सुलतानपुर मे लंदन प्रदर्शनी या खतरे का मैदान? सुरक्षा मानकों की अनदेखी, महंगे टिकट और बिजली व्यवस्था पर गंभीर सवाल"* *पाँच साल से कम उम्र के बच्चों से भी 40 रूपये का महंगा टिकट, असुरक्षित बिजली और गंदगी के बीच चल रही प्रदर्शनी! *सुलतानपुर मे लंदन प्रदर्शनी या खतरे का मैदान? सुरक्षा मानकों की अनदेखी, महंगे टिकट और बिजली व्यवस्था पर गंभीर सवाल"* *पाँच साल से कम उम्र के बच्चों से भी 40 रूपये का महंगा टिकट, असुरक्षित बिजली और गंदगी के बीच चल रही प्रदर्शनी!* सुलतानपुर (जे पी टी ) सुल्तानपुर के नगर क्षेत्र में संचालित एक प्रदर्शनी अब लोगों के मनोरंजन से ज्यादा गंभीर सवालों के घेरे में है। मौके पर सामने आए हालात कई विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहे हैं। आरोप है कि प्रदर्शनी में सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए बिजली की अस्थायी 'कटिया' के सहारे संचालन किया जा रहा है, जबकि बरसात के मौसम में यही लापरवाही कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। स्थानीय लोगों का दावा है कि पूरे परिसर में कहीं भी स्पष्ट रूप से विद्युत मीटर, स्वीकृत विद्युत भार (लोड) या वैध अस्थायी बिजली कनेक्शन का विवरण दिखाई नहीं देता। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर यह प्रदर्शनी किस अनुमति और किस विद्युत व्यवस्था के तहत संचालित हो रही है। यदि विद्युत सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया गया है, तो हजारों लोगों, विशेषकर बच्चों की जान जोखिम में पड़ सकती है। आरोप यह भी हैं कि प्रदर्शनी में प्रवेश के लिए प्रति व्यक्ति 40 रुपये तक टिकट वसूला जा रहा है और तीन वर्ष तक के बच्चों से भी पूरा टिकट लिया जा रहा है। वहीं इलेक्ट्रिक झूलों का शुल्क 80 से 100 रुपये या उससे अधिक लिया जा रहा है। उपभोक्ताओं का कहना है कि अधिकांश टिकटों पर जीएसटी का स्पष्ट विवरण या विधिवत बिल उपलब्ध नहीं कराया जा रहा, जिससे कर नियमों के पालन पर भी सवाल उठ रहे हैं। यदि यह सही पाया जाता है, तो मामला कर विभाग की जांच का विषय बन सकता है। प्रदर्शनी मे विधुत की लक दक से सजे हुए बड़े बड़े खतरनाक झूले असुरक्षित रूप से चलाये जा रहे है बरसात के मौसम मे भी लोहे के खम्बे लगा कर कटे पिटे हुए बिजली के तारो से विधुत सप्लाई की जा रही है,किसी भी शुल्क टिकट पर कही भी जी एस टी नहीं अंकित है,प्रदर्शनी परिसर में साफ-सफाई की स्थिति पर भी लोगों ने नाराजगी जताई है। जगह-जगह फैली गंदगी और अव्यवस्था के बीच बड़ी संख्या में परिवार और छोटे बच्चे पहुंच रहे हैं। लोगों का कहना है कि जब सुरक्षा और स्वच्छता दोनों ही सवालों के घेरे में हैं, तब संबंधित विभागों की निगरानी आखिर कहां है।अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या इस प्रदर्शनी का विद्युत सुरक्षा निरीक्षण हुआ? क्या अग्निशमन विभाग की अनापत्ति (एनओसी) ली गई? क्या नगर निकाय की सभी शर्तों का पालन किया गया? क्या झूलों का तकनीकी परीक्षण हुआ? क्या टिकट और शुल्क वसूली में कर संबंधी नियमों का पालन हो रहा है? स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन, विद्युत सुरक्षा विभाग, अग्निशमन विभाग, नगर निकाय, वाणिज्य कर (जीएसटी) विभाग और श्रम विभाग से संयुक्त जांच कराकर पूरे मामले का खुलासा करने तथा अनियमितता पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। (किशन पाठक )
