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हजारीबाग-छड़वा NH-522 पर मौत का गड्ढा! स्कूल वाहनों से राहगीरों तक बढ़ी मुश्किल

13 hrs ago
user_Mohan Guru
Mohan Guru
हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
13 hrs ago

हजारीबाग-छड़वा NH-522 पर मौत का गड्ढा! स्कूल वाहनों से राहगीरों तक बढ़ी मुश्किल

More news from Hazaribagh and nearby areas
  • अपनी मांगों को लेकर सड़क पर उतरे बैंक कर्मी... कहा अगर नहीं मानी गई मांगे तो अगले महीने करेंगे अनिश्चितकालीन हड़ताल... #Hbnews24 #CMBihar #giridih_jharkhand #shortsvideos #JharkhandNews #international #ndtvnews #LocalNews #jamshedpur
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    अपनी मांगों को लेकर सड़क पर उतरे बैंक कर्मी...
 कहा अगर नहीं मानी गई मांगे तो अगले महीने करेंगे अनिश्चितकालीन हड़ताल...

#Hbnews24 #CMBihar #giridih_jharkhand #shortsvideos #JharkhandNews #international #ndtvnews #LocalNews #jamshedpur
    user_Shashikant
    Shashikant
    Court reporter Hazaribag, Hazaribagh•
    1 hr ago
  • बड़ी खबर | आजादी के 79 साल बाद भी पुल का इंतजार, मरीजों को चारपाई के सहारे नदी पार कराने की मजबूरी आजादी के 79 साल बाद भी पुल का इंतजार, मरीजों को चारपाई के सहारे नदी पार कराने की मजबूरी
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    बड़ी खबर | आजादी के 79 साल बाद भी पुल का इंतजार, मरीजों को चारपाई के सहारे नदी पार कराने की मजबूरी
आजादी के 79 साल बाद भी पुल का इंतजार, मरीजों को चारपाई के सहारे नदी पार कराने की मजबूरी
    user_झारखण्ड न्यूज हजारीबाग
    झारखण्ड न्यूज हजारीबाग
    हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
    5 hrs ago
  • हजारीबाग-छड़वा NH-522 पर मौत का गड्ढा! स्कूल वाहनों से राहगीरों तक बढ़ी मुश्किल
    1
    हजारीबाग-छड़वा NH-522 पर मौत का गड्ढा! स्कूल वाहनों से राहगीरों तक बढ़ी मुश्किल
    user_Mohan Guru
    Mohan Guru
    हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
    13 hrs ago
  • दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को झामुमो ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि, उनके संघर्ष और जनसेवा को किया याद सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है: संजीव बेदिया हजारीबाग | झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) हजारीबाग जिला समिति द्वारा गुरुवार को हीराबाग चौक स्थित पार्टी कार्यालय में झारखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री एवं झामुमो के कद्दावर नेता रहे दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने की, जबकि संचालन जिला सचिव नीलकंठ महतो ने किया। इस दौरान उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू एक जुझारू, कर्मठ और जनसमस्याओं के प्रति संवेदनशील जनप्रतिनिधि थे। संगठन को मजबूत करने तथा आम जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनका जाना पार्टी के लिए एक बड़ा शून्य छोड़ गया है। जिला सचिव नीलकंठ महतो ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में हमेशा गरीब, मजदूर, किसान और वंचित तबकों की आवाज बुलंद की। वे एक ऐसे नेता थे जिन्होंने संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने का प्रयास किया। उनका संघर्ष और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा। झामुमो के केंद्रीय सदस्य सह युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष गौरव पटेल ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने बेहद साधारण पृष्ठभूमि से निकलकर अपने संघर्ष, मेहनत और जनसेवा के बल पर राजनीति में