छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में मराईगुड़ा स्थित पोटाकेबिन आश्रम की जर्जर स्थिति को लेकर शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला पंचायत उपाध्यक्ष महेश कुंजाम ने आश्रम के निरीक्षण के बाद चिंता जताते हुए कहा कि बच्चे टूटे-फूटे और जर्जर कमरों में बैठकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने कहा कि यह कोई बाड़ा नहीं बल्कि शिक्षा का मंदिर है जहाँ बच्चों का भविष्य संवरना चाहिए, लेकिन यहाँ की स्थिति देखकर बच्चों को बेहतर शिक्षा का वातावरण मिलना मुश्किल लग रहा है। ग्रामीणों के अनुसार पोटाकेबिन आश्रम पिछले दो वर्षों से बेहद खराब हालत में है। नए भवन की स्वीकृति दो साल पहले मिलने के बावजूद आज तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। जिले के प्रभारी मंत्री केदार कश्यप और कलेक्टर सहित कई अधिकारी इस आश्रम का निरीक्षण कर चुके हैं, लेकिन स्थिति सुधारने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। पिछले वर्ष भवन निर्माण के नाम पर बच्चों को दूसरे भवन में शिफ्ट किया गया था, लेकिन वे आज भी बदहाल परिस्थितियों में रहने और पढ़ने को मजबूर हैं। आश्रम में न रहने की समुचित व्यवस्था है और न ही पढ़ाई का माहौल, यहाँ तक कि बच्चों को मच्छरदानी और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं भी नहीं मिल पा रही हैं, जिससे उनके स्वास्थ्य और शिक्षा पर बुरा असर पड़ रहा है। प्रशासन की इस अनदेखी से परेशान होकर ग्रामीणों ने तत्काल सुरक्षित भवन उपलब्ध कराने, नए भवन का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू कराने तथा आश्रम में बिजली और मच्छरदानी की व्यवस्था करने की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही प्रशासन की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की गई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में मराईगुड़ा स्थित पोटाकेबिन आश्रम की जर्जर स्थिति को लेकर शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला पंचायत उपाध्यक्ष महेश कुंजाम ने आश्रम के निरीक्षण के बाद चिंता जताते हुए कहा कि बच्चे टूटे-फूटे और जर्जर कमरों में बैठकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने कहा कि यह कोई बाड़ा नहीं बल्कि शिक्षा का मंदिर है जहाँ बच्चों का भविष्य संवरना चाहिए, लेकिन यहाँ की स्थिति देखकर बच्चों को बेहतर शिक्षा का वातावरण मिलना मुश्किल लग रहा है। ग्रामीणों के अनुसार पोटाकेबिन आश्रम पिछले दो वर्षों से बेहद खराब हालत में है। नए भवन की स्वीकृति दो साल पहले मिलने के बावजूद आज तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। जिले के प्रभारी मंत्री केदार कश्यप और कलेक्टर सहित कई अधिकारी इस आश्रम का निरीक्षण कर चुके
हैं, लेकिन स्थिति सुधारने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। पिछले वर्ष भवन निर्माण के नाम पर बच्चों को दूसरे भवन में शिफ्ट किया गया था, लेकिन वे आज भी बदहाल परिस्थितियों में रहने और पढ़ने को मजबूर हैं। आश्रम में न रहने की समुचित व्यवस्था है और न ही पढ़ाई का माहौल, यहाँ तक कि बच्चों को मच्छरदानी और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं भी नहीं मिल पा रही हैं, जिससे उनके स्वास्थ्य और शिक्षा पर बुरा असर पड़ रहा है। प्रशासन की इस अनदेखी से परेशान होकर ग्रामीणों ने तत्काल सुरक्षित भवन उपलब्ध कराने, नए भवन का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू कराने तथा आश्रम में बिजली और मच्छरदानी की व्यवस्था करने की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही प्रशासन की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की गई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
