सुल्तानपुर के लम्भुआ कोतवाली क्षेत्र के हरिहरपुर गांव में एक महिला को खलिहान पर हुए अवैध कब्जे की शिकायत करना भारी पड़ गया है। शिकायतकर्ता गुड़िया और उसके परिवार के साथ विपक्षियों ने जमकर मारपीट की, जिसमें तीन लोग घायल हो गए। मारपीट का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। गुड़िया पत्नी बलराम ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि उन्होंने खलिहान पर अवैध कब्जे संबंधी शिकायत 12 जून को उपजिलाधिकारी को, 18 जून को लम्भुआ कोतवाली में और फिर 20 जून 2026 को आयोजित तहसील समाधान दिवस में भी दी थी। शिकायतकर्ता ने आशंका व्यक्त की थी कि कार्रवाई न होने पर विपक्षी उनके परिवार के साथ कोई भी घटना कर सकते हैं। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि 20 जून को शाम करीब 7 बजे गांव के कई लोगों ने उनके घर पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इस हमले में तीन लोग घायल हो गए, जिन्हें 112 पर सूचना देने के बाद एंबुलेंस से लम्भुआ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। पीड़ित पक्ष ने पुलिस से आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
सुल्तानपुर के लम्भुआ कोतवाली क्षेत्र के हरिहरपुर गांव में एक महिला को खलिहान पर हुए अवैध कब्जे की शिकायत करना भारी पड़ गया है। शिकायतकर्ता गुड़िया और उसके परिवार के साथ विपक्षियों ने जमकर मारपीट की, जिसमें तीन लोग घायल हो गए। मारपीट का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। गुड़िया पत्नी बलराम ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि उन्होंने खलिहान पर अवैध कब्जे संबंधी शिकायत 12 जून को उपजिलाधिकारी को, 18 जून को लम्भुआ कोतवाली में और फिर 20 जून 2026 को आयोजित तहसील समाधान दिवस में भी दी थी। शिकायतकर्ता ने आशंका व्यक्त की थी कि कार्रवाई न होने पर विपक्षी उनके परिवार के साथ कोई भी घटना कर सकते हैं। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि 20 जून को शाम करीब 7 बजे गांव के कई लोगों ने उनके घर पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इस हमले में तीन लोग घायल हो गए, जिन्हें 112 पर सूचना देने के बाद एंबुलेंस से लम्भुआ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। पीड़ित पक्ष ने पुलिस से आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
- उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था के बड़े-बड़े दावों के बावजूद, जमीनी हकीकत बेहद खौफनाक है, जिसका ताजा मामला सुल्तानपुर जनपद के थाना चांदा क्षेत्र से सामने आया है। यहाँ एक रसूखदार ग्राम प्रधान और उसके भाइयों की दबंगई के आगे स्थानीय पुलिस पूरी तरह घुटने टेक चुकी है, जिसके कारण एक असहाय ब्राह्मण परिवार पर घर में घुसकर जानलेवा हमला किया गया और बेटियों से छेड़खानी हुई, लेकिन पुलिस राजनीतिक रसूख के चलते पीड़ितों की एफआईआर तक दर्ज नहीं कर रही है। पीड़िता पुष्पा शुक्ला पत्नी हेमन्त कुमार शुक्ला ने इस संबंध में पुलिस अधीक्षक को रोते हुए प्रार्थना पत्र सौंपा है। यह पूरा मामला थाना चांदा के ग्राम फरमापुर (पो० कोइरीपुर) का है, जहाँ पीड़िता पुष्पा शुक्ला के अनुसार, गांव के वर्तमान प्रधान हृदयनारायण सिंह उर्फ पप्पू सिंह और उनके भाई सर्वेश सिंह ने उनके परिवार का जीना मुहाल कर रखा है। एक मामूली विवाद के बाद प्रधान के भाई सर्वेश सिंह ने पीड़िता के घर आकर गाली-गलौज की और उनके नाती को जान से मारने की धमकी दी। जब पीड़िता इसकी शिकायत करने थाने पहुँची, तो पुलिस ने सुरक्षा देने के बजाय उन्हें वापस भेज दिया। इसके बाद दबंगों ने पीड़िता को फोन पर "थाने क्यों गई थी?" कहकर धमकी दी। शाम करीब 5 बजे, आरोपी सर्वेश सिंह और प्रधान हृदयनारायण सिंह उर्फ पप्पू सिंह अपने साथ 4-5 अज्ञात गुंडों को लेकर पीड़िता के घर में घुस गए। वहाँ मौजूद लड़की के साथ सरेआम छेड़खानी की गई, और जब पीड़िता के दो मासूम नातियों ने अपनी मां की इज्जत बचाने की कोशिश की, तो दबंगों ने उन पर लाठी-डंडों और हाथ में लिए चाकू से जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में एक नाती को गंभीर चोटें आईं और दबंगों ने पूरे परिवार को उनके ही घर से बाहर खदेड़ दिया। पीड़िता पुष्पा शुक्ला ने अपने प्रार्थना पत्र में यह भी बताया है कि आरोपी सर्वेश सिंह एक शातिर और आपराधिक प्रवृत्ति का व्यक्ति है, जिसके खिलाफ थाने में पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं। वहीं, प्रधान भी 203 में जेल जा चुके हैं। इसके बावजूद, चांदा थाना पुलिस इस अपराधी और दबंग प्रधान के आगे नतमस्तक बनी हुई है। आज यह गरीब और असहाय ब्राह्मण परिवार अपने ही घर से बेघर होकर इंसाफ के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहा है। पीड़ित परिवार ने अब सुल्तानपुर के पुलिस अधीक्षक से दोषियों के खिलाफ सख्त धाराओं में एफआईआर दर्ज करने और उनकी गिरफ्तारी की गुहार लगाई है। अब बड़ा सवाल यह है कि क्या सुल्तानपुर पुलिस इन दबंगों पर शिकंजा कसेगी या फिर सत्ता और रसूख के दबाव में इस असहाय परिवार को न्याय से वंचित रखा जाएगा।1
- सुल्तानपुर जिले के जयसिंहपुर तहसील क्षेत्र में स्थित सेमरीबाजार गायत्री मंदिर पर विश्व योग दिवस के अवसर पर एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। मंडल अध्यक्ष रोहित पांडेय के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में योग गुरु लल्लन सोनकर ने उपस्थित जनसमूह को योग कराया और इसके विभिन्न स्वास्थ्य लाभों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की। योग गुरु ने बताया कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह मानसिक शांति और स्वस्थ जीवन जीने की एक महत्वपूर्ण कला है। कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य अतिथियों और स्थानीय गणमान्य नागरिकों ने भी योग के महत्व पर अपने विचार साझा किए। जगदम्बा प्रसाद सिंह, मंडल अध्यक्ष रोहित पांडेय, निवर्तमान मंडल अध्यक्ष अखिलेश सिंह, गुलाब अग्रहरि, वृजेश जयसवाल, महामंत्री वृजेश श्रीवास्तव और दीप नरायन दूबे जैसे प्रमुख सहयोगियों व सहभागियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई और लोगों को दैनिक जीवन में योग अपनाने का संकल्प दिलाया। सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने योग गुरु के निर्देशों का पालन करते हुए सामूहिक रूप से विभिन्न योगासन जैसे प्राणायाम, सूर्य नमस्कार और कपालभाति का अभ्यास किया। वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि व्यस्त दिनचर्या में से खुद के लिए समय निकालकर योग करना आज के समय में अत्यंत आवश्यक है। योग शिविर के समापन पर, सभी आगंतुकों का आभार व्यक्त किया गया और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का सफल समापन हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और प्रबुद्ध जन उपस्थित रहे, जिससे कार्यक्रम की सफलता और योग के प्रति जागरूकता का संदेश फैला।1
- बेंगलुरु के कब्बनपेट इलाके में मोबाइल झपटमारी की एक सनसनीखेज वारदात के दौरान एक मजदूर 'फिल्मी हीरो' बनकर सामने आया। स्कूटर पर सवार होकर भाग रहे दो बदमाशों को देखकर मजदूर ने उन पर एक भारी बोरी फेंक दी, जिससे चोरों का संतुलन बिगड़ गया। इस जोरदार झटके के बाद भागने की कोशिश कर रहे 18 वर्षीय संदिग्ध जुनैद को दिल का दौरा पड़ा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, जुनैद पहले से ही दिल की बीमारी से पीड़ित था। वहीं, वारदात के बाद भाग रहे उसके 23 वर्षीय साथी अरबाज़ को पुलिस ने धर दबोचा।1
