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लखीमपुर खीरी जिले के फूलबेहड़ थाना क्षेत्र के ढकवा गांव में कथित गौकशी की सूचना मिलने के बाद इलाके का माहौल तनावपूर्ण हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और उन्होंने स्थिति को नियंत्रण में लिया। इस घटना के बाद, हिंदू संगठनों ने कथित गौकशी के आरोपियों पर कठोर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। इसके साथ ही, उन्होंने सरकारी जमीन पर बनी कथित अवैध बस्ती को हटाने की भी मांग उठाई। वहीं, कुछ लोगों द्वारा यह दावा भी किया गया है कि वहां रहने वाले कुछ व्यक्ति रोहिंग्या हैं, लेकिन इस दावे की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
Lakhimpur Kheri दस्तक
लखीमपुर खीरी जिले के फूलबेहड़ थाना क्षेत्र के ढकवा गांव में कथित गौकशी की सूचना मिलने के बाद इलाके का माहौल तनावपूर्ण हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और उन्होंने स्थिति को नियंत्रण में लिया। इस घटना के बाद, हिंदू संगठनों ने कथित गौकशी के आरोपियों पर कठोर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। इसके साथ ही, उन्होंने सरकारी जमीन पर बनी कथित अवैध बस्ती को हटाने की भी मांग उठाई। वहीं, कुछ लोगों द्वारा यह दावा भी किया गया है कि वहां रहने वाले कुछ व्यक्ति रोहिंग्या हैं, लेकिन इस दावे की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
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- लखीमपुर खीरी जिले के फूलबेहड़ थाना क्षेत्र के ढकवा गांव में कथित गौकशी की सूचना मिलने के बाद इलाके का माहौल तनावपूर्ण हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और उन्होंने स्थिति को नियंत्रण में लिया। इस घटना के बाद, हिंदू संगठनों ने कथित गौकशी के आरोपियों पर कठोर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। इसके साथ ही, उन्होंने सरकारी जमीन पर बनी कथित अवैध बस्ती को हटाने की भी मांग उठाई। वहीं, कुछ लोगों द्वारा यह दावा भी किया गया है कि वहां रहने वाले कुछ व्यक्ति रोहिंग्या हैं, लेकिन इस दावे की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।1
- बहराइच जिले के मोतीपुर ब्लॉक के तहसील मिहींपुरवा में स्थित ग्राम सभा बेलहन महेशपुर गाँव में रात करीब 8:00 बजे एक मगरमच्छ के निकलने से ग्रामीणों में गहरा डर और दहशत का माहौल व्याप्त है। ग्रामीणों ने इस घटना की सूचना वन विभाग को कई बार दी है, लेकिन इसके बावजूद भी वन विभाग की टीम मौके पर नहीं पहुंची है, जिससे स्थानीय लोगों में चिंता बनी हुई है।1
- सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने के बाद दक्षिण मध्य रेलवे ने नंदीग्राम एक्सप्रेस के फर्स्ट एसी कूपे को 'सुहागरात' की तरह सजाने के मामले में सख्त कदम उठाए हैं। जांच में यह तथ्य सामने आया कि यह घटना 6 जुलाई की है, जब एक दंपति ने फर्स्ट एसी कूपे बुक करने के बाद सजावट के लिए एक निजी ऑनलाइन डेकोरेटर को बुलाया था। इस मामले में रेलवे ने ड्यूटी पर तैनात टिकट चेकर (टीटीई) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इसके साथ ही, ट्रेन में बिना टिकट प्रवेश करके सजावट करने वाले डेकोरेटर के खिलाफ भी रेलवे अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। वर्तमान में मामले की विभागीय जांच जारी है।1
- लखीमपुर खीरी में एक फरियादी महिला का दर्द तब छलक पड़ा जब वह एसपी कार्यालय के बाहर फूट-फूटकर रोने लगी। महिला ने अधिकारियों से गुहार लगाते हुए कहा, 'साहब, मुझे इंसाफ चाहिए।' महिला का आरोप है कि वह लगातार न्याय की गुहार लगा रही है, लेकिन उसे अब तक कहीं से भी इंसाफ नहीं मिल पा रहा है। इस दौरान महिला ने अपनी व्यथा बताते हुए कहा कि वह डीएम और एसपी से मिलने के लिए कार्यालय पहुंची थी, लेकिन उसे दोनों अधिकारियों से मुलाकात करने का मौका नहीं मिला। मायूस होकर लौटी महिला ने अब मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है।1
- फूलबेहड़ थाना क्षेत्र के ग्राम नियामतपुर में कुछ अवशेष मिलने का मामला सामने आया है। इस घटना के संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) श्री पवन गौतम ने एक बयान जारी किया है।1
- लखीमपुर खीरी के एसडीएम मधुसूदन गुप्ता ने हाल ही में एक न्यूज़ लेटर का विमोचन किया। यह न्यूज़ लेटर विशेष रूप से सामाजिक सरोकारों पर केंद्रित है और इसके शुभारंभ के साथ ही महिला सशक्तिकरण तथा जनजागरूकता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेष जोर दिया गया है।1
- लखीमपुर खीरी में पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची एक महिला फरियादी का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। महिला ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि उसे इंसाफ चाहिए। महिला का स्पष्ट आरोप है कि बार-बार न्याय की गुहार लगाने के बावजूद उसे कहीं से भी न्याय नहीं मिल पा रहा है। महिला का दावा है कि वह अपनी शिकायत लेकर जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से मिलने पहुंची थी, लेकिन उसे दोनों ही अधिकारियों से मुलाकात का अवसर नहीं मिला। इस घटना के बाद अब सवाल उठ रहे हैं कि आखिर फरियाद लेकर दफ्तरों के चक्कर काट रही महिलाओं की सुनवाई कब होगी और उन्हें न्याय कब मिलेगा?1
- ऋषिकेश में नदी के तेज बहाव के बावजूद उसे पार करने की कोशिश के दौरान एक स्कूटी सवार बीच मझधार में फँस गया। गनीमत रही कि लोग समय रहते मौके पर पहुँच गए और स्कूटी सवार को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। यदि स्कूटी 8 से 10 कदम और आगे बढ़ जाती, तो स्कूटी सवार का वाहन सहित तेज धार में बह जाना तय था।1