रामप्रवेश हत्याकांड: अनंत सिंह के दोनों बेटे दोनों मृतकों के परिजनों से मिले, आर्थिक मदद और न्याय का भरोसा मोकामा के रामप्रवेश सिंह हत्याकांड के बाद मृतक के परिजनों से मुलाकात का सिलसिला जारी है। मोकामा विधायक अनंत सिंह के दोनों बेटे अंकित सिंह और अभिषेक सिंह रामप्रवेश सिंह के परिजनों से मिलने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने परिवार से घटना की जानकारी ली, आर्थिक मदद की और न्याय दिलाने में हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया। मुलाकात के दौरान रामप्रवेश सिंह के परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी शिकायत रखी। परिजनों का कहना था कि हत्याकांड के एक नामजद आरोपी को ग्रामीणों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया था, लेकिन कुछ घंटे बाद उसे छोड़ दिया गया। इस पर अभिषेक सिंह ने कहा कि वरीय पुलिस अधिकारियों से बात कर मामले की जानकारी ली जाएगी और उचित कार्रवाई के लिए बात रखी जाएगी। वहीं, हत्याकांड में आरोपी रहे रंजीत महतो की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई थी। अनंत सिंह के दोनों बेटों ने रंजीत महतो के परिजनों से भी मुलाकात की। उनके परिवार को भी आर्थिक मदद दी गई और हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया गया। इधर, शुक्रवार को बरमेश्वर मुखिया के पोते मोनू सिंह भी रामप्रवेश सिंह के परिजनों से मिलने पहुंचे और परिवार से घटना की जानकारी लेते हुए संवेदना व्यक्त की। स्थानीय स्तर पर रंजीत महतो के परिजनों से मुलाकात नहीं करने को लेकर अलग-अलग चर्चाएं भी सामने आई हैं। कुछ स्थानीय लोग इसे सामाजिक और जातीय संदर्भ से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, इस संबंध में मोनू सिंह की ओर से कोई आधिकारिक बयान या कारण सामने नहीं आया है, इसलिए इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इधर, रामप्रवेश सिंह हत्याकांड मामले में एक और आरोपी बबलू कुमार ने कोर्ट में सरेंडर किया है। पुलिस की जांच और कानूनी कार्रवाई आगे जारी है। अब नजर पुलिस जांच, वरीय अधिकारियों की कार्रवाई और कोर्ट की प्रक्रिया पर है।
रामप्रवेश हत्याकांड: अनंत सिंह के दोनों बेटे दोनों मृतकों के परिजनों से मिले, आर्थिक मदद और न्याय का भरोसा मोकामा के रामप्रवेश सिंह हत्याकांड के बाद मृतक के परिजनों से मुलाकात का सिलसिला जारी है। मोकामा विधायक अनंत सिंह के दोनों बेटे अंकित सिंह और अभिषेक सिंह रामप्रवेश सिंह के परिजनों से मिलने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने परिवार से घटना की जानकारी ली, आर्थिक मदद की और न्याय दिलाने में हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया। मुलाकात के दौरान रामप्रवेश सिंह के परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी शिकायत रखी। परिजनों का कहना था कि हत्याकांड के एक नामजद आरोपी को ग्रामीणों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया था, लेकिन कुछ घंटे बाद उसे छोड़ दिया गया। इस पर अभिषेक सिंह ने कहा कि वरीय पुलिस अधिकारियों से बात कर मामले की जानकारी ली जाएगी और उचित कार्रवाई के लिए बात रखी जाएगी। वहीं, हत्याकांड में आरोपी रहे रंजीत महतो की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई थी। अनंत सिंह के दोनों बेटों ने रंजीत महतो के परिजनों से भी मुलाकात की। उनके परिवार को भी आर्थिक मदद दी गई और हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया गया। इधर, शुक्रवार को बरमेश्वर मुखिया के पोते मोनू सिंह भी रामप्रवेश सिंह के परिजनों से मिलने पहुंचे और परिवार से घटना की जानकारी लेते हुए संवेदना व्यक्त की। स्थानीय स्तर पर रंजीत महतो के परिजनों से मुलाकात नहीं करने को लेकर अलग-अलग चर्चाएं भी सामने आई हैं। कुछ स्थानीय लोग इसे सामाजिक और जातीय संदर्भ से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, इस संबंध में मोनू सिंह की ओर से कोई आधिकारिक बयान या कारण सामने नहीं आया है, इसलिए इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इधर, रामप्रवेश सिंह हत्याकांड मामले में एक और आरोपी बबलू कुमार ने कोर्ट में सरेंडर किया है। पुलिस की जांच और कानूनी कार्रवाई आगे जारी है। अब नजर पुलिस जांच, वरीय अधिकारियों की कार्रवाई और कोर्ट की प्रक्रिया पर है।
