भारत के सबसे बड़े टेलीकॉम नेटवर्क और डिजिटल सर्विस प्लेटफॉर्म रिलायंस जियो के बोर्ड ने हाल ही में अपने मेगा आईपीओ के लिए DRHP दाखिल करने की मंजूरी दे दी है। यह मुकेश अंबानी के विशाल बिजनेस नेटवर्क का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो विभिन्न प्रमुख क्षेत्रों में फैला हुआ है। इस नेटवर्क में देश की सबसे बड़ी रिटेल चेन रिलायंस रिटेल भी शामिल है, जो ग्रोसरी, इलेक्ट्रॉनिक्स और फैशन सेगमेंट में काम करती है। कंपनी का मुख्य पारंपरिक व्यवसाय तेल और पेट्रोकेमिकल्स (O2C) है, जिसमें गुजरात के जामनगर में स्थित दुनिया की सबसे बड़ी पेट्रोलियम रिफाइनरी आती है। इसके अतिरिक्त, रिलायंस तेजी से न्यू एनर्जी, जैसे सौर ऊर्जा और हाइड्रोजन, और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), जिसमें जामनगर सॉवरेन AI हब शामिल है, के क्षेत्र में विस्तार कर रही है। मीडिया और खेल के क्षेत्र में भी इसकी उपस्थिति है, जिसमें नेटवर्क18 मीडिया ग्रुप, जियोसिनेमा/JioHotstar और आईपीएल की प्रसिद्ध क्रिकेट टीम मुंबई इंडियंस का स्वामित्व शामिल है।
भारत के सबसे बड़े टेलीकॉम नेटवर्क और डिजिटल सर्विस प्लेटफॉर्म रिलायंस जियो के बोर्ड ने हाल ही में अपने मेगा आईपीओ के लिए DRHP दाखिल करने की मंजूरी दे दी है। यह मुकेश अंबानी के विशाल बिजनेस नेटवर्क का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो विभिन्न प्रमुख क्षेत्रों में फैला हुआ है। इस नेटवर्क में देश की सबसे बड़ी रिटेल चेन रिलायंस रिटेल भी शामिल है, जो ग्रोसरी, इलेक्ट्रॉनिक्स और फैशन सेगमेंट में काम करती है। कंपनी का मुख्य पारंपरिक व्यवसाय तेल और पेट्रोकेमिकल्स (O2C) है, जिसमें गुजरात के जामनगर में स्थित दुनिया की सबसे बड़ी पेट्रोलियम रिफाइनरी आती है। इसके अतिरिक्त, रिलायंस तेजी से न्यू एनर्जी, जैसे सौर ऊर्जा और हाइड्रोजन, और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), जिसमें जामनगर सॉवरेन AI हब शामिल है, के क्षेत्र में विस्तार कर रही है। मीडिया और खेल के क्षेत्र में भी इसकी उपस्थिति है, जिसमें नेटवर्क18 मीडिया ग्रुप, जियोसिनेमा/JioHotstar और आईपीएल की प्रसिद्ध क्रिकेट टीम मुंबई इंडियंस का स्वामित्व शामिल है।
- न्यूरॉन शरीर की तंत्रिका तंत्र की मूल कोशिका (नर्व सेल) होती है, जो मस्तिष्क, रीढ़ की हड्डी और नसों में पाई जाती है। इसका मुख्य कार्य शरीर के एक भाग से दूसरे भाग तक संदेश (सिग्नल) पहुँचाना है। यह सोचने, याद रखने, महसूस करने और शरीर की गतिविधियों को नियंत्रित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। न्यूरॉन के तीन प्रमुख भाग होते हैं: डेंड्राइट, कोशिका शरीर और एक्सॉन। यदि “Niuron” शब्द से किसी दवा, ऐप या किसी अन्य चीज़ के नाम के बारे में जानकारी पूछी जा रही है, तो उसके लिए और अधिक विवरण की आवश्यकता होगी।1
- बिहार और झारखंड में कचरा उठाने वाले बच्चों के जीवनयापन और उनकी दयनीय स्थिति पर सवाल उठाते हुए, एक बच्चे ने सीधे 'सिस्टम' से प्रश्न पूछा है। यह बच्चा जानना चाहता है कि क्या कचरा उठाने वाले बच्चों को शिक्षा पाने का अधिकार नहीं है और उनका जीवन यापन किस प्रकार होता है। यह मार्मिक सवाल सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।1
