रांची-गुमला मुख्य मार्ग पर भरनो थाना से कुछ पहले पलमाडीपा स्थित हाथी पुल के पास देर शाम एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना हुई। एक बाइक पर सवार तीन युवकों ने पीछे से एक अज्ञात वाहन को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतकों की पहचान हेठटोली निवासी आर्यन बाड़ा (18 वर्ष) और प्रताप बाड़ा (25 वर्ष) के रूप में हुई है। इसी गांव का गैब्रियल बाड़ा (24 वर्ष) इस हादसे में घायल हुआ है। दुर्घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी संतोष कुमार सिंह, सब इंस्पेक्टर अभिनंदन कुमार और मंटू चौधरी सहित पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने सभी घायलों को तत्काल पुलिस वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भरनो अस्पताल पहुंचाया, जहाँ चिकित्सकों ने दो युवकों को मृत घोषित कर दिया। घायल युवक का इलाज जारी है। जानकारी के अनुसार, मृतक आर्यन बाड़ा ने हाल ही में मैट्रिक की परीक्षा पास की थी और रांची में इंटर में एडमिशन के लिए किराए पर रहकर तैयारी कर रहा था। रविवार सुबह ही वह अपने घर भरनो आया था। देर शाम को वह अपने दो दोस्तों के साथ पल्सर बाइक पर भरनो से रांची लौट रहा था। इसी दौरान बारिश होने लगी और उनकी बाइक ने आगे चल रहे अज्ञात वाहन को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। यह दुर्घटना इतनी भीषण थी कि दो युवकों की जान चली गई। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बाइक को अपने कब्जे में ले लिया है और मामले में आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
रांची-गुमला मुख्य मार्ग पर भरनो थाना से कुछ पहले पलमाडीपा स्थित हाथी पुल के पास देर शाम एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना हुई। एक बाइक पर सवार तीन युवकों ने पीछे से एक अज्ञात वाहन को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतकों की पहचान हेठटोली निवासी आर्यन बाड़ा (18
वर्ष) और प्रताप बाड़ा (25 वर्ष) के रूप में हुई है। इसी गांव का गैब्रियल बाड़ा (24 वर्ष) इस हादसे में घायल हुआ है। दुर्घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी संतोष कुमार सिंह, सब इंस्पेक्टर अभिनंदन कुमार और मंटू चौधरी सहित पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने सभी घायलों को तत्काल पुलिस वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भरनो अस्पताल पहुंचाया, जहाँ चिकित्सकों
ने दो युवकों को मृत घोषित कर दिया। घायल युवक का इलाज जारी है। जानकारी के अनुसार, मृतक आर्यन बाड़ा ने हाल ही में मैट्रिक की परीक्षा पास की थी और रांची में इंटर में एडमिशन के लिए किराए पर रहकर तैयारी कर रहा था। रविवार सुबह ही वह अपने घर भरनो आया था। देर शाम को वह अपने दो दोस्तों के साथ पल्सर बाइक
पर भरनो से रांची लौट रहा था। इसी दौरान बारिश होने लगी और उनकी बाइक ने आगे चल रहे अज्ञात वाहन को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। यह दुर्घटना इतनी भीषण थी कि दो युवकों की जान चली गई। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बाइक को अपने कब्जे में ले लिया है और मामले में आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
- रांची-गुमला मुख्य मार्ग पर भरनो थाना से कुछ पहले पलमाडीपा स्थित हाथी पुल के पास देर शाम एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना हुई। एक बाइक पर सवार तीन युवकों ने पीछे से एक अज्ञात वाहन को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतकों की पहचान हेठटोली निवासी आर्यन बाड़ा (18 वर्ष) और प्रताप बाड़ा (25 वर्ष) के रूप में हुई है। इसी गांव का गैब्रियल बाड़ा (24 वर्ष) इस हादसे में घायल हुआ है। दुर्घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी संतोष कुमार सिंह, सब इंस्पेक्टर अभिनंदन कुमार और मंटू चौधरी सहित पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने सभी घायलों को तत्काल पुलिस वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भरनो अस्पताल पहुंचाया, जहाँ चिकित्सकों ने दो युवकों को मृत घोषित कर दिया। घायल युवक का इलाज जारी है। जानकारी के अनुसार, मृतक आर्यन बाड़ा ने हाल ही में मैट्रिक की परीक्षा पास की थी और रांची में इंटर में एडमिशन के लिए किराए पर रहकर तैयारी कर रहा था। रविवार सुबह ही वह अपने घर भरनो आया था। देर शाम को वह अपने दो दोस्तों के साथ पल्सर बाइक पर भरनो से रांची लौट रहा था। इसी दौरान बारिश होने लगी और उनकी बाइक ने आगे चल रहे अज्ञात वाहन को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। यह दुर्घटना इतनी भीषण थी कि दो युवकों की जान चली गई। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बाइक को अपने कब्जे में ले लिया है और मामले में आगे की कार्रवाई में जुट गई है।4
