नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में वांछित युवक गिरफ्तार नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में वांछित युवक गिरफ्तार शाहजहांपुर। पुवायां थाना पुलिस ने एक युवती को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाने और बाद में वापस छोड़ने के मामले में वांछित चल रहे युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू कर उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया। पुलिस के अनुसार, 22 अगस्त 2026 को एक व्यक्ति ने थाना पुवायां में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि पर्वत सिंह उर्फ परवत उर्फ सल्लू, निवासी ग्राम चठिया बहादुरपुर, उसकी पोती को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। आरोप है कि कुछ दिन बाद वह उसे वापस छोड़ गया। इसके बाद युवती अपने साथ ले गईं जेवरात वापस मांगने गई तो आरोपी ने कथित तौर पर गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। मामले की विवेचना के दौरान सामने आए साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू की। रविवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने पुवायां कस्बे के पास नाहिल रोड तिराहे से आरोपी पर्वत सिंह को दोपहर करीब 12:20 बजे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की उम्र करीब 24 वर्ष बताई गई है। पुलिस ने बताया कि मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक प्रदीप सिंह और कांस्टेबल रोहित कुमार शामिल रहे।
नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में वांछित युवक गिरफ्तार नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में वांछित युवक गिरफ्तार शाहजहांपुर। पुवायां थाना पुलिस ने एक युवती को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाने और बाद में वापस छोड़ने के मामले में वांछित चल रहे युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू कर उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया। पुलिस के अनुसार, 22 अगस्त 2026 को एक व्यक्ति ने थाना पुवायां में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि पर्वत सिंह उर्फ परवत उर्फ सल्लू, निवासी ग्राम चठिया बहादुरपुर, उसकी पोती को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। आरोप है कि कुछ दिन बाद वह उसे वापस छोड़ गया। इसके बाद युवती अपने साथ ले गईं जेवरात वापस मांगने गई तो आरोपी ने कथित तौर पर गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। मामले की विवेचना के दौरान सामने आए साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू की। रविवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने पुवायां कस्बे के पास नाहिल रोड तिराहे से आरोपी पर्वत सिंह को दोपहर करीब 12:20 बजे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की उम्र करीब 24 वर्ष बताई गई है। पुलिस ने बताया कि मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक प्रदीप सिंह और कांस्टेबल रोहित कुमार शामिल रहे।
- शाहजहांपुर में विस्तार के बाद हरदोई में ‘सहयोगसंस्था’ की दस्तक 👉तिलहर-जालालाबाद में तहसील इकाइयां गठित, हरदोई में जिला टीम ने संभाली कमान शाहजहांपुर। समाजसेवा के क्षेत्र में सक्रिय संस्था ‘सहयोग संस्था ’ ने अपने संगठन का विस्तार करते हुए अब हरदोई जनपद में भी दस्तक दे दी है। तिलहर और जलालाबाद तहसील की नई टीमों के साथ हरदोई की जिला टीम का गठन किया गया। संस्था के पदाधिकारियों ने इसे समाजसेवा के दायरे को और व्यापक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। जलालाबाद तहसील की अध्यक्ष ममता यादव तथा सचिव रजनीश सिंह (वार्ड सदस्य) बनाए गए हैं। अबनीश सिंह और रवि श्रीवास्तव को सदस्य की जिम्मेदारी सौंपी गई। वहीं तिलहर तहसील अध्यक्ष अंकुश गुप्ता और सचिव प्रबल प्रताप सिंह बनाए गए। हरदोई जनपद के जिला अध्यक्ष की जिम्मेदारी आशीष शुक्ल को दी