- पूरे देश में आग सुरक्षा को लेकर एक गंभीर स्थिति बनी हुई है, जहाँ प्रशासन को किसी इमारत में आग लगने के बाद ही यह याद आता है कि उस भवन के पास आवश्यक NOC (अनापत्ति प्रमाण पत्र) नहीं था। यह दर्शाता है कि सुरक्षा और नियमों के पालन के मामले में, हर जगह सब कुछ 'भगवान भरोसे' ही चल रहा है, और समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाते हैं।1
- भागलपुर को अपनी कर्मभूमि मानने वाले पूर्व जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी का तबादला होने के बाद, उनकी विदाई का पल बेहद भावुक कर देने वाला रहा। नए पदस्थापन के लिए रवाना होते समय लोगों का प्यार, सम्मान और आत्मीयता देखकर उनकी आंखें नम हो गईं, और वे फूट-फूट कर रो पड़े। डॉ. चौधरी के कार्यकाल में जनता से बने गहरे रिश्ते की यह झलक देख वहां मौजूद अन्य लोग भी भावुक हो उठे। प्रशासनिक जिम्मेदारियों से आगे बढ़कर जनता के दिलों में जगह बनाने वाले डॉ. नवल किशोर चौधरी की यह विदाई भागलपुर के लिए एक यादगार पल बन गई।2
- इंदौर के युवा नेता राहुल निहोरे ने 'कॉकरोज पार्टी' के संस्थापक अभिजीत दीपके पर गंभीर आरोप लगाए हैं, कहते हुए कि सिर्फ शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की बात करना बड़े-बड़े शिक्षा माफियाओं को बचाने का प्रयास है। निहोरे ने दावा किया कि यह युवाओं को गुमराह करने की एक सुनियोजित साजिश है, जिसमें दीपके को अमेरिका से 'यूथ आइकॉन' के तौर पर पेश किया जा रहा है। निहोरे ने इस 'साजिश' की तुलना अन्ना हजारे आंदोलन से की, जिसमें पहले अन्ना हजारे को महात्मा गांधी का रूप देकर पेश किया गया, जिससे भाजपा केंद्र में आ गई। उन्होंने आरोप लगाया कि मनमोहन सिंह के प्रधानमंत्री रहते कांग्रेस सरकार को बदनाम करने के लिए झूठे एजेंडे फैलाए गए और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए, जिसके बाद अन्ना हजारे को 'मास्टर स्ट्रोक' के तहत लॉन्च किया गया। निहोरे के अनुसार, इस आंदोलन के पीछे संघ का कैंपेन मैनेजमेंट, पेड न्यूज और एक प्रॉपर प्रोपेगेंडा काम कर रहा था, जिसका परिणाम कांग्रेस सरकार का जाना और भाजपा का सत्ता में आना रहा, जबकि आंदोलनकारी नेता बाद में राज्यपाल, नेता या राज्यसभा सदस्य बन गए और अन्ना हजारे स्वयं गहरी नींद में चले गए, लोकपाल बिल या अन्य मुद्दों पर चुप्पी साध ली। इसी पैटर्न पर, निहोरे ने कहा, अब अमेरिका से अभिजीत दीपके को सोशल मीडिया पर एक एजेंडा चलाने के लिए लाया गया है, जिसमें छात्र और युवा वर्ग को निशाना बनाया गया है। उन्होंने दिल्ली पुलिस पर भी सवाल उठाए, जो राष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ियों या राष्ट्रीय पार्टियों को प्रदर्शन की अनुमति नहीं देती, लेकिन 'कॉकरोज पार्टी' के लिए 1000 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात करती है और मीडिया प्रबंधन के जरिए अभिजीत को 'यूथ आइकॉन' के रूप में दिखाया जाता है। निहोरे ने अभिजीत दीपके से पूछा कि क्या उन्होंने पहले कभी डॉ. भीमराव अंबेडकर की तस्वीर लेकर घूमे हैं, 'जय भीम' बोला है, या दलित अत्याचारों पर कोई बयान दिया है, और अगर किया है तो उसे साबित करने की चुनौती दी। निहोरे ने देश के दलित, आदिवासी और युवाओं से अपील की है कि वे भाजपा और संघ के ऐसे षड्यंत्रों को गहराई से समझें, जिनका उद्देश्य कांग्रेस से वोट दूर करके नई पार्टियों में डालना है, ताकि भाजपा सरकार बना सके। