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति को देखते हुए लोगों को जागरूक करने तथा स्वास्थ्य सेवाओं को गांव-गांव तक पहुँचाने के उद्देश्य से इस शिविर का आयोजन किया गया था। इस दौरान बड़ी संख्या में युवाओं एवं ग्रामीणों ने नशा मुक्ति संबंधी परामर्श प्राप्त किया। डॉ. त्रिलोक प्रतिहार ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। उन्होंने जोर दिया कि नशे की लत से छुटकारा पाने के लिए केवल दवाइयां ही पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि व्यक्ति का दृढ़ संकल्प, सकारात्मक सोच और मजबूत मनोबल भी उतना ही आवश्यक है। उनके अनुसार, यदि व्यक्ति स्वयं नशा छोड़ने का निश्चय कर ले तो चिकित्सा उपचार का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है और सफलता की संभावना भी अधिक रहती है। शिविर में लगभग 40 लोगों को नशा मुक्ति हेतु निःशुल्क औषधियां प्रदान की गईं। इसके अतिरिक्त, बवासीर और मस्से की समस्या से पीड़ित करीब 40 मरीजों का परीक्षण कर उन्हें उपचार एवं आवश्यक परामर्श दिया गया। वहीं, गठिया, जोड़ों के दर्द तथा विभिन्न त्वचा रोगों से ग्रसित मरीजों की भी जांच कर उन्हें निःशुल्क दवाइयां वितरित की गईं। ग्रामीणों ने इस शिविर को अत्यंत उपयोगी बताते हुए आयोजकों और चिकित्सकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविरों से गांवों में रहने वाले लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाएं आसानी से उपलब्ध हो जाती हैं और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता भी बढ़ती है। शिविर के सफल आयोजन में भगवान महावीर गौशाला के व्यवस्थापक कमलेश कुमार रावल, नरेंद्र बुनकर, प्रभुराम सिरवी, महेंद्र सिंह राजपुरोहित, रुपाराम देवासी और प्रकाश गर्ग सहित अनेक सहयोगियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आयोजन के अंत में सभी सहयोगियों और ग्रामीणों का आभार व्यक्त किया गया।
पारी जिले के रानी स्टेशन के निकटवर्ती बिजोवा गांव स्थित भगवान महावीर गौशाला परिसर में रविवार, 7 जून को आस्था आयुर्वेद एवं नशा मुक्ति क्लीनिक के तत्वावधान में एकदिवसीय निःशुल्क नशा मुक्ति और आयुर्वेदिक चिकित्सा परामर्श शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर में क्षेत्र के लगभग 100 से अधिक ग्रामीणों ने भाग लेकर स्वास्थ्य परामर्श, जांच और उपचार सेवाओं का लाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम के दौरान आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. त्रिलोक प्रतिहार और डॉ. राहुल कुमार के सान्निध्य में मरीजों का परीक्षण कर उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श के साथ निःशुल्क औषधियां वितरित की गईं। शिविर में विशेष रूप से नशा मुक्ति, बवासीर, मस्से, गठिया, जोड़ों के दर्द और त्वचा रोगों से संबंधित मरीजों का उपचार किया गया। कवि युगराज जैन और मुकेश पालरेचा ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति को देखते हुए लोगों को जागरूक करने तथा स्वास्थ्य सेवाओं को गांव-गांव तक पहुँचाने के उद्देश्य से इस शिविर का आयोजन किया गया था। इस दौरान बड़ी संख्या में युवाओं एवं ग्रामीणों ने नशा मुक्ति संबंधी परामर्श प्राप्त किया। डॉ. त्रिलोक प्रतिहार ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। उन्होंने जोर दिया कि नशे की लत से छुटकारा पाने के लिए केवल दवाइयां ही पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि व्यक्ति का दृढ़ संकल्प, सकारात्मक सोच और मजबूत मनोबल भी उतना ही आवश्यक है। उनके अनुसार, यदि व्यक्ति स्वयं नशा छोड़ने का निश्चय कर ले तो चिकित्सा उपचार