- एक कुएँ की जाली अब बनकर पूरी तरह तैयार हो चुकी है। इस पूरे काम में कुल कितना खर्च आया, इसकी विस्तृत जानकारी के लिए दर्शकों को Aevlogs के यूट्यूब चैनल पर उपलब्ध पूरा वीडियो देखने के लिए आमंत्रित किया गया है।1
- झारखंड सरकार के परिवहन विभाग के महत्वाकांक्षी 'परिवहन कार्यालय आपके द्वार' अभियान के तहत गुमला प्रखंड कार्यालय के सभागार में एक विशेष शिक्षार्थी अनुज्ञप्ति (लर्निंग लाइसेंस) परीक्षा शिविर का आयोजन किया गया। कामडारा प्रखंड में मिली ऐतिहासिक सफलता के बाद, गुमला में भी इस शिविर को लेकर जनता में भारी उत्साह देखा गया, जहाँ अनुज्ञप्ति बनवाने के लिए 220 से अधिक लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। इस एकदिवसीय शिविर में कुल 224 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी, जिनमें से 197 अभ्यर्थी सफलतापूर्वक उत्तीर्ण हुए, जबकि 27 लोग असफल रहे। कार्यक्रम की सबसे महत्वपूर्ण बात यह रही कि गुमला के उपायुक्त, दिलेश्वर महतो, ने स्वयं शिविर में उपस्थित होकर सफल अभ्यर्थियों को अपने हाथों से शिक्षार्थी अनुज्ञप्ति प्रदान की, जिससे युवाओं और स्थानीय लोगों का उत्साह दोगुना हो गया। अनुज्ञप्ति वितरण के दौरान, उपायुक्त महोदय ने उपस्थित लोगों को सड़क सुरक्षा का विशेष 'गुरुमंत्र' दिया और बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जिस तेज गति से दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं, उसे देखते हुए सभी को अत्यधिक सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने दोपहिया वाहन पर हमेशा हेलमेट पहनने और चार पहिया वाहन में सुरक्षा पेटी (सीट बेल्ट) लगाने की सलाह दी। उपायुक्त ने यह भी जानकारी दी कि अब कार में पीछे बैठने वाले यात्रियों के लिए भी सीट बेल्ट लगाना अनिवार्य कर दिया गया है, जिस विषय पर संबंधित मंत्रालय द्वारा कड़े नियम जारी किए जा चुके हैं। उपायुक्त ने शिक्षार्थी अनुज्ञप्ति प्राप्त करने वाले युवाओं को स्पष्ट निर्देश देते हुए समझाया कि इसका अर्थ केवल वाहन चलाना 'सीखने' के लिए दी गई अनुमति है और इसे किसी भी स्थिति में स्थायी अनुज्ञप्ति नहीं मानना चाहिए। उन्होंने सलाह दी कि इस अनुज्ञप्ति के जारी होने के 30 दिनों के बाद स्थायी अनुज्ञप्ति के लिए ऑनलाइन आवेदन अवश्य करें और लाइसेंस पूरी तरह बन जाने के बाद ही गाड़ी पर अपनी पकड़ मजबूत करें तथा पूरी जिम्मेदारी के साथ वाहन चलाएं। इस विशाल शिविर को सफल बनाने में प्रशासनिक अमले का पूरा सहयोग रहा। कार्यक्रम के दौरान गुमला के प्रखंड विकास पदाधिकारी अशोक कुमार चोपड़ा, अंचलाधिकारी हरीश कुमार, मोटरयान निरीक्षक (एमवीआई) और जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) सत्येन्द्र महतो सहित परिवहन विभाग की पूरी टीम मुस्तैदी से मौजूद रही। विभाग ने घोषणा की है कि अगला शिविर जिले के अंतर्गत गुमला प्रखंड के फासिया पंचायत में 7 जुलाई 2026 को आयोजित किया जाएगा, जहाँ इच्छुक अभ्यर्थी अपने दस्तावेजों के साथ निर्धारित तिथि पर शिविर स्थल पर उपस्थित होकर इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। गुमला प्रखंड में आयोजित इस सफल शिविर ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि यदि प्रशासन जनता के द्वार तक पहुँचता है, तो आम नागरिक भी नियमों का पालन करने और सरकारी सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए पूरी तरह से तैयार रहते हैं।3
