गंगापुर सिटी: महूकला में नाल दंगल का भव्य आयोजन, 102 किलो की नाल उठाकर हेमराज बने दंगल केसरी गंगापुर सिटी क्षेत्र के महूकला गांव में होली के पावन पर्व के उपलक्ष्य में पारंपरिक नाल दंगल का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना एवं नारियल भेंट कर की गई। परंपरा के अनुसार सबसे पहले बच्चों एवं बुजुर्गों की कुश्तियां कराई गईं, जिसमें विजेताओं को सम्मानित किया गया। इसके बाद मुख्य नाल दंगल प्रतियोगिता का शुभारंभ हुआ। आसपास के जिलों एवं राज्यों से आए पहलवानों ने अपनी ताकत का प्रदर्शन करते हुए 68 किलो से लेकर 102 किलो तक की नाल उठाई गई। प्रतियोगिता के दौरान दर्शकों ने तालियां बजाकर पहलवानों का उत्साहवर्धन किया तथा “हीरामन बाबा” के जयकारों से पूरा मैदान गूंज उठा। मुख्य मुकाबले में 102 किलो की नाल उठाकर हेमराज पहलवान चुली ने प्रथम स्थान प्राप्त कर दंगल केसरी का खिताब अपने नाम किया। 98 किलो की नाल उठाकर वीरू पहलवान महूकला द्वितीय स्थान पर रहे, जबकि अभिमन्यु पहलवान बाढ़ ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेताओं को कमेटी द्वारा नगद पुरस्कार, माला एवं साफा पहनाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में हजारों की संख्या में ग्रामीण, महिलाएं और बच्चे उपस्थित रहे। ग्राम के पांच पटेलों ने सभी पहलवानों का स्वागत-सम्मान कर आभार व्यक्त किया। समापन से पूर्व परंपरा के अनुसार हीरामन बाबा को गुड़ का भोग लगाकर उपस्थित जनसमूह में प्रसाद वितरित किया गया और इसी के साथ दंगल का विधिवत समापन किया गया।
गंगापुर सिटी: महूकला में नाल दंगल का भव्य आयोजन, 102 किलो की नाल उठाकर हेमराज बने दंगल केसरी गंगापुर सिटी क्षेत्र के महूकला गांव में होली के पावन पर्व के उपलक्ष्य में पारंपरिक नाल दंगल का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना एवं नारियल भेंट कर की गई। परंपरा के अनुसार सबसे पहले बच्चों एवं बुजुर्गों की कुश्तियां कराई गईं, जिसमें विजेताओं को सम्मानित किया गया। इसके बाद मुख्य नाल दंगल प्रतियोगिता का शुभारंभ हुआ। आसपास के जिलों एवं राज्यों से आए पहलवानों ने अपनी ताकत का प्रदर्शन करते हुए 68 किलो से लेकर 102 किलो तक की नाल उठाई गई। प्रतियोगिता के दौरान दर्शकों ने तालियां बजाकर पहलवानों का उत्साहवर्धन किया तथा “हीरामन बाबा” के जयकारों से पूरा मैदान गूंज उठा। मुख्य मुकाबले में 102 किलो की नाल उठाकर हेमराज पहलवान चुली ने प्रथम स्थान प्राप्त कर दंगल केसरी का खिताब अपने नाम किया। 98 किलो की नाल उठाकर वीरू पहलवान महूकला द्वितीय स्थान पर रहे, जबकि अभिमन्यु पहलवान बाढ़ ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेताओं को कमेटी द्वारा नगद पुरस्कार, माला एवं साफा पहनाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में हजारों की संख्या में ग्रामीण, महिलाएं और बच्चे उपस्थित रहे। ग्राम के पांच पटेलों ने सभी पहलवानों का स्वागत-सम्मान कर आभार व्यक्त किया। समापन से पूर्व परंपरा के अनुसार हीरामन बाबा को गुड़ का भोग लगाकर उपस्थित जनसमूह में प्रसाद वितरित किया गया और इसी के साथ दंगल का विधिवत समापन किया गया।
- Post by Anil Kumar journalist1
- शहर के विभिन्न वार्डों में डीजे की धुन पर युवाओं ने जमकर नृत्य किया। पारंपरिक फाग गीतों और होली के लोकप्रिय गानों से वातावरण पूरी तरह रंगमय हो गया। महिलाओं ने भी समूह में होली गीत गाकर पर्व की रौनक बढ़ाई। कई स्थानों पर सामाजिक संगठनों द्वारा मिठाई और ठंडाई का वितरण किया गया। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आया, जिससे पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। होली के इस अवसर पर लोगों ने पुराने गिले-शिकवे भुलाकर एक-दूसरे को गले लगाया और प्रेम, सौहार्द व एकता का संदेश दिया।4