सुलतानपुर मे लंदन प्रदर्शनी या खतरे का मैदान? सुरक्षा मानकों की अनदेखी, महंगे टिकट और बिजली व्यवस्था पर गंभीर सवाल"* *पाँच साल से कम उम्र के बच्चों से भी 40 रूपये का महंगा टिकट, असुरक्षित बिजली और गंदगी के बीच चल रही प्रदर्शनी! *सुलतानपुर मे लंदन प्रदर्शनी या खतरे का मैदान? सुरक्षा मानकों की अनदेखी, महंगे टिकट और बिजली व्यवस्था पर गंभीर सवाल"* *पाँच साल से कम उम्र के बच्चों से भी 40 रूपये का महंगा टिकट, असुरक्षित बिजली और गंदगी के बीच चल रही प्रदर्शनी!* सुलतानपुर (जे पी टी ) सुल्तानपुर के नगर क्षेत्र में संचालित एक प्रदर्शनी अब लोगों के मनोरंजन से ज्यादा गंभीर सवालों के घेरे में है। मौके पर सामने आए हालात कई विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहे हैं। आरोप है कि प्रदर्शनी में सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए बिजली की अस्थायी 'कटिया' के सहारे संचालन किया जा रहा है, जबकि बरसात के मौसम में यही लापरवाही कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। स्थानीय लोगों का दावा है कि पूरे परिसर में कहीं भी स्पष्ट रूप से विद्युत मीटर, स्वीकृत विद्युत भार (लोड) या वैध अस्थायी बिजली कनेक्शन का विवरण दिखाई नहीं देता। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर यह प्रदर्शनी किस अनुमति और किस विद्युत व्यवस्था के तहत संचालित हो रही है। यदि विद्युत सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया गया है, तो हजारों लोगों, विशेषकर बच्चों की जान जोखिम में पड़ सकती है। आरोप यह भी हैं कि प्रदर्शनी में प्रवेश के लिए प्रति व्यक्ति 40 रुपये तक टिकट वसूला जा रहा है और तीन वर्ष तक के बच्चों से भी पूरा टिकट लिया जा रहा है। वहीं इलेक्ट्रिक झूलों का शुल्क 80 से 100 रुपये या उससे अधिक लिया जा रहा है। उपभोक्ताओं का कहना है कि अधिकांश टिकटों पर जीएसटी का स्पष्ट विवरण या विधिवत बिल उपलब्ध नहीं कराया जा रहा, जिससे कर नियमों के पालन पर भी सवाल उठ रहे हैं। यदि यह सही पाया जाता है, तो मामला कर विभाग की जांच का विषय बन सकता है। प्रदर्शनी मे विधुत की लक दक से सजे हुए बड़े बड़े खतरनाक झूले असुरक्षित रूप से चलाये जा रहे है बरसात के मौसम मे भी लोहे के खम्बे लगा कर कटे पिटे हुए बिजली के तारो से विधुत सप्लाई की जा रही है,किसी भी शुल्क टिकट पर कही भी जी एस टी नहीं अंकित है,प्रदर्शनी परिसर में साफ-सफाई की स्थिति पर भी लोगों ने नाराजगी जताई है। जगह-जगह फैली गंदगी और अव्यवस्था के बीच बड़ी संख्या में परिवार और छोटे बच्चे पहुंच रहे हैं। लोगों का कहना है कि जब सुरक्षा और स्वच्छता दोनों ही सवालों के घेरे में हैं, तब संबंधित विभागों की निगरानी आखिर कहां है।अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या इस प्रदर्शनी का विद्युत सुरक्षा निरीक्षण हुआ? क्या अग्निशमन विभाग की अनापत्ति (एनओसी) ली गई? क्या नगर निकाय की सभी शर्तों का पालन किया गया? क्या झूलों का तकनीकी परीक्षण हुआ? क्या टिकट और शुल्क वसूली में कर संबंधी नियमों का पालन हो रहा है? स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन, विद्युत सुरक्षा विभाग, अग्निशमन विभाग, नगर निकाय, वाणिज्य कर (जीएसटी) विभाग और श्रम विभाग से संयुक्त जांच कराकर पूरे मामले का खुलासा करने तथा अनियमितता पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। (किशन पाठक )