गई। संस्था के संस्थापक अनिल गुप्ता प्रधान और शाहनवाज खान एडवोकेट ने कहा कि दुनिया में अच्छा हो या बुरा, हर कार्य आगे बढ़ता है। इसलिए समाज में अच्छाई और सेवा कार्यों का विस्तार होना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि संस्था का प्रयास है कि समाजसेवा की यह मुहिम पूरे प्रदेश और देश तक पहुंचे। उन्होंने बिना किसी स्वार्थ के समाजसेवा करने के इच्छुक लोगों से संस्था से जुड़ने की अपील की। संस्था के जिला प्रभारी विकास सक्सेना ने कहा कि जल्द ही शाहजहांपुर की सभी पांच तहसीलों और 15 ब्लॉकों में संस्था समाजसेवा के कार्य शुरू करेगी। उन्होंने नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई देते हुए जल्द से जल्द अपनी बड़ी टीम तैयार करने का आह्वान किया। संस्था की अध्यक्ष स्तुति गुप्ता ने कहा कि महानगर की टीम अपने क्षेत्र में लगातार समाजसेवा करती रहेगी। तहसीलों के साथ-साथ दूसरे जनपदों में गठित टीमों को भी संस्था की ओर से पूरा सहयोग दिया जाएगा। कार्यक्रम में संस्था की डायरेक्टर नुजहत अंजुम, महासचिव सरदार हरजीत सिंह, सचिव शिवम वर्मा, लायेबा, तस्लीम, सुधीर और शबाब समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।1
- कान्हा जी की छठी के उपलक्ष्य सायं 7 बजे 9 बजे तक संकीर्तन 100 से ज्यादा स्वरूप बने ब श्री कृष्ण मंदिर( कृष्णा नगर) में कान्हा जी की छठी के उपलक्ष्य सायं 7 बजे 9 बजे तक संकीर्तन 100 से ज्यादा स्वरूप बने बच्चों को मंदिर की तरफ से पुरस्कार वितरण किया गया तत्पश्चात विशाल भंडारा हुआ, कार्यक्रम को सफल बनाने में मंदिर पुजारी श्री अखिलेश शास्त्री जी , प्रधान प्रेम प्रकाश नारंग ,उप प्रधान हरीश बजाज, महामंत्री कमलेश सचदेवा , युवा प्रधान संजीव सचदेवा,नवीन सचदेवा,विनोद सचदेवा , भारत भूषण खुराना,ज्योति स्वरूप सचदेवा,जसवंत जयसिंह,मनीष सचदेवा, कुलदीप कालरा ,अजय सचदेवा ,पूनम अवस्थी,नीलम गुप्ता, नलिनी ओमर, रजनी आनंद, बिमला खुराना, मोहनदेवी ,सुषमा सचदेवा , रोजी खुराना सहित सैकड़ों लोग उपस्थित हुए।1
- जन्माष्टमी के बाल कलाकारों पर बरसा स्नेह, सम्मान से खिले चेहरे छठी उत्सव पर प्राचीन शिव बड़ा मंदिर में देव स्वरूप धारण करने वाले बच्चों का हुआ सम्मान1
- सवाल पूछने पर लोकतंत्र की लिंचिंग? उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रेस कॉन्फ्रेंस में सवाल पूछने वाली महिला पत्रकार दिव्या श्रीवास्तव को लेकर सामने आए आरोप बेहद गंभीर हैं। आरोप है कि एक तीखे सवाल के बाद उन्हें नौकरी से हाथ धोना पड़ा, भाजपा कार्यालय में घेरकर धमकाया गया और उन पर बुलडोजर कार्रवाई का डर पैदा किया गया। इतना ही नहीं, पत्रकार का दावा है कि खुफिया तंत्र यानी LIU तक उनके पीछे लगाया गया। अगर किसी पत्रकार को सत्ता से सवाल पूछने की कीमत नौकरी गंवाकर, धमकियां झेलकर और सुरक्षा के डर में चुकानी पड़े, तो सवाल सिर्फ दिव्या श्रीवास्तव का नहीं है—सवाल पूरे लोकतंत्र का है। लोकतंत्र में पत्रकार का काम सत्ता की तारीफ करना नहीं, सत्ता से सवाल पूछना है। सरकारें आती-जाती रहेंगी, लेकिन सवाल पूछने की आजादी लोकतंत्र की बुनियादी शर्त है। अगर प्रेस कॉन्फ्रेंस में सवाल पूछना ही अपराध जैसा बना दिया जाए, तो फिर प्रेस कॉन्फ्रेंस और सत्ता के प्रचार कार्यक्रम में फर्क क्या रह जाएगा? इन आरोपों की निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच होनी चाहिए। यदि किसी पत्रकार को सवाल पूछने के कारण प्रताड़ित किया गया है, तो जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। क्योंकि लोकतंत्र में सवाल दबाए नहीं जाते—सवालों के जवाब दिए जाते हैं। #DivyaSrivastava #PressFreedom #पत्रकारिता #लोकतंत्र #UttarPradesh #YogiAdityanath1
- 133विधानसभा बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का दौरा कर हाल-चाल जाना मुकेश दीक्षित ने4
- Post by ब्यूरो चीफ एवीपी न्यूज चैनल3
