अवैध खनन/परिवहन पर सख्त प्रहार: क्षेत्राधिकारी ओबरा व खान निरीक्षक की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग में एक अभियुक्त गिरफ्तार व हाइवा वाहन किया गया सीज-* *♦प्रेस नोट♦* *जनपद सोनभद्र* *दिनांक- 19.02.2026* *अवैध खनन/परिवहन पर सख्त प्रहार: क्षेत्राधिकारी ओबरा व खान निरीक्षक की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग में एक अभियुक्त गिरफ्तार व हाइवा वाहन किया गया सीज-* पुलिस अधीक्षक सोनभद्र श्री अभिषेक वर्मा के निर्देशन में अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री अनिल कुमार के पर्यवेक्षण में क्षेत्राधिकारी ओबरा श्री अमित कुमार व खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग की गई। चेकिंग के दौरान बग्गा नाला के समीप वाहन संख्या UP64CT2945 (हाइवा) में लगभग 25 घन मीटर अवैध गिट्टी का परिवहन करते हुए पाया गया। टीम को देखकर वाहन चालक मौके से फरार हो गया। वाहन के खलासी द्वारा पूछताछ में बताया गया कि उक्त गिट्टी सोनभद्र माइनिंग वर्क्स, ओबरा से लोड की गई थी। खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे की लिखित तहरीर के आधार पर थाना ओबरा पर मु0अ0सं0-34/2026 धारा 303(2), 317(2), 285 बीएनएस एवं धारा 4/21 खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम तथा धारा 3 सार्वजनिक संपत्ति निवारक अधिनियम के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत किया गया है। अभियुक्त चालक मनोज पाल पुत्र राजेन्द्र पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र, सह चालक संदीप पाल पुत्र संजय पाल निवासी उपरोक्त तथा सोनभद्र माइनिंग वर्क्स के मालिक (नाम पता अज्ञात) एवं वाहन स्वामी (नाम पता अज्ञात) के विरुद्ध विधिक कार्यवाही की जा रही है। सह चालक को पुलिस हिरासत में लेकर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही प्रचलित है तथा फरार चालक की गिरफ्तारी हेतु प्रयास जारी हैं। *गिरफ्तारी अभियुक्त का विवरण-* सह चालक संदीप पाल पुत्र संजय पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र। *वांछित अभियुक्त का विवरण-* 01. चालक मनोज पाल पुत्र राजेन्द्र पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र। 02. वाहन हाइवा संख्या UP64CT2945 के स्वामी नाम पता अज्ञात *गिरफ्तार करने वाली टीम का विवरण-* 01. क्षेत्राधिकारी ओबरा श्री अमित कुमार व खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे जनपद सोनभद्र। 02. उ0नि0 राम सिंह यादव थाना ओबरा जनपद सोनभद्र मय पुलिस टीम। *जनपद पुलिस द्वारा अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सतत रूप से जारी रहेगी।*
अवैध खनन/परिवहन पर सख्त प्रहार: क्षेत्राधिकारी ओबरा व खान निरीक्षक की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग में एक अभियुक्त गिरफ्तार व हाइवा वाहन किया गया सीज-* *♦प्रेस नोट♦* *जनपद सोनभद्र* *दिनांक- 19.02.2026* *अवैध खनन/परिवहन पर सख्त प्रहार: क्षेत्राधिकारी ओबरा व खान निरीक्षक की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग में एक अभियुक्त गिरफ्तार व हाइवा वाहन किया गया सीज-* पुलिस अधीक्षक सोनभद्र श्री अभिषेक वर्मा के निर्देशन में अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री अनिल कुमार के पर्यवेक्षण में क्षेत्राधिकारी ओबरा
श्री अमित कुमार व खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग की गई। चेकिंग के दौरान बग्गा नाला के समीप वाहन संख्या UP64CT2945 (हाइवा) में लगभग 25 घन मीटर अवैध गिट्टी का परिवहन करते हुए पाया गया। टीम को देखकर वाहन चालक मौके से फरार हो गया। वाहन के खलासी द्वारा पूछताछ में बताया गया कि उक्त गिट्टी सोनभद्र माइनिंग वर्क्स, ओबरा से लोड की गई थी। खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे की लिखित तहरीर के आधार पर थाना ओबरा पर मु0अ0सं0-34/2026 धारा 303(2), 317(2), 285
बीएनएस एवं धारा 4/21 खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम तथा धारा 3 सार्वजनिक संपत्ति निवारक अधिनियम के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत किया गया है। अभियुक्त चालक मनोज पाल पुत्र राजेन्द्र पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र, सह चालक संदीप पाल पुत्र संजय पाल निवासी उपरोक्त तथा सोनभद्र माइनिंग वर्क्स के मालिक (नाम पता अज्ञात) एवं वाहन स्वामी (नाम पता अज्ञात) के विरुद्ध विधिक कार्यवाही की जा रही है। सह चालक को पुलिस हिरासत में लेकर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही प्रचलित है तथा फरार चालक की गिरफ्तारी हेतु प्रयास