- नरोत्तम मिश्रा के आंसुओं में बह गया दतिया* दतिया से भाजपा प्रत्यासी आशुतोष तिवारी की हार के बाद नरोत्तम मिश्रा का नामांकन वाले दिन का रुंधे गले से कार्यकर्ताओ को संबोधित करते हुए *🏵️नरोत्तम मिश्रा के आंसुओं में बह गया दतिया* दतिया से भाजपा प्रत्यासी आशुतोष तिवारी की हार के बाद नरोत्तम मिश्रा का नामांकन वाले दिन का रुंधे गले से कार्यकर्ताओ को संबोधित करते हुए और रोते हुए वीडियो एक बार फिर से वायरल है। नरोत्तम मिश्रा के आंसू,जिस दिन गिरे भाजपा उसी दिन यह सीट हार चुकी थी,उनके समर्थकों को भाजपा अंत तक नही मना पायी।1
- सुलतानपुर मे लंदन प्रदर्शनी या खतरे का मैदान? सुरक्षा मानकों की अनदेखी, महंगे टिकट और बिजली व्यवस्था पर गंभीर सवाल"* *पाँच साल से कम उम्र के बच्चों से भी 40 रूपये का महंगा टिकट, असुरक्षित बिजली और गंदगी के बीच चल रही प्रदर्शनी! *सुलतानपुर मे लंदन प्रदर्शनी या खतरे का मैदान? सुरक्षा मानकों की अनदेखी, महंगे टिकट और बिजली व्यवस्था पर गंभीर सवाल"* *पाँच साल से कम उम्र के बच्चों से भी 40 रूपये का महंगा टिकट, असुरक्षित बिजली और गंदगी के बीच चल रही प्रदर्शनी!* सुलतानपुर (जे पी टी ) सुल्तानपुर के नगर क्षेत्र में संचालित एक प्रदर्शनी अब लोगों के मनोरंजन से ज्यादा गंभीर सवालों के घेरे में है। मौके पर सामने आए हालात कई विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहे हैं। आरोप है कि प्रदर्शनी में सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए बिजली की अस्थायी 'कटिया' के सहारे संचालन किया जा रहा है, जबकि बरसात के मौसम में यही लापरवाही कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। स्थानीय लोगों का दावा है कि पूरे परिसर में कहीं भी स्पष्ट रूप से विद्युत मीटर, स्वीकृत विद्युत भार (लोड) या वैध अस्थायी बिजली कनेक्शन का विवरण दिखाई नहीं देता। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर यह प्रदर्शनी किस अनुमति और किस विद्युत व्यवस्था के तहत संचालित हो रही है। यदि विद्युत सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया गया है, तो हजारों लोगों, विशेषकर बच्चों की जान जोखिम में पड़ सकती है। आरोप यह भी हैं कि प्रदर्शनी में प्रवेश के लिए प्रति व्यक्ति 40 रुपये तक टिकट वसूला जा रहा है और तीन वर्ष तक के बच्चों से भी पूरा टिकट लिया जा रहा है। वहीं इलेक्ट्रिक झूलों का शुल्क 80 से 100 रुपये या उससे अधिक लिया जा रहा है। उपभोक्ताओं का कहना है कि अधिकांश टिकटों पर जीएसटी का स्पष्ट विवरण या विधिवत बिल उपलब्ध नहीं कराया जा रहा, जिससे कर नियमों के पालन पर भी सवाल उठ रहे हैं। यदि यह सही पाया जाता है, तो मामला कर विभाग की जांच का विषय बन सकता है। प्रदर्शनी मे विधुत की लक दक से सजे हुए बड़े बड़े खतरनाक झूले असुरक्षित रूप से चलाये जा रहे है बरसात के मौसम मे भी लोहे के खम्बे लगा कर कटे पिटे हुए बिजली के तारो से विधुत सप्लाई की जा रही है,किसी भी शुल्क टिकट पर कही भी जी एस टी नहीं अंकित है,प्रदर्शनी परिसर में साफ-सफाई की स्थिति पर भी लोगों ने नाराजगी जताई है। जगह-जगह फैली गंदगी और अव्यवस्था के बीच बड़ी संख्या में परिवार और छोटे बच्चे पहुंच रहे हैं। लोगों का कहना है कि जब सुरक्षा और स्वच्छता दोनों ही सवालों के घेरे में हैं, तब संबंधित विभागों की निगरानी आखिर कहां है।अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या इस प्रदर्शनी का विद्युत सुरक्षा निरीक्षण हुआ? क्या अग्निशमन विभाग की अनापत्ति (एनओसी) ली गई? क्या नगर निकाय की सभी शर्तों का पालन किया गया? क्या झूलों का तकनीकी परीक्षण हुआ? क्या टिकट और शुल्क वसूली में कर संबंधी नियमों का पालन हो रहा है? स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन, विद्युत सुरक्षा विभाग, अग्निशमन विभाग, नगर निकाय, वाणिज्य कर (जीएसटी) विभाग और श्रम विभाग से संयुक्त जांच कराकर पूरे मामले का खुलासा करने तथा अनियमितता पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। (किशन पाठक )1
