हमीपुर के सुमेरपुर ब्लाक स्थित ग्राम पंचायत बांकी में नदेहरा संपर्क मार्ग से ललपुरा मार्ग को जोड़ने वाला मुख्य रास्ता दलदल में तब्दील हो गया है, जिससे ग्रामीण अत्यधिक परेशान हैं। इस प्रमुख रास्ते पर जलभराव और कीचड़ के कारण लोगों को आवागमन में भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। बांकी निवासी अमित प्रजापति, गंगाराम प्रजापति, रामकृपाल सविता और अतुल द्विवेदी जैसे कई ग्रामीणों ने बताया कि शिकायतों के बावजूद इस समस्या का कोई समाधान नहीं किया जा रहा है। ग्राम प्रधान जीवन श्रीवास ने स्वीकार किया है कि रास्ते की लंबाई अधिक होने के कारण ग्राम पंचायत के बजट से इसका निर्माण कराना असंभव है। इसलिए, उन्होंने विधायक, एमएलसी, सांसद और जिला पंचायत अध्यक्ष को पत्र भेजकर इस मार्ग को बनवाने की मांग की है, क्योंकि यह कार्य केवल इन जनप्रतिनिधियों के बजट से ही संभव है।
हमीपुर के सुमेरपुर ब्लाक स्थित ग्राम पंचायत बांकी में नदेहरा संपर्क मार्ग से ललपुरा मार्ग को जोड़ने वाला मुख्य रास्ता दलदल में तब्दील हो गया है, जिससे ग्रामीण अत्यधिक परेशान हैं। इस प्रमुख रास्ते पर जलभराव और कीचड़ के कारण लोगों को आवागमन में भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। बांकी निवासी अमित प्रजापति, गंगाराम प्रजापति, रामकृपाल सविता और अतुल द्विवेदी जैसे कई ग्रामीणों ने बताया कि शिकायतों के बावजूद इस समस्या का कोई समाधान नहीं किया जा रहा है। ग्राम प्रधान जीवन श्रीवास ने स्वीकार किया है कि रास्ते की लंबाई अधिक होने के कारण ग्राम पंचायत के बजट से इसका निर्माण कराना असंभव है। इसलिए, उन्होंने विधायक, एमएलसी, सांसद और जिला पंचायत अध्यक्ष को पत्र भेजकर इस मार्ग को बनवाने की मांग की है, क्योंकि यह कार्य केवल इन जनप्रतिनिधियों के बजट से ही संभव है।
- मौदहा रेलवे अंडरपास के पास बाइक सवार तीन अज्ञात व्यक्तियों द्वारा एक शिक्षक पर फायरिंग किए जाने की घटना सामने आई है। इस घटना में राहत की बात यह रही कि शिक्षक को किसी प्रकार की कोई शारीरिक चोट अथवा क्षति नहीं हुई है। पीड़ित शिक्षक की शिकायत के आधार पर थाना मौदहा में तीन अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। थाना मौदहा पुलिस सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध माध्यमों की सहायता से अभियुक्तों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। इस मामले में विवेचनात्मक कार्यवाही लगातार जारी है।1
- कानपुर नगर के घाटमपुर क्षेत्र के पचखुरा गांव में एक अत्यंत दुखद घटना सामने आई है, जहाँ धमना बुजुर्ग निवासी ओमप्रकाश गौतम की 22 वर्षीय पुत्री और कक्षा 12 की छात्रा अंजुली गौतम का निधन हो गया। यह घटना बृहस्पतिवार की शाम लगभग 6:00 बजे हुई, जब खाना बनाते समय छात्रा को किसी जहरीले कीड़े ने काट लिया, जिससे उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। परिजन उन्हें उपचार के लिए तुरंत सरकारी अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया। इस घटना की सूचना मिलते ही घाटमपुर के अरविंद कुमार बौद्ध शोक संतप्त परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और उन्हें हर संभव सहयोग का भरोसा दिलाया। इस दौरान स्थानीय पुलिस प्रशासन के अधिकारी और क्षेत्र के सम्मानित ग्रामीण भी मौजूद रहे।2
- Post by Jitendra kumar कोरी1
- मौदहा नगर में पुरानी स्टेट बैंक के पास लगे एक बिजली के पोल में करंट उतरने की आशंका से स्थानीय लोगों में गहरी दहशत है। लोगों का कहना है कि हल्की बारिश होते ही इस पोल में चिंगारी निकलने लगती है, जिससे उन्हें हर समय किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है। स्थानीय नागरिकों ने बिजली विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि इस संबंध में कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। लोगों ने विभागीय अधिकारियों से तुरंत पोल की जाँच करवाकर आवश्यक मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।1
