झालावाड़ की सदर थाना पुलिस ने नेशनल हाईवे पर ट्रकों की रस्सियां काटकर माल चुराने और लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले एक सक्रिय गिरोह के सदस्य, इनामी बदमाश राजेंद्र कंजर को गिरफ्तार किया है। रलायती कंजर डेरे का निवासी यह आरोपी उस समय पकड़ा गया जब उस पर पुलिस द्वारा ₹20,000 का इनाम घोषित था। झालावाड़ पुलिस अधीक्षक अमित बुडानिया ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि बीते दिनों नेशनल हाईवे 52 के फोरलेन बाईपास पर ट्रकों व अन्य वाहन चालकों से लूट की कई शिकायतें मिली थीं। एक ट्रक चालक ने सदर थाना पुलिस को बताया था कि बदमाशों ने फोरलेन पर मिट्टी के कट्टे रखकर ट्रकों को डाइवर्ट किया। जब चालक वाहन से नीचे उतरा, तो बदमाश ट्रक पर चढ़ गए और रस्सी काटकर माल चुराने लगे। चालक ने केबिन से बाहर निकलने का प्रयास किया तो उसे हथियार दिखाकर धमकाया गया और बदमाश माल लूटकर फरार हो गए। शिकायत के बाद सदर थाना पुलिस ने रात्रि गश्त शुरू की, जिसके दौरान लुटेरी गैंग के सदस्य मिट्टी के कट्टे ले जाते हुए दिखे। पुलिस टीम ने पीछा कर दो आरोपियों को मौके से गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी राजेंद्र कंजर फरार हो गया था। इसके बाद, सदर थाना पुलिस ने एक टीम गठित की और फरार इनामी बदमाश राजेंद्र कंजर को रलायती के जंगल से धर दबोचा। इस कार्रवाई में सदर थाना प्रभारी मो. इब्राहिम की भी भूमिका रही। एसपी अमित बुडानिया ने यह भी बताया कि राजेंद्र कंजर सदर थाने के टॉप टेन हार्डकोर अपराधियों में शामिल है। नेशनल हाईवे पर लूट के अलावा, आरोपी पर कोतवाली थाना क्षेत्र में दो बाइक चोरी और फोरलेन पर एक बाइक चालक को चाकू मारकर लूटने का भी आरोप है। पुलिस ने इस हार्डकोर अपराधी राजेंद्र कंजर पर ₹2,000 का इनाम भी घोषित किया था। अब पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
झालावाड़ की सदर थाना पुलिस ने नेशनल हाईवे पर ट्रकों की रस्सियां काटकर माल चुराने और लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले एक सक्रिय गिरोह के सदस्य, इनामी बदमाश राजेंद्र कंजर को गिरफ्तार किया है। रलायती कंजर डेरे का निवासी यह आरोपी उस समय पकड़ा गया जब उस पर पुलिस द्वारा ₹20,000 का इनाम घोषित था। झालावाड़ पुलिस अधीक्षक अमित बुडानिया ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि बीते दिनों नेशनल हाईवे 52 के फोरलेन बाईपास पर ट्रकों व अन्य वाहन चालकों से लूट की कई शिकायतें मिली थीं। एक ट्रक चालक ने सदर थाना पुलिस को बताया था कि बदमाशों ने फोरलेन पर मिट्टी के कट्टे रखकर ट्रकों को डाइवर्ट किया। जब चालक वाहन से नीचे उतरा, तो बदमाश ट्रक पर चढ़ गए और रस्सी काटकर माल चुराने लगे। चालक ने केबिन से बाहर निकलने का प्रयास किया तो उसे हथियार दिखाकर धमकाया गया और बदमाश माल लूटकर फरार हो गए। शिकायत के बाद सदर थाना पुलिस ने रात्रि गश्त शुरू की, जिसके दौरान लुटेरी गैंग के सदस्य मिट्टी के कट्टे ले जाते हुए दिखे। पुलिस टीम ने पीछा कर दो आरोपियों को मौके से गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी राजेंद्र कंजर फरार हो गया था। इसके बाद, सदर थाना पुलिस ने एक टीम गठित की और फरार इनामी बदमाश राजेंद्र कंजर को रलायती के जंगल से धर दबोचा। इस कार्रवाई में सदर थाना प्रभारी मो. इब्राहिम की भी भूमिका रही। एसपी अमित बुडानिया ने यह भी बताया कि राजेंद्र कंजर सदर थाने के टॉप टेन हार्डकोर अपराधियों में शामिल है। नेशनल हाईवे पर लूट के अलावा, आरोपी पर कोतवाली थाना क्षेत्र में दो बाइक चोरी और फोरलेन पर एक बाइक चालक को चाकू मारकर लूटने का भी आरोप है। पुलिस ने इस हार्डकोर अपराधी राजेंद्र कंजर पर ₹2,000 का इनाम भी घोषित किया था। अब पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
