शाहपुरा के कलिजरी गेट स्थित श्री शिव जाट छात्रावास में अध्यक्ष और नई कार्यकारिणी के चुनाव के लिए संचालन समिति की घोषणा की गई है। स्वर्गीय बन्ना लाल जी जाट के निधन के बाद, जो लगभग 20 साल तक छात्रावास के निरंतर अध्यक्ष रहे थे, इस चुनाव की आवश्यकता पड़ी। जाट छात्रावास शाहपुरा के विधिक सलाहकार और प्रवक्ता एडवोकेट रामप्रसाद जाट के अनुसार, छात्रावास ने एक लंबा सदस्यता अभियान चलाया। इस अभियान के तहत, ₹5100 शुल्क के साथ कुल 16 आजीवन सदस्य बने, वहीं ₹2100 एकमुश्त व ₹100 प्रतिवर्ष के हिसाब से कुल 271 समाज बंधुओं ने सदस्यता ग्रहण की। साथ ही, 2005 से बने हुए सदस्यों ने भी अपनी बकाया शुल्क जमा कर सदस्यता का नवीनीकरण करवाया। इस सदस्यता अभियान की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह रही कि पहली बार सात महिलाओं ने बालिका छात्रावास के सपने के साथ सदस्यता ली। सदस्यता अभियान की समाप्ति के बाद, छात्रावास अध्यक्ष चुनाव को लेकर आज चुनाव संचालन समिति का गठन कर चुनाव प्रक्रिया की घोषणा की गई। इस संचालन समिति में कुल 7 सदस्य शामिल किए गए हैं, जिनमें जगदीश चंद्र बारोड़िया बचखेड़ा, रतनलाल सौराणा हुकमपुरा, सुवालाल खिकड़ेल तस्वारिया बांसा, ओमप्रकाश गठाला सांपला, चांदमल खिकड़ेल पंडेर, बेनाथ रणवा आमली कालू सिंह और रामप्रसाद मोती दगोलिया एडवोकेट कादीसहना शामिल हैं। चुनाव संचालन समिति द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार, 21 जून 2026 को सुबह 11:15 बजे से 12 बजे तक फार्म जमा किए जाएंगे। इसके बाद, दोपहर 12:00 बजे से 12:30 बजे तक फार्मों की जांच होगी और 12:30 बजे से 1:00 बजे तक फार्म उठाने का समय निर्धारित किया गया है। दोपहर 1:30 बजे चुनाव लड़ने वाले इच्छुक उम्मीदवारों की सूची का प्रकाशन किया जाएगा। यदि निर्विरोध निर्वाचन या सर्वसम्मति नहीं बन पाती है, तो चुनाव के लिए 21 जून 2026 के बाद एक आगामी तारीख घोषित की जाएगी, जिस पर मतदान होगा।
शाहपुरा के कलिजरी गेट स्थित श्री शिव जाट छात्रावास में अध्यक्ष और नई कार्यकारिणी के चुनाव के लिए संचालन समिति की घोषणा की गई है। स्वर्गीय बन्ना लाल जी जाट के निधन के बाद, जो लगभग 20 साल तक छात्रावास के निरंतर अध्यक्ष रहे थे, इस चुनाव की आवश्यकता पड़ी। जाट छात्रावास शाहपुरा के विधिक सलाहकार और प्रवक्ता एडवोकेट रामप्रसाद जाट के अनुसार, छात्रावास ने एक लंबा सदस्यता अभियान चलाया। इस अभियान के तहत, ₹5100 शुल्क के साथ कुल 16 आजीवन सदस्य बने, वहीं ₹2100 एकमुश्त व ₹100 प्रतिवर्ष के हिसाब से कुल 271 समाज बंधुओं ने सदस्यता ग्रहण की। साथ ही, 2005 से बने हुए सदस्यों ने भी अपनी बकाया शुल्क जमा कर सदस्यता का नवीनीकरण करवाया। इस सदस्यता अभियान की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह रही कि पहली बार सात महिलाओं ने बालिका छात्रावास के सपने के साथ सदस्यता ली। सदस्यता अभियान की समाप्ति के बाद, छात्रावास अध्यक्ष चुनाव को लेकर आज चुनाव संचालन समिति का गठन कर चुनाव प्रक्रिया की घोषणा की गई। इस संचालन समिति में कुल 7 सदस्य शामिल किए गए हैं, जिनमें जगदीश चंद्र बारोड़िया बचखेड़ा, रतनलाल सौराणा हुकमपुरा, सुवालाल खिकड़ेल तस्वारिया बांसा, ओमप्रकाश गठाला सांपला, चांदमल खिकड़ेल पंडेर, बेनाथ रणवा आमली कालू सिंह और रामप्रसाद मोती दगोलिया एडवोकेट कादीसहना शामिल हैं। चुनाव संचालन समिति द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार, 21 जून 2026 को सुबह 11:15 बजे से 12 बजे तक फार्म जमा किए जाएंगे। इसके बाद, दोपहर 12:00 बजे से 12:30 बजे तक फार्मों की जांच होगी और 12:30 बजे से 1:00 बजे तक फार्म उठाने का समय निर्धारित किया गया है। दोपहर 1:30 बजे चुनाव लड़ने वाले इच्छुक उम्मीदवारों की सूची का प्रकाशन किया जाएगा। यदि निर्विरोध निर्वाचन या सर्वसम्मति नहीं बन पाती है, तो चुनाव के लिए 21 जून 2026 के बाद एक आगामी तारीख घोषित की जाएगी, जिस पर मतदान होगा।