विशिष्ट पहचान बनाई थी। उन्होंने कहा कि वे झामुमो की विचारधारा और आंदोलनकारी परंपरा के सच्चे सिपाही थे। झारखंड, विशेषकर गिरिडीह क्षेत्र के विकास के लिए उनका योगदान सदैव याद किया जाएगा। अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष यासीन खान ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू सभी वर्गों और समुदायों के बीच समान रूप से लोकप्रिय थे। उन्होंने कभी जाति, धर्म या क्षेत्र के आधार पर राजनीति नहीं की, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचाने का प्रयास किया। उनका निधन राज्य की जनता के लिए भी बड़ी क्षति है। सभा में उपस्थित नेताओं ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में संगठन को मजबूत करने, युवाओं को राजनीति से जोड़ने तथा झारखंड के विकास के लिए निरंतर कार्य किया। उनकी सादगी, कार्यशैली और जनसरोकारों के प्रति प्रतिबद्धता उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान दिलाती थी। वक्ताओं ने उनके अधूरे सपनों और जनहित के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प भी लिया। कार्यक्रम में केंद्रीय सदस्य इजहार अंसारी, जिला प्रवक्ता कुणाल यादव, सतीश नारायण दास,जिला उपाध्यक्ष दीपक राय, मो अख्तर,लखीराम मांझी, सत्येंद्र मेहता, अब्दुल्ला खान, राजदेव यादव, दयानंद मेहता, रामा सोनी, राजीव वर्मा, संजय सिंह, राजेश मेहता, देवानंद कुमार,नाजीर अहमद, कुदुस अंसारी, बिनेश पासवान, महताब अंसारी, नवीन प्रकाश, यासीन अंसारी, निसार अहमद,राजकुमार राम, सूलेंद्र बांडो, चंद्रिका रजक, राजेश बेदिया, राजेश यादव, बबलू चंद्रवंशी,पिंटू कुमार, विजय सिन्हा, चंदन सिंह,सुनील कुमार, साजन मेहता, मो कौशर, कैशर जमाल, सुनीता देवी, श्वेता दूबे, प्यारी देवी, साज़मा खातून, रेखा देवी, नाजनी खातून, भावना देवी, रेखा देवी, रविंद्र कुशवाहा, समशाद अंसारी, नंदू वीर राम, रंजीत कुमार, नवीन राम,वासुदेव राम, रामचंद्र राम, कुलदीप राम, बीरबल मेहता, गुलाब मेहता समेत सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने एक स्वर में दिवंगत नेता के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए उनके परिवार के प्रति शोक संवेदना प्रकट की।
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    दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को झामुमो ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि, उनके संघर्ष और जनसेवा को किया याद
सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है: संजीव बेदिया
हजारीबाग | झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) हजारीबाग जिला समिति द्वारा गुरुवार को हीराबाग चौक स्थित पार्टी कार्यालय में झारखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री एवं झामुमो के कद्दावर नेता रहे दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने की, जबकि संचालन जिला सचिव नीलकंठ महतो ने किया। इस दौरान उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए।
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू एक जुझारू, कर्मठ और जनसमस्याओं के प्रति संवेदनशील जनप्रतिनिधि थे। संगठन को मजबूत करने तथा आम जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनका जाना पार्टी के लिए एक बड़ा शून्य छोड़ गया है।
जिला सचिव नीलकंठ महतो ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में हमेशा गरीब, मजदूर, किसान और वंचित तबकों की आवाज बुलंद की। वे एक ऐसे नेता थे जिन्होंने संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने का प्रयास किया। उनका संघर्ष और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा।