- दुबग्गा में दिनदहाड़े बाइक चोरी, राजधानी में बढ़ती वारदातों पर उठे सवाल* 🚨 *लखनऊ पश्चिमी जोन* *दुबग्गा में दिनदहाड़े बाइक चोरी, राजधानी में बढ़ती वारदातों पर उठे सवाल* _राजधानी लखनऊ के थाना दुबग्गा क्षेत्र में अस्पताल के सामने से दिनदहाड़े एक बाइक चोरी होने की घटना सामने आई है पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई लेकिन आरोपी अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।_ _राजधानी के अलग-अलग थाना क्षेत्रों से भी लगातार बाइक चोरी की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे वाहन स्वामियों में चिंता बढ़ गई है।_ _सवाल यह भी उठ रहे हैं कि जब लखनऊ के सभी जोनों में अपराध नियंत्रण के लिए विशेष टीमें गठित हैं, तब भी वाहन चोरों पर प्रभावी अंकुश क्यों नहीं लग पा रहा है।_ *स्थानीय लोगों ने लखनऊ पुलिस कमिश्नर से बढ़ती बाइक चोरी की घटनाओं का संज्ञान लेकर वाहन चोर गिरोह के खिलाफ विशेष अभियान चलाने की मांग की है।* *समीर नक़वी* ✍️1
- PM मोदी का Facebook Video क्यों हटा? Meta पर भड़की सरकार, IT समिति ने मांगा जवाब! फेसबुक की पैरेंट कंपनी Meta एक बड़े विवाद में घिर गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वह फेसबुक वीडियो, जिसमें उन्होंने पेपर लीक और युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करने वाले कानून पर बात की थी, प्लेटफॉर्म से हट गया। बाद में Meta ने वीडियो को बहाल करते हुए इसे "तकनीकी गलती" बताया। इस घटना के बाद भारत सरकार और संसद की आईटी समिति ने Meta से जवाब मांगा है। आखिर यह तकनीकी गलती थी या कुछ और? जानिए इस पूरे विवाद की पूरी कहानी इस वीडियो में। वीडियो पसंद आए तो Like, Share और UPNews 9 को Subscribe करना न भूलें। #Meta #Facebook #PMModi #NarendraModi #MarkZuckerberg #PaperLeak #ITCommittee #IndiaNews #BreakingNews #UPNews91
- वायरल वीडियो में पुलिसकर्मी की इंसानियत की चर्चा, लोगों ने कहा— ऐसे जवानों पर गर्व सोशल मीडिया पर एक पुलिसकर्मी का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर लोग उनकी संवेदनशीलता और व्यवहार की सराहना कर रहे हैं। हालांकि, वीडियो की जगह, समय और उससे जुड़े दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।1
- नरही के भालू खाना में चल रही पनीर फैक्ट्री पर FSDA की छापेमारी लखनऊ नरही के भालू खाना में चल रही पनीर फैक्ट्री पर FSDA की छापेमारी। मानकों के विपरीत बन रहा था पनीर, फैक्ट्री में गंदगी और अव्यवस्था मिली। FSDA ने पहले भी इस फैक्ट्री को सील किया था। सीलिंग के बावजूद चोरी-छिपे चलाई जा रही थी अवैध फैक्ट्री।2
- श्रीगंगानगर में जलभराव के बीच भिड़े लोग, वायरल वीडियो ने खड़े किए सवाल राजस्थान के श्रीगंगानगर के मीरा चौक से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। दावा किया जा रहा है कि जलभराव के बीच रास्ता निकालने को लेकर शुरू हुई कहासुनी ने मारपीट का रूप ले लिया। वीडियो में दोनों पक्षों के बीच हाथापाई होती दिखाई दे रही है। हालांकि, वायरल वीडियो और उससे जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।1