संतकबीरनगर जनपद की धनघटा पुलिस ने धोखाधड़ी और झपटमारी से जुड़े एक मामले में कार्रवाई करते हुए चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से झपटमारी से प्राप्त कुल 30,000 रुपये भी बरामद किए हैं। यह गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक श्री संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनघटा श्री अभयनाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत की गई। मामले का संक्षिप्त विवरण यह है कि दिनांक 04.07.2026 को वादी श्री कामता प्रसाद सिंह निवासी झड़ौदा कला, बाबा हरिदास नगर, बाहरी दिल्ली ने धनघटा थाने में प्रार्थना पत्र दिया था। उन्होंने बताया कि वह गरीब लड़के-लड़कियों की शादी करवाते हैं। इसी सिलसिले में उन्होंने अपने पूर्व परिचित आनंद उर्फ मुकेश पाल निवासी धमनौर, थाना ककरवई, जनपद झांसी से फोन पर बात कर लड़की के बारे में पूछा। आनंद उर्फ मुकेश ने अनामिका निषाद नामक लड़की की जानकारी दी और उसे देखने के लिए बुलाया। वादी दिनांक 02.07.2026 को उमरिया बाजार आकर आनंद उर्फ मुकेश से मिले, जहां मुकेश ने उन्हें लड़की अनामिका की बहन विमल से मिलवाया। इसके बाद आनंद उर्फ मुकेश उन्हें घर के अन्य लोगों से मिलवाने की बात कहकर सभी को रात्रि में औराडाड नदी के किनारे एक बंधे पर ले गए। वहां गगन यादव भी मिला। सभी लोग वादी से बात कर रहे थे, तभी अचानक सभी ने मिलकर उनके हाथ में रखे बैग से 30,000 रुपये झपट्टा मारकर छीन लिए और भाग गए। जब तक वादी कुछ समझ पाते, सभी वहां से फरार हो चुके थे। उन्होंने 112 पर सूचना दी और आरोपियों को ढूंढा, लेकिन न मिलने पर दिनांक 04.07.2026 को थाने में सूचना दर्ज कराई। इस प्रार्थना पत्र के आधार पर थाना धनघटा पर मु0अ0सं0 476/2026 धारा 318(4), 304(2) बीएनएस के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया था, जिसमें बाद में बरामदगी के आधार पर धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान आनंद उर्फ मुकेश पाल पुत्र श्री रामसनेही (निवासी धमनोड़, थाना ककरवई, जनपद झांसी), गगन यादव पुत्र स्व0 श्रीराम यादव (निवासी सिकरीगंज, थाना सिकरींगज, जनपद गोरखपुर), विमल पत्नी राजकुमार (निवासनी बहरामपुर दक्षिणी, थाना गीडा, जनपद गोरखपुर), और अनामिका निषाद पुत्री धर्मदेव निषाद (निवासनी सिहापार, थाना सहजनवा, जनपद गोरखपुर) के रूप में हुई है। पूछताछ में इन सभी ने बताया कि वे चारों मिलकर एक गिरोह बनाते हैं और शादी का झांसा देकर ग्राहकों को फंसाते हैं। वे घर दिखाने या शादी की बात करने के बहाने सुनसान रास्तों पर ले जाकर पैसे से भरा बैग झपट्टा मारकर छीन लेते हैं। अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि आनंद उर्फ मुकेश पाल उनका लीडर है, जो ग्राहक फंसाकर लाता है और फिर वे घटना को अंजाम देते हैं। वे आपस में काम के हिसाब से पैसे बांट लेते हैं और इसी से अपना तथा अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। इन सभी अभियुक्तों को कुल 30,000 रुपये की बरामदगी के साथ बेलहरघाट मंदिर के पास से गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया। गिरफ्तारी करने वाली संयुक्त टीम में प्रभारी निरीक्षक थाना धनघटा श्री दिलीप सिंह, एसओजी प्रभारी श्री रजनीश राय, उपनिरीक्षक श्री रवीन्द्र सिंह यादव, हेड कांस्टेबल बदरे आलम, कांस्टेबल रवि चौरसिया, महिला हेड कांस्टेबल इन्द्रावती, महिला कांस्टेबल प्रतिमा यादव, हेड कांस्टेबल अनूप राय, हेड कांस्टेबल विवेक राय, कांस्टेबल दीपक सिंह, कांस्टेबल सर्वेश मिश्रा, कांस्टेबल अभिषेक सिंह, कांस्टेबल शुभम सिंह और कांस्टेबल विवेक मिश्रा शामिल थे।
