पुलिस विभाग में स्थानांतरण की प्रक्रिया के तहत भगुवापुरा थाना प्रभारी शाकिर अली खान का लाँच थाना स्थानांतरण हो गया है। इस आदेश के जारी होने के बाद क्षेत्रवासियों और समाजसेवियों में एक भावनात्मक माहौल देखने को मिला, जहाँ उनसे मिलने और उन्हें शुभकामनाएँ देने वालों का थाना परिसर में तांता लग गया। मंगलवार सुबह भगुवापुरा थाना परिसर में समाजसेवियों और क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने थाना प्रभारी शाकिर अली खान के सम्मान में एक विदाई समारोह का आयोजन किया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने उन्हें फूल-मालाएँ पहनाकर, मिठाई खिलाकर और स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानपूर्वक विदाई दी। समारोह में लोगों ने उनके कार्यकाल की जमकर सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने एक निष्पक्ष, संवेदनशील और जनहितैषी पुलिस अधिकारी के रूप में अपनी एक अलग पहचान बनाई। आमजन की समस्याओं का गंभीरता से समाधान करना और कानून व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना उनकी कार्यशैली की प्रमुख विशेषता रही। विदाई समारोह को संबोधित करते हुए थाना प्रभारी शाकिर अली खान ने सभी नागरिकों, समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि भगुवापुरा में अपने कार्यकाल के दौरान उन्हें सभी वर्गों से भरपूर सहयोग और स्नेह प्राप्त हुआ, जिसे वे हमेशा याद रखेंगे। उन्होंने लोगों से अपील की कि जिस प्रकार उन्होंने शाकिर अली खान का साथ दिया और समाज में शांति, भाईचारा एवं सौहार्द बनाए रखने में सहयोग किया, उसी प्रकार आगे भी पुलिस प्रशासन का सहयोग करते हुए इस परंपरा को जारी रखें। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समाज की शांति और विकास के लिए पुलिस और जनता के बीच आपसी विश्वास और समन्वय बेहद आवश्यक है।
पुलिस विभाग में स्थानांतरण की प्रक्रिया के तहत भगुवापुरा थाना प्रभारी शाकिर अली खान का लाँच थाना स्थानांतरण हो गया है। इस आदेश के जारी होने के बाद क्षेत्रवासियों और समाजसेवियों में एक भावनात्मक माहौल देखने को मिला, जहाँ उनसे मिलने और उन्हें शुभकामनाएँ देने वालों का थाना परिसर में तांता लग गया। मंगलवार सुबह भगुवापुरा थाना परिसर में समाजसेवियों और क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने थाना प्रभारी शाकिर अली खान के सम्मान में एक विदाई समारोह का आयोजन किया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने उन्हें फूल-मालाएँ पहनाकर, मिठाई खिलाकर और स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानपूर्वक विदाई दी। समारोह में लोगों ने उनके कार्यकाल की जमकर सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने एक निष्पक्ष, संवेदनशील और जनहितैषी पुलिस अधिकारी के रूप में अपनी एक अलग पहचान बनाई। आमजन की समस्याओं का गंभीरता से समाधान करना और कानून व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना उनकी कार्यशैली की प्रमुख विशेषता रही। विदाई समारोह को संबोधित करते हुए थाना प्रभारी शाकिर अली खान ने सभी नागरिकों, समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि भगुवापुरा में अपने कार्यकाल के दौरान उन्हें सभी वर्गों से भरपूर सहयोग और स्नेह प्राप्त हुआ, जिसे वे हमेशा याद रखेंगे। उन्होंने लोगों से अपील की कि जिस प्रकार उन्होंने शाकिर अली खान का साथ दिया और समाज में शांति, भाईचारा एवं सौहार्द बनाए रखने में सहयोग किया, उसी प्रकार आगे भी पुलिस प्रशासन का सहयोग करते हुए इस परंपरा को जारी रखें। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समाज की शांति और विकास के लिए पुलिस और जनता के बीच आपसी विश्वास और समन्वय बेहद आवश्यक है।
- भाण्डेर के ग्राम कनेरा में ग्रामीणों ने बुधवार दोपहर 02 बजे नवीन तहसील कार्यालय पर एसडीएम बृजेन्द्र यादव को एक ज्ञापन सौंपा है। यह ज्ञापन भाण्डेर-सरसई रोड से श्री 1008 हनुमान मंदिर तक जाने वाले मार्ग की दुरुस्ती और पुलिया निर्माण में आ रही बाधा को लेकर दिया गया है। ग्रामीणों ने बताया कि उक्त मार्ग के निर्माण का प्रस्ताव तो है, लेकिन शासकीय रास्ते पर अतिक्रमण होने के कारण काम शुरू नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों की मुख्य मांग है कि ग्राम ततारपुर के सर्वे नंबर 958, 1013, 1018 और ग्राम पट्टी ततारपुर के सर्वे नंबर 865, 875, 1075, 1081 व 1295 पर स्थित शासकीय रास्ते का तत्काल सीमांकन किया जाए। साथ ही, रास्ते पर मेढ़ बनाकर किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए भी उचित कार्रवाई की जाए, ताकि मार्ग की मरम्मत और प्रस्तावित पुलिया का निर्माण समय पर पूरा हो सके। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग के बनने से मंदिर तक आवागमन सुगम होगा और आसपास के लोगों को भी आने-जाने में सुविधा मिलेगी। उन्होंने एसडीएम से इस मामले में शीघ्र कार्रवाई करने की अपील की है।1
