जरा सी बारिश में नदी बन जाती है गली, घरों में घुस रहा पानी, मोहल्ले वालों ने नाव की स्वीकृति की मांग वार्ड-4 के जोटई रोड से नागाजी तालाब तक जलभराव, रहवासियों का तंज—अब नाव ही मंजूर करा दो पोरसा। नगर के वार्ड क्रमांक-4 में जोटई रोड स्थित नागाजी गौशाला के पास से नागाजी तालाब तक जाने वाली गली बारिश के दिनों में रहवासियों के लिए मुसीबत बन गई है। जरा सी बारिश होते ही पूरी गली पानी से लबालब हो जाती है। हालात यह हैं कि सड़क और नाली का अंतर तक दिखाई नहीं देता और बारिश का पानी घरों में घुसने लगता है। जलभराव के कारण लोगों को घरों से निकलने और आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ता है। रहवासियों का कहना है कि क्षेत्र में पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हर बारिश में यही हालात बनते हैं। कई बार नगर पालिका प्रशासन से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान अब तक नहीं हुआ है। क्षेत्र निवासी राम शर्मा ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि “थोड़ी सी बारिश होते ही मोहल्ले की गली नदी में तब्दील हो जाती है। अगर पानी निकासी की व्यवस्था नहीं हो पा रही है तो प्रशासन कम से कम मोहल्ले के लिए नाव ही मंजूर करा दे, ताकि बारिश के दिनों में लोग सुरक्षित तरीके से आ-जा सकें।” रहवासियों ने नगर पालिका प्रशासन से मांग की है कि मौके का निरीक्षण कर जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराई जाए। लोगों का कहना है कि हर साल बारिश में जलभराव की समस्या झेलनी पड़ती है, इसलिए इस बार इसका स्थायी समाधान जरूरी है।
जरा सी बारिश में नदी बन जाती है गली, घरों में घुस रहा पानी, मोहल्ले वालों ने नाव की स्वीकृति की मांग वार्ड-4 के जोटई रोड से नागाजी तालाब तक जलभराव, रहवासियों का तंज—अब नाव ही मंजूर करा दो पोरसा। नगर के वार्ड क्रमांक-4 में जोटई रोड स्थित नागाजी गौशाला के पास से नागाजी तालाब तक जाने वाली गली बारिश के दिनों में रहवासियों के लिए मुसीबत बन गई है। जरा सी बारिश होते ही पूरी गली पानी से लबालब हो जाती है। हालात यह हैं कि सड़क और नाली का अंतर तक दिखाई नहीं
देता और बारिश का पानी घरों में घुसने लगता है। जलभराव के कारण लोगों को घरों से निकलने और आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ता है। रहवासियों का कहना है कि क्षेत्र में पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हर बारिश में यही हालात बनते हैं। कई बार नगर पालिका प्रशासन से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान अब तक नहीं हुआ है। क्षेत्र निवासी राम शर्मा ने व्यंग्यात्मक अंदाज में
कहा कि “थोड़ी सी बारिश होते ही मोहल्ले की गली नदी में तब्दील हो जाती है। अगर पानी निकासी की व्यवस्था नहीं हो पा रही है तो प्रशासन कम से कम मोहल्ले के लिए नाव ही मंजूर करा दे, ताकि बारिश के दिनों में लोग सुरक्षित तरीके से आ-जा सकें।” रहवासियों ने नगर पालिका प्रशासन से मांग की है कि मौके का निरीक्षण कर जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराई जाए। लोगों का कहना है कि हर साल बारिश में जलभराव की समस्या झेलनी पड़ती है, इसलिए इस बार इसका स्थायी समाधान जरूरी है।
- पहाड़गढ़ के जंगल में दिखा चीता, ग्रामीण और पशु चरवाहों में दहशत श्याम बाबा चरण पादुका के पास जंगली जानवर घूमने की सूचना, वन विभाग तलाश में जुटा मुरैना-पहाड़गढ़। पहाड़गढ़ के जंगल क्षेत्र में श्याम बाबा चरण पादुका के पास चीता दिखाई देने की सूचना से ग्रामीणों और पशु चरवाहों में दहशत का माहौल है। जंगली जानवर के घूमने की खबर से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। जानकारी के अनुसार, पहाड़गढ़ के जंगल क्षेत्र में श्याम बाबा चरण पादुका के पास ग्रामीणों ने चीते को घूमते हुए देखा। इसके बाद क्षेत्रीय लोगों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम चीते की तलाश में जुट गई है। ग्रामीणों का कहना है कि कूनो अभ्यारण क्षेत्र से जंगली जानवर अब जंगलों की ओर आने लगे हैं। चीता दिखाई देने की सूचना के बाद जंगल क्षेत्र में रहने वाले ग्रामीणों और पशु चरवाहों में भय का माहौल बना हुआ है। वन विभाग की टीम द्वारा जंगली जानवर की तलाश की जा रही है। ग्रामीणों से जंगल क्षेत्र में सावधानी बरतने और अनावश्यक रूप से जंगल में नहीं जाने की अपील की जा रही है।1