- भीलवाड़ा जिले में सहकारी समितियों में बड़े पैमाने पर घपले का आरोप सामने आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इन सहकारी समितियों में लगभग 3 हजार खाद कट्टों से जुड़ी गंभीर अनियमितताएं पाई गई हैं।1
- आज मंडफिया धाम में प्रभु श्री सांवलिया सेठ जी के मंगला आरती के दर्शन हुए। इस अवसर पर, सभी खबरें देखने और खबरें साझा करके कमाई करने के लिए शुरू ऐप डाउनलोड करने का संदेश दिया गया है।1
- ब्यावर जिले की ग्राम पंचायत जैताखेड़ा के गांव हीरा का बाड़िया निवासी एक महिला ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर मारपीट, अभद्रता और जानलेवा हमले के आरोप लगाए हैं। महिला ने इस मामले में मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। पीड़िता का आरोप है कि उसकी शिकायत पर थाने में कोई सुनवाई नहीं हुई और न ही उसका मेडिकल कराया गया। इसी कारण महिला ने जिला पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाई है।1
- मेक्सिको सिटी में एक बतख के वायरल होने की खबर सामने आई है, जिसके बारे में जानने को लोग काफी उत्सुक हैं। यह बतख क्यों वायरल हो रहा है और लोग इसके बारे में क्यों जानना चाहते हैं, यह चर्चा का विषय बन गया है। बताया जा रहा है कि इस बतख के कारण लोग काफी खुश हो रहे हैं। इसी प्रकार की स्पोर्ट्स न्यूज़ के लिए सब्सक्राइब करना न भूलने का आग्रह भी किया गया है।1
- एक दहेज मृत्यु का मामला झूठा पाए जाने के बाद एक नया सवाल खड़ा हो गया है: जब्त किए गए करोड़ों के जेवर कहाँ गायब हो गए? इस सवाल के जवाब में दावा किया गया कि 'बंदर उन जेवरों को ले गए'। इस हास्यास्पद जवाब पर अब जनता यह पूछ रही है कि क्या इतने शातिर बंदर थे, या यह कहानी ही चालाकी भरी है। करोड़ों रुपये के जेवरों के गायब होने पर ऐसा अटपटा जवाब मिलने के बाद सवाल उठना स्वाभाविक है। यह आवश्यक है कि सच सामने आए, जिसके लिए एक निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। जनता का विश्वास तभी बना रह सकता है जब जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित की जाए।1
- निंबाहेड़ा सर्कल को नए डिप्टी मिल गए हैं, जहाँ शिवप्रकाश टेलर ने अपना पदभार संभाल लिया है। इसी के साथ बद्रीलाल राव को भावभीनी विदाई दी गई।1
- जनता बार-बार चिल्लाकर गुहार लगा रही थी कि गोली न चलाई जाए। इस सबके बावजूद, एक व्यक्ति द्वारा अपना तमंचा फेंक देने के बाद भी उसका एनकाउंटर कर दिया गया।1
- चित्तौड़गढ़ जिले के गंगरार उपखंड के मूंगा का खेड़ा गांव में शनिवार को एक अनोखी रेस्क्यू कार्रवाई देखने को मिली। यहाँ, एक कुएं से 35 वर्षीय कालू किर का शव निकालने के दौरान, शव के पास तीन सांप मौजूद थे, जिससे सीधे तौर पर शव को बाहर निकालना बेहद मुश्किल हो गया था। घटना की सूचना मिलते ही गंगरार पुलिस और सिविल डिफेंस टीम मौके पर पहुँची। कुएं में सांपों को देखकर वन विभाग और चित्तौड़गढ़ वन्यजीव एवं पर्यावरण संरक्षण समिति को भी बुलाया गया। पीयूष कांबले, राम कुमार साहू, मुबारिक खान और मयूर गोसावी ने रस्सी के सहारे कुएं में उतरकर तीनों सांपों को सुरक्षित रूप से ज़िंदा पकड़ा। इसके बाद सिविल डिफेंस टीम ने मृतक का शव कुएं से सफलतापूर्वक बाहर निकाला। पुलिस, सिविल डिफेंस और वन्यजीव टीम के इस संयुक्त प्रयास से यह चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन सफल रहा।1
- राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले के गंगरार उपखंड स्थित मूंगा खेड़ा गांव में खेत पर काम करते समय किसान कालू कीर एक कुएं में गिर गए। इस घटना की सूचना मिलते ही सिविल डिफेंस, पुलिस और हिन्दुस्तान जिंक की बचाव टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। बचाव कार्य के दौरान कुएं में सांपों की मौजूदगी सामने आई, जिससे अभियान प्रभावित हुआ और उसमें बाधा उत्पन्न हुई। इसके बाद, वन विभाग की टीम को बुलाया गया, जिसने कुएं से तीन जहरीले सांपों को सुरक्षित बाहर निकाला और उन्हें जंगल में छोड़ा। सांपों का खतरा टलने के बाद, बचाव दल ने किसान कालू कीर के शव को कुएं से बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए गंगरार चिकित्सालय पहुंचाया।1