राजस्थान के शाहपुरा में राजकीय उप जिला चिकित्सालय की बदहाली और अव्यवस्थाओं को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार के चिकित्सा मंत्री को ज्ञापन सौंपा। ब्लॉक अध्यक्ष नाथूलाल सैनी और नगर कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश खुड़ानिया के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन के जरिए अस्पताल की बदहाल स्वास्थ्य सुविधाओं की ओर मंत्री का ध्यान आकर्षित किया गया। ज्ञापन में बताया गया कि अस्पताल में रोजाना 5,000 से अधिक की ओपीडी होने के बावजूद सिर्फ एक ही एक्स-रे मशीन उपलब्ध है, जिसके कारण मरीजों की भारी भीड़ उमड़ती है। मजबूरी में शाहपुरा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के मरीजों को निजी अस्पतालों में जांच करानी पड़ रही है, जिससे उन पर आर्थिक और मानसिक बोझ पड़ रहा है। इसके अलावा अस्पताल में सोनोग्राफी मशीन मौजूद होने के बावजूद विशेषज्ञ (रेडियोलॉजिस्ट) डॉक्टर न होने से वह शोपीस बनी हुई है। परिसर में चारों तरफ गंदगी फैली होने से संक्रमण का डर बना रहता है, वहीं गायनिक वार्ड में जगह की कमी के कारण एक-एक बेड पर तीन-तीन, चार-चार महिलाओं को भर्ती किया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं ने चिकित्सा मंत्री से अस्पताल में नई एक्स-रे मशीन उपलब्ध कराने, नियमित विशेषज्ञ डॉक्टर की नियुक्ति करने और जल्द से जल्द ट्रॉमा सेंटर का निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। इस दौरान एनएसयूआई जिलाध्यक्ष निहाल पलसानिया, खेलकूद प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव वकील खान, मूलचंद रावत, रामेश्वर गोरेटा, जितेंद्र शर्मा, आलोक खंडेलवाल, हेमचंद जाट, मदन लाल बुनकर, सुभाष धानका, सुभाष यादव, लोकेश सामोता, बंशीधर मीणा, सीताराम देवंदा, हंसराज देवन्दा और राजू देवन्दा समेत सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
राजस्थान के शाहपुरा में राजकीय उप जिला चिकित्सालय की बदहाली और अव्यवस्थाओं को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार के चिकित्सा मंत्री को ज्ञापन सौंपा। ब्लॉक अध्यक्ष नाथूलाल सैनी और नगर कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश खुड़ानिया के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन के जरिए अस्पताल की बदहाल स्वास्थ्य सुविधाओं की ओर मंत्री का ध्यान आकर्षित किया गया। ज्ञापन में बताया गया कि अस्पताल में रोजाना 5,000 से अधिक की ओपीडी होने के बावजूद सिर्फ एक ही एक्स-रे मशीन उपलब्ध है, जिसके कारण मरीजों की भारी भीड़ उमड़ती है। मजबूरी में शाहपुरा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के मरीजों को निजी अस्पतालों में जांच करानी पड़ रही है, जिससे उन पर आर्थिक और मानसिक बोझ पड़ रहा है। इसके अलावा अस्पताल में सोनोग्राफी मशीन मौजूद होने के बावजूद विशेषज्ञ (रेडियोलॉजिस्ट) डॉक्टर न होने से वह शोपीस बनी हुई है। परिसर में चारों तरफ गंदगी फैली होने से संक्रमण का डर बना रहता है, वहीं गायनिक वार्ड में जगह की कमी के कारण एक-एक बेड पर तीन-तीन, चार-चार महिलाओं को भर्ती किया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं ने चिकित्सा मंत्री से अस्पताल में नई एक्स-रे मशीन उपलब्ध कराने, नियमित विशेषज्ञ डॉक्टर की नियुक्ति करने और जल्द से जल्द ट्रॉमा सेंटर का निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। इस दौरान एनएसयूआई जिलाध्यक्ष निहाल पलसानिया, खेलकूद प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव वकील खान, मूलचंद रावत, रामेश्वर गोरेटा, जितेंद्र शर्मा, आलोक खंडेलवाल, हेमचंद जाट, मदन लाल बुनकर, सुभाष धानका, सुभाष यादव, लोकेश सामोता, बंशीधर मीणा, सीताराम देवंदा, हंसराज देवन्दा और राजू देवन्दा समेत सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
- राजस्थान के शाहपुरा में राजकीय उप जिला चिकित्सालय की बदहाली और अव्यवस्थाओं को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार के चिकित्सा मंत्री को ज्ञापन सौंपा। ब्लॉक अध्यक्ष नाथूलाल सैनी और नगर कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश खुड़ानिया के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन के जरिए अस्पताल की बदहाल स्वास्थ्य सुविधाओं की ओर मंत्री का ध्यान आकर्षित किया गया। ज्ञापन में बताया गया कि अस्पताल में रोजाना 5,000 से अधिक की ओपीडी होने के बावजूद सिर्फ एक ही एक्स-रे मशीन उपलब्ध है, जिसके कारण मरीजों की भारी भीड़ उमड़ती है। मजबूरी में शाहपुरा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के मरीजों को निजी अस्पतालों में जांच करानी पड़ रही है, जिससे उन पर आर्थिक और मानसिक बोझ पड़ रहा है। इसके अलावा अस्पताल में सोनोग्राफी मशीन मौजूद होने के बावजूद विशेषज्ञ (रेडियोलॉजिस्ट) डॉक्टर न होने से वह शोपीस बनी हुई है। परिसर में