शुक्रवार को अनुमंडल पदाधिकारी प्रियंका कुमारी की अध्यक्षता में उनके कार्यालय प्रकोष्ठ में प्रखंड स्तरीय अभिसरण कार्य योजना को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। शुक्रवार को अनुमंडल पदाधिकारी प्रियंका कुमारी की अध्यक्षता में उनके कार्यालय प्रकोष्ठ में प्रखंड स्तरीय अभिसरण कार्य योजना को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, पोषण योजना से जुड़े प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी, महिला पर्यवेक्षक सहित अन्य संबंधित कर्मियों ने भाग लिया। बैठक शुक्रवार की शाम करीब 4 बजे संपन्न हुई। बैठक का मुख्य केंद्र वर्तमान में चल रहे राष्ट्रीय पोषण माह को लेकर की जा रही गतिविधियां रहीं। राष्ट्रीय पोषण माह का आयोजन 9 सितंबर से 8 अक्टूबर तक किया जा रहा है। इस वर्ष इसकी थीम “हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेवारी” रखी गई है।समीक्षा के दौरान एसडीओ ने कहा कि कुपोषण मुक्त समाज के निर्माण में आंगनबाड़ी केंद्रों की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा, ग्रामीण विकास और समाज कल्याण सहित सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पोषण माह के तहत जारी सभी विभागीय दिशा-निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।एसडीओ ने जागरूकता अभियान को प्रभावी बनाने के लिए गांवों और टोलों में विशेष जागरूकता गतिविधियां आयोजित करने तथा पोषण संबंधी शिविर लगाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि “हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेवारी” के संदेश को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं को पोषण एवं स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं समय पर और गुणवत्तापूर्ण तरीके से उपलब्ध कराई जाएं। कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही मिलने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश भी दिया गया।
शुक्रवार को अनुमंडल पदाधिकारी प्रियंका कुमारी की अध्यक्षता में उनके कार्यालय प्रकोष्ठ में प्रखंड स्तरीय अभिसरण कार्य योजना को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। शुक्रवार को अनुमंडल पदाधिकारी प्रियंका कुमारी की अध्यक्षता में उनके कार्यालय प्रकोष्ठ में प्रखंड स्तरीय अभिसरण कार्य योजना को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, पोषण योजना से जुड़े प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी, महिला पर्यवेक्षक सहित अन्य संबंधित कर्मियों ने भाग लिया। बैठक शुक्रवार की शाम करीब 4 बजे संपन्न हुई। बैठक का मुख्य केंद्र वर्तमान में चल रहे राष्ट्रीय पोषण माह को लेकर की जा रही गतिविधियां रहीं। राष्ट्रीय पोषण माह का आयोजन 9 सितंबर से 8 अक्टूबर तक किया जा रहा है। इस वर्ष इसकी थीम “हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेवारी” रखी गई है।समीक्षा के दौरान एसडीओ ने कहा कि कुपोषण मुक्त समाज के निर्माण में आंगनबाड़ी केंद्रों की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा, ग्रामीण विकास और समाज कल्याण सहित सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पोषण माह के तहत जारी सभी विभागीय दिशा-निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।एसडीओ ने जागरूकता अभियान को प्रभावी बनाने के लिए गांवों और टोलों में विशेष जागरूकता गतिविधियां आयोजित करने तथा पोषण संबंधी शिविर लगाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि “हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेवारी” के संदेश को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं को पोषण एवं स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं समय पर और गुणवत्तापूर्ण तरीके से उपलब्ध कराई जाएं। कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही मिलने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश भी दिया गया।