- भांडेर के मोनू सेंगर से जुड़े मामले में उनके परिवार ने पुलिस अधीक्षक (SP) से निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।1
- पुलिस विभाग में स्थानांतरण की प्रक्रिया के तहत भगुवापुरा थाना प्रभारी शाकिर अली खान का लाँच थाना स्थानांतरण हो गया है। इस आदेश के जारी होने के बाद क्षेत्रवासियों और समाजसेवियों में एक भावनात्मक माहौल देखने को मिला, जहाँ उनसे मिलने और उन्हें शुभकामनाएँ देने वालों का थाना परिसर में तांता लग गया। मंगलवार सुबह भगुवापुरा थाना परिसर में समाजसेवियों और क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने थाना प्रभारी शाकिर अली खान के सम्मान में एक विदाई समारोह का आयोजन किया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने उन्हें फूल-मालाएँ पहनाकर, मिठाई खिलाकर और स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानपूर्वक विदाई दी। समारोह में लोगों ने उनके कार्यकाल की जमकर सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने एक निष्पक्ष, संवेदनशील और जनहितैषी पुलिस अधिकारी के रूप में अपनी एक अलग पहचान बनाई। आमजन की समस्याओं का गंभीरता से समाधान करना और कानून व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना उनकी कार्यशैली की प्रमुख विशेषता रही। विदाई समारोह को संबोधित करते हुए थाना प्रभारी शाकिर अली खान ने सभी नागरिकों, समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि भगुवापुरा में अपने कार्यकाल के दौरान उन्हें सभी वर्गों से भरपूर सहयोग और स्नेह प्राप्त हुआ, जिसे वे हमेशा याद रखेंगे। उन्होंने लोगों से अपील की कि जिस प्रकार उन्होंने शाकिर अली खान का साथ दिया और समाज में शांति, भाईचारा एवं सौहार्द बनाए रखने में सहयोग किया, उसी प्रकार आगे भी पुलिस प्रशासन का सहयोग करते हुए इस परंपरा को जारी रखें। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समाज की शांति और विकास के लिए पुलिस और जनता के बीच आपसी विश्वास और समन्वय बेहद आवश्यक है।1
- एक बेहद चौंकाने वाली घटना में, एक बेटे ने मात्र ₹40,000 के पीछे अपने पिता की हत्या कर दी। इस जघन्य वारदात के बाद, बेटे ने मृतक पिता के शव को पूरे छह महीने तक एक बक्से में बंद करके रखा।1
- दतिया जिले की बड़ौनी पुलिस ने लगभग 11 महीने पुराने एक अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में मृतक के बेटे नितिन सिंह बुंदेला और उसके ताऊ कल्ली उर्फ अस्पेन्द्र सिंह बुंदेला को गिरफ्तार किया है। हत्या की वजह महज 40 हजार रुपये का विवाद सामने आया है। पुलिस के अनुसार, ग्राम छता निवासी उदयभान सिंह बुंदेला करीब 11 महीने से लापता थे, जिनकी गुमशुदगी उनके भाई शिवसिंह ने 28 जून को बड़ौनी थाने में दर्ज कराई थी। जांच के दौरान पुलिस को मृतक के बेटे नितिन सिंह बुंदेला पर संदेह हुआ। शुरुआती पूछताछ में नितिन ने पुलिस को गुमराह करते हुए बताया कि उसके पिता की मौत ट्रैक्टर के कल्टीवेटर का फाल सिर पर गिरने से हुई थी और घबराकर उसने शव को घर में रखे बक्से में छिपा दिया था। हालांकि, एफएसएल जांच में यह कहानी झूठी निकली। कठोरता से पूछताछ करने पर नितिन ने आखिरकार कबूल किया कि अगस्त 2025 में पिता द्वारा ट्रैक्टर की किस्त के लिए दिए गए 40 हजार रुपये उसने खर्च कर दिए थे। जब पिता लगातार पैसों का हिसाब मांगने लगे, तो उसने सोते समय कुल्हाड़ी से सिर पर कई वार कर उनकी हत्या कर दी। इसके बाद उसने शव को कई महीनों तक घर में एक बक्से में छिपाकर रखा और लोगों से कहता रहा कि उसके पिता काम पर मुंबई गए हैं। लगभग छह महीने बाद, आरोपी नितिन ने पूरी घटना अपने ताऊ कल्ली उर्फ अस्पेन्द्र सिंह बुंदेला को बताई। इसके बाद, दोनों ने मिलकर शव को एक कथरी में लपेटा और सामली नदी में फेंक दिया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर नदी से मृतक की हड्डियां, कपड़े, एक खाट और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद किए हैं। पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल के निर्देशन में, थाना प्रभारी दिनेश सिंह राजपूत और उनकी टीम ने इस ब्लाइंड मर्डर केस का महज एक घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल, दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जा रहा है और मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।1