- नए भारत की नई उड़ानभारतीय इंजीनियरों की प्रतिमामेहनत और नवाचार *नए भारत की नई उड़ान, भारतीय इंजीनियरों की प्रतिभा, मेहनत और नवाचार से गढ़े जा रहे विकास के नए कीर्तिमान!* 🇮🇳 तकनीक से तरक्की तक, इंफ्रास्ट्रक्चर से आत्मनिर्भरता तक… भारतीय इंजीनियर देश के विकास को दे रहे हैं नई गति और नई दिशा। #EngineersDay1
- जौरा थाना क्षेत्र में एमएस रोड़ नेशनल हाईवे 552 पर सीएम रायज स्कूल के पास हुआ भीषण सड़क हादसा। जौरा थाना क्षेत्र में एमएस रोड पर सीएम रायज स्कूल के पास बने स्पीड ब्रेकर के पास हुआ भीषण सड़क हादसा एक व्यक्ति की मौके पर मौत चार व्यक्ति गंभीर रूप से घायल जानकारी के अनुसार बता दे की ट्रैक्टर ट्राली से बसैंया माता के दर्शन करने के लिए जा रहे कुशवाहा समाज के व्यक्तियों के स्पीड ब्रेकर पर पहुंचते ही ट्रॉली का डाला टूट गया जिससे लोग नीचे गिर पड़े जिसमें दबकर एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई और चार व्यक्ति गंभीर रूप से हुए घायल सूचना मिलते ही जौरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच में जुटी।1
- गलत इलाज से अधेड़ की मौत, झोलाछाप डॉक्टर के खिलाफ ग्रामीणों में भारी आक्रोश। मनियां (धौलपुर)। उपखण्ड क्षेत्र के झाड़े का पुरा गांव में एक निजी डॉक्टर द्वारा गलत इलाज किए जाने के कारण 55 वर्षीय अधेड़ व्यक्ति की मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मनियां सीएचसी की मोर्चरी में रखवा दिया है। मृतक की पहचान रामवीर सिंह (55) पुत्र बंगालीराम जाति कुशवाह, निवासी झाड़े का पुरा के रूप में हुई है। मृतक के पुत्र कमलसिंह तथा भाई बनवारीलाल और अशोक ने बताया कि शनिवार को रामवीर की अचानक तबीयत खराब हो गई थी। इस पर परिजन उन्हें इलाज के लिए पास के जासूपुरा गांव स्थित एक निजी क्लीनिक पर ले गए, जिसे लादूखेड़ा निवासी हरीश नामक व्यक्ति चलाता है। परिजनों का आरोप है कि क्लीनिक पर डॉक्टर द्वारा दी गई गलत दवाइयों और इलाज के दौरान रामवीर की स्थिति अचानक और ज्यादा बिगड़ गई। गंभीर हालत में परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने निजी डॉक्टर पर घोर लापरवाही और अवैध रूप से इलाज करने का आरोप लगाते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। गलत इलाज से अधेड़ की मौत, झोलाछाप डॉक्टर के खिलाफ ग्रामीणों में भारी आक्रोश। मनियां (धौलपुर)। उपखण्ड क्षेत्र के झाड़े का पुरा गांव में एक निजी डॉक्टर द्वारा गलत इलाज किए जाने के कारण 55 वर्षीय अधेड़ व्यक्ति की मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मनियां सीएचसी की मोर्चरी में रखवा दिया है। मृतक की पहचान रामवीर सिंह (55) पुत्र बंगालीराम जाति कुशवाह, निवासी झाड़े का पुरा के रूप में हुई है। मृतक के पुत्र कमलसिंह तथा भाई बनवारीलाल और अशोक ने बताया कि शनिवार को रामवीर की अचानक तबीयत खराब हो गई थी। इस पर परिजन उन्हें इलाज के लिए पास के जासूपुरा गांव स्थित एक निजी क्लीनिक पर ले गए, जिसे लादूखेड़ा निवासी हरीश नामक व्यक्ति चलाता है। परिजनों का आरोप है कि क्लीनिक पर डॉक्टर द्वारा दी गई गलत दवाइयों और इलाज के दौरान रामवीर की स्थिति अचानक और ज्यादा बिगड़ गई। गंभीर हालत में परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने निजी डॉक्टर पर घोर लापरवाही और अवैध रूप से इलाज करने का आरोप लगाते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा।3
- अंचल का सबसे बड़ा ब्लड बैंक खून की कमी से जूझ रहा, ब्लडबैंक इंचार्ज ने की रक्तदान करने की अपील अंचल का सबसे बड़ा ब्लड बैंक खून की कमी से जूझ रहा, ब्लडबैंक इंचार्ज ने की रक्तदान करने की अपील1