- सुकमा जिला मुख्यालय स्थित रक्षित आरक्षी केंद्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आपात स्थितियों से निपटने के लिए "बलवा नियंत्रण संबंधी अभ्यास" आयोजित किया गया। इस अभ्यास में जिला पुलिस बल, सीएएफ और एसटीएफ के पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ-साथ उनके परिजनों और आम नागरिकों ने भी हिस्सा लिया। सूबेदार रमेश पूरेना एवं विकास नारंग द्वारा नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर होने वाले धरना-प्रदर्शनों जैसी परिस्थितियों का उदाहरण देते हुए भीड़ प्रबंधन और उपद्रवियों से संयमित तरीके से निपटने की विस्तृत जानकारी दी गई। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य न्यूनतम बल प्रयोग के साथ भीड़ पर नियंत्रण पाना, मानवाधिकारों और कानून के अनुरूप कार्यवाही करना, बलवा नियंत्रण उपकरणों का समुचित उपयोग तथा पुलिस बल में समन्वय, अनुशासन और त्वरित निर्णय क्षमता विकसित करना था। अभ्यास के दौरान दिखाए गए कई दृश्य इतने जीवंत और प्रभावशाली थे कि उपस्थित लोगों में भावनात्मक संवेदना जागृत हो गई। इस पूर्वाभ्यास ने आकस्मिक और चुनौतीपूर्ण स्थितियों में पुलिस की तत्परता, अनुशासन, समन्वय और साहस का प्रभावी प्रदर्शन किया।4
- छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में मराईगुड़ा स्थित पोटाकेबिन आश्रम की जर्जर स्थिति को लेकर शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला पंचायत उपाध्यक्ष महेश कुंजाम ने आश्रम के निरीक्षण के बाद चिंता जताते हुए कहा कि बच्चे टूटे-फूटे और जर्जर कमरों में बैठकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने कहा कि यह कोई बाड़ा नहीं बल्कि शिक्षा का मंदिर है जहाँ बच्चों का भविष्य संवरना चाहिए, लेकिन यहाँ की स्थिति देखकर बच्चों को बेहतर शिक्षा का वातावरण मिलना मुश्किल लग रहा है। ग्रामीणों के अनुसार पोटाकेबिन आश्रम पिछले दो वर्षों से बेहद खराब हालत में है। नए भवन की स्वीकृति दो साल पहले मिलने के बावजूद आज तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। जिले के प्रभारी मंत्री केदार कश्यप और कलेक्टर सहित कई अधिकारी इस आश्रम का निरीक्षण कर चुके हैं, लेकिन स्थिति सुधारने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। पिछले वर्ष भवन निर्माण के नाम पर बच्चों को दूसरे भवन में शिफ्ट किया गया था, लेकिन वे आज भी बदहाल परिस्थितियों में रहने और पढ़ने को मजबूर हैं। आश्रम में न रहने की समुचित व्यवस्था है और न ही पढ़ाई का माहौल, यहाँ तक कि बच्चों को मच्छरदानी और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं भी नहीं मिल पा रही हैं, जिससे उनके स्वास्थ्य और शिक्षा पर बुरा असर पड़ रहा है। प्रशासन की इस अनदेखी से परेशान होकर ग्रामीणों ने तत्काल सुरक्षित भवन उपलब्ध कराने, नए भवन का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू कराने तथा आश्रम में बिजली और मच्छरदानी की व्यवस्था करने की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही प्रशासन की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की गई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।2
- प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर दंतेवाड़ा जिले के किरंदुल नगर स्थित बस स्टैंड पर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया गया। जंतर-मंतर में छात्र आंदोलन के दौरान पुलिस कार्रवाई, छात्रों पर कथित लाठीचार्ज तथा कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के साथ कथित दुर्व्यवहार के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया और केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की। इस प्रदर्शन में महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस और एनएसयूआई सहित पार्टी के विभिन्न प्रकोष्ठों के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजेंद्र मृणाल राय ने की। इस अवसर पर नगर पालिका उपाध्यक्ष बबलू सिद्दीकी और जिला कांग्रेस महामंत्री राजू रेड्डी सहित जिला एवं ब्लॉक कांग्रेस के कई पदाधिकारी और वरिष्ठ कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन कर रही है और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रख रहे छात्रों पर बल प्रयोग करना लोकतंत्र की भावना के विपरीत है। नेताओं ने कहा कि कांग्रेस पार्टी छात्रों, युवाओं और आम नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए आगे भी संघर्ष जारी रखेगी। कार्यकर्ताओं ने छात्र आंदोलन पर हुई कार्रवाई की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।1