- दतिया जिले में एक युवती ने अपने ही मामा पर कई वर्षों से शोषण करने का गंभीर आरोप लगाते हुए एक बार फिर जनसुनवाई में आवेदन सौंपा है। पीड़िता का कहना है कि पहले भी उसने संबंधित अधिकारियों और पुलिस प्रशासन से इसकी शिकायत की थी, लेकिन उसकी शिकायत पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है, जिसके चलते उसने न्याय न मिलने पर आत्मदाह की धमकी दी है। मंगलवार को हुई जनसुनवाई में पीड़िता अपने परिजनों के साथ पहुंची और अधिकारियों को लिखित आवेदन देकर निष्पक्ष जांच तथा न्याय की मांग की। युवती ने आरोप लगाया कि उसके मामा ने लंबे समय तक उसका शोषण किया, लेकिन शिकायत के बावजूद आरोपी के खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। न्याय न मिलने के कारण उसे बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। उसने प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से भी इस मामले में हस्तक्षेप कर निष्पक्ष जांच कराने और दोषी के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई करने की अपील की है। जनसुनवाई में अधिकारियों ने आवेदन प्राप्त कर मामले की जांच का आश्वासन दिया है। खबर लिखे जाने तक इस मामले में किसी नई कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई थी। अब सभी की नजर इस बात पर है कि प्रशासन इस गंभीर आरोप की कितनी तेजी और निष्पक्षता से जांच करता है और पीड़िता को न्याय कब तक मिल पाता है। यह समाचार पीड़िता द्वारा लगाए गए आरोपों और जनसुनवाई में दिए गए आवेदन पर आधारित है, जिसकी पुष्टि संबंधित जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही होगी।1
- भारतीय जनता पार्टी के मध्य प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह यादव बुधवार को दतिया के अल्प प्रवास पर पहुंचे। उनके आगमन पर भाजपा पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। प्रवास के दौरान, महेंद्र सिंह यादव ने विश्व प्रसिद्ध पीतांबरा पीठ पहुंचकर जगत जननी मां बगलामुखी के दर्शन किए और विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इसके बाद, उन्होंने वनखंडेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक कर भगवान शिव का आशीर्वाद भी प्राप्त किया। धार्मिक अनुष्ठानों के पश्चात, वे दतिया सर्किट हाउस पहुंचे, जहां भाजपा जिला अध्यक्ष रघुवीर सिंह कुशवाहा के नेतृत्व में पार्टी पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों और कार्यकर्ताओं ने शाल, श्रीफल तथा पुष्पमालाओं से उनका आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर भाजपा जिला महामंत्री अतुल भूरे चौधरी, संघमित्रा अहिरवार, उपाध्यक्ष पंकज गुप्ता, प्रशांत ढेंगुला, प्रवीण पाठक, पुनीत टिलवानी, सतीश यादव, विनोद यादव, राजेश चौहान, भानु ठाकुर, दिनेश शर्मा, अनिल अवस्थी, गौरव दुबे, प्रदीप गुर्जर, प्रशांत निचरेले, शैलेंद्र जाटव, महेंद्र सिंह चौहान, कपिल अहिरवार और अशोक रजक सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। दतिया में अपना प्रवास समाप्त करने के बाद, भाजपा प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह यादव ग्वालियर के लिए रवाना हो गए।1
- किसानों को गुणवत्तापूर्ण कृषि आदान सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से राजस्व एवं कृषि विभाग की एक संयुक्त टीम ने मंगलवार को भाण्डेर में कृषि आदान सामग्री विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों पर सघन छापामार कार्रवाई की। मंगलवार रात 09 बजे प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार, एसडीएम के नेतृत्व में पीताम्बरा ट्रेडर्स और धाकड़ कृषि सेवा केंद्र का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पीताम्बरा ट्रेडर्स पर अभिलेख नियमानुसार पाए गए और बीज के नमूने जांच के लिए एकत्रित किए गए। हालांकि, धाकड़ कृषि सेवा केंद्र पर आवश्यक अभिलेख नहीं मिलने के कारण विक्रेता को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि उर्वरक, बीज एवं कीटनाशक संबंधी नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ लाइसेंस निलंबन, जप्ती और अन्य वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने यह भी बताया कि किसानों के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और यह अभियान आगे भी बिना पूर्व सूचना के लगातार जारी रहेगा।1
- भारत के डिजिटल बनने के बावजूद, लोग साइबर हमलों से जूझ रहे हैं। अक्सर कोई न कोई साइबर हमले का शिकार हो जाता है, जिससे आम जनता में परेशानी बनी हुई है।1