संतकबीरनगर जनपद की धनघटा पुलिस ने धोखाधड़ी और झपटमारी से जुड़े एक मामले में कार्रवाई करते हुए चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से झपटमारी से प्राप्त कुल 30,000 रुपये भी बरामद किए हैं। यह गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक श्री संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनघटा श्री अभयनाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत की गई। मामले का संक्षिप्त विवरण यह है कि दिनांक 04.07.2026 को वादी श्री कामता प्रसाद सिंह निवासी झड़ौदा कला, बाबा हरिदास नगर, बाहरी दिल्ली ने धनघटा थाने में प्रार्थना पत्र दिया था। उन्होंने बताया कि वह गरीब लड़के-लड़कियों की शादी करवाते हैं। इसी सिलसिले में उन्होंने अपने पूर्व परिचित आनंद उर्फ मुकेश पाल निवासी धमनौर, थाना ककरवई, जनपद झांसी से फोन पर बात कर लड़की के बारे में पूछा। आनंद उर्फ मुकेश ने अनामिका निषाद नामक लड़की की जानकारी दी और उसे देखने के लिए बुलाया। वादी दिनांक 02.07.2026 को उमरिया बाजार आकर आनंद उर्फ मुकेश से मिले, जहां मुकेश ने उन्हें लड़की अनामिका की बहन विमल से मिलवाया। इसके बाद आनंद उर्फ मुकेश उन्हें घर के अन्य लोगों से मिलवाने की बात कहकर सभी को रात्रि में औराडाड नदी के किनारे एक बंधे पर ले गए। वहां गगन यादव भी मिला। सभी लोग वादी से बात कर रहे थे, तभी अचानक सभी ने मिलकर उनके हाथ में रखे बैग से 30,000 रुपये झपट्टा मारकर छीन लिए और भाग गए। जब तक वादी कुछ समझ पाते, सभी वहां से फरार हो चुके थे। उन्होंने 112 पर सूचना दी और आरोपियों को ढूंढा, लेकिन न मिलने पर दिनांक 04.07.2026 को थाने में सूचना दर्ज कराई। इस प्रार्थना पत्र के आधार पर थाना धनघटा पर मु0अ0सं0 476/2026 धारा 318(4), 304(2) बीएनएस के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया था, जिसमें बाद में बरामदगी के आधार पर धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान आनंद उर्फ मुकेश पाल पुत्र श्री रामसनेही (निवासी धमनोड़, थाना ककरवई, जनपद झांसी), गगन यादव पुत्र स्व0 श्रीराम यादव (निवासी सिकरीगंज, थाना सिकरींगज, जनपद गोरखपुर), विमल पत्नी राजकुमार (निवासनी बहरामपुर दक्षिणी, थाना गीडा, जनपद गोरखपुर), और अनामिका निषाद पुत्री धर्मदेव निषाद (निवासनी सिहापार, थाना सहजनवा, जनपद गोरखपुर) के रूप में हुई है। पूछताछ में इन सभी ने बताया कि वे चारों मिलकर एक गिरोह बनाते हैं और शादी का झांसा देकर ग्राहकों को फंसाते हैं। वे घर दिखाने या शादी की बात करने के बहाने सुनसान रास्तों पर ले जाकर पैसे से भरा बैग झपट्टा मारकर छीन लेते हैं। अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि आनंद उर्फ मुकेश पाल उनका लीडर है, जो ग्राहक फंसाकर लाता है और फिर वे घटना को अंजाम देते हैं। वे आपस में काम के हिसाब से पैसे बांट लेते हैं और इसी से अपना तथा अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। इन सभी अभियुक्तों को कुल 30,000 रुपये की बरामदगी के साथ बेलहरघाट मंदिर के पास से गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया। गिरफ्तारी करने वाली संयुक्त टीम में प्रभारी निरीक्षक थाना धनघटा श्री दिलीप सिंह, एसओजी प्रभारी श्री रजनीश राय, उपनिरीक्षक श्री रवीन्द्र सिंह यादव, हेड कांस्टेबल बदरे आलम, कांस्टेबल रवि चौरसिया, महिला हेड कांस्टेबल इन्द्रावती, महिला कांस्टेबल प्रतिमा यादव, हेड कांस्टेबल अनूप राय, हेड कांस्टेबल विवेक राय, कांस्टेबल दीपक सिंह, कांस्टेबल सर्वेश मिश्रा, कांस्टेबल अभिषेक सिंह, कांस्टेबल शुभम सिंह और कांस्टेबल विवेक मिश्रा शामिल थे।