- स्वच्छता ही सेवा 2026 कार्यक्रम के अंतर्गत स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) एवं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत शुक्रवार को एचडब्ल्यूसी चकन्द्रा में स्वच्छता कर्मियों के लिए स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया स्वच्छता ही सेवा 2026 कार्यक्रम के अंतर्गत स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) एवं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत शुक्रवार को एचडब्ल्यूसी चकन्द्रा में स्वच्छता कर्मियों के लिए स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में स्वच्छता कर्मियों के स्वास्थ्य की प्राथमिक जांच की गई। स्वास्थ्य परीक्षण के दौरान कर्मियों का ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर, वजन, लंबाई, हीमोग्लोबिन, एचआईवी एवं हेपेटाइटिस-बी समेत आवश्यक स्वास्थ्य जांच की गई। जांच के बाद स्वास्थ्य कर्मियों ने संबंधित लोगों को उनकी स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार आवश्यक परामर्श दिया। जरूरत के अनुसार दवाओं का वितरण भी किया गया। स्वास्थ्य टीम ने स्वच्छता कर्मियों को नियमित रूप से स्वास्थ्य जांच कराने, व्यक्तिगत स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने, संतुलित एवं पौष्टिक आहार लेने तथा विभिन्न बीमारियों से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक किया। स्वास्थ्य कर्मियों ने स्वच्छता कार्य के दौरान सावधानी बरतने और स्वास्थ्य संबंधी किसी भी परेशानी को नजरअंदाज नहीं करने की सलाह दी। शिविर का मुख्य उद्देश्य स्वच्छता कर्मियों के स्वास्थ्य की नियमित निगरानी करना तथा उन्हें समय पर आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना था। स्वच्छता कर्मियों ने स्वास्थ्य विभाग की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के शिविर से समय पर स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की जानकारी मिलती है। शुक्रवार को आयोजित यह स्वास्थ्य परीक्षण कार्यक्रम दोपहर एक बजे संपन्न हुआ।1
- जयकारों और अखंड कीर्तन के साथ करण्डे से देवघर के लिए निकले श्रद्धालु बाबा भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए करण्डे गांव से शुक्रवार को सैकड़ों महिला-पुरुष श्रद्धालु देवघर के लिए रवाना हुए। रथ के साथ पैदल निकले श्रद्धालु रास्तेभर अखंड कीर्तन करते हुए बाबा धाम पहुंचेंगे। रवानगी से पहले गांव में पूजा-पाठ किया गया। नित्यानंद सिंह के अनुसार, करण्डे गांव से यह धार्मिक यात्रा कई वर्षों से आयोजित होती आ रही है। श्रद्धालुओं के लिए गंगाजल पहले ही गांव में मंगा लिया जाता है। पूजा के बाद सभी श्रद्धालु पैदल देवघर जाते हैं और बाबा भोलेनाथ को गंगाजल अर्पित करते हैं। श्रद्धालु अपने परिवार की सुख-शांति, समृद्धि और समाज के कल्याण की कामना करते हैं। यात्रा को लेकर गांव में भक्तिमय माहौल रहा और श्रद्धालुओं में काफी उत्साह नजर आया।1
- शेखपुरा में हस्तशिल्प कारीगरों के लिए ‘चौपाल’ का आयोजन; बांस शिल्प, सरकारी योजनाओं और स्थानीय बाजार को बढ़ावा देने पर जोर शेखपुरा में हस्तशिल्प कारीगरों के लिए ‘चौपाल’ का आयोजन; बांस शिल्प, सरकारी योजनाओं और स्थानीय बाजार को बढ़ावा देने पर जोर शेखपुरा: भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय के अंतर्गत शेखपुरा स्थित महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में हस्तशिल्प कारीगरों, विशेषकर बांस शिल्प से जुड़े कलाकारों के लिए एक विशेष ‘चौपाल’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पारंपरिक बांस शिल्प के प्रति जागरूकता बढ़ाना, कारीगरों में उद्यमिता को प्रोत्साहित करना तथा जिले में हस्तशिल्प क्लस्टर के विकास की संभावनाओं को तलाशना था। कार्यक्रम का नेतृत्व सामाजिक कार्यकर्ता इंजीनियर सचिन सौरभ ने किया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में शेखपुरा नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी श्री विनय कुमार एवं महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के प्राचार्य श्री अशोक कुमार राम उपस्थित रहे। वहीं विशिष्ट अतिथि के रूप में हस्तशिल्प अधिकारी श्री ऋषिपाल एवं जीविका संघ की श्रीमती किरण कुमारी मौजूद रहीं। सभी अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया, जिसके पश्चात इंजीनियर सचिन सौरभ द्वारा सभी अतिथियों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन करने वाले शेखपुरा के युवा ताइक्वांडो खिलाड़ी श्री हिमांशु कुमार ,जिनका चयन दिसंबर 2026 में रियो डी जेनेरियो, ब्राजील में आयोजित प्रतियोगिता के लिए भारतीय टीम में हुआ है तथा उनके प्रशिक्षक श्री कुंदन कुमार को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित कारीगरों को वस्त्र मंत्रालय की राष्ट्रीय हस्तशिल्प विकास कार्यक्रम के तहत संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। कारीगरों को ‘आर्टिजन कार्ड’ के लाभों, आधुनिक टूल-किट, राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय मेलों में भागीदारी और विभागीय पोर्टल से जुड़ने की जानकारी साझा की गई। नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी श्री विनय कुमार ने स्थानीय कारीगरों के आर्थिक उत्थान हेतु आगामी दीपावली के अवसर पर दीयों और अन्य हस्तनिर्मित उत्पादों की बिक्री एवं प्रदर्शन के लिए अलग स्टॉल उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। आयोजक इंजीनियर सचिन सौरभ ने “हुनर है तो कदर है” का संदेश देते हुए कहा कि पारंपरिक हस्तशिल्प हमारी सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। 'हमारा अखंड भारत सोसायटल फाउंडेशन' के माध्यम से कारीगरों को तकनीक, आधुनिक बाजार और सरकारी योजनाओं से जोड़ने का प्रयास निरंतर जारी रहेगा।धन्यवाद ज्ञापन का कार्य श्री रंजन नोनिया जी ने किया। कार्यक्रम का समापन बांस शिल्प एवं स्थानीय हस्तशिल्प को बढ़ावा देने तथा भविष्य में प्रशिक्षण एवं क्लस्टर विकास में पूर्ण सहयोग के संकल्प के साथ हुआ।4
- रामप्रवेश हत्याकांड: परिजनों से मिलने पहुंचे बरमेश्वर मुखिया के पोता मोनू सिंह, घटना की ली जानकारी रामप्रवेश हत्याकांड: परिजनों से मिलने पहुंचे बरमेश्वर मुखिया के पोता मोनू सिंह, घटना की ली जानकारी1
- लखीसराय नगर थाना क्षेत्र के अशोक धाम मंदिर में कृषि मंत्री ने की पूजा अर्चना। लखीसराय।एक दिवसीय दौरे पर कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा लखीसराय पहुंचे। जहां उन्होंने अनंत चतुर्दशी के पावन अवसर पर सुप्रसिद्ध इंद्रदमनेश्वर महादेव अशोक धाम मंदिर में अपने परिवार के साथ पूजा-अर्चना किया।और प्रदेशवासियों की कुशल कामना किया।इस मौके पर मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि अनंत चतुर्दशी का सभी बिहार वासियों को शुभकामना। हमारा बिहार,हर बिहारी गौरवान्वित हो, बिहार का मान , स्वाभिमान और सांस्कृतिक विरासत आगे बढ़े , सुख-शांति, समृद्धि बिहार के अंदर आए। यही भगवान अनंत और महादेव से कामना किया हूं।1
- पटना में बारिश के बीच युवाओं से जुड़े चिराग पासवान, बोले—अपने हुनर को पहचानो और आगे बढ़ो आपकी राय: क्या युवाओं के लिए रोजगार और स्किल डेवलपमेंट पर ऐसे सीधे संवाद और बढ़ने चाहिए?1
- रामनगर दियारा में 2 हजार बाढ़ पीड़ित परिवारों तक पहुंची राहत सामग्री, सेवा संकल्प अभियान के तहत अभय ओसवाल ग्रुप और बाढ़ नेत्रदान समिति ने मिलकर की व्यवस्था; डॉ. अरुणा अभय ओसवाल और संजीव कुमार मुन्ना की पहल पर विधायक डॉ. सियाराम सिंह ने अपने हाथों से बांटी राहत सामग्री1
- चेवाड़ा में अनंत चतुर्दशी पर मंदिरों में उमड़ी भीड़, कलाई में बांधा अनंत धागा। चेवाड़ा में अनंत चतुर्दशी पर मंदिरों में उमड़ी भीड़, कलाई में बांधा अनंत धागा। गौरतलब है कि अनंत चतुर्दशी के अवसर पर शुक्रवार को चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में धार्मिक माहौल बना रहा। सुबह से ही विभिन्न मंदिरों में पूजा-अर्चना के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी। लोगों ने भगवान विष्णु की पूजा कर परिवार की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। मंदिरों में श्रद्धालुओं ने पुरोहितों से विधि-विधान के साथ अनंत चतुर्दशी की पूजा कराई। पूजा के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान को फल, फूल, प्रसाद और अन्य पूजा सामग्री अर्पित की। इसके बाद पुरोहितों ने श्रद्धालुओं की कलाई में अनंत धागा बांधा। महिलाओं, पुरुषों और बच्चों ने भी उत्साह के साथ पूजा में भाग लिया। मंदिर परिसर में दिनभर श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही। इस दौरान कई मंदिरों में धार्मिक मंत्रोच्चार और पूजा-पाठ से वातावरण भक्तिमय बना रहा।अनंत चतुर्दशी को लेकर लोगों में विशेष उत्साह देखा गया। मान्यता के अनुसार इस दिन अनंत भगवान की पूजा कर कलाई में अनंत सूत्र बांधा जाता है। श्रद्धालुओं ने पूजा के बाद प्रसाद ग्रहण किया और अपने घर लौटे।वहीं, अनंत चतुर्दशी को लेकर चल रहा पूजा-पाठ का कार्यक्रम शुक्रवार की शाम करीब 4 बजे संपन्न हुआ। पूजा कार्यक्रम समाप्त होने के बाद मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ धीरे-धीरे कम होने लगी। धार्मिक आयोजन को लेकर पूरे क्षेत्र में दिनभर उत्साह और भक्तिमय माहौल बना रहा।1