- जगदलपुर में भगवान जगन्नाथ आज जनकपुरी से निकलकर अपने मंदिर में विराजमान होंगे। इस दौरान भगवान के रथ को खींचने के लिए श्रद्धालुओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है और वे उत्साहपूर्वक रथ को खींच रहे हैं। इस अवसर पर पूर्व कांग्रेस विधायक रेखा चंद जैन और गणमान्य सदस्य ईश्वर खम्बरी ने भी श्रद्धालुओं के साथ मिलकर भगवान जगन्नाथ का रथ खींचा।4
- छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर केसकाल के धनोरा में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी द्वारा दिल्ली में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में प्रदर्शन किया गया। धनोरा बस स्टैंड पर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण अग्निहोत्री के नेतृत्व में कांग्रेस, युवा कांग्रेस और एनएसयूआई के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार पर लोकतंत्र और छात्रों की आवाज़ दबाने का आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला दहन किया। प्रदर्शन के दौरान जिला पंचायत सदस्य कपिल कांत नाग ने कहा कि लोकतंत्र में छात्रों की आवाज़ को दबाने के लिए बल प्रयोग करना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि देश का युवा अपने अधिकारों और भविष्य को लेकर आवाज़ उठा रहा है, लेकिन केंद्र सरकार समस्याओं का समाधान करने के बजाय दमनात्मक कार्रवाई कर रही है। नाग ने कहा कि छात्रों पर लाठीचार्ज लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है और कांग्रेस पार्टी छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए उनके साथ खड़ी रहेगी तथा अन्याय के खिलाफ संघर्ष जारी रखेगी। इस पुतला दहन कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य कपिल कांत नाग, धनोरा सरपंच नोहरू मंडावी, कर्रामेटा सरपंच संजीव पोयाम, प्रवीण बरनवाल, सौरभ ठाकुर, निलेश नेगी, सनत कुलदीप, गंगा बघेल, सोनू वैध, विकास नेताम, सगउ मरापी, छोटू शोरी, रवि धुरु, लक्की उइके, शरादू, धर्मेंद्र शोरी, योगेश्वर बघेल, चमन उइके, बीरेंद्र यादव, रुपेश नाग, छबिलाल चक्रधारी, दीपक सोनी, शियाराम पोटाई, मुकेश सलाम और गजेंद्र नाग सहित युवा कांग्रेस एवं एनएसयूआई के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।3
- 'किसान, मजदूर बचाओ अभियान, फेस-3' के तहत जारी किया गया पूरा वीडियो 'AnnaPurna Muhim' यूट्यूब चैनल पर अवश्य देखने की अपील की गई है।1
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से पेपर लीक के सभी मामलों में दोषियों को जल्द से जल्द कठोर दंड देने और केसों के त्वरित निस्तारण के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट्स का गठन करने का निर्णय लिया गया है। विद्यार्थियों के हितों को सुरक्षित करने के लिए सरकार द्वारा लिए जा रहे निर्णयों की श्रृंखला में इसे एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इस संबंध में संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।1
- कोंडागांव पुलिस ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी डोमेन्द्र कोर्राम को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर ग्राम कोंगेरा के पहाड़ी क्षेत्र में घेराबंदी कर आरोपी को धर दबोचा। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल को भी जब्त कर लिया है। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और पॉक्सो एक्ट के तहत कानूनी कार्रवाई की गई है। इसके बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।1