- 👉दिमनी स्वास्थ्य केंद्र में इमरजेंसी डॉक्टर नदारद, मरीजों की सुरक्षा पर उठे सवाल स्टाफ नर्स से डॉक्टर की मौजूदगी को लेकर पूछा गया तो जवाब—“मुझे कुछ नहीं पता” इमरजेंसी ड्यूटी में डॉक्टर की अनुपस्थिति की शिकायत, स्वास्थ्य विभाग से जांच और कार्रवाई की मांग 👉अम्बाह/दिमनी। आयुष्मान आरोग्य मंदिर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दिमनी में इमरजेंसी सेवा के दौरान डॉक्टर के मौजूद नहीं मिलने का मामला सामने आया है। डॉक्टर की गैर मौजूदगी को लेकर स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्थाओं और मरीजों को मिलने वाली आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल खड़े हो रहे हैं। 👉बताया गया कि इमरजेंसी के समय जब डॉक्टर की मौजूदगी को लेकर स्टाफ नर्स से जानकारी ली गई तो कथित तौर पर उन्होंने जवाब दिया—“मुझे कुछ नहीं पता।” ऐसे में सवाल उठता है कि आपात स्थिति में आने वाले मरीजों को तत्काल चिकित्सकीय उपचार और विशेषज्ञ परामर्श कैसे उपलब्ध कराया जा रहा है। 👉इमरजेंसी सेवा में डॉक्टर की अनुपस्थिति गंभीर विषय माना जा रहा है, क्योंकि स्वास्थ्य केंद्र पर आने वाले मरीजों को किसी भी समय तत्काल चिकित्सा सहायता की आवश्यकता पड़ सकती है। यदि निर्धारित ड्यूटी के दौरान डॉक्टर मौजूद नहीं थे, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी है और ड्यूटी व्यवस्था की निगरानी कौन कर रहा था? 👉बड़े सवाल इमरजेंसी ड्यूटी के दौरान डॉक्टर स्वास्थ्य केंद्र पर मौजूद क्यों नहीं थे? क्या डॉक्टर की अनुपस्थिति की जानकारी उच्च अधिकारियों को थी? इमरजेंसी में आने वाले मरीजों की जिम्मेदारी किसके पास थी? ड्यूटी रोस्टर और उपस्थिति की नियमित निगरानी कौन करता है? क्या स्वास्थ्य विभाग पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय करेगा? #nonfollowers #follower #followerseveryone #friendship #Facebook #facebookpost #facebookreels #viralvideo #FacebookPage1
- आगामी त्यौहारों को लेकर मौ तथा गोहद नगर के मंदिरों में हुई सजावट, बुधवार को होगी दशलक्षण पूजा आगामी त्यौहारों को लेकर मौ तथा गोहद नगर के मंदिरों में सजावट की गई मंगलवार को रात लगभग 9 बजे मंदिरों की सजावट की गई वहीं जगह जगह गणेश जी की प्रतिमाएं विराजमान हुई।तथा बुधवार से पर्यूषण पर्व की शुरुआत होगी इस दौरान जैन मंदिरों में दशलक्षण पूजा अर्चना की जाएगी1
- शराब के कथित अवैध कारोबार से गरमाया घाटी क्षेत्र, जनसुनवाई में ग्रामीणों ने खोला मोर्चा—लाइसेंस निरस्त करने की मांग”* *शराब के कथित अवैध कारोबार से गरमाया घाटी क्षेत्र, जनसुनवाई में ग्रामीणों ने खोला मोर्चा—लाइसेंस निरस्त करने की मांग”* *बामसौली से देवरा तक कथित अवैध शराब का मुद्दा गरमाया, तहसील की जनसुनवाई में ग्रामीणों का जोरदार विरोध”* द सबलगढ़। घाटी क्षेत्र रामपुर कलां के आसपास कथित अवैध शराब बिक्री को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी देखने को मिल रही है। बामसौली, बातेड, नाउडाड़ा, अठैयापुरा, जजारोली, गोबरा, डूंगरवली, छवरेछा, चक्कपुरा, सिगारदे, बहेरी, बेरखेड़ा, छापर, सलेमपुर, ऐचवाड़ा, जलालगढ़, सिमरौरा किरार, सिमरौदा अहीर, रूंधान जागीर, धरसोला, झारेला, नगावनी, सराय, गणेशपुर, सालई और देवरा सहित आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों द्वारा दिए गए शिकायत आवेदन में दुर्गेश सिंह जादौन उर्फ पप्पू, पुत्र राजेंद्र सिंह जादौन पर निर्धारित लाइसेंस क्षेत्र के बाहर कथित रूप से शराब बिक्री कराने के आरोप लगाए गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि शराब की कथित अवैध बिक्री से युवाओं में नशे की प्रवृत्ति बढ़ने के साथ परिवारों में विवाद और गांवों की शांति व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका है। शिकायतकर्ताओं ने महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताते हुए शराब के नशे में होने वाले विवाद और गाली-गलौज पर रोक लगाने की मांग की है। साथ ही शिकायत में लगाए गए अन्य गंभीर आरोपों की भी निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है। ग्रामीणों ने आबकारी विभाग से शराब ठेके की शर्तों और निर्धारित बिक्री क्षेत्र की जांच कर, नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर लाइसेंस निरस्त करने सहित नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने कहा है कि यदि मामले में समयबद्ध कार्रवाई नहीं हुई तो धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। अब ग्रामीणों की निगाहें पुलिस, आबकारी विभाग और प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हैं। शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है और संबंधित व्यक्ति का पक्ष उपलब्ध नहीं है।1