जहानाबाद नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी दीनानाथ सिंह की कार्यशैली और शहर में ठप पड़े विकास कार्यों के विरोध में शुक्रवार को सभी 33 वार्ड पार्षदों ने नगर परिषद कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। इस विरोध प्रदर्शन में मुख्य वार्ड पार्षद, उप मुख्य वार्ड पार्षद, पिंटू रजक और स्थायी सशक्त समिति के अध्यक्ष संजय कुमार सहित सभी पार्षद शामिल हुए। धरने पर बैठे पार्षदों ने सात सूत्री मांगों को लेकर नगर प्रशासन पर जनहित के मुद्दों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बरसात के मौसम के बावजूद नालों की समुचित सफाई न होने से जलजमाव का खतरा बढ़ गया है, साथ ही कई इलाकों में स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था भी बदहाल है। पार्षदों का आरोप है कि स्थायी सशक्त समिति द्वारा मंजूर की गई विकास योजनाओं को कार्यपालक पदाधिकारी जानबूझकर लंबित रखे हुए हैं और वे मनमानी तथा तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। पार्षदों ने स्पष्ट किया कि प्रशासनिक उदासीनता के कारण आम जनता को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है और जनता द्वारा जवाब मांगे जाने पर नगर परिषद प्रशासन बाधा बन रहा है। प्रदर्शनकारी पार्षदों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं की जाती और विकास कार्यों में तेजी नहीं लाई जाती, तब तक यह धरना जारी रहेगा।
जहानाबाद नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी दीनानाथ सिंह की कार्यशैली और शहर में ठप पड़े विकास कार्यों के विरोध में शुक्रवार को सभी 33 वार्ड पार्षदों ने नगर परिषद कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। इस विरोध प्रदर्शन में मुख्य वार्ड पार्षद, उप मुख्य वार्ड पार्षद, पिंटू रजक और स्थायी सशक्त समिति के अध्यक्ष संजय कुमार सहित सभी पार्षद शामिल हुए। धरने पर बैठे पार्षदों ने सात सूत्री मांगों को लेकर नगर प्रशासन पर जनहित के मुद्दों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बरसात के मौसम के बावजूद नालों की समुचित सफाई न होने से जलजमाव का खतरा बढ़ गया है, साथ ही कई इलाकों में स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था भी बदहाल है। पार्षदों का आरोप है कि स्थायी सशक्त समिति द्वारा मंजूर की गई विकास योजनाओं को कार्यपालक पदाधिकारी जानबूझकर लंबित रखे हुए हैं और वे मनमानी तथा तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। पार्षदों ने स्पष्ट किया कि प्रशासनिक उदासीनता के कारण आम जनता को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है और जनता द्वारा जवाब मांगे जाने पर नगर परिषद प्रशासन बाधा बन रहा है। प्रदर्शनकारी पार्षदों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं की जाती और विकास कार्यों में तेजी नहीं लाई जाती, तब तक यह धरना जारी रहेगा।
- जहानाबाद शहर को जलजमाव की समस्या से निजात दिलाने और नालों की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से नगर परिषद ने शुक्रवार को एक सख्त अतिक्रमण विरोधी अभियान शुरू किया। जिला प्रशासन के निर्देश पर नगर परिषद की टीम ने काको मोड़ से प्राचीन देवी मंदिर तक और स्टेशन रोड की ओर नालों के किनारे जमे अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई की। इस दौरान जेसीबी मशीन का उपयोग कर नालों के ऊपर बनाई गई कई दुकानों, शेड और अन्य अस्थायी ढांचों को ध्वस्त कर दिया गया। नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी दीनानाथ सिंह ने बताया कि नालों पर हुए अवैध अतिक्रमण के कारण पानी का प्राकृतिक प्रवाह पूरी तरह बाधित हो गया था, जिससे बरसात में शहर में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो रही थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि अतिक्रमण के कारण नाले में पानी के प्रवेश के रास्ते बंद हो गए थे, जिसके चलते सफाई कर्मियों को गाद निकालने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा था। दीनानाथ सिंह के अनुसार, संबंधित लोगों को पहले कई बार चेतावनी दी गई थी, लेकिन स्वेच्छा से अतिक्रमण नहीं हटाने के कारण प्रशासन को यह सख्त कदम उठाना पड़ा। यह अभियान काको मोड़ से शुरू होकर अब स्टेशन रोड की ओर आगे बढ़ाया जाएगा।1