जारी हैं। *गिरफ्तारी अभियुक्त का विवरण-* सह चालक संदीप पाल पुत्र संजय पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र। *वांछित अभियुक्त का विवरण-* 01. चालक मनोज पाल पुत्र राजेन्द्र पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र। 02. वाहन हाइवा संख्या UP64CT2945 के स्वामी नाम पता अज्ञात *गिरफ्तार करने वाली टीम का विवरण-* 01. क्षेत्राधिकारी ओबरा श्री अमित कुमार व खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे जनपद सोनभद्र। 02. उ0नि0 राम सिंह यादव थाना ओबरा जनपद सोनभद्र मय पुलिस टीम। *जनपद पुलिस द्वारा अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सतत रूप से जारी रहेगी।*
- *♦प्रेस नोट♦* *जनपद सोनभद्र* *दिनांक- 19.02.2026* *अवैध खनन/परिवहन पर सख्त प्रहार: क्षेत्राधिकारी ओबरा व खान निरीक्षक की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग में एक अभियुक्त गिरफ्तार व हाइवा वाहन किया गया सीज-* पुलिस अधीक्षक सोनभद्र श्री अभिषेक वर्मा के निर्देशन में अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री अनिल कुमार के पर्यवेक्षण में क्षेत्राधिकारी ओबरा श्री अमित कुमार व खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग की गई। चेकिंग के दौरान बग्गा नाला के समीप वाहन संख्या UP64CT2945 (हाइवा) में लगभग 25 घन मीटर अवैध गिट्टी का परिवहन करते हुए पाया गया। टीम को देखकर वाहन चालक मौके से फरार हो गया। वाहन के खलासी द्वारा पूछताछ में बताया गया कि उक्त गिट्टी सोनभद्र माइनिंग वर्क्स, ओबरा से लोड की गई थी। खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे की लिखित तहरीर के आधार पर थाना ओबरा पर मु0अ0सं0-34/2026 धारा 303(2), 317(2), 285 बीएनएस एवं धारा 4/21 खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम तथा धारा 3 सार्वजनिक संपत्ति निवारक अधिनियम के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत किया गया है। अभियुक्त चालक मनोज पाल पुत्र राजेन्द्र पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र, सह चालक संदीप पाल पुत्र संजय पाल निवासी उपरोक्त तथा सोनभद्र माइनिंग वर्क्स के मालिक (नाम पता अज्ञात) एवं वाहन स्वामी (नाम पता अज्ञात) के विरुद्ध विधिक कार्यवाही की जा रही है। सह चालक को पुलिस हिरासत में लेकर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही प्रचलित है तथा फरार चालक की गिरफ्तारी हेतु प्रयास जारी हैं। *गिरफ्तारी अभियुक्त का विवरण-* सह चालक संदीप पाल पुत्र संजय पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र। *वांछित अभियुक्त का विवरण-* 01. चालक मनोज पाल पुत्र राजेन्द्र पाल निवासी रेही थाना घोरावल जनपद सोनभद्र। 02. वाहन हाइवा संख्या UP64CT2945 के स्वामी नाम पता अज्ञात *गिरफ्तार करने वाली टीम का विवरण-* 01. क्षेत्राधिकारी ओबरा श्री अमित कुमार व खान निरीक्षक श्री अतुल दुबे जनपद सोनभद्र। 02. उ0नि0 राम सिंह यादव थाना ओबरा जनपद सोनभद्र मय पुलिस टीम। *जनपद पुलिस द्वारा अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सतत रूप से जारी रहेगी।*4
- Post by Buro chief Sonbhadra Kameshwar Buro Chief1
- सोनभद्र, 19 फरवरी 2026: जनपद सोनभद्र के शक्तिनगर थाना क्षेत्र से 16 फरवरी 2026 को लापता हुई नाबालिग युवती का अब तक कोई सुराग नहीं लग सका है। युवती की तलाश में जुटी पुलिस के हाथ अभी भी खाली हैं, जिससे परिजनों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। परिजनों के अनुसार, युवती 16 फरवरी को घर से निकली थी, जिसके बाद वह वापस नहीं लौटी। काफी खोजबीन के बाद जब उसका कोई पता नहीं चला तो मामले की सूचना शक्तिनगर थाना पुलिस को दी गई। परिजनों का आरोप है कि तीन दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। लापता युवती के परिजनों ने बताया कि युवती के पास एक मोबाइल फोन था, जो कथित तौर पर क्षेत्र के एक युवक द्वारा दिया गया था। आरोप है कि वह युवक लगातार युवती से फोन पर बात करता था। परिजन इस पूरे मामले में उस युवक की भूमिका की जांच की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि यदि समय रहते मोबाइल की कॉल डिटेल और लोकेशन की जांच की जाए तो अहम सुराग मिल सकता है। घटना के बाद से परिवार में मातम जैसा माहौल है। मां-बाप का रो-रोकर बुरा हाल है और वे प्रशासन से जल्द से जल्द बेटी को सकुशल बरामद करने की गुहार लगा रहे हैं। इस संबंध में पुलिस का कहना है कि मामला गंभीर है और हर पहलू से जांच की जा रही है। मोबाइल कॉल डिटेल, लोकेशन ट्रैकिंग सहित संभावित स्थानों पर टीम भेजी गई है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि जल्द ही युवती का पता लगा लिया जाएगा।1
