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हिमाचल प्रदेश के स्वारघाट में एक ढाबा संचालक आशु ने ईमानदारी की मिसाल पेश की है। उन्होंने 4 लाख रुपये का सामान उसके मालिक को लौटा दिया।
North India bulletin
हिमाचल प्रदेश के स्वारघाट में एक ढाबा संचालक आशु ने ईमानदारी की मिसाल पेश की है। उन्होंने 4 लाख रुपये का सामान उसके मालिक को लौटा दिया।
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- हमीरपुर के इग्नू सेंटर में कांगड़ा के गंदड़ गांव के 75 वर्षीय डॉ. मिल्खी राम आचार्य में अपनी 33वीं डिग्री के लिए परीक्षा देने पहुंचे हैं। डॉ. मिल्खी राम का जन्म 10 फरवरी 1952 को हुआ था और उन्होंने 1970 में धर्मशाला के एक प्राइवेट कॉलेज से 24 वर्ष की आयु में ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त की थी। वे 1972 में फोरेस्ट विभाग में भर्ती हुए और 2010 में ग्रेड वन पद से सेवानिवृत्त हुए। उन्होंने नौकरी के दौरान भी अपनी पढ़ाई जारी रखी और रिटायरमेंट तक 26 डिग्रियां हासिल कर ली थीं, जिनकी संख्या अब 32 तक पहुंच गई है। इनमें बीए प्रभाकर, बीएड, एलएलबी, जेएमसी, संस्कृत, एमए हिंदी, एमए पॉलिटिकल साइंस, सोशियोलॉजी, हिस्ट्री, इंग्लिश, इकोनॉमिक्स, एमबीए, एम फिल और हिंदी में पीएचडी सहित कई अन्य डिग्रियां शामिल हैं। डॉ. मिल्खी राम ने बताया कि वे डॉ. बाबा भीमराव अंबेडकर से बहुत प्रेरित हैं। उन्हें अपनी धर्मपत्नी विद्या देवी, जो खुद भी फोरेस्ट विभाग से ग्रेड वन पद से सेवानिवृत्त हुई हैं, का पूरा समर्थन मिला है। इसके अलावा, उनके बेटे राकेश कुमार, जो इंडियन रेलवे में आईआरटीएस ऑफिसर हैं, और बहू का भी उन्हें अपनी पढ़ाई जारी रखने में पूरा सहयोग मिल रहा है। पढ़ाई में कोई दिक्कत न आए, इसके लिए उन्होंने हाल ही में अपनी आँखों का उपचार भी करवाया है। इग्नू सेंटर हमीरपुर के इंचार्ज प्रोफेसर संजय कुमार ने डॉ. मिल्खी राम को सबसे उम्रदराज परीक्षार्थी बताते हुए उन्हें एक प्रेरणास्त्रोत कहा। सेंटर में पहुँचने पर डॉ. मिल्खी राम का फूलों का गुलदस्ता देकर स्वागत किया गया, क्योंकि 75 वर्ष की आयु में भी वे लगातार परीक्षा दे रहे हैं, जब कि आमतौर पर इस उम्र में लोगों को पढ़ने में कठिनाई होती है। उनका पढ़ाई का शौक बचपन से ही रहा है, और इसी शौक के चलते उन्होंने 32 डिग्रियां हासिल की हैं और अब 33वीं के लिए प्रयासरत हैं।2
- शिमला पुलिस ने मनीषा मर्डर मामले का बड़ा खुलासा करते हुए मृतिका के भाई हिमांक मित्तल और उसके बिजनेस पार्टनर गोविंद को साजिश रचने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड हिमांक मित्तल ही था। मनीषा मित्तल का अपने भाई हिमांक और गोविंद के साथ प्रॉपर्टी विवाद चल रहा था, और इसी विवाद के चलते हिमांक ने गोविंद के साथ मिलकर दो शूटरों को मनीषा को मारने की सुपारी दी थी। एएसपी शिमला मेहर पंवर ने बताया कि घटना से कुछ दिन पहले हिमांक मित्तल ने गोविंद के खाते में 8 लाख 30 हजार रुपये ट्रांसफर किए थे। हिमांक के पास सरस्वती पैराडाइज स्कूल के सीसीटीवी कैमरों का एक्सेस भी था, जिसका उपयोग वह मनीषा मित्तल के आने-जाने की जानकारी ट्रैक करने के लिए कर रहा था। इसके अलावा, गोविंद ने ही हत्या में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट गाड़ी किराए पर लेकर शूटरों को उपलब्ध कराई थी और शूटर दीपक को पैसे भी ट्रांसफर किए थे। घटना के बाद से आरोपी गोविंद फरार था और पुलिस से बचने के लिए वह पहले विदेश भाग गया था। विदेश से लौटने के बाद भी उसने अपना फोन बंद रखा और लगातार छिपने का प्रयास करता रहा। तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों के बाद, पुलिस ने 28 जून को गोविंद को हरियाणा के रोहतक से गिरफ्तार कर लिया, जिसके बाद उसे कोर्ट में पेश कर 4 दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया। मास्टरमाइंड हिमांक को भी अगले दिन, 29 जून को रोहतक से ही गिरफ्तार किया गया। एएसपी शिमला ने जानकारी दी कि तकनीकी जांच और साक्ष्यों के आधार पर इस मामले में शामिल सभी चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, और आगामी जांच चल रही है।2