झामुमो के केंद्रीय सदस्य सह युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष गौरव पटेल ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने बेहद साधारण पृष्ठभूमि से निकलकर अपने संघर्ष, मेहनत और जनसेवा के बल पर राजनीति में विशिष्ट पहचान बनाई थी। उन्होंने कहा कि वे झामुमो की विचारधारा और आंदोलनकारी परंपरा के सच्चे सिपाही थे। झारखंड, विशेषकर गिरिडीह क्षेत्र के विकास के लिए उनका योगदान सदैव याद किया जाएगा।
अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष यासीन खान ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू सभी वर्गों और समुदायों के बीच समान रूप से लोकप्रिय थे। उन्होंने कभी जाति, धर्म या क्षेत्र के आधार पर राजनीति नहीं की, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचाने का प्रयास किया। उनका निधन राज्य की जनता के लिए भी बड़ी क्षति है।
सभा में उपस्थित नेताओं ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में संगठन को मजबूत करने, युवाओं को राजनीति से जोड़ने तथा झारखंड के विकास के लिए निरंतर कार्य किया। उनकी सादगी, कार्यशैली और जनसरोकारों के प्रति प्रतिबद्धता उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान दिलाती थी। वक्ताओं ने उनके अधूरे सपनों और जनहित के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प भी लिया।
कार्यक्रम में केंद्रीय सदस्य इजहार अंसारी, जिला प्रवक्ता कुणाल यादव, सतीश नारायण दास,जिला उपाध्यक्ष दीपक राय, मो अख्तर,लखीराम मांझी, सत्येंद्र मेहता, अब्दुल्ला खान, राजदेव यादव, दयानंद मेहता, रामा सोनी, राजीव वर्मा, संजय सिंह, राजेश मेहता, देवानंद कुमार,नाजीर अहमद, कुदुस अंसारी, बिनेश पासवान, महताब अंसारी, नवीन प्रकाश, यासीन अंसारी, निसार अहमद,राजकुमार राम, सूलेंद्र बांडो, चंद्रिका रजक, राजेश बेदिया, राजेश यादव, बबलू चंद्रवंशी,पिंटू कुमार, विजय सिन्हा, चंदन सिंह,सुनील कुमार, साजन मेहता, मो कौशर, कैशर जमाल, सुनीता देवी, श्वेता दूबे, प्यारी देवी, साज़मा खातून, रेखा देवी, नाजनी खातून, भावना देवी, रेखा देवी, रविंद्र कुशवाहा, समशाद अंसारी, नंदू वीर राम, रंजीत कुमार, नवीन राम,वासुदेव राम, रामचंद्र राम, कुलदीप राम, बीरबल मेहता, गुलाब मेहता  समेत सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने एक स्वर में दिवंगत नेता के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए उनके परिवार के प्रति शोक संवेदना प्रकट की।
    user_Kashif Adib
    Kashif Adib
    Local News Reporter हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
    17 hrs ago
  • दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को झामुमो ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि, उनके संघर्ष और जनसेवा को किया याद --- सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है: संजीव बेदिया --- हजारीबाग : झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) हजारीबाग जिला समिति द्वारा गुरुवार को हीराबाग चौक स्थित पार्टी कार्यालय में झारखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री एवं झामुमो के कद्दावर नेता रहे दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने की, जबकि संचालन जिला सचिव नीलकंठ महतो ने किया। इस दौरान उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू एक जुझारू, कर्मठ और जनसमस्याओं के प्रति संवेदनशील जनप्रतिनिधि थे। संगठन को मजबूत करने तथा आम जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनका जाना पार्टी के लिए एक बड़ा शून्य छोड़ गया है। जिला सचिव नीलकंठ महतो ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में हमेशा गरीब, मजदूर, किसान और वंचित तबकों की आवाज बुलंद की। वे एक ऐसे नेता थे जिन्होंने संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने का प्रयास किया। उनका संघर्ष और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा। झामुमो के केंद्रीय सदस्य सह युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष गौरव पटेल ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने बेहद साधारण पृष्ठभूमि से निकलकर अपने संघर्ष, मेहनत और जनसेवा के बल पर राजनीति में विशिष्ट पहचान बनाई थी। उन्होंने कहा कि वे झामुमो की विचारधारा और आंदोलनकारी परंपरा के सच्चे सिपाही थे। झारखंड, विशेषकर गिरिडीह क्षेत्र के विकास के लिए उनका योगदान सदैव याद किया जाएगा। अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष यासीन खान ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू सभी वर्गों और समुदायों के बीच समान रूप से लोकप्रिय थे। उन्होंने कभी जाति, धर्म या क्षेत्र के आधार पर राजनीति नहीं की, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचाने का प्रयास किया। उनका निधन राज्य की जनता के लिए भी बड़ी क्षति है। सभा में उपस्थित नेताओं ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में संगठन को मजबूत करने, युवाओं को राजनीति से जोड़ने तथा झारखंड के विकास के लिए निरंतर कार्य किया। उनकी सादगी, कार्यशैली और जनसरोकारों के प्रति प्रतिबद्धता उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान दिलाती थी। वक्ताओं ने उनके अधूरे सपनों और जनहित के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प भी लिया। कार्यक्रम में केंद्रीय सदस्य इजहार अंसारी, जिला प्रवक्ता कुणाल यादव, सतीश नारायण दास,जिला उपाध्यक्ष दीपक राय, मो अख्तर,लखीराम मांझी, सत्येंद्र मेहता, अब्दुल्ला खान, राजदेव यादव, दयानंद मेहता, रामा सोनी, राजीव वर्मा, संजय सिंह, राजेश मेहता, देवानंद कुमार,नाजीर अहमद, कुदुस अंसारी, बिनेश पासवान, महताब अंसारी, नवीन प्रकाश, यासीन अंसारी, निसार अहमद,राजकुमार राम, सूलेंद्र बांडो, चंद्रिका रजक, राजेश बेदिया, राजेश यादव, बबलू चंद्रवंशी,पिंटू कुमार, विजय सिन्हा, चंदन सिंह,सुनील कुमार, साजन मेहता, मो कौशर, कैशर जमाल, सुनीता देवी, श्वेता दूबे, प्यारी देवी, साज़मा खातून, रेखा देवी, नाजनी खातून, भावना देवी, रेखा देवी, रविंद्र कुशवाहा, समशाद अंसारी, नंदू वीर राम, रंजीत कुमार, नवीन राम,वासुदेव राम, रामचंद्र राम, कुलदीप राम, बीरबल मेहता, गुलाब मेहता समेत सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने एक स्वर में दिवंगत नेता के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए उनके परिवार के प्रति शोक संवेदना प्रकट की।
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    दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को झामुमो ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि, उनके संघर्ष और जनसेवा को किया याद
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सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है: संजीव बेदिया
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हजारीबाग : झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) हजारीबाग जिला समिति द्वारा गुरुवार को हीराबाग चौक स्थित पार्टी कार्यालय में झारखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री एवं झामुमो के कद्दावर नेता रहे दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने की, जबकि संचालन जिला सचिव नीलकंठ महतो ने किया। इस दौरान उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए।
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और झामुमो परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू एक जुझारू, कर्मठ और जनसमस्याओं के प्रति संवेदनशील जनप्रतिनिधि थे। संगठन को मजबूत करने तथा आम जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनका जाना पार्टी के लिए एक बड़ा शून्य छोड़ गया है।