- संतकबीरनगर जनपद की धनघटा पुलिस ने धोखाधड़ी और झपटमारी से जुड़े एक मामले में कार्रवाई करते हुए चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से झपटमारी से प्राप्त कुल 30,000 रुपये भी बरामद किए हैं। यह गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक श्री संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनघटा श्री अभयनाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत की गई। मामले का संक्षिप्त विवरण यह है कि दिनांक 04.07.2026 को वादी श्री कामता प्रसाद सिंह निवासी झड़ौदा कला, बाबा हरिदास नगर, बाहरी दिल्ली ने धनघटा थाने में प्रार्थना पत्र दिया था। उन्होंने बताया कि वह गरीब लड़के-लड़कियों की शादी करवाते हैं। इसी सिलसिले में उन्होंने अपने पूर्व परिचित आनंद उर्फ मुकेश पाल निवासी धमनौर, थाना ककरवई, जनपद झांसी से फोन पर बात कर लड़की के बारे में पूछा। आनंद उर्फ मुकेश ने अनामिका निषाद नामक लड़की की जानकारी दी और उसे देखने के लिए बुलाया। वादी दिनांक 02.07.2026 को उमरिया बाजार आकर आनंद उर्फ मुकेश से मिले, जहां मुकेश ने उन्हें लड़की अनामिका की बहन विमल से मिलवाया। इसके बाद आनंद उर्फ मुकेश उन्हें घर के अन्य लोगों से मिलवाने की बात कहकर सभी को रात्रि में औराडाड नदी के किनारे एक बंधे पर ले गए। वहां गगन यादव भी मिला। सभी लोग वादी से बात कर रहे थे, तभी अचानक सभी ने मिलकर उनके हाथ में रखे बैग से 30,000 रुपये झपट्टा मारकर छीन लिए और भाग गए। जब तक वादी कुछ समझ पाते, सभी वहां से फरार हो चुके थे। उन्होंने 112 पर सूचना दी और आरोपियों को ढूंढा, लेकिन न मिलने पर दिनांक 04.07.2026 को थाने में सूचना दर्ज कराई। इस प्रार्थना पत्र के आधार पर थाना धनघटा पर मु0अ0सं0 476/2026 धारा 318(4), 304(2) बीएनएस के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया था, जिसमें बाद में बरामदगी के आधार पर धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान आनंद उर्फ मुकेश पाल पुत्र श्री रामसनेही (निवासी धमनोड़, थाना ककरवई, जनपद झांसी), गगन यादव पुत्र स्व0 श्रीराम यादव (निवासी सिकरीगंज, थाना सिकरींगज, जनपद गोरखपुर), विमल पत्नी राजकुमार (निवासनी बहरामपुर दक्षिणी, थाना गीडा, जनपद गोरखपुर), और अनामिका निषाद पुत्री धर्मदेव निषाद (निवासनी सिहापार, थाना सहजनवा, जनपद गोरखपुर) के रूप में हुई है। पूछताछ में इन सभी ने बताया कि वे चारों मिलकर एक गिरोह बनाते हैं और शादी का झांसा देकर ग्राहकों को फंसाते हैं। वे घर दिखाने या शादी की बात करने के बहाने सुनसान रास्तों पर ले जाकर पैसे से भरा बैग झपट्टा मारकर छीन लेते हैं। अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि आनंद उर्फ मुकेश पाल उनका लीडर है, जो ग्राहक फंसाकर लाता है और फिर वे घटना को अंजाम देते हैं। वे आपस में काम के हिसाब से पैसे बांट लेते हैं और इसी से अपना तथा अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। इन सभी अभियुक्तों को कुल 30,000 रुपये की बरामदगी के साथ बेलहरघाट मंदिर के पास से गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया। गिरफ्तारी करने वाली संयुक्त टीम में प्रभारी निरीक्षक थाना धनघटा श्री दिलीप सिंह, एसओजी प्रभारी श्री रजनीश राय, उपनिरीक्षक श्री रवीन्द्र सिंह यादव, हेड कांस्टेबल बदरे आलम, कांस्टेबल रवि चौरसिया, महिला हेड कांस्टेबल इन्द्रावती, महिला कांस्टेबल प्रतिमा यादव, हेड कांस्टेबल अनूप राय, हेड कांस्टेबल विवेक राय, कांस्टेबल दीपक सिंह, कांस्टेबल सर्वेश मिश्रा, कांस्टेबल अभिषेक सिंह, कांस्टेबल शुभम सिंह और कांस्टेबल विवेक मिश्रा शामिल थे।1