का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है और सफलता की संभावना भी अधिक रहती है। शिविर में लगभग 40 लोगों को नशा मुक्ति हेतु निःशुल्क औषधियां प्रदान की गईं। इसके अतिरिक्त, बवासीर और मस्से की समस्या से पीड़ित करीब 40 मरीजों का परीक्षण कर उन्हें उपचार एवं आवश्यक परामर्श दिया गया। वहीं, गठिया, जोड़ों के दर्द तथा विभिन्न त्वचा रोगों से ग्रसित मरीजों की भी जांच कर उन्हें निःशुल्क दवाइयां वितरित की गईं। ग्रामीणों ने इस शिविर को अत्यंत उपयोगी बताते हुए आयोजकों और चिकित्सकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविरों से गांवों में रहने वाले लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाएं आसानी से उपलब्ध हो जाती हैं और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता भी बढ़ती है। शिविर के सफल आयोजन में भगवान महावीर गौशाला के व्यवस्थापक कमलेश कुमार रावल, नरेंद्र बुनकर, प्रभुराम सिरवी, महेंद्र सिंह राजपुरोहित, रुपाराम देवासी और प्रकाश गर्ग सहित अनेक सहयोगियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आयोजन के अंत में सभी सहयोगियों और ग्रामीणों का आभार व्यक्त किया गया।
- पारी जिले के रानी स्टेशन के निकटवर्ती बिजोवा गांव स्थित भगवान महावीर गौशाला परिसर में रविवार, 7 जून को आस्था आयुर्वेद एवं नशा मुक्ति क्लीनिक के तत्वावधान में एकदिवसीय निःशुल्क नशा मुक्ति और आयुर्वेदिक चिकित्सा परामर्श शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर में क्षेत्र के लगभग 100 से अधिक ग्रामीणों ने भाग लेकर स्वास्थ्य परामर्श, जांच और उपचार सेवाओं का लाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम के दौरान आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. त्रिलोक प्रतिहार और डॉ. राहुल कुमार के सान्निध्य में मरीजों का परीक्षण कर उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श के साथ निःशुल्क औषधियां वितरित की गईं। शिविर में विशेष रूप से नशा मुक्ति, बवासीर, मस्से, गठिया, जोड़ों के दर्द और त्वचा रोगों से संबंधित मरीजों का उपचार किया गया। कवि युगराज जैन और मुकेश पालरेचा ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति को देखते हुए लोगों को जागरूक करने तथा स्वास्थ्य सेवाओं को गांव-गांव तक पहुँचाने के उद्देश्य से इस शिविर का आयोजन किया गया था। इस दौरान बड़ी संख्या में युवाओं एवं ग्रामीणों ने नशा मुक्ति संबंधी परामर्श प्राप्त किया। डॉ. त्रिलोक प्रतिहार ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। उन्होंने जोर दिया कि नशे की लत से छुटकारा पाने के लिए केवल दवाइयां ही पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि व्यक्ति का दृढ़ संकल्प, सकारात्मक सोच और मजबूत मनोबल भी उतना ही आवश्यक है। उनके अनुसार, यदि व्यक्ति स्वयं नशा छोड़ने का निश्चय कर ले तो चिकित्सा उपचार का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है और सफलता की संभावना भी अधिक रहती है। शिविर में लगभग 40 लोगों को नशा मुक्ति हेतु निःशुल्क औषधियां प्रदान की गईं। इसके अतिरिक्त, बवासीर और मस्से की समस्या से पीड़ित करीब 40 मरीजों का परीक्षण कर उन्हें उपचार एवं आवश्यक परामर्श दिया गया। वहीं, गठिया, जोड़ों के दर्द तथा विभिन्न त्वचा रोगों से ग्रसित मरीजों की भी जांच कर उन्हें निःशुल्क दवाइयां वितरित की गईं। ग्रामीणों ने इस शिविर को अत्यंत उपयोगी बताते हुए आयोजकों और चिकित्सकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविरों से गांवों में रहने वाले लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाएं आसानी से उपलब्ध हो जाती हैं और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता भी बढ़ती है। शिविर के सफल आयोजन में भगवान महावीर गौशाला के व्यवस्थापक कमलेश कुमार रावल, नरेंद्र बुनकर, प्रभुराम सिरवी, महेंद्र सिंह राजपुरोहित, रुपाराम देवासी और प्रकाश गर्ग सहित अनेक सहयोगियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आयोजन के अंत में सभी सहयोगियों और ग्रामीणों का आभार व्यक्त किया गया।1