- झालावाड़ की सदर थाना पुलिस ने नेशनल हाईवे पर ट्रकों की रस्सियां काटकर माल चुराने और लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले एक सक्रिय गिरोह के सदस्य, इनामी बदमाश राजेंद्र कंजर को गिरफ्तार किया है। रलायती कंजर डेरे का निवासी यह आरोपी उस समय पकड़ा गया जब उस पर पुलिस द्वारा ₹20,000 का इनाम घोषित था। झालावाड़ पुलिस अधीक्षक अमित बुडानिया ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि बीते दिनों नेशनल हाईवे 52 के फोरलेन बाईपास पर ट्रकों व अन्य वाहन चालकों से लूट की कई शिकायतें मिली थीं। एक ट्रक चालक ने सदर थाना पुलिस को बताया था कि बदमाशों ने फोरलेन पर मिट्टी के कट्टे रखकर ट्रकों को डाइवर्ट किया। जब चालक वाहन से नीचे उतरा, तो बदमाश ट्रक पर चढ़ गए और रस्सी काटकर माल चुराने लगे। चालक ने केबिन से बाहर निकलने का प्रयास किया तो उसे हथियार दिखाकर धमकाया गया और बदमाश माल लूटकर फरार हो गए। शिकायत के बाद सदर थाना पुलिस ने रात्रि गश्त शुरू की, जिसके दौरान लुटेरी गैंग के सदस्य मिट्टी के कट्टे ले जाते हुए दिखे। पुलिस टीम ने पीछा कर दो आरोपियों को मौके से गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी राजेंद्र कंजर फरार हो गया था। इसके बाद, सदर थाना पुलिस ने एक टीम गठित की और फरार इनामी बदमाश राजेंद्र कंजर को रलायती के जंगल से धर दबोचा। इस कार्रवाई में सदर थाना प्रभारी मो. इब्राहिम की भी भूमिका रही। एसपी अमित बुडानिया ने यह भी बताया कि राजेंद्र कंजर सदर थाने के टॉप टेन हार्डकोर अपराधियों में शामिल है। नेशनल हाईवे पर लूट के अलावा, आरोपी पर कोतवाली थाना क्षेत्र में दो बाइक चोरी और फोरलेन पर एक बाइक चालक को चाकू मारकर लूटने का भी आरोप है। पुलिस ने इस हार्डकोर अपराधी राजेंद्र कंजर पर ₹2,000 का इनाम भी घोषित किया था। अब पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटा रही है।1
- अरावली विरासत जन अभियान के तत्वावधान में झालावाड़ में देशभर के पर्यावरणविदों, आदिवासी नेताओं और प्रकृति प्रेमियों ने अरावली पर्वतमाला की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएँ व्यक्त कीं। सोमवार को शहर के मोटर गैराज स्थित एक निजी निवास पर आयोजित प्रेस वार्ता में वक्ताओं ने आरोप लगाया कि पर्यावरण मंत्रालय के दस्तावेजों में राजस्थान के झालावाड़, बारां, कोटा, बूंदी और सवाईमाधोपुर सहित कई जिलों को अरावली क्षेत्र की सूची से बाहर रखा गया है, जबकि वन सर्वेक्षण विभाग (एफएसआई) की 2025 की रिपोर्ट इन्हें अरावली क्षेत्र का हिस्सा मानती है। अभियान की टीम सदस्यों का इस अवसर पर अधिवक्ता और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने स्वागत किया, जिसमें वरदान सिंह, एडवोकेट राजेंद्र सिंह झाला, ओंकारेश्वर शर्मा और शशांक श्रोत्रिय जैसे लोग मौजूद थे। दिल्ली से आईं अभियान की सह-संस्थापक नीलम अहलूवालिया ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि एफएसआई की 22 सितंबर 2025 की रिपोर्ट में पाँच राज्यों के 63 जिलों को अरावली क्षेत्र में शामिल किया गया था, लेकिन पर्यावरण मंत्रालय के हलफनामे में केवल 37 जिलों का ही उल्लेख है। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि 100 मीटर ऊँचाई के आधार पर अरावली की परिभाषा लागू की गई, तो पर्वतमाला का 90 प्रतिशत से अधिक हिस्सा कानूनी संरक्षण से बाहर हो जाएगा, जिससे बड़े पैमाने पर खनन को बढ़ावा मिलेगा। आमजन को जागरूक करने के लिए बारां और झालावाड़ में कई सामाजिक कार्यकर्ता और कानूनविदों से मुलाकातें भी की गईं। बांसवाड़ा से झालावाड़ आईं आदिवासी समन्वय मंच भारत की युवा नेत्री कुसुम रावत ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश से गठित उच्च-शक्ति प्राप्त समिति की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। उन्होंने माँग की कि समिति का नेतृत्व पर्यावरण मंत्रालय से स्वतंत्र किसी विशेषज्ञ को सौंपा जाए और इसमें स्वास्थ्य, जल, वन्यजीव तथा आजीविका से जुड़े विशेषज्ञों को भी शामिल किया जाए। उन्होंने आगाह किया कि अरावली को लेकर नियम विरुद्ध बदलाव से भूगोल भी बदल जाएगा और आमजन को भारी नुकसान होगा, जो कि एक राष्ट्रव्यापी बड़ा मुद्दा है। उदयपुर से आईं आदिवासी नेत्री साधना मीणा ने अपने जिले में घरों और खेतों के समीप हो रहे खनन से लोगों के स्वास्थ्य, जल स्रोतों और पर्यावरण पर पड़ रहे गंभीर असर का उल्लेख किया। उन्होंने इन जिलों को अरावली सूची से बाहर करने को "सुनियोजित मिटावट" करार दिया, जिससे सुप्रीम कोर्ट द्वारा मिले संरक्षण का लाभ प्रभावित क्षेत्रों को नहीं मिल पाएगा। साधना मीणा ने नई समिति से खनन प्रभावित गाँवों का दौरा कर जनसुनवाई आयोजित करने और समिति की रिपोर्ट प्रस्तुत करने की समय-सीमा बढ़ाने की माँग की। सीकर के प्रकृति प्रेमी राम अवतार ने बांधों के जलग्रहण क्षेत्रों, ओरण और नदियों के आसपास भी जारी खनन से भूजल स्तर गिरने और पर्यावरण को भारी नुकसान पहुँचने की बात कही। उन्होंने इन संवेदनशील क्षेत्रों में तत्काल खनन रोकने और व्यापक पर्यावरणीय व सामाजिक प्रभाव अध्ययन कराने की माँग की। बारां जिले की शाहबाद घाटी बचाओ संघर्ष समिति के संरक्षक कोटा के बृजेश विजयवर्गीय ने एफएसआई रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि बारां, झालावाड़ और कोटा की कई तहसीलें अरावली पर्वतमाला का हिस्सा हैं। उन्होंने माँग की कि नई समिति सभी अरावली क्षेत्रों को शामिल करते हुए पिछले 50 वर्षों में हुए पर्यावरणीय और सामाजिक प्रभावों का व्यापक अध्ययन कराए। वक्ताओं ने सामूहिक रूप से कहा कि अरावली केवल पहाड़ों की श्रृंखला नहीं, बल्कि जल, जंगल, जैव विविधता और लाखों लोगों की आजीविका का आधार है। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट और केंद्र सरकार से अरावली के संरक्षण के लिए प्रभावी और पारदर्शी कदम उठाने की अपील की, जिसके साथ ही पूर्वी राजस्थान के जिलों को भी संरक्षण देने की माँग तेज़ हुई।2
- झालावाड़ जिले में दिनांक 07/07/2026 को जोरदार बारिश दर्ज की गई।1