- जिला प्रशासन पर तीखे सवाल उठाए गए हैं, जिसमें पूछा गया है कि यदि उच्च न्यायालय का सम्मान किया जाना था, तो 3 जून को नोटिस मिलने के बावजूद 16 जून को विद्यालय को कैसे सील किया गया। इसके अतिरिक्त, 21 मई के बैकडेटेड पत्र को 1 जून को डाक के माध्यम से बुक करने के पीछे की साजिश पर भी जिला प्रशासन से स्पष्टीकरण मांगा गया है।1
- धनघटा थाना क्षेत्र में शादी कराने के नाम पर की जा रही धोखाधड़ी और झपटमारी की घटना का सफलतापूर्वक अनावरण किया गया है। इस मामले में पुलिस ने चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है और उनसे कुछ बरामदगी भी की गई है। यह जानकारी क्षेत्राधिकारी धनघटा द्वारा एक बाइट के माध्यम से साझा की गई।1
- आकाशवाणी ने 5 जुलाई 2026 को 'प्रातः स्मरणीय राम कथा' में सभी लोगों का स्वागत किया है। इस राम कथा के लिए श्रोताओं को आमंत्रित किया गया है।1
- संतकबीरनगर की ऐतिहासिक एवं धार्मिक नगरी मगहर में शनिवार को खलीलाबाद कोतवाली अंतर्गत मगहर पुलिस चौकी के नवनिर्मित एवं जीर्णोद्धार किए गए भवन का पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने फीता काटकर और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच लोकार्पण किया। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह और क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद प्रियम राजशेखर पाण्डेय भी मौजूद रहे। पुलिस अधीक्षक मीना ने इस पहल को उत्तर प्रदेश शासन की मंशा के अनुरूप पुलिस विभाग को आधुनिक, सुदृढ़ और जनहितैषी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि लंबे समय से भवन को आधुनिक सुविधाओं की आवश्यकता थी, जिसे अब पूरी तरह से विकसित कर दिया गया है। नई चौकी में पुलिसकर्मियों के लिए बेहतर बैठने की व्यवस्था, फरियादियों हेतु प्रतीक्षालय और अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, साथ ही चौकी परिसर को स्वच्छ, हरित एवं आदर्श कार्यस्थल के रूप में विकसित किया गया है। उद्घाटन के बाद, पुलिस अधीक्षक ने पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि चौकी का यह जीर्णोद्धार केवल भवन का नवीनीकरण नहीं, बल्कि जनता और पुलिस के बीच विश्वास को मजबूत करने का एक माध्यम है। उन्होंने निर्देश दिए कि मगहर जैसे ऐतिहासिक एवं संवेदनशील क्षेत्र में आने वाले हर फरियादी की शिकायत को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना जाए और उसका त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। एसपी ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाए रखने, रात्रि गश्त बढ़ाने और अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखने के भी निर्देश दिए। इस कार्यक्रम में प्रभारी निरीक्षक कोतवाली खलीलाबाद जयप्रकाश दुबे, चौकी प्रभारी मगहर, चेयरमैन प्रतिनिधि मगहर नूरज्जमा अंसारी, अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। स्थानीय व्यापारियों एवं ग्रामीणों ने नवनिर्मित चौकी भवन की सराहना करते हुए इसे जनसुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया।1
- जनपद संतकबीरनगर के ऐतिहासिक एवं धार्मिक नगर मगहर में शनिवार, 04 जुलाई 2026 को पुलिस व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं जनोन्मुखी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर श्री संदीप कुमार मीना ने अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार सिंह एवं क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद श्री प्रियम राजशेखर पाण्डेय की उपस्थिति में थाना कोतवाली खलीलाबाद अंतर्गत मगहर पुलिस चौकी के नवनिर्मित एवं जीर्णोद्धार किए गए भवन का वैदिक मंत्रोच्चार एवं फीता