- पटना जिले के बिहटा स्थित राघोपुर गांव में पूर्व मुखिया संजय कुमार यादव की हत्या के मामले की जांच करने के लिए पटना पश्चिमी सिटी एसपी संकेत कुमार घटनास्थल पर पहुंचे। इस घटना के विरोध में स्थानीय लोगों ने सड़क जाम कर दी थी, जिसके बाद सिटी एसपी ने उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। पुलिस ने मृतक के शव को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया है। फिलहाल हत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस का कहना है कि पूरी स्थिति पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी।1
- पटना जिले के बिहटा स्थित राघोपुर के पूर्व मुखिया संजय यादव की हत्या कर दी गई है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और मामले की जांच को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। स्थानीय स्तर पर इस हत्याकांड की परिस्थितियों और इसके पीछे की वजहों को लेकर हर कोई सवाल पूछ रहा है।1
- प्रशांत किशोर ने भाजपा उम्मीदवार के नाम वापस लेने की घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि जन बल के आगे कोई अन्य बल नहीं टिक सकता। उन्होंने इसे एक महत्वपूर्ण घटना बताते हुए दावा किया कि अब तक लोग भाजपा के डर से भागते थे, लेकिन यह पहली बार हुआ है कि भाजपा का उम्मीदवार ही मैदान छोड़कर भाग गया है। प्रशांत किशोर ने इस स्थिति को 'जन सुराज' के प्रभाव से जोड़ते हुए कहा कि भाजपा उम्मीदवार का मैदान से हटना जन सुराज के डर का परिणाम है। उनके अनुसार, यह घटना न्याय की जीत की तरह है।1
- पटना के दानापुर-सह-खगौल क्षेत्र से जुड़ी बड़ी माता माँ के भक्ति गीतों को प्रस्तुत किया गया है। ये भक्तिमय रचनाएँ माँ की स्तुति और भक्ति भाव को समर्पित हैं।1
- जहानाबाद नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी दीनानाथ सिंह की कार्यशैली और शहर में ठप पड़े विकास कार्यों के विरोध में शुक्रवार को सभी 33 वार्ड पार्षदों ने नगर परिषद कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। इस विरोध प्रदर्शन में मुख्य वार्ड पार्षद, उप मुख्य वार्ड पार्षद, पिंटू रजक और स्थायी सशक्त समिति के अध्यक्ष संजय कुमार सहित सभी पार्षद शामिल हुए। धरने पर बैठे पार्षदों ने सात सूत्री मांगों को लेकर नगर प्रशासन पर जनहित के मुद्दों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बरसात के मौसम के बावजूद नालों की समुचित सफाई न होने से जलजमाव का खतरा बढ़ गया है, साथ ही कई इलाकों में स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था भी बदहाल है। पार्षदों का आरोप है कि स्थायी सशक्त समिति द्वारा मंजूर की गई विकास योजनाओं को कार्यपालक पदाधिकारी जानबूझकर लंबित रखे हुए हैं और वे मनमानी तथा तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। पार्षदों ने स्पष्ट किया कि प्रशासनिक उदासीनता के कारण आम जनता को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है और जनता द्वारा जवाब मांगे जाने पर नगर परिषद प्रशासन बाधा बन रहा है। प्रदर्शनकारी पार्षदों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं की जाती और विकास कार्यों में तेजी नहीं लाई जाती, तब तक यह धरना जारी रहेगा।1
- पटना जिले के मसौढ़ी अनुमंडल के लहसुना थाना क्षेत्र स्थित हरबंशपुर डोमाचक गांव में गुरुवार की शाम मिड-डे मील के विवाद के चलते खूनी संघर्ष हुआ। अपराधियों ने एक युवक के घर पर पहुंचकर ताबड़तोड़ फायरिंग की, जिसमें अरुण कुमार उर्फ जयमाला गंभीर रूप से घायल हो गए। अरुण कुमार के दोनों पैरों में गोली लगी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह घटना चंदनपुर हाई स्कूल में एक एनजीओ द्वारा मिड-डे मील की आपूर्ति को लेकर चल रहे विवाद के विरोध के बाद हुई है। घटना की सूचना मिलते ही लहसुना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल अरुण कुमार को इलाज के लिए मसौढ़ी अनुमंडलीय अस्पताल ले गई। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें पटना पीएमसीएच रेफर कर दिया, जहां वे अभी चिकित्सकीय निगरानी में हैं। लहसुना थाना अध्यक्ष ने बताया कि आरोपितों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की सभी पहलुओं से जांच जारी है और दोषियों पर शीघ्र कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1