- जालौन जिले की कालपी तहसील के जीतामऊ गांव में यमुना नदी के भीतर कथित रूप से अवैध तरीके से मछली शिकार किए जाने का मामला सामने आया है। स्थानीय ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि यमुना नदी में लंबे समय से नियमों के विपरीत मछलियों का शिकार किया जा रहा है, लेकिन संबंधित जिम्मेदार विभागों द्वारा इस पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है। ग्रामीणों ने इस अवैध गतिविधि के लिए स्थानीय पुलिस और मत्स्य विभाग की कथित मिलीभगत को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कुछ व्यक्तियों के नाम लेते हुए गंभीर आरोप भी लगाए हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है और खबर लिखे जाने तक किसी भी संबंधित पक्ष या अधिकारी का आधिकारिक बयान प्राप्त नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने अब इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग की है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई पर जोर दिया है। उनका कहना है कि अवैध शिकार से यमुना नदी की मत्स्य संपदा और स्थानीय पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। प्रशासन से उम्मीद जताई जा रही है कि वह इस मामले का संज्ञान लेगा और सच्चाई सामने लाएगा।2
- मौदहा रेलवे अंडरपास के पास बाइक सवार तीन अज्ञात व्यक्तियों द्वारा एक शिक्षक पर फायर किए जाने की घटना सामने आई है। हालांकि, इस घटना में किसी प्रकार की कोई शारीरिक चोट या क्षति नहीं हुई है। पीड़ित शिक्षक की तहरीर के आधार पर, थाना मौदहा में तीन अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। थाना मौदहा पुलिस सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध माध्यमों का इस्तेमाल कर अभियुक्तों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। इस प्रकरण में विवेचनात्मक कार्यवाही अभी भी जारी है, जैसा कि श्रीमान क्षेत्राधिकारी मौदहा ने बताया।1
- कानपुर देहात के रूरा थाना क्षेत्र में आम खरीदने को लेकर हुए विवाद के बाद एक महिला के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। घटना 7 जुलाई 2026 की है, जब नंदपुर निवासी श्रीमती पिंकी देवी अपने पति गया प्रसाद और पुत्र कुलदीप के साथ रूरा थाना अंतर्गत ग्राम अम्बापुर अपनी रिश्तेदारी में जा रही थी। रास्ते में रूरा नहर पुल के पास दिलशाद की आम की दुकान पर आम खरीदने को लेकर विवाद हो गया था, जिस पर पुलिस ने तत्काल निरोधात्मक कार्यवाही की थी। मामला तब और गहरा गया जब 9 जुलाई 2026 को श्रीमती पिंकी देवी ने अपने पुत्र कुलदीप के साथ थाना रूरा में पुनः प्रार्थना पत्र दिया। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर विवेचना शुरू कर दी है। पुलिस ने मामले में नामजद अभियुक्तों दिलशाद और लवकुश को गिरफ्तार कर लिया है और अग्रिम कार्यवाही की जा रही है। इस प्रकरण के संबंध में क्षेत्राधिकारी अकबरपुर, श्री संजय सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि रूरा कस्बे में फल विक्रेता द्वारा महिला के साथ मारपीट की गई थी, जिसके बाद उचित कानूनी कार्यवाही की जा रही है।1
- हमीरपुर में राठ-बिखराया मार्ग पर काजीपुरा पुलिया के पास सड़क के बीच बना एक विशाल गड्ढा राहगीरों और वाहन चालकों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है। लोक निर्माण विभाग (PWD) खंड संख्या-2 की घोर उदासीनता के कारण यह गड्ढा पिछले लगभग एक वर्ष से बिना मरम्मत के पड़ा है, जिससे हर पल दुर्घटना का गंभीर खतरा बना हुआ है। विशेष रूप से बरसात के मौसम में, जब गड्ढे में पानी भर जाता है, तो इसकी गहराई का अनुमान लगाना असंभव हो जाता है। ऐसी स्थिति में दोपहिया और चारपहिया वाहनों के साथ-साथ पैदल चलने वाले लोगों के लिए भी हर कदम पर दुर्घटना का जोखिम रहता है। प्रतिदिन हजारों वाहन इस मार्ग से गुजरते हैं, और विभाग की लापरवाही लोगों को अपनी जान जोखिम में डालकर यात्रा करने पर मजबूर कर रही है। स्थानीय निवासियों का दावा है कि इस स्थान पर कई छोटे-बड़े हादसे पहले भी हो चुके हैं, फिर भी लोक निर्माण विभाग ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया और न ही जनप्रतिनिधियों ने इस गंभीर समस्या पर ध्यान दिया। लोगों का आरोप है कि शिकायतों के बावजूद विभाग केवल आश्वासन देता रहा, जबकि सड़क की हालत लगातार बिगड़ती चली गई। क्षेत्रवासियों ने संबंधित अधिकारियों से तत्काल इस जानलेवा गड्ढे की मरम्मत कर सड़क को सुरक्षित बनाने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है, जिसकी पूरी जवाबदेही संबंधित विभाग की होगी। अब यह बड़ा सवाल उठता है कि क्या लोक निर्माण विभाग किसी बड़ी दुर्घटना की प्रतीक्षा कर रहा है, या फिर लोगों के जीवन को बचाने के लिए इस खतरनाक गड्ढे की मरम्मत समय पर की जाएगी?1