काटकर भव्य उद्घाटन किया। लंबे समय से आधुनिक सुविधाओं की आवश्यकता महसूस कर रही इस पुलिस चौकी का पुलिस अधीक्षक के विशेष प्रयास एवं निर्देशन में पूर्ण कायाकल्प किया गया है। नवनिर्मित भवन में पुलिसकर्मियों के लिए बेहतर कार्यस्थल, फरियादियों के लिए प्रतीक्षालय तथा अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। साथ ही, चौकी परिसर को स्वच्छ, हरा-भरा एवं आदर्श वातावरण प्रदान किया गया है, जिससे पुलिसकर्मियों के मनोबल और कार्यक्षमता में वृद्धि होने की उम्मीद है। उद्घाटन के बाद, पुलिस अधीक्षक श्री संदीप कुमार मीना ने उपस्थित पुलिस बल एवं संभ्रांत नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि पुलिस चौकी का यह जीर्णोद्धार केवल भवन का नवीनीकरण नहीं, बल्कि जनता और पुलिस के बीच विश्वास को मजबूत करने का माध्यम है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मगहर एक ऐतिहासिक एवं संवेदनशील क्षेत्र है, इसलिए यहां आने वाले प्रत्येक पीड़ित की समस्याओं को संवेदनशीलता और विनम्रता के साथ सुनकर उसे त्वरित न्याय दिलाना पुलिस की प्राथमिकता होनी चाहिए। एसपी ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को पूरी तरह चुस्त-दुरुस्त रखने, रात्रि गश्त बढ़ाने तथा अपराधियों एवं शरारती तत्वों पर कड़ी निगरानी रखने के भी निर्देश दिए। मगहर पुलिस चौकी के इस नए स्वरूप को देखकर स्थानीय व्यापारियों, जनप्रतिनिधियों, संभ्रांत नागरिकों एवं ग्रामीणों में काफी उत्साह और हर्ष का माहौल देखने को मिला। इस अवसर पर प्रभारी निरीक्षक कोतवाली खलीलाबाद श्री जयप्रकाश दुबे, चौकी प्रभारी मगहर सहित बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी, कर्मचारी, जनप्रतिनिधि एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।1
- सूर्यांश न्यूज़ 24, जो हर खबर पर नजर रखता है, अपनी प्रस्तुति में पंडित धीरेंद्र मिश्रा जी के मुखारविंद से भागवत कथा का आयोजन कर रहा है।1
- संतकबीरनगर जिले के महुली थाना क्षेत्र के रामपुर गांव से लापता हुए 9 वर्षीय बालक को महुली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसके गांव से करीब 15 किलोमीटर दूर से सकुशल बरामद कर परिजनों को सौंप दिया। बालक के सुरक्षित घर लौटने से परिवार समेत पूरे गांव में खुशी का माहौल है। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देशानुसार, अपराध नियंत्रण और जनसुरक्षा अभियान के तहत जैसे ही महुली पुलिस को बालक के लापता होने की सूचना मिली, तत्काल खोजबीन शुरू कर दी गई। थाना प्रभारी ने वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी देते हुए एक पुलिस टीम का गठन किया। इस टीम ने गांव के साथ-साथ आसपास के जंगलों, खेतों, संपर्क मार्गों और सुनसान स्थानों पर व्यापक तलाशी अभियान चलाया। इस खोज अभियान में बड़ी संख्या में ग्रामीण भी पुलिस के साथ शामिल हुए, जिनके सहयोग से लगातार कई घंटे की तलाश के बाद बालक को उसके गांव से लगभग 15 किलोमीटर दूर ग्राम महादेव क्षेत्र के पास से सकुशल ढूंढा गया। पुलिस के अनुसार, बालक पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ है। बालक के गांव पहुंचते ही परिजनों की आँखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। ग्रामीणों ने महुली पुलिस की संवेदनशीलता, तत्परता और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना करते हुए पूरी टीम का आभार व्यक्त किया। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी आपात स्थिति या अप्रिय घटना की सूचना तत्काल निकटतम थाने या आपातकालीन हेल्पलाइन पर दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।1