जिला सचिव नीलकंठ महतो ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में हमेशा गरीब, मजदूर, किसान और वंचित तबकों की आवाज बुलंद की। वे एक ऐसे नेता थे जिन्होंने संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने का प्रयास किया। उनका संघर्ष और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा।
झामुमो के केंद्रीय सदस्य सह युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष गौरव पटेल ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने बेहद साधारण पृष्ठभूमि से निकलकर अपने संघर्ष, मेहनत और जनसेवा के बल पर राजनीति में विशिष्ट पहचान बनाई थी। उन्होंने कहा कि वे झामुमो की विचारधारा और आंदोलनकारी परंपरा के सच्चे सिपाही थे। झारखंड, विशेषकर गिरिडीह क्षेत्र के विकास के लिए उनका योगदान सदैव याद किया जाएगा।
अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष यासीन खान ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू सभी वर्गों और समुदायों के बीच समान रूप से लोकप्रिय थे। उन्होंने कभी जाति, धर्म या क्षेत्र के आधार पर राजनीति नहीं की, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचाने का प्रयास किया। उनका निधन राज्य की जनता के लिए भी बड़ी क्षति है।
सभा में उपस्थित नेताओं ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने अपने राजनीतिक जीवन में संगठन को मजबूत करने, युवाओं को राजनीति से जोड़ने तथा झारखंड के विकास के लिए निरंतर कार्य किया। उनकी सादगी, कार्यशैली और जनसरोकारों के प्रति प्रतिबद्धता उन्हें अन्य नेताओं से अलग पहचान दिलाती थी। वक्ताओं ने उनके अधूरे सपनों और जनहित के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प भी लिया।
कार्यक्रम में केंद्रीय सदस्य इजहार अंसारी, जिला प्रवक्ता कुणाल यादव, सतीश नारायण दास,जिला उपाध्यक्ष दीपक राय, मो अख्तर,लखीराम मांझी, सत्येंद्र मेहता, अब्दुल्ला खान, राजदेव यादव, दयानंद मेहता, रामा सोनी, राजीव वर्मा, संजय सिंह, राजेश मेहता, देवानंद कुमार,नाजीर अहमद, कुदुस अंसारी, बिनेश पासवान, महताब अंसारी, नवीन प्रकाश, यासीन अंसारी, निसार अहमद,राजकुमार राम, सूलेंद्र बांडो, चंद्रिका रजक, राजेश बेदिया, राजेश यादव, बबलू चंद्रवंशी,पिंटू कुमार, विजय सिन्हा, चंदन सिंह,सुनील कुमार, साजन मेहता, मो कौशर, कैशर जमाल, सुनीता देवी, श्वेता दूबे, प्यारी देवी, साज़मा खातून, रेखा देवी, नाजनी खातून, भावना देवी, रेखा देवी, रविंद्र कुशवाहा, समशाद अंसारी, नंदू वीर राम, रंजीत कुमार, नवीन राम,वासुदेव राम, रामचंद्र राम, कुलदीप राम, बीरबल मेहता, गुलाब मेहता  समेत सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने एक स्वर में दिवंगत नेता के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए उनके परिवार के प्रति शोक संवेदना प्रकट की।
    user_Ejaj Alam
    Ejaj Alam
    Press हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
    18 hrs ago
  • मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर 16 सितंबर से हड़ताल पर जाएंगी आजीविका ऑल कैडर की दीदियां दारू // आजीविका ऑल कैडर की दीदियों ने मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर 16 सितंबर से हड़ताल पर जाने की घोषणा की है। इस संबंध में गुरुवार को कैडर की दीदियों ने प्रखंड मुख्यालय पहुंचकर बीपीएम कार्यालय में अपना मांगपत्र सौंपा। इस दौरान महिलाओं ने प्रखंड मुख्यालय परिसर में अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की। कैडर की दीदियों ने कहा कि वे वर्ष 2016 से आजीविका के क्षेत्र में काम कर रही हैं। इसके बावजूद वर्तमान में