- अमेठी के नवीन पुलिस लाइन गौरीगंज परिसर में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। इस वर्ष के कार्यक्रम का विषय "Yoga for Healthy Ageing (स्वस्थ आयु के लिए योग)" रहा, जिसका उद्देश्य योग के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। इस शिविर में उत्तर प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने माँ शारदा के चित्र पर माल्यार्पण, दीप प्रज्ज्वलन और फीता काटकर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी अमेठी, पुलिस अधीक्षक सरवणन टी., अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेन्द्र कुमार सिंह सहित अन्य जनपदीय अधिकारी, कर्मचारी, छात्र-छात्राएँ और बड़ी संख्या में आम नागरिक मौजूद थे। योग प्रशिक्षक ने उपस्थित सभी लोगों को कपालभाति, अनुलोम-विलोम, भ्रामरी प्राणायाम, मेडिटेशन के साथ-साथ ताड़ासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, भद्रासन, वज्रासन, शशकासन और अर्ध चक्रासन जैसे विभिन्न योगासन कराए। प्रशिक्षक ने इस बात पर जोर दिया कि योग केवल एक व्यायाम नहीं, बल्कि शरीर, मन और समाज के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने वाली एक जीवनशैली है, जो तनाव प्रबंधन और मानसिक सशक्तिकरण का प्रभावी माध्यम भी है। अपने संबोधन में राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह ने सभी प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और नागरिकों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का अभिन्न अंग बनाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास से ही एक स्वस्थ व्यक्ति, स्वस्थ परिवार और स्वस्थ समाज का निर्माण संभव हो सकता है। इस अवसर पर राज्यमंत्री ने "योग पुस्तिका" का विमोचन भी किया। कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ हुआ, जहाँ राज्यमंत्री, जनप्रतिनिधियों, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन परिसर में वृक्षारोपण किया। पूरे आयोजन के दौरान "सेवा, संस्कार, सुशासन एवं सम्मान" के मूलभाव को आत्मसात करते हुए योग के माध्यम से स्वस्थ जीवन और जन जागरूकता का संदेश दिया गया।4
- रविवार को 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर अमेठी के नवीन पुलिस लाइन गौरीगंज परिसर में एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। इस वर्ष की थीम "Yoga for Healthy Ageing (स्वस्थ आयु के लिए योग)" रही। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य योग को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का संदेश देना था। इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने माँ शारदा के चित्र पर माल्यार्पण, दीप प्रज्ज्वलन और फीता काटकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान जिलाधिकारी अमेठी, पुलिस अधीक्षक सरवणन टी., अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेन्द्र कुमार सिंह सहित अन्य जनपदीय अधिकारी, कर्मचारी, छात्र-छात्राएं और बड़ी संख्या में आम नागरिक मौजूद थे। योग प्रशिक्षक ने उपस्थित सभी लोगों को कपालभाति, अनुलोम-विलोम, भ्रामरी प्राणायाम, मेडिटेशन के साथ-साथ ताड़ासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, भद्रासन, वज्रासन, शशकासन और अर्ध चक्रासन जैसे विभिन्न योगासन कराए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि योग केवल एक व्यायाम नहीं, बल्कि एक ऐसी जीवनशैली है जो शरीर, मन और समाज के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करती है, और यह तनाव प्रबंधन तथा मानसिक सशक्तिकरण का एक प्रभावी माध्यम भी है। अपने संबोधन में राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह ने सभी प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और नागरिकों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का अभिन्न अंग बनाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास से एक स्वस्थ व्यक्ति, स्वस्थ परिवार और एक स्वस्थ समाज का निर्माण संभव है। इस अवसर पर राज्यमंत्री ने "योग पुस्तिका" का विमोचन भी किया। कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ हुआ, जहाँ राज्यमंत्री, जनप्रतिनिधियों, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन परिसर में वृक्षारोपण किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान "सेवा, संस्कार, सुशासन एवं सम्मान" के मूलभाव को आत्मसात करते हुए योग के माध्यम से स्वस्थ जीवन और जनजागरूकता का संदेश दिया गया।4