- बेगूसराय में रामधारी दिनकर सिंह के नाम पर विश्वविद्यालय का घोषणा के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा और सारे लेने का हर मचा हुआ है। कांग्रेस पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष अभय कुमार सर्जन सिंह ने एनडीए सरकार पर घोषणा का बताया सफल।1
- बाढ़ अनुमंडलीय अस्पताल में रोगी कल्याण समिति की बैठक, निरीक्षण में कई डॉक्टर मिले अनुपस्थित; एसडीओ ने जताई नाराजगी1
- जिला पदाधिकारी सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी शेखर आनंद के निर्देशानुसार आज दिनांक 26 सितंबर 2026 को अपर समाहर्ता की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित 'मंथन सभागार' में एक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। जिला पदाधिकारी सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी शेखर आनंद के निर्देशानुसार आज दिनांक 26 सितंबर 2026 को अपर समाहर्ता की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित 'मंथन सभागार' में एक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। उक्त बैठक बिहार विधान परिषद के कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र चुनाव 2026 की तैयारियों को लेकर आयोजित की गई थी, जिसमें मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों, मीडियाकर्मियों और उप निर्वाचन पदाधिकारी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान अपर समाहर्ता ने जानकारी दी कि भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली द्वारा प्रेस विज्ञप्ति जारी किए जाने के साथ ही जिले में आदर्श आचार संहिता प्रभावी हो गई है। बैठक में चुनाव आयोग द्वारा घोषित निम्नलिखित आधिकारिक तिथियों को साझा किया गया। अधिसूचना जारी होने की तिथि 29 सितंबर 2026 (मंगलवार), नामांकन की अंतिम तिथि 06 अक्टूबर 2026 (मंगलवार), नामांकन पत्रों की जांच 07 अक्टूबर 2026 (बुधवार) और नाम वापसी की अंतिम तिथि 09 अक्टूबर 2026 (शुक्रवार), मतदान की तिथि: 23 अक्टूबर 2026 (शुक्रवार, प्रातः 08:00 बजे से अपराह्न 04:00 बजे तक), मतगणना की तिथि 27 अक्टूबर 2026 (मंगलवार), चुनाव प्रक्रिया पूरी करने की अंतिम तिथि: 31 अक्टूबर 2026 (शनिवार) शेखपुरा जिले में मतदाताओं व मतदान केंद्रों की स्थिति निम्न प्रकार से है। शेखपुरा जिला अंतर्गत कुल 07 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां कुल 4,329 मतदाता (3,493 पुरुष और 836 महिला) अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे अंचलाधिकारी कार्यालय, बरबीघा (भाग संख्या 135) 995 मतदाता (801 पुरुष, 194 महिला) अंचलाधिकारी कार्यालय, शेखोपुरसराय (भाग संख्या 136) 338 मतदाता (264 पुरुष, 74 महिला) प्रखंड विकास पदाधिकारी कार्यालय, शेखपुरा (भाग संख्या 137) 763 मतदाता (627 पुरुष, 136 महिला) प्रखंड विकास पदाधिकारी कार्यालय, घाटकुसुम्भा (भाग संख्या 138) 383 मतदाता (299 पुरुष, 84 महिला) नगर परिषद कार्यालय, शेखपुरा (भाग संख्या 139) 610 मतदाता (458 पुरुष, 152 महिला) अंचलाधिकारी कार्यालय, अरियरी (भाग संख्या 140) 748 मतदाता (626 पुरुष, 122 महिला) अंचलाधिकारी कार्यालय, चेवाड़ा (भाग संख्या 141) 492 मतदाता (418 पुरुष, 74 महिला) कोषांग एवं फ्लाइंग स्क्वायड उड़नदस्ता दल की नियुक्ति की गई जाएगी। चुनाव को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिले में कुल 11 कोषांगों का गठन किया गया है। इसके अलावा, आयोग के निर्देशों के अनुसार प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में 3-3 उड़नदस्ता टीमों का गठन किया गया है ताकि आचार संहिता के उल्लंघन पर नज़र रखी जा सके। बैठक में मतदाताओं के लिए मतदान की सही प्रक्रिया के बारे में स्पष्ट किया गया। मतदाता अपने मनपसंद उम्मीदवार को वरीयता क्रम के अनुसार अंकों में 1, 2, 3 लिखकर वोट देंगे। शब्दों में जैसे- या एक, दो, तीन लिखा गया मत अमान्य माना जाएगा। जिला प्रशासन ने सभी राजनीतिक दलों से आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन करने और शांतिपूर्ण मतदान में सहयोग करने2
