उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के आंवला में गुरुवार को ईद उल अजहा का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर ईदगाह मैदान समेत नगर की सभी मस्जिदों में ईद उल अजहा की नमाज अदा की गई। ईदगाह मैदान में सुबह 8:00 बजे नमाज अदा करवाई गई, जबकि नगर की अन्य मस्जिदों में भी सुबह के समय नमाज अदा की गई। इस दौरान इमाम दिलशाद कादरी ने अपनी तकरीर पेश करते हुए कहा कि इस्लाम इंसानियत का पैगाम देता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि मुसलमान अल्लाह की बंदगी और उसके बंदों की खिदमत करें तो वे कामयाब होंगे। इमाम कादरी ने बताया कि ईद उल अजहा का पर्व हमें त्याग का महत्वपूर्ण संदेश देता है। उन्होंने अल्लाह को खुश करने के लिए हजरत इब्राहीम द्वारा हजरत इस्माइल की कुर्बानी के लिए तैयार होने का उदाहरण प्रस्तुत किया, जिससे यह सीख मिलती है कि अल्लाह की रजा के लिए किसी भी अहम चीज का त्याग करने को हमेशा तैयार रहना चाहिए। पर्व के दौरान, नगर पालिका की ओर से ईदगाह गेट पर एक विशेष कैंप लगाया गया था, जहाँ नमाजियों के लिए पानी सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं।
उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के आंवला में गुरुवार को ईद उल अजहा का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर ईदगाह मैदान समेत नगर की सभी मस्जिदों में ईद उल अजहा की नमाज अदा की गई। ईदगाह मैदान में सुबह 8:00 बजे नमाज अदा करवाई गई, जबकि नगर की अन्य मस्जिदों में भी सुबह के समय नमाज अदा की गई। इस दौरान इमाम दिलशाद कादरी ने अपनी तकरीर पेश करते हुए कहा कि इस्लाम इंसानियत का पैगाम देता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि मुसलमान अल्लाह की बंदगी और उसके बंदों की खिदमत करें तो वे कामयाब होंगे। इमाम कादरी ने बताया कि ईद उल अजहा का पर्व हमें त्याग का महत्वपूर्ण संदेश देता है। उन्होंने अल्लाह को खुश करने के लिए हजरत इब्राहीम द्वारा हजरत इस्माइल की कुर्बानी के लिए तैयार होने का उदाहरण प्रस्तुत किया, जिससे यह सीख मिलती है कि अल्लाह की रजा के लिए किसी भी अहम चीज का त्याग करने को हमेशा तैयार रहना चाहिए। पर्व के दौरान, नगर पालिका की ओर से ईदगाह गेट पर एक विशेष कैंप लगाया गया था, जहाँ नमाजियों के लिए पानी सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं।
- उत्तर प्रदेश के बुदायूं जिले के उझानी कस्बे में ईद-उल-अज़हा की नमाज़ अत्यंत अदब और एहतराम के साथ अदा की गई। इस अवसर पर ईदगाहों और मस्जिदों में बड़ी संख्या में नमाज़ियों की भारी भीड़ एकत्र हुई, जहाँ मौलाना ने सभी लोगों को भाईचारे और इंसानियत का महत्वपूर्ण संदेश दिया। पूरे आयोजन के दौरान, पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को सुचारु रूप से कायम रखा।1
- मथुरा के हाईवे थाना क्षेत्र स्थित महोली गाँव में 84 कोस परिक्रमा के दौरान उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब भंडारा लगाने को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते यह विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों ओर से ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू हो गई, जो करीब आधे घंटे तक चली। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत फैल गई और परिक्रमा कर रहे श्रद्धालुओं में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भंडारे की जगह और उसकी व्यवस्था को लेकर शुरू हुआ यह विवाद अचानक हिंसक हो गया, और दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर जमकर फायरिंग की। घटना में दो लोगों को गोली लगने की सूचना है, जबकि कुल छह लोग घायल हुए हैं। घायलों को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुँचा और स्थिति को नियंत्रण में लिया। गाँव में व्याप्त तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस मामले की जाँच में जुटी हुई है और फायरिंग करने वाले आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। 