- सोमवार दोपहर खानपुर पनवाड़ क्षेत्र के बागोद गांव में जामुन के पेड़ पर चढ़ने के दौरान हुए एक हादसे में एक महिला और एक बालक गंभीर रूप से घायल हो गए। 14 वर्षीय बालक रामजानी सुमन, जो बागोद निवासी तेजपाल का पुत्र है, जामुन तोड़ने के लिए पेड़ पर चढ़ा था। इसी दौरान, पेड़ की एक डाली टूट गई। यह टूटी हुई डाली नीचे खड़ी बालक की बुआ सरस्वती बाई सुमन (45) पर जा गिरी, जिससे खजूरी, जिला कोटा निवासी शम्भू दयाल की पत्नी सरस्वती बाई गंभीर रूप से घायल हो गईं। इस घटना में बालक रामजानी सुमन को भी चोटें आईं। दोनों को सिर में गंभीर चोटें लगी हैं। घायलों को तत्काल एम्बुलेंस की सहायता से पनवाड़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए, दोनों को आगे के उपचार के लिए झालावाड़ अस्पताल रेफर कर दिया गया।1
- राजस्थान के छीपाबड़ौद स्थित स्टेडियम में 'समुद्र मंथन प्राणायाम' का आयोजन किया गया है।1
- मंगलवार को बारां जिले के छबड़ा स्थित उपखंड अधिकारी कार्यालय पर राजीव गांधी पंचायती राज संगठन और युवा कांग्रेस संगठन ने संयुक्त रूप से धरना-प्रदर्शन किया। जिला अध्यक्ष प्रेम सिंह मीणा की अध्यक्षता में हुए इस प्रदर्शन के दौरान तहसीलदार (उपखंड अधिकारी) को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें क्षेत्र की ज्वलंत जनसमस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया। संगठन की प्रमुख मांगों में किसानों को खाद (DAP, यूरिया) और दवाइयों की कालाबाजारी से राहत दिलाना शामिल था, जिसके लिए सहकारी समितियों के माध्यम से ही इन सामग्रियों को उपलब्ध कराने की मांग की गई। इसके अतिरिक्त, खराब हुई फसलों का बीमा मुआवजा शीघ्र भुगतान करने और छबड़ा क्षेत्र के 41 भवन-विहीन सरकारी विद्यालयों (सीनियर, उच्च प्राथमिक और प्राथमिक) में भवन की व्यवस्था करने पर जोर दिया गया। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि इन विद्यालयों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई तो नए शिक्षा सत्र और बरसात के मौसम में गरीब छात्रों का नामांकन घट सकता है, क्योंकि वे महंगी निजी शिक्षा का खर्च वहन नहीं कर सकते। अन्य मांगों में स्थानीय थर्मल प्लांट में बेरोजगार युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर रोजगार प्रदान करना और संविदा पर कार्यरत कर्मचारियों का वेतन बढ़ाना शामिल था। संगठन ने क्षेत्र की खराब संपर्क सड़कों की गुणवत्ताहीन मरम्मत की जांच कराने और मुख्य रास्तों से अतिक्रमण हटाकर जलभराव तथा निकासी की समस्या का समाधान करने, साथ ही रास्ते को मुरम डलवाकर सुगम बनाने की भी मांग की। इस धरना-प्रदर्शन में राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के जिला प्रवक्ता एस.एल. नागर, ब्लॉक अध्यक्ष हरिराम मीणा, छीपाबड़ौद ब्लॉक अध्यक्ष पप्पू लाल बैरवा, जिला सचिव बनवारी लाल बैरवा, अमृतलाल बागड़ी, जिला सचिव राकेश बैरवा, जिला सचिव श्रीलाल, जिला उपाध्यक्ष राधाकृष्ण सुमन सहित अनेक पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। जिला प्रवक्ता एस.एल. नागर ने स्पष्ट किया कि यदि राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन द्वारा ज्ञापन में उल्लेखित जनसमस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो संगठन ब्लॉक और जिला स्तर पर उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।4
- केरल के वायनाड जिले में भारी बारिश के कारण भूस्खलन हुआ है। इस घटना की जानकारी मिली है।1
- छिपाबड़ौद स्थित स्टेडियम में भस्त्रिका प्राणायाम का आयोजन किया गया।1