- कुल्लू जिले की शैंशर ग्राम पंचायत में उत्सव का माहौल है, जहाँ नव-निर्वाचित प्रधान सुषमा देवी का भव्य स्वागत किया गया। यह क्षण इसलिए भी ऐतिहासिक है क्योंकि सुषमा देवी मनाहरा से पहली बार प्रधान बनी हैं। उनके स्वागत में कुल्लवी नाटी की थाप गूंजी और बधाईयों का सिलसिला चला। इस विशेष अवसर पर, उनके पिता नरपत सिंह और राकेश ठाकुर ने जनता के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। इस उत्सव में हजारों लोगों ने 'धाम' का आनंद लिया, जिसने पूरे शैंशर में जश्न का माहौल बना दिया।1
- पंचकूला पुलिस ने जिले को अपराध और अवैध अतिक्रमण से मुक्त बनाने के लिए एक विशेष अभियान चलाया है, जिसके तहत अब तक करीब 70 अवैध अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं। पुलिस कमिश्नर पंकज नैन के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान में सड़क किनारे अवैध रूप से रह रहे प्रवासियों और संदिग्ध व्यक्तियों का बड़े पैमाने पर सत्यापन भी किया गया है। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि डीसीपी सृष्टि गुप्ता की अगुवाई में सेक्टर-1, 5, 7, 9, 10, 14, 15, 16, 17, 18, 20, 21, चंडीमंदिर, पिंजौर, कालका और रायपुर रानी सहित विभिन्न क्षेत्रों में अभियान चलाकर ऐसे 70 स्थानों की पहचान की गई थी, जहाँ लोग बिना वैध दस्तावेजों के निवास कर रहे थे। इन अवैध अतिक्रमणों को हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के सहयोग से बुलडोजर का इस्तेमाल कर हटाया गया और सरकारी भूमि को कब्जामुक्त कराया गया। पुलिस के अनुसार, ऐसे स्थानों का उपयोग कई बार आपराधिक गतिविधियों के लिए भी किया जा सकता है, जिसके मद्देनज़र सुरक्षा कारणों से यह कार्रवाई की गई है। अभियान के दौरान, थाना प्रभारियों और ईआरवी टीमों को लगातार निगरानी रखने और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सत्यापन और निगरानी की यह प्रक्रिया भविष्य में भी जारी रहेगी ताकि दोबारा अवैध कब्जे न हो सकें। पुलिस कमिश्नर पंकज नैन ने जोर देकर कहा कि नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, कानून व्यवस्था बनाए रखना और शहर को अपराधमुक्त बनाना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने यह भी दोहराया कि भविष्य में भी ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।1
- कुल्लू जिले के मुख्यालय ढालपुर स्थित क्षेत्रीय अस्पताल में बीते दो दिनों तक हुए हंगामे से अस्पताल का मेडिकल स्टाफ बुरी तरह से आहत हुआ है। इस घटना के बाद, हिमाचल प्रदेश मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन ने प्रशासन और पुलिस से तत्काल कानूनी कार्रवाई की मांग की है, उन सभी लोगों के खिलाफ जिन्होंने ढालपुर अस्पताल में भीड़ इकट्ठी की थी। एसोसिएशन ने यह भी कहा कि भीड़ स्टाफ के साथ मारपीट कर सकती थी। इस संबंध में, एडीएम और एएसपी कुल्लू को एक ज्ञापन सौंपा गया है। इसके अतिरिक्त, मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य सचिव को भी ज्ञापन भेजकर इस मामले में हस्तक्षेप की गुहार लगाई गई है।1
- हिमाचल प्रदेश के बरठीं में स्थित सिविल अस्पताल कहने को तो सिविल अस्पताल है, लेकिन यहाँ मिलने वाली सुविधाएँ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के स्तर की हैं, जो एक बड़ी हैरानी का विषय है। यह अस्पताल 30 पंचायतों की आबादी के लिए स्वास्थ्य सेवा का एकमात्र सहारा है, बावजूद इसके यहाँ डॉक्टरों की भारी कमी है। अस्पताल में डॉक्टरों के छह पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में केवल एक ही डॉक्टर तैनात है, जिसके चलते बरठीं सिविल अस्पताल की व्यवस्थाएँ पूरी तरह से बदहाल हैं।1
- विधायक विवेक शर्मा ने हाल ही में शहीद मिंटू के आवास पर पहुंचकर उनसे मुलाकात की।1
- उना जिले में हुई झमाझम बारिश से लोगों को गर्मी से काफी राहत मिली है। हालांकि, इस बारिश के चलते कई पेड़ गिर गए, जिस कारण आवाजाही बाधित हुई और सामान्य रफ्तार पर असर पड़ा।1