- पिलावनी ग्राम पंचायत के घेनड़ी ढाणी गांव में पीने के पानी के एक पिचके के रखरखाव में घोर लापरवाही का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि भीषण गर्मी के इस दौर में यह पुश्तैनी पेयजल स्रोत ढाणी के निवासियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसकी देखरेख के लिए ग्राम पंचायत प्रति वर्ष हजारों रुपये का भुगतान करती है, लेकिन इसके बावजूद आज सुबह से ही इस पिचके से हज़ारों लीटर पानी लगातार व्यर्थ बह रहा है। इस मामले को लेकर स्पष्ट आरोप है कि इसकी देखरेख करने वाले सेवक केवल रुपयों के समय ही सक्रिय रहते हैं और बाकी समय लापरवाही बरतते हैं। पंचायत के सेवकों की इसी घोर लापरवाही के कारण हज़ारों लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है, जिससे जल संसाधन की बर्बादी हो रही है।1
- Post by Bhuraram Garasiya1
- पाली जिले के बाली उपखण्ड के सेवाड़ी में सेवा भारती की प्रेरणा से एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। श्री वैष्णोदेवी माता मंडल मुंबई सेवाड़ी और मारवाड़ एकता परिषद् मुंबई राजस्थान के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस शिविर में कुल 57 रक्तदाताओं ने रक्तदान किया, जिनमें 5 महिलाएं भी शामिल थीं। आयोजक नरेंद्र परमार ने बताया कि यह शिविर राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय प्रांगण, श्री खेतलाजी मंदिर के पास बस स्टैंड पर संपन्न हुआ। शिविर का शुभारंभ संत विजय सिंह, सेवाभारती सह प्रांत मंत्री विजय सिंह माली, नरेंद्र परमार, बजरंग दल प्रांत सह संयोजक दीपक प्रजापत, विहिप जिला अध्यक्ष वनाराम चौधरी, जिला मंत्री सुरेश रावल, सेवाड़ी जैन समाज अध्यक्ष सोहन लाल जैन, महावीर सिंह देवड़ा, देवेंद्र दवे, दिलीप मेवाड़ा, रमेश परिहार, लक्ष्मण पालीवाल, गोरधनसिंह राव, किशोर मेवाड़ा, भेरू सिंह सोलंकी, कीका राम जनवा, भलाराम देवासी, सोहनलाल पालीवाल, शिवलाल पालीवाल, कृष्णपाल सिंह तथा अन्य उपस्थित सदस्यों द्वारा भारत माता की प्रतिमा पर दीप प्रज्वलन और जयकारों के साथ किया गया। इस शिविर को सफल बनाने में अरुण सैन, प्रकाश त्रिवेदी, घीसुलाल सैन, गवेंद्र सिंह राणावत, उदय सिंह चौहान, नरेंद्र सिंह चौहान, हरेश रावल, ललित गर्ग, अभिषेक गर्ग, जितेंद्र परिहार, जयपालसिंह, शैतान पूरी, अमित देवगन, अजय पूरी, विशाल मारू, दिलीप जानी, अरविंद परमार, वरुण बोहरा, नवीन बोहरा, चुन्नीलाल मीणा का सहयोग रहा। मातृ शक्ति में पुष्पा देवी, बाला दवे, पिंकी माली, पूजा माली और शकुंतला रावल ने भी सहयोग किया। शिविर में भगवान महावीर ब्लड बैंक ने अपनी सेवाएं प्रदान कीं।1
- नेहरू नगर में गलियों में पानी भर गया है, जिससे वहां के निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यह समस्या विशेष रूप से बगीचे के पास और गुरुद्वारे के दोनों ओर की गलियों में देखी जा रही है, जहां पानी भरने से लोगों का जीवन बेहद मुश्किल हो गया है। शिकायतकर्ता ने बताया है कि इस मामले में कोई सुनवाई नहीं हो रही है। प्रशासन से यह निवेदन किया गया है कि वे इस स्थिति पर तत्काल कार्रवाई करें और जल्द से जल्द इसका समाधान करें।2