- अमेठी जिले के संग्रामपुर ब्लॉक स्थित ठेंगहा ग्राम पंचायत में एक बड़े घोटाले का आरोप सामने आया है। ग्रामीणों का दावा है कि एक इंटरलॉकिंग सड़क के निर्माण के नाम पर ₹3.22 लाख से अधिक का भुगतान कर दिया गया है, लेकिन यह सड़क मौके पर कहीं भी नजर नहीं आ रही है। "मेरी पंचायत" पोर्टल पर इस भुगतान को दर्ज दिखाया गया है, मगर धरातल पर निर्माण कार्य का कोई स्पष्ट प्रमाण नहीं मिला है। इस गंभीर अनियमितता को लेकर ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से निष्पक्ष जांच कराने और इस मामले में दोषी पाए जाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि आखिर जब सड़क का निर्माण हुआ ही नहीं, तो उसका भुगतान कैसे कर दिया गया।1
- अमेठी में 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर संग्रामपुर मंडल क्षेत्र के सभी बूथों और शक्ति केंद्रों पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) कार्यकर्ताओं ने सामूहिक योगाभ्यास और स्वच्छता अभियान का आयोजन किया। इसी कड़ी में कसारा शक्ति केंद्र के बेलखरी बूथ पर मंडल अध्यक्ष राजेश शुक्ल के नेतृत्व में एक योग शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में आसपास के भाजपा पदाधिकारियों के साथ-साथ कंपोजिट विद्यालय बेलखरी के अध्यापकों एवं विद्यार्थियों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। उपस्थित शिक्षकों में डॉ. प्रेम कुमारी मिश्रा, दुर्गा शंकर शुक्ल, आशुतोष मिश्रा, पवन सोनी, विवेक मिश्रा और रिचा पांडेय प्रमुख थे। मंडल अध्यक्ष के साथ उपाध्यक्ष संभूनाथ, संयोजक विवेकानंद, बूथ अध्यक्ष विपिन तथा शुभम, बृजेश शुक्ल सहित बूथ समिति, पन्ना प्रमुख और अनेक गणमान्य नागरिकों ने इस योग शिविर को सफल बनाया। कार्यक्रम में अमित दुबे, रमेश पांडेय, रमेश शुक्ल, वाचस्पति, विनोद वकील, पिंटू, प्रवेश, रवि, विकास यादव, विजय यादव, उमेश और राहुल सहित बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी सहभागिता दर्ज कराई। इसी तरह, अन्य शक्ति केंद्रों पर भी योग दिवस के कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें वरिष्ठ भाजपा नेता सदाशिव पांडेय, गुलाब, उमेश तिवारी, चंद्रकेश यादव, आलोक, कन्हैयालाल पांडेय, रामचंद्र मिश्र, वकील विभव, वकील कमलेश तिवारी, अतुल, सोनू, गोकुलेश, मोनू, गब्बर और विपिन शुक्ल सहित कई अन्य लोगों ने हिस्सा लिया। मीडिया से बातचीत में मंडल अध्यक्ष राजेश शुक्ल ने जोर देकर कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है, और नियमित योगाभ्यास से व्यक्ति शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ रहता है। इसके अतिरिक्त, सरयूदेवी इंटर कॉलेज अमेठी में प्रधानाचार्य अरविंद पांडेय संजय सोनी के नेतृत्व में योग दिवस मनाया गया, जहाँ रंगारंग कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया। अमेठी और संग्रामपुर में मनाए गए इस योग दिवस के कार्यक्रम भाजपा ब्लॉक अध्यक्ष राजेश शुक्ला और प्रधानाचार्य संजय सोनी के नेतृत्व में संपन्न हुए।3
- सुल्तानपुर के लम्भुआ कोतवाली क्षेत्र के हरिहरपुर गांव में एक महिला को खलिहान पर हुए अवैध कब्जे की शिकायत करना भारी पड़ गया है। शिकायतकर्ता गुड़िया और उसके परिवार के साथ विपक्षियों ने जमकर मारपीट की, जिसमें तीन लोग घायल हो गए। मारपीट का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। गुड़िया पत्नी बलराम ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि उन्होंने खलिहान पर अवैध कब्जे संबंधी शिकायत 12 जून को उपजिलाधिकारी को, 18 जून को लम्भुआ कोतवाली में और फिर 20 जून 2026 को आयोजित तहसील समाधान दिवस में भी दी थी। शिकायतकर्ता ने आशंका व्यक्त की थी कि कार्रवाई न होने पर विपक्षी उनके परिवार के साथ कोई भी घटना कर सकते हैं। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि 20 जून को शाम करीब 7 बजे गांव के कई लोगों ने उनके घर पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इस हमले में तीन लोग घायल हो गए, जिन्हें 112 पर सूचना देने के बाद एंबुलेंस से लम्भुआ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। पीड़ित पक्ष ने पुलिस से आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।1