- युवाओं को रोजगार, महिलाओं को अवसर और किसानों का सम्मान सरकार की प्राथमिकता शाहजहांपुर को बेहतर बनाना ही हमारा एजेंडा : सुरेश खन्ना युवाओं को रोजगार, महिलाओं को अवसर और किसानों का सम्मान सरकार की प्राथमिकता शाहजहांपुर। प्रदेश के वित्त मंत्री एवं शाहजहांपुर के वरिष्ठ नेता सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि शाहजहांपुर को विकास के पथ पर और आगे ले जाना ही उनका प्रमुख एजेंडा है। किसान, युवा और महिलाओं के हितों को केंद्र में रखते हुए सरकार लगातार योजनाओं को धरातल पर उतार रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। अब तक लाखों लोगों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए गए हैं, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएँ भी शामिल हैं। महिलाओं को उनके अधिकारों के अनुरूप आरक्षण का लाभ भी दिया जा रहा है। वित्त मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कई बार स्पष्ट कर चुके हैं कि आगामी समय में भी बड़ी संख्या में युवाओं को सरकारी नियुक्तियाँ दी जाएंगी। भर्ती प्रक्रिया में योग्यता और क्षमता को प्राथमिकता दी जाएगी तथा पूरी प्रक्रिया पारदर्शी रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार की नीति स्पष्ट है—न भाई-भतीजावाद, न पैसे का खेल और न किसी तरह का पक्षपात। उन्होंने कहा कि किसानों का सम्मान और उनकी आय को मजबूत करना भी सरकार की प्रमुख प्राथमिकताओं में है। किसान हित में लगातार योजनाएँ और प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि कृषि क्षेत्र को मजबूती मिले और किसानों की आर्थिक स्थिति बेहतर हो। सुरेश खन्ना ने कहा कि किसान, युवा और महिलाएँ विकास की मुख्य धुरी हैं। इन तीनों वर्गों को सशक्त बनाकर शाहजहांपुर को विकास, रोजगार और बेहतर सुविधाओं के मामले में और आगे ले जाना ही सरकार और उनका संकल्प है1
- ****मासूम की मौत के बाद खुली स्वास्थ्य विभाग की नींद!** 👉झोलाछाप के इलाज पर उठे सवाल, क्लीनिक सीज—अब जिम्मेदारों की जवाबदेही कौन तय करेगा? शाहजहांपुर। रोजा थाना क्षेत्र के मुकरमपुर में करीब 14 वर्षीय अमन कुमार की इलाज के बाद मौत ने स्वास्थ्य विभाग की निगरानी व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। जपनापुर निवासी संतोष कुमार के पुत्र अमन को बुखार आने पर मुकरमपुर स्थित क्लीनिक ले जाया गया था। इलाज के बाद उसकी मौत हो गई। घटना से परिवार में कोहराम मचा है। मामले में शिक्षामित्र रविंद्र यादव की भूमिका जांच के घेरे में है। स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. इरफान ने उन्हें नोटिस जारी कर चिकित्सकीय योग्यता समेत संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने और सत्यापन कराने के निर्देश दिए हैं। क्लीनिक को सीज कर दिया गया है और मौके पर पुलिस टीम मौजूद है। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थाना प्रभारी उमेश कुमार मिश्रा के अनुसार अभी परिजनों की ओर से लिखित तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। बच्चे की मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगी। 👉सवालों के घेरे में निगरानी व्यवस्था सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन को झोलाछापों पर कार्रवाई के लिए किसी मासूम की जान जाने का इंतजार रहता है? गांव-कस्बों में बिना पर्याप्त चिकित्सकीय योग्यता के इलाज करने वालों की निगरानी आखिर कौन कर रहा है? यदि संबंधित व्यक्ति के पास इलाज करने की वैध योग्यता नहीं थी तो अब तक कार्रवाई क्यों नहीं हुई? एक मासूम की मौत के बाद क्लीनिक सीज होना कार्रवाई जरूर है, लेकिन असली सवाल यह है कि ऐसी कार्रवाई मौत से पहले क्यों नहीं हुई? अब निगाह पुलिस जांच, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और स्वास्थ्य विभाग के दस्तावेज सत्यापन पर है।2
- जन्माष्टमी के बाल कलाकारों पर बरसा स्नेह, सम्मान से खिले चेहरे छठी उत्सव पर प्राचीन शिव बड़ा मंदिर में देव स्वरूप धारण करने वाले बच्चों का हुआ सम्मान1