उन्हें मात्र 1500 रुपये प्रतिमाह मानदेय मिल रहा है। उनका कहना है कि इतने कम मानदेय में लगातार काम करना उनके लिए मुश्किल हो रहा है। लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग की जा रही है, लेकिन अपेक्षित पहल नहीं होने के कारण अब आंदोलन का निर्णय लिया गया है। मांगपत्र सौंपने के दौरान बीपीएम ने महिलाओं की मांगों को जायज बताते हुए कहा कि उनका आवेदन जिला स्तर पर डीपीएम हजारीबाग को अग्रसारित कर दिया जाएगा। महिलाओं ने कहा कि जब तक मानदेय में वृद्धि नहीं होती है, तब तक वे 16 सितंबर से हड़ताल पर रहेंगी। इस दौरान कैडर की दीदियों ने प्रखंड मुख्यालय में जमकर नारे लगाए। उन्होंने "हमारी मांगें पूरी करो" और "हमारा मानदेय बढ़ाओ" जैसे नारे लगाकर अपनी मांगों के प्रति सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया। महिलाओं ने कहा कि फिलहाल उन्होंने अपनी मांगों को लेकर प्रखंड मुख्यालय में आवाज उठाई है। यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को जिला और इसके बाद प्रदेश स्तर तक ले जाया जाएगा। उन्होंने कहा कि वे अपनी मांगों को लेकर चरणबद्ध तरीके से आंदोलन जारी रखेंगी। कैडर की दीदियों ने सरकार और संबंधित विभाग से उनके मानदेय में सम्मानजनक वृद्धि करने की मांग की है। उनका कहना है कि वर्षों से जिम्मेदारी निभाने के बावजूद कम मानदेय मिलना उनके लिए बड़ी समस्या है। अब वे अपनी मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने के निर्णय पर कायम हैं।
    1
    मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर 16 सितंबर से हड़ताल पर जाएंगी आजीविका ऑल कैडर की दीदियां
 दारू // आजीविका ऑल कैडर की दीदियों ने मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर 16 सितंबर से हड़ताल पर जाने की घोषणा की है। इस संबंध में गुरुवार को कैडर की दीदियों ने प्रखंड मुख्यालय पहुंचकर बीपीएम कार्यालय में अपना मांगपत्र सौंपा। इस दौरान महिलाओं ने प्रखंड मुख्यालय परिसर में अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की।
कैडर की दीदियों ने कहा कि वे वर्ष 2016 से आजीविका के क्षेत्र में काम कर रही हैं। इसके बावजूद वर्तमान में उन्हें मात्र 1500 रुपये प्रतिमाह मानदेय मिल रहा है। उनका कहना है कि इतने कम मानदेय में लगातार काम करना उनके लिए मुश्किल हो रहा है। लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग की जा रही है, लेकिन अपेक्षित पहल नहीं होने के कारण अब आंदोलन का निर्णय लिया गया है।
मांगपत्र सौंपने के दौरान बीपीएम ने महिलाओं की मांगों को जायज बताते हुए कहा कि उनका आवेदन जिला स्तर पर डीपीएम हजारीबाग को अग्रसारित कर दिया जाएगा। महिलाओं ने कहा कि जब तक मानदेय में वृद्धि नहीं होती है, तब तक वे 16 सितंबर से हड़ताल पर रहेंगी।
इस दौरान कैडर की दीदियों ने प्रखंड मुख्यालय में जमकर नारे लगाए। उन्होंने "हमारी मांगें पूरी करो" और "हमारा मानदेय बढ़ाओ" जैसे नारे लगाकर अपनी मांगों के प्रति सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया।
महिलाओं ने कहा कि फिलहाल उन्होंने अपनी मांगों को लेकर प्रखंड मुख्यालय में आवाज उठाई है। यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को जिला और इसके बाद प्रदेश स्तर तक ले जाया जाएगा। उन्होंने कहा कि वे अपनी मांगों को लेकर चरणबद्ध तरीके से आंदोलन जारी रखेंगी।
कैडर की दीदियों ने सरकार और संबंधित विभाग से उनके मानदेय में सम्मानजनक वृद्धि करने की मांग की है। उनका कहना है कि वर्षों से जिम्मेदारी निभाने के बावजूद कम मानदेय मिलना उनके लिए बड़ी समस्या है। अब वे अपनी मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने के निर्णय पर कायम हैं।
    user_Roushan sinha
    Roushan sinha
    हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
    20 hrs ago
  • czczockcogococococofogozcchchvhclchchchclcgcgctkgcgcglg
    1
    czczockcogococococofogozcchchvhclchchchclcgcgctkgcgcglg
    user_Md Javed Ansari
    Md Javed Ansari
    बरही, हजारीबाग, झारखंड•
    19 min ago
  • अस्पताल में माइकिंग व्यवस्था पर उठे सवाल, सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने कहा जागरूकता जरूरी, लेकिन तेज आवाज से मरीजों और आसपास के लोगों को हो रही है परेशानी साउंड को धीमा कर बनाया जाय कर्णप्रिय, बदला जाय म्यूजिक ट्यून: रंजन चौधरी हजारीबाग के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में मरीजों और उनके परिजनों को बिचौलियों से सावधान करने सहित अन्य जरूरी सूचनाओं के प्रसारण के लिए शुरू की गई माइकिंग व्यवस्था को जनहित में सकारात्मक पहल माना जा रहा है। हालांकि अस्पताल परिसर से होने वाले उद्घोषण की तेज आवाज को लेकर आसपास के लोगों की परेशानी भी सामने आने लगी है। लोगों का कहना है कि जागरूकता के लिए शुरू की गई व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए, जिससे आमजन की सुविधा और शांति प्रभावित न हो। हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के सांसद सेवा केंद्र में पिछले कई दिनों से इस संबंध में लगातार शिकायतें पहुंच रही थीं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार अस्पताल से होने वाला उद्घोषण मेन रोड, गुरु गोविंद सिंह रोड, ओकनी और न्यू एरिया तक काफी तेज आवाज में सुनाई दे रहा है। इससे विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों, बीमार लोगों और आसपास रहने वाले नागरिकों को काफी असुविधा हो रही है। हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने बताया कि वे फिलहाल खुद बेडरेस्ट पर हैं और न्यू एरिया की चौथी गली में रहते हैं। उनके अनुसार अस्पताल की माइकिंग की आवाज घर के अंदर तक काफी सुनाई देती है और कान में वही कर्कश आवाज गूंजती है। उन्होंने कहा कि कई बार ऐसा महसूस होता है जैसे घर के आसपास ही कोई रेलवे स्टेशन हो। *पहले भी प्रशासन को कराया था अवगत* सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने बताया कि इस समस्या को लेकर पहले भी क्षेत्र वासियों से मिली मौखिक शिकायतों के आधार पर उन्होंने जिला प्रशासन की ओर से अस्पताल की माइकिंग व्यवस्था से जुड़े लोगों को अवगत कराया था। उन्होंने अनुरोध किया था कि उद्घोषणा की आवाज अस्पताल परिसर तक सीमित रखी जाए और तेज एवं कर्कश म्यूजिक टोन के स्थान पर अपेक्षाकृत कर्णप्रिय मधुर ध्वनि का इस्तेमाल किया जाए। उनके मुताबिक अनुरोध के बाद कुछ दिनों तक माइक की आवाज कम की भी गई थी। साथ ही म्यूजिक टोन को भी अधिक सौम्य करने का आश्वासन दिया गया था। हालांकि कुछ समय बाद फिर से आवाज तेज कर दी गई और म्यूजिक टोन में भी अपेक्षित बदलाव नहीं किया गया। *आवाज कम करने और टोन बदलने की मांग* सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने जिला प्रशासन और अस्पताल प्रबंधन से तत्काल माइकिंग की आवाज कम करने तथा म्यूजिक टोन को बदलने की मांग की है। उनका कहना है कि अस्पताल में जागरूकता संबंधी सूचनाओं का प्रसारण जरूरी है। लेकिन इसका स्वरूप ऐसा होना चाहिए कि मरीजों, उनके परिजनों और आसपास के रहने वाले नागरिकों को अनावश्यक परेशानी न हो। रंजन चौधरी ने कहा कि जनहित में संतुलित व्यवस्था ही सर्वोत्तम व्यवस्था है। अस्पताल की माइकिंग का उद्देश्य लोगों को जागरूक करना है, इसलिए इसकी आवाज और समय-सीमा का निर्धारण भी जनसुविधा को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए। इससे एक ओर जरूरी सूचनाएं लोगों तक पहुंचेंगी, वहीं दूसरी ओर आसपास के लोगों की शांति और स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर नहीं पड़ेगा।