- Post by Ramkesh Nareda1
- Post by RK LIVE KARAULI1
- चन्द्र ग्रहण के बाद श्रद्धालुओं ने किए धार्मिक अनुष्ठान सपोटरा। चन्द्र ग्रहण समाप्त होने के बाद क्षेत्रभर में श्रद्धालुओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार धार्मिक अनुष्ठान किए। ग्रहण काल समाप्त होते ही लोगों ने घरों में स्नान कर पूजा-अर्चना की तथा मंदिरों में दर्शन के लिए पहुंचे। ग्रहण के पश्चात श्रद्धालुओं ने गंगाजल मिश्रित जल से स्नान कर घर और पूजा स्थलों की शुद्धि की। इसके बाद देवी-देवताओं की आरती उतारी गई और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की गई। सपोटरा क्षेत्र के प्रमुख आस्था केंद्र बरवासन देवी मंदिर में भी भक्तों ने मां के दर्शन कर विशेष पूजा-अर्चना की। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही और कई लोगों ने दान-पुण्य कर जरूरतमंदों को अन्न एवं वस्त्र वितरित किए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ग्रहण के दौरान रखा हुआ पका भोजन त्याग दिया गया तथा ग्रहण समाप्ति के बाद ताजा भोजन बनाकर ग्रहण किया गया।1
- लालसोट में सफाई व्यवस्था चरमराई नवजीवन हॉस्पिटल के पीछे कॉलोनियों में गंदगी का लगा अंबार, नालियों का पानी सड़क पर नगर में सफाई व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। लालसोट नगर परिषद की लापरवाही का खामियाजा नवजीवन हॉस्पिटल के पीछे बसी कॉलोनियों के निवासियों को भुगतना पड़ रहा है। यहां नियमित सफाई नहीं होने से हालात बदतर हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि सफाई कर्मचारी कभी-कभार आता भी है तो नालियों से कचरा बाहर नहीं निकालता। नतीजा यह कि चारों तरफ जाम नालियों का गंदा पानी सड़क पर बह रहा है। कीचड़ और बदबू से लोगों का पैदल निकलना तक मुश्किल हो गया है। मच्छरों की भरमार से बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। क्षेत्रवासियों ने आरोप लगाया कि कई बार शिकायतें करने के बावजूद अधिकारियों के कानों पर जूं तक नहीं रेंगती। 'नगर परिषद मच्छर पालन में सहयोग कर रही है, सफाई में नहीं,' एक निवासी ने नाराजगी जताते हुए कहा। लोगों की मांग है कि नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और नालियों की समुचित सफाई करवाई जाए, ताकि गंदगी से निजात मिल सके। अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी जागते हैं या हालात यूं ही बदतर बने रहते हैं।4
- हिंडौन सिटी। होली पर्व की दस्तक के साथ शहर में नाश्ता की दुकान और ठेलों पर दही व खट्टी -मीठी चटनी की गुजिया, चंदिया, पपड़ी एवं मिठाइयों की बिक्री बढ़ जाती है। होली पर्व पर शहर के बाजारों में दुकान और ठेलों पर दाल से बनी गुजिया,चंदिया व पपड़ियों को बिक्री के लिए रखा गया । दाल से बने इन व्यंजनों का लोग त्योहार पर खट्टी मीठी चटनी के साथ खूब आनंद रहे है । साथ ही गरम-गरम गुलाब जामुन आदि मिठाइयां को भी दुकान और ठेलों पर बिक्री के लिए रखा गया। दाल, दही एवं खट्टी-मीठी चटनी से तैयार किए गए इन व्यंजनों की लोग खूब खरीदारी कर रहे हैं। कवरेज.... कृष्ण मुरारी राजौरा, पत्रकार।1
- Gangapur City के वार्ड नंबर 8 में धूमधाम से मनाई जा रही धूलेंडी, डीजे की धुन पर झूमे युवा1