मुंगेर शहर के सोझी घाट पर मंगलवार को गंगा दशहरा के पावन अवसर पर एक भव्य गंगा महा आरती का आयोजन किया गया। इस गौरवपूर्ण कार्यक्रम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जो गंगा आरती को देखने के लिए बड़ी संख्या में घाट पर मौजूद थे। कार्यक्रम में मुंगेर के विधायक कुमार प्रणय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि मुंगेर नगर निगम की मेयर श्रीमती कुमकुम देवी विशिष्ट अतिथि के तौर पर मौजूद थीं। महा आरती की शुरुआत भगवान गणेश की वंदना के साथ हुई, जिसके बाद उपस्थित मुख्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर इसका विधिवत शुभारंभ किया। विधायक और मेयर दोनों ने इस आयोजन को मुंगेर शहर वासियों के लिए गर्व का विषय बताया और कहा कि इस तरह के कार्यक्रम शहर के लोगों के लिए निरंतर होते रहने चाहिए। आचार्य केशव झा और पंडित संतोष झा सहित अन्य लोगों ने गंगा महा आरती को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
मुंगेर शहर के सोझी घाट पर मंगलवार को गंगा दशहरा के पावन अवसर पर एक भव्य गंगा महा आरती का आयोजन किया गया। इस गौरवपूर्ण कार्यक्रम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जो गंगा आरती को देखने के लिए बड़ी संख्या में घाट पर मौजूद थे। कार्यक्रम में मुंगेर के विधायक कुमार प्रणय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि मुंगेर नगर निगम की मेयर श्रीमती कुमकुम देवी विशिष्ट अतिथि के तौर पर मौजूद थीं। महा आरती की शुरुआत भगवान गणेश की वंदना के साथ हुई, जिसके बाद उपस्थित मुख्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर इसका विधिवत शुभारंभ किया। विधायक और मेयर दोनों ने इस आयोजन को मुंगेर शहर वासियों के लिए गर्व का विषय बताया और कहा कि इस तरह के कार्यक्रम शहर के लोगों के लिए निरंतर होते रहने चाहिए। आचार्य केशव झा और पंडित संतोष झा सहित अन्य लोगों ने गंगा महा आरती को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
- बिहार के बांका जिले में एक जमीन कारोबारी की गोली मारकर हत्या कर दी गई है। इस घटना में एक अन्य व्यक्ति घायल भी हुआ है।2
- गंगा दशहरा के पावन अवसर पर मुंगेर में एक भव्य महाआरती का आयोजन किया गया। यह आयोजन श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ, जिसमें लोगों ने बड़े पैमाने पर सहभागिता की।1
- मुंगेर शहर के सोझी घाट पर मंगलवार को गंगा दशहरा के पावन अवसर पर एक भव्य गंगा महा आरती का आयोजन किया गया। इस गौरवपूर्ण कार्यक्रम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जो गंगा आरती को देखने के लिए बड़ी संख्या में घाट पर मौजूद थे। कार्यक्रम में मुंगेर के विधायक कुमार प्रणय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि मुंगेर नगर निगम की मेयर श्रीमती कुमकुम देवी विशिष्ट अतिथि के तौर पर मौजूद थीं। महा आरती की शुरुआत भगवान गणेश की वंदना के साथ हुई, जिसके बाद उपस्थित मुख्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर इसका विधिवत शुभारंभ किया। विधायक और मेयर दोनों ने इस आयोजन को मुंगेर शहर वासियों के लिए गर्व का विषय बताया और कहा कि इस तरह के कार्यक्रम शहर के लोगों के लिए निरंतर होते रहने चाहिए। आचार्य केशव झा और पंडित संतोष झा सहित अन्य लोगों ने गंगा महा आरती को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।1
- मुंगेर जिले के अम्मा बाजार में सरकार द्वारा खंभे पर लगाई गई रोशनी खराब हो गई है। स्थानीय निवासियों ने संबंधित अधिकारियों से इस खराब बल्ब को जल्द से जल्द ठीक करवाने का आग्रह किया है।1
- राजपूत करणी सेना ने बिहार में महिला सुरक्षा के मुद्दे पर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। सेना ने सवाल उठाया कि क्या बिहार में 'जंगल साम्राज्य' है या 'आतंक का सम्राट' राज कर रहा है। यह आरोप लगाते हुए, राजपूत करणी सेना ने बिहार सरकार को महिला सुरक्षा के गंभीर हालात के लिए जिम्मेदार ठहराया है।1
- खगड़िया जिले की महेशखूंट थाना पुलिस, डीआईयू टीम खगड़िया और एसटीएफ ने एक संयुक्त कार्रवाई में महेशखूंट थाना कांड संख्या 129/25 के वांछित टॉप-10 अपराधी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अपराधी की पहचान मुंगेर जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र स्थित मिर्जापुर निवासी अंतरराज्यीय आर्म्स तस्कर एवं कारीगर परवेज चांद उर्फ पजिया के रूप में हुई है। उसे मुंगेर जिले के बरदह गांव से पकड़ा गया। महेशखूंट थानाध्यक्ष ने मंगलवार सुबह नौ बजे बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की गई। उन्होंने इस गिरफ्तारी को पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता बताया, जो मुंगेर जिले की पुलिस के सहयोग से संभव हुई। अपराधी से पूछताछ के बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।2
- मुख्यमंत्री द्वारा दिए गए कथित जातिवादी, उन्मादी और भड़काऊ बयान के खिलाफ समाजसेवी ने क्या प्रतिक्रिया दी है, इस पर सवाल उठाए जा रहे हैं।1
- मुंगेर के जिला मजिस्ट्रेट (DM) ने जिले और राज्य की ऐतिहासिक धरोहरों के महत्व पर जोर देते हुए उन्हें सुरक्षित रखने का आह्वान किया है। DM ने स्पष्ट किया कि ऐतिहासिक धरोहरें किसी भी जिले और राज्य की पहचान होती हैं और ये पर्यटन के लिए भी महत्वपूर्ण केंद्र हैं। इसलिए, इन धरोहरों को संरक्षित रखना हर नागरिक का दायित्व है।1