- सिमडेगा में एनएसयूआई ने जिला कांग्रेस कार्यालय में जिलाध्यक्ष विवेक एक्का के नेतृत्व में एक प्रेस वार्ता आयोजित कर 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान छात्रों से जुड़े कई अहम मुद्दे उठाए गए, जिनमें शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त अनियमितताएँ, परीक्षा संबंधी समस्याएँ, पेपर लीक की घटनाएँ, रोजगार के अवसर और उच्च शिक्षा से संबंधित चुनौतियाँ प्रमुख थीं। एनएसयूआई नेताओं ने बताया कि 'छात्रों की गूंज' अभियान का मुख्य उद्देश्य जिले के हर छात्र की बात सुनना और उनकी समस्याओं को सरकार तक पहुँचाना है। इस पहल के तहत एनएसयूआई की टीमें सिमडेगा जिले के सभी स्कूलों और कॉलेजों का दौरा करेंगी, जहाँ वे छात्रों से सीधे संवाद करेंगी, उनकी परेशानियों को सुनेंगी और उनके सुझावों को इकट्ठा करके शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को और सशक्त बनाएँगी। नेताओं ने ज़ोर दिया कि यह अभियान महज़ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्रों के अधिकारों, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, निष्पक्ष परीक्षाओं और एक उज्जवल भविष्य के लिए एक व्यापक जनआंदोलन है। उन्होंने सभी छात्रों से इस अभियान से जुड़कर अपनी समस्याओं और विचारों को खुलकर साझा करने की अपील की। इस अवसर पर एनएसयूआई जिला अध्यक्ष विवेक एक्का, राँची विश्वविद्यालय एनएसयूआई के महासचिव असाद एकराम, कार्यकारी अध्यक्ष रोहन तिर्की, नगर अध्यक्ष प्रियांशु कुमार, महासचिव हिमेश पुरी, सोनू प्रजापति और यूसुफ खलीफा सहित एनएसयूआई के कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे। एनएसयूआई नेताओं ने अंत में यह भी बताया कि आने वाले दिनों में पूरे सिमडेगा जिले के स्कूलों और कॉलेजों में एक बड़ा जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक छात्रों से मुलाकात की जा सके, उनकी समस्याओं का दस्तावेजीकरण किया जा सके और उनके समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों व सरकार के समक्ष प्रभावी ढंग से आवाज़ उठाई जा सके।1
- लोहरदगा में दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल अध्यक्ष का भव्य स्वागत किया गया, जहाँ उनके अभिनंदन के लिए भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा। लोग पूरे उत्साह और जोश के साथ उनके स्वागत में एकत्र हुए, जिससे यह आयोजन अत्यंत प्रभावशाली रहा।1
- छत्तीसगढ़ की सुप्रसिद्ध पंडवानी गायिका तीजन बाई के निधन की खबर अत्यंत दुःखद है। उन्होंने अपनी अद्भुत कला और बुलंद आवाज़ के दम पर पंडवानी को देश-विदेश में एक नई पहचान दिलाई थी। छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति को समृद्ध बनाने में उनका योगदान हमेशा अविस्मरणीय रहेगा। उनका जन्म 24 अप्रैल 1956 को हुआ था और उनका निधन 5 जुलाई 2026 को एम्स, रायपुर में हुआ। खबर टाइम्स छत्तीसगढ़ परिवार ने दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने और शोकाकुल परिजनों तथा उनके असंख्य चाहने वालों को यह दुःख सहने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की है।1
- कोयंबटूर राज्य के नीलगिरी जिले में स्थित आडरली चायबगान में इन दिनों हाथियों की खुले स्थानों पर मौजूदगी से भय का आतंक मँडराने लगा है।1
- सिमडेगा में झारखंड राज्य कर्मचारी महासंघ, जिला इकाई की बैठक रविवार को जिला कृषि कार्यालय परिसर में जिलाध्यक्ष लक्ष्मी प्रसाद की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में अनुबंध, आउटसोर्सिंग और दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं पर व्यापक चर्चा की गई, जिसके उपरांत सरकार से इन मुद्दों के शीघ्र समाधान की पुरजोर मांग की गई। बैठक को संबोधित करते हुए जिला सचिव सुशील कुमार सिंह ने जोर देकर कहा कि जिले के विभिन्न विभागों में कार्यरत अनुबंध, आउटसोर्सिंग एवं दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों की सेवा का स्थायीकरण किया जाए और उन्हें नियमित वेतनमान तथा अन्य भत्तों का लाभ प्रदान किया जाए। उन्होंने मुख्यमंत्री से यह भी मांग की कि नियमित कर्मचारियों का ग्रेड पे बढ़ाया जाए और एएनएम, डाटा ऑपरेटर, एंबुलेंस चालक सहित अन्य संविदा कर्मियों को भी स्थायी किया जाए। महासंघ ने सिविल सर्जन, सिमडेगा से कड़े शब्दों में मांग की कि तीन माह से लंबित अनुबंध एवं आउटसोर्सिंग कर्मचारियों का वेतन अविलंब जारी किया जाए। चेतावनी दी गई कि यदि शीघ्र भुगतान नहीं हुआ तो महासंघ आंदोलन शुरू करने को बाध्य होगा। इसके अतिरिक्त, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, गुरडेग से यह अपील भी की गई कि वे अनुबंध कर्मचारियों को हटाने की धमकी न दें और उन पर किसी प्रकार का दबाव न बनाएं। बैठक में विनोद बिहारी दास, गोपाल साहू, पुष्पा कुमारी, आशा कुमारी, पिंकी रानी कुजूर, अनुपमा टोप्पो, मंजीत खालखो, मनीषा जतरमा, हीरामणि बरला, सोनू प्रधान, सुजीत कुमार, जितेंद्र नायक, आत्मा खाखा, विनीत केरकेट्टा, ज्योति सोरेंग, सुखमणि जोजो, रानी कुमारी और किरण मिंज सहित कई सदस्यों ने अपने विचार साझा किए।1