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    अस्पताल में माइकिंग व्यवस्था पर उठे सवाल, सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने कहा जागरूकता जरूरी, लेकिन तेज आवाज से मरीजों और आसपास के लोगों को हो रही है परेशानी
साउंड को धीमा कर बनाया जाय कर्णप्रिय, बदला जाय म्यूजिक ट्यून: रंजन चौधरी
हजारीबाग के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में मरीजों और उनके परिजनों को बिचौलियों से सावधान करने सहित अन्य जरूरी सूचनाओं के प्रसारण के लिए शुरू की गई माइकिंग व्यवस्था को जनहित में सकारात्मक पहल माना जा रहा है। हालांकि अस्पताल परिसर से होने वाले उद्घोषण की तेज आवाज को लेकर आसपास के लोगों की परेशानी भी सामने आने लगी है। लोगों का कहना है कि जागरूकता के लिए शुरू की गई व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए, जिससे आमजन की सुविधा और शांति प्रभावित न हो।
हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के सांसद सेवा केंद्र में पिछले कई दिनों से इस संबंध में लगातार शिकायतें पहुंच रही थीं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार अस्पताल से होने वाला उद्घोषण मेन रोड, गुरु गोविंद सिंह रोड, ओकनी और न्यू एरिया तक काफी तेज आवाज में सुनाई दे रहा है। इससे विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों, बीमार लोगों और आसपास रहने वाले नागरिकों को काफी असुविधा हो रही है।
हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने बताया कि वे फिलहाल खुद बेडरेस्ट पर हैं और न्यू एरिया की चौथी गली में रहते हैं। उनके अनुसार अस्पताल की माइकिंग की आवाज घर के अंदर तक काफी सुनाई देती है और कान में वही कर्कश आवाज गूंजती है। उन्होंने कहा कि कई बार ऐसा महसूस होता है जैसे घर के आसपास ही कोई रेलवे स्टेशन हो।
*पहले भी प्रशासन को कराया था अवगत*
सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने बताया कि इस समस्या को लेकर पहले भी क्षेत्र वासियों से मिली मौखिक शिकायतों के आधार पर उन्होंने जिला प्रशासन की ओर से अस्पताल की माइकिंग व्यवस्था से जुड़े लोगों को अवगत कराया था। उन्होंने अनुरोध किया था कि उद्घोषणा की आवाज अस्पताल परिसर तक सीमित रखी जाए और तेज एवं कर्कश म्यूजिक टोन के स्थान पर अपेक्षाकृत कर्णप्रिय मधुर ध्वनि का इस्तेमाल किया जाए।
उनके मुताबिक अनुरोध के बाद कुछ दिनों तक माइक की आवाज कम की भी गई थी। साथ ही म्यूजिक टोन को भी अधिक सौम्य करने का आश्वासन दिया गया था। हालांकि कुछ समय बाद फिर से आवाज तेज कर दी गई और म्यूजिक टोन में भी अपेक्षित बदलाव नहीं किया गया।
*आवाज कम करने और टोन बदलने की मांग*
सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने जिला प्रशासन और अस्पताल प्रबंधन से तत्काल माइकिंग की आवाज कम करने तथा म्यूजिक टोन को बदलने की मांग की है। उनका कहना है कि अस्पताल में जागरूकता संबंधी सूचनाओं का प्रसारण जरूरी है। लेकिन इसका स्वरूप ऐसा होना चाहिए कि मरीजों, उनके परिजनों और आसपास के रहने वाले नागरिकों को अनावश्यक परेशानी न हो।
रंजन चौधरी ने कहा कि जनहित में संतुलित व्यवस्था ही सर्वोत्तम व्यवस्था है। अस्पताल की माइकिंग का उद्देश्य लोगों को जागरूक करना है, इसलिए इसकी आवाज और समय-सीमा का निर्धारण भी जनसुविधा को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए। इससे एक ओर जरूरी सूचनाएं लोगों तक पहुंचेंगी, वहीं दूसरी ओर आसपास के लोगों की शांति और स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर नहीं पड़ेगा।
    user_Kashif Adib
    Kashif Adib
    Local News Reporter हजारीबाग, हजारीबाग, झारखंड•
    18 hrs ago
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