84 कोस परिक्रमा जैसे धार्मिक आयोजन के दौरान हुई इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- बदायूं के बिल्सी स्थित महाराणा प्रताप राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में अब स्नातक स्तर पर बीएससी की कक्षाएं शुरू करने को मंजूरी मिल गई है। इस उपलब्धि का श्रेय क्षेत्रीय भाजपा विधायक हरीश शाक्य के अथक प्रयासों को दिया जा रहा है। इस फैसले के साथ ही, महाविद्यालय में पाँच असिस्टेंट प्रोफेसर और चार प्रयोगशाला सहायकों के नए पद भी सृजित किए गए हैं, जिनकी भर्ती लोक सेवा आयोग के माध्यम से की जाएगी। खास बात यह है कि विज्ञान वर्ग की पढ़ाई इसी शैक्षिक सत्र से शुरू हो जाएगी, जिससे क्षेत्र के हजारों छात्र-छात्राओं को सीधा लाभ मिलेगा। विधायक हरीश शाक्य ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उच्च शिक्षा मंत्री से मुलाकात कर इस संबंध में प्रस्ताव रखा था। उन्होंने शासन को बताया था कि विज्ञान की पढ़ाई के लिए बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं को दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है, जिससे उन्हें आर्थिक और सामाजिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। पूर्व में इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हो पाई थी, लेकिन विधायक ने वर्ष 2026 तक महाविद्यालय में बीएससी की कक्षाएं शुरू कराने का भरोसा दिलाया था। शासन ने भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जंतु विज्ञान, वनस्पति विज्ञान और गणित विषय के लिए असिस्टेंट प्रोफेसर के पद स्वीकृत किए हैं। उत्तर प्रदेश शासन के संयुक्त सचिव शकील अहमद सिद्दीकी ने निदेशक उच्च शिक्षा को भेजे गए पत्र में महाविद्यालय में बीएससी पाठ्यक्रम संचालन की अनुमति स्पष्ट कर दी है। इस खबर के मिलते ही बिल्सी और आसपास के क्षेत्रों के छात्र-छात्राओं और अभिभावकों में खुशी की लहर दौड़ गई, क्योंकि वे लंबे समय से राजकीय महाविद्यालय में विज्ञान वर्ग शुरू करने की मांग कर रहे थे। इस उपलब्धि पर बिल्सी की जनता जनार्दन ने नारायण ग्रीन हाउस में क्षेत्रीय विधायक हरीश शाक्य का भव्य स्वागत किया और उन्हें धन्यवाद दिया। विधायक हरीश शाक्य ने लोगों से सीधे संवाद करते हुए कहा कि वे विकास कार्यों को लेकर जो कहते हैं, उसे पूरा करते हैं। उनकी इस बात को सुनकर क्षेत्रीय लोगों ने उनकी सराहना की। विधायक ने दोहराया कि मुख्यमंत्री और उच्च शिक्षा मंत्री ने इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए मंजूरी प्रदान की है, जिससे क्षेत्र के विद्यार्थियों को बड़ा लाभ मिलेगा।2
- बदायूँ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने आगामी ईद-उल-अज़्हा पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने हेतु जनपद वासियों से अपील की है।1
- एक गांव में एक तेंदुआ घुस आया। इसके बाद ग्रामीणों ने तेंदुए को कच्ची शराब पिलाई, जिससे उसका होश और आवाज गुम हो गया और वह बेसुध हो गया।1
- Post by बीरेन्द्र जीत शर्मा1
- उत्तर प्रदेश के महराजगंज में पेट्रोल पंपों पर पुलिस द्वारा एक हैरान कर देने वाला अनाउंसमेंट कराया जा रहा है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घोषणा के अनुसार, अब किसी भी व्यक्ति को 5 लीटर से ज्यादा डीजल नहीं दिया जाएगा और डीजल लेने वालों का आधार कार्ड भी चेक किया जाएगा। इस अप्रत्याशित फैसले को लेकर लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर ऐसी नौबत क्यों आई और क्या यह निर्णय सुरक्षा कारणों से लिया गया है या प्रशासन की कोई विशेष कार्रवाई है। वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इस मामले को लेकर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं, जिसमें कोई इसे सख्ती बता रहा है, तो कोई इसे आम जनता के लिए परेशानी का सबब मान रहा है।1
- उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के आंवला में गुरुवार को ईद उल अजहा का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर ईदगाह मैदान समेत नगर की सभी मस्जिदों में ईद उल अजहा की नमाज अदा की गई। ईदगाह मैदान में सुबह 8:00 बजे नमाज अदा करवाई गई, जबकि नगर की अन्य मस्जिदों में भी सुबह के समय नमाज अदा की गई। इस दौरान इमाम दिलशाद कादरी ने अपनी तकरीर पेश करते हुए कहा कि इस्लाम इंसानियत का पैगाम देता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि मुसलमान अल्लाह की बंदगी और उसके बंदों की खिदमत करें तो वे कामयाब होंगे। इमाम कादरी ने बताया कि ईद उल अजहा का पर्व हमें त्याग का महत्वपूर्ण संदेश देता है। उन्होंने अल्लाह को खुश करने के लिए हजरत इब्राहीम द्वारा हजरत इस्माइल की कुर्बानी के लिए तैयार होने का उदाहरण प्रस्तुत किया, जिससे यह सीख मिलती है कि अल्लाह की रजा के लिए किसी भी अहम चीज का त्याग करने को हमेशा तैयार रहना चाहिए। पर्व के दौरान, नगर पालिका की ओर से ईदगाह गेट पर एक विशेष कैंप लगाया गया था, जहाँ नमाजियों के लिए पानी सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं।1