- “6 साल जनता की आवाज़ | Mobile TV News”1
- बेगूसराय- कार्यालय कक्ष में SP ने लगाया जनता दरबार, 18 फरियादियों की सुनी फरियाद कार्यालय कक्ष में SP मनीष ने जनता दरबार का आयोजन किया. इस दौरान कुल 18 फरियादियों की फरियाद सुनी. इस बात की जानकारी शुक्रवार की देर रात 10:00 बजे एसपी मनीष ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए दी. एक-एक फरियादियों की फरियाद सुनते हुए संबंधित पुलिस पदाधिकारी को मामलों के निष्पादन के लिए निर्देश किया. इस मौके पर एसपी ने कहा कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखना पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता है. इसके लिए सभी अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी को अपने-अपने क्षेत्र के गंभीर मामलों का लगातार अवलोकन करने का निर्देश दिया है.1
- Hamare gaon laruara ward number 9ka ye hal hai is raste main jald se jald road bane ka prayas kare ye ek jagha ka hai laruara main isse bhi battar jagah 3 ya 4 jagah aur hai hamare gaon ke partindhi se binti hai ke jald se jald thik karne ki koshish kare dhanyawad1
- रामप्रवेश हत्याकांड: अनंत सिंह के दोनों बेटे दोनों मृतकों के परिजनों से मिले, आर्थिक मदद और न्याय का भरोसा मोकामा के रामप्रवेश सिंह हत्याकांड के बाद मृतक के परिजनों से मुलाकात का सिलसिला जारी है। मोकामा विधायक अनंत सिंह के दोनों बेटे अंकित सिंह और अभिषेक सिंह रामप्रवेश सिंह के परिजनों से मिलने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने परिवार से घटना की जानकारी ली, आर्थिक मदद की और न्याय दिलाने में हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया। मुलाकात के दौरान रामप्रवेश सिंह के परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी शिकायत रखी। परिजनों का कहना था कि हत्याकांड के एक नामजद आरोपी को ग्रामीणों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया था, लेकिन कुछ घंटे बाद उसे छोड़ दिया गया। इस पर अभिषेक सिंह ने कहा कि वरीय पुलिस अधिकारियों से बात कर मामले की जानकारी ली जाएगी और उचित कार्रवाई के लिए बात रखी जाएगी। वहीं, हत्याकांड में आरोपी रहे रंजीत महतो की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई थी। अनंत सिंह के दोनों बेटों ने रंजीत महतो के परिजनों से भी मुलाकात की। उनके परिवार को भी आर्थिक मदद दी गई और हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया गया। इधर, शुक्रवार को बरमेश्वर मुखिया के पोते मोनू सिंह भी रामप्रवेश सिंह के परिजनों से मिलने पहुंचे और परिवार से घटना की जानकारी लेते हुए संवेदना व्यक्त की। स्थानीय स्तर पर रंजीत महतो के परिजनों से मुलाकात नहीं करने को लेकर अलग-अलग चर्चाएं भी सामने आई हैं। कुछ स्थानीय लोग इसे सामाजिक और जातीय संदर्भ से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, इस संबंध में मोनू सिंह की ओर से कोई आधिकारिक बयान या कारण सामने नहीं आया है, इसलिए इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इधर, रामप्रवेश सिंह हत्याकांड मामले में एक और आरोपी बबलू कुमार ने कोर्ट में सरेंडर किया है। पुलिस की जांच और कानूनी कार्रवाई आगे जारी है। अब नजर पुलिस जांच, वरीय अधिकारियों की कार्रवाई और कोर्ट की प्रक्रिया पर है।1
- मोकामा के पंचमहला में खूनी संघर्ष, महिला की मौत; तलवार चलने के बाद सड़क पर उतरे परिजन 🔴 मोकामा के पंचमहला में दो पक्षों के बीच विवाद, महिला की मौत मोकामा के पंचमहला थाना क्षेत्र के बाहापर में शनिवार को आपसी विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच मारपीट की घटना सामने आई। घटना में एक महिला की मौत हो गई, जबकि चार लोगों के घायल होने की जानकारी है। घटना के बाद आसपास के थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। महिला की मौत से आक्रोशित परिजनों ने सड़क जाम कर कार्रवाई की मांग की। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। #Mokama #Panchmahla #BiharNews #MokamaNews #BreakingNews1