- पाली शहर की ज्वलंत जनसमस्याओं को लेकर आगामी दिनों में नगर निगम कार्यालय का घेराव करने और जन आंदोलन शुरू करने की तैयारी में कांग्रेस ने रविवार को जिला कांग्रेस भवन में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक बैठक की। इस बैठक की अध्यक्षता जिला कांग्रेस कमेटी जिलाध्यक्ष शिशुपालसिंह निम्बाडा और शहर ब्लॉक अध्यक्ष हकीम भाई ने की, जिसका मुख्य उद्देश्य लड़खड़ाई पेयजल आपूर्ति, अघोषित बिजली कटौती और सीवरेज समस्या सहित विभिन्न मुद्दों को उठाना है। लोकसभा प्रत्याशी संगीता बेनीवाल ने मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित कांग्रेसजनों को संबोधित करते हुए राज्य सरकार की असफलता और अकर्मण्यता को जनता के बीच ले जाकर अपने अधिकारों के लिए लड़ाई लड़ने का आह्वान किया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष शिशुपाल सिंह निम्बाडा ने केंद्र की डबल इंजन सरकार पर लोकतंत्र का गला घोंटने और स्थानीय निकाय चुनाव टालकर संविधान का अपमान करने तथा जनता के अधिकारों पर डाका डालने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार माननीय न्यायालय के आदेशों की अवमानना कर तानाशाही की राह पर चल पड़ी है, जिससे शहर मूलभूत सुविधाओं से वंचित और त्रस्त है, जबकि भाजपा के नेता अपनी वाहवाही में मस्त हैं। पूर्व सभापति प्रदीप हिंगड़, पीसीसी सदस्य महावीर सिंह सुकरलाई और ब्लॉक अध्यक्ष हकीम भाई ने यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा के प्रभार वाले पाली नगर निगम की स्थिति को बजट के अभाव में बेहद दयनीय बताया, जिससे विकास कार्य ठप्प पड़े हैं। महिला नेताओं सुमित्रा जेन और नीलम बिड़ला सहित कई वक्ताओं ने आगामी जनांदोलन को सफल बनाने का आह्वान किया। इस आंदोलन में राज्य सरकार द्वारा लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर कर गत दो वर्षों से निकाय चुनावों को टालने, मानसून पूर्व ड्रेनेज सिस्टम के पुख्ता इंतजाम और नालों की सफाई, बजट व रख-रखाव के अभाव में वीरान पड़े लगभग तीस से अधिक सार्वजनिक उद्यानों, खस्ताहाल सड़कों और लंबित पट्टा-हस्तांतरण प्रकरणों जैसे मुद्दों को भी उठाया जाएगा। बैठक में मंच संचालन जोगाराम सोलंकी ने किया, जबकि कांग्रेस नेता आनंद सोलंकी ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इस दौरान पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष मेहबूब टी, प्रकाश सांखला, जीवराज बोराणा सहित जिला एवं शहर ब्लॉक के पदाधिकारी गण, निवर्तमान/पूर्व पार्षदगण, अग्रिम संगठन, विभाग एवं प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष गण, शहर अध्यक्ष गण, मण्डल अध्यक्ष गण, वार्ड अध्यक्ष गण, बीएलए-2 सहित समस्त कांग्रेस जन मौजूद रहे। बैठक में कार्यकर्ताओं के साथ स्थानीय समस्याओं पर चर्चा की गई और वार्ड स्तर पर जनांदोलन को सफल बनाने के लिए जिम्मेदारियां सौंपी गईं, जिसका अंतिम लक्ष्य कुम्भकर्णी नींद में सोई भजनलाल सरकार और नगर निगम प्रशासन को जगाना है।1
- न्यू राजस्थान धरा न्यूज ने भरत जीनगर को रानी स्टेशन, जिला पाली के संवाददाता के रूप में नियुक्त किया है।1
- बाली क्षेत्र के केरापुरा गांव में एक अधेड़ व्यक्ति पर पैंथर ने हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना तब हुई जब 60 वर्षीय गुलाब सिंह पुत्र सवाई सिंह अपने बेरे से घर लौट रहे थे। टिपरी मार्ग पर चलते समय पैंथर ने उन पर अचानक हमला कर दिया, जिससे गुलाब सिंह के हाथों और नाक पर गंभीर चोटें आई हैं। गुलाब सिंह के चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों को देखते ही पैंथर जंगल की ओर भाग निकला। घायल गुलाब सिंह को तुरंत परिजनों द्वारा बाली अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों द्वारा उनका उपचार किया जा रहा है।1