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर इन साजिशों को नहीं समझा गया, तो ये लोग हमारी भावनाओं का फायदा उठाते रहेंगे। निहोरे ने 'कॉकरोज पार्टी' पर सवाल उठाया कि उन्होंने उस न्यायाधीश के बारे में एक शब्द भी क्यों नहीं कहा जिसने युवाओं को 'कॉकरोज' कहा, प्रधानमंत्री का इस्तीफा क्यों नहीं मांगा और बच्चियों के बलात्कारियों पर क्यों नहीं बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि एक एजेंडे के तहत केवल शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की बात करके पूरे शिक्षा माफिया सिस्टम को बचाने की कोशिश की जा रही है। निहोरे ने जोर देकर कहा कि सिर्फ एक मंत्री के इस्तीफे से शिक्षा का व्यापार नहीं रुकेगा; इसके लिए पूरे सिस्टम में भ्रष्टाचारियों को कानूनन सजा देनी होगी। उन्होंने बाबा साहेब अंबेडकर और ज्योतिबा फुले के मिशन को आगे बढ़ाने और शिक्षा के राष्ट्रीयकरण के लिए संघर्ष करने की अपील की, ताकि देश में समान और निशुल्क शिक्षा मिलने तक देश की दशा न बदले।1
- भागलपुर में नए जिलाधिकारी (DM) ने अपना पदभार ग्रहण कर लिया है। पद संभालते ही वह तुरंत सक्रिय हो गई हैं और एक्शन मोड में नजर आ रही हैं। अब यह देखना होगा कि उनके इस त्वरित एक्शन का जनता को क्या और कितना फायदा मिल पाता है।1
- उत्तर प्रदेश के लखनऊ के अलीगंज में एक कोचिंग में आग लगने की घटना के बाद घटनास्थल पर जबरदस्त बैरिकेडिंग कर दी गई है। इस अग्निकांड के मद्देनजर पत्रकारों को भी कोचिंग से लगभग 150 मीटर की दूरी पर रोक दिया गया है, और किसी भी तरह के सवालों के जवाब देने से हर कोई बच रहा है। यह घटना एक तीन मंजिला बिल्डिंग में हुई थी, और अभी भी चारों तरफ एम्बुलेंस खड़ी हुई हैं।1
- सोमवार को शिवनारायणपुर थाना क्षेत्र के शिवनारायणपुर चौक के पास स्थित योगेश भवन के बेसमेंट में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे बेसमेंट में रखी फल और सब्जियां पूरी तरह जलकर राख हो गईं। आग लगने की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीण मौके पर पहुंचे और फोरलेन निर्माण कार्य में लगे टैंकर तथा मोटर की सहायता से आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सका। इसके बाद दमकल विभाग को सूचना दी गई, जिसके उपरांत दमकल की एक बड़ी गाड़ी घटनास्थल पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पाया गया। इस घटना में बेसमेंट में रखे सामान को भारी नुकसान हुआ है। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और हालात का जायजा लिया। शिवनारायणपुर थानाध्यक्ष ने बताया कि आग लगने के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल सका है। मामले में अब तक कोई आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है, और आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।1