- सोनभद्र में परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत रसोइयों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से भेजा है। माध्यमिक भारतीय रसोईया वेलफेयर एसोसिएशन उ०प्र० ने वर्ष 2004 से लंबित न्यूनतम मानदेय के अंतर बकाया, स्थायीकरण और रसोइयों के कल्याण से जुड़ी मांगों के शीघ्र निस्तारण की मांग की है। एसोसिएशन ने बताया कि परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत रसोइये प्रधानमंत्री पोषण योजना के तहत बहुत कम मानदेय पर कार्य कर रहे हैं, जिससे उनका जीविकोपार्जन कठिन हो रहा है। संगठन का कहना है कि इतने कम मानदेय में परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल है। ज्ञापन में प्रमुख मांगें रखी गई हैं, जिनमें रसोइयों से 11 माह के बजाय पूरे 12 माह कार्य लिए जाने और तदनुसार मानदेय देने की बात शामिल है। इसके अतिरिक्त, रसोइयों का नवीनीकरण स्वतः करने, प्रस्तावित प्रतिबंधों को समाप्त करने, मातृत्व अवकाश, मेडिकल सुविधा और 14 आकस्मिक अवकाश प्रदान करने की भी मांग की गई है। मृतक रसोइयों के स्थान पर उनके परिवार के सदस्य को नियुक्ति तथा न्याय पंचायत स्तर पर स्थानांतरण की व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी अपील की गई है।1
- सोनभद्र में अवैध खनन मामले में पुलिस विभाग और खान अधिकारी के द्वारा अवध परिवहन का सख्त प्रहार किया गया1
- Post by @PappuKumar-ky6qb you tube my channel1
- अल्ट्राटेक सीमेंट कंपनी डाला के सीएसआर के तहत कुपोषित और अति कुपोषित बच्चो को बुधवार दोपहर 12 बजे त्रैमासिक पोषण किट का वितरण किया गया। यह वितरण डाला सेक्टर सी क्षेत्र में स्थित आंगनवाड़ी केंद्र पर उड़ान सेवा समिति के सहयोग से किया गया। पोषण किट में मुरमुरा,गुड़,भुना चना अन्य पोषक सामग्री शामिल थी।यह पोषण किट कुपोषित और अति कुपोषित बच्चो को दिया गया। इस मौके पर दर्जनों बच्चे उनकी मातायें, उड़ान सेवा समिति एनजीओ की मीनू चौबे और मुख्य सेविका नेहा भी मौजूद थीं।3
- जनपद सोनभद्र में आरटीओ विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा और पहचान चोरी का मामला सामने आने से हड़कंप मच गया है। प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि कई व्यक्तियों के नाम और दस्तावेजों का दुरुपयोग कर बिना उनकी जानकारी के ड्राइविंग लाइसेंस जारी कर दिए गए। सूत्रों के मुताबिक, मामला तब प्रकाश में आया जब कुछ लोगों को अपने नाम से जारी लाइसेंस की जानकारी परिवहन विभाग के ऑनलाइन पोर्टल पर चेक करने के दौरान मिली। चौंकाने वाली बात यह रही कि संबंधित व्यक्तियों ने कभी लाइसेंस के लिए आवेदन ही नहीं किया था। इसके बावजूद उनके आधार व अन्य पहचान पत्रों का उपयोग कर लाइसेंस जारी कर दिए गए। बताया जा रहा है कि यह पूरा खेल दलालों और विभागीय मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। आरोप है कि लर्निंग लाइसेंस और स्थायी लाइसेंस की प्रक्रिया में नियमों को दरकिनार कर बायोमेट्रिक सत्यापन और फोटो मिलान जैसी अनिवार्य प्रक्रियाओं में गंभीर लापरवाही बरती गई। कई मामलों में परीक्षा दिए बिना ही लाइसेंस जारी कर दिए जाने की आशंका जताई जा रही है। इस मामले के सामने आने के बाद प्रशासनिक हलकों में खलबली मच गई है। जिलाधिकारी ने प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं। संबंधित अभिलेखों की जांच की जा रही है और संदिग्ध लाइसेंसों की सूची तैयार की जा रही है। यदि आरोप प्रमाणित होते हैं तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई तय मानी जा रही है। परिवहन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी भी व्यक्ति के नाम पर फर्जी लाइसेंस जारी हुआ है तो वह तत्काल विभाग से संपर्क कर शिकायत दर्ज कराए। मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को चिन्हित किया जाएगा। इस पूरे प्रकरण ने न केवल विभागीय पारदर्शिता पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि आम जनता की व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है। अब देखना होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और जिम्मेदारों पर कब तक कार्रवाई होती है।1