चारों तरफ गंदगी फैली होने से संक्रमण का डर बना रहता है, वहीं गायनिक वार्ड में जगह की कमी के कारण एक-एक बेड पर तीन-तीन, चार-चार महिलाओं को भर्ती किया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं ने चिकित्सा मंत्री से अस्पताल में नई एक्स-रे मशीन उपलब्ध कराने, नियमित विशेषज्ञ डॉक्टर की नियुक्ति करने और जल्द से जल्द ट्रॉमा सेंटर का निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। इस दौरान एनएसयूआई जिलाध्यक्ष निहाल पलसानिया, खेलकूद प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव वकील खान, मूलचंद रावत, रामेश्वर गोरेटा, जितेंद्र शर्मा, आलोक खंडेलवाल, हेमचंद जाट, मदन लाल बुनकर, सुभाष धानका, सुभाष यादव, लोकेश सामोता, बंशीधर मीणा, सीताराम देवंदा, हंसराज देवन्दा और राजू देवन्दा समेत सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।1
- देश और प्रदेश में लगातार हो रहे पेपर लीक, परीक्षा घोटालों और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ के खिलाफ विराटनगर कस्बे में बड़ा आंदोलन शुरू होने जा रहा है। कोटपूतली-बहरोड़ जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और विराटनगर के पूर्व विधायक इन्द्राज गुर्जर के नेतृत्व में आज कस्बे में एक विशाल मशाल जुलूस निकाला जाएगा। इस प्रदर्शन के जरिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में युवा और छात्र सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ अपना आक्रोश जताएंगे। पूर्व विधायक इन्द्राज गुर्जर ने युवाओं और आम जनता से इस लड़ाई में शामिल होने की अपील करते हुए कहा है कि आज देश की शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है। पेपर लीक और घोटालों ने करोड़ों बेरोजगार युवाओं के सपनों को तोड़ दिया है। जब छात्र अपने हक के लिए आवाज उठाते हैं, तो उन पर बर्बरतापूर्वक कार्रवाई की जाती है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।1
- दिल्ली में नीट पेपर लीक प्रकरण और छात्रों के साथ कथित बर्बरतापूर्ण व्यवहार के विरोध में शुक्रवार शाम खेजरोली कस्बे में शांतिपूर्ण मशाल जुलूस निकाला गया। शाहपुरा विधायक मनीष यादव के नेतृत्व में निकाले गए इस विरोध जुलूस में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता, युवा और स्थानीय नागरिक शामिल हुए। हाथों में जलती हुई मशालें थामे प्रदर्शनकारियों ने कस्बे के प्रमुख मार्गों से गुजरकर अपना विरोध दर्ज कराया।1
- देश और प्रदेश में लगातार हो रहे पेपर लीक, परीक्षा घोटालों और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ के खिलाफ राजस्थान के विराटनगर कस्बे में आज एक बड़ा आंदोलन शुरू होने जा रहा है। कोटपूतली-बहरोड़ जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और विराटनगर के पूर्व विधायक इन्द्राज गुर्जर के नेतृत्व में कस्बे में एक विशाल मशाल जुलूस निकाला जाएगा। इस प्रदर्शन के माध्यम से कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में युवा और छात्र सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ अपना भारी आक्रोश दर्ज कराएंगे। पूर्व विधायक इन्द्राज गुर्जर ने युवाओं और आम जनता से इस लड़ाई में एकजुट होकर शामिल होने की अपील की है। उन्होंने कहा कि आज देश की पूरी शिक्षा व्यवस्था भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है और पेपर लीक तथा घोटालों के कारण करोड़ों बेरोजगार युवाओं के सपने टूट गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जब छात्र अपने हक के लिए आवाज उठाते हैं तो उन पर बर्बरतापूर्वक कार्रवाई की जाती है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।1
- राजस्थान सरकार ने प्रदेश में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य गायत्री राठौड़ ने निर्देश जारी करते हुए कहा है कि राज्य के सभी डिलीवरी पॉइंट पर तैनात स्त्रीरोग विशेषज्ञों की संबंधित मेडिकल कॉलेजों के विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा नियमित रूप से मेंटरिंग की जाएगी। इस व्यवस्था को लागू करने के लिए अगले पांच दिनों के भीतर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आवश्यक प्रशिक्षण और एसओपी की जानकारी दी जाएगी। बैठक में प्रसव के दौरान होने वाले अत्यधिक रक्तस्राव (पीपीएच) के प्रभावी प्रबंधन पर भी विशेष जोर दिया गया। इसके तहत प्रदेश की सभी 108 आपातकालीन एम्बुलेंस में एंटी-शॉक एनएएसजी गार्मेंट उपलब्ध कराया जाएगा और इसके उपयोग के लिए पैरामेडिकल स्टाफ को प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके साथ ही गंभीर एनीमिया से पीड़ित गर्भवती महिलाओं के उपचार, ब्लड ट्रांसफ्यूजन और आयरन थेरेपी की सघन निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, सप्ताह के अंत तक सभी अस्पतालों में 'प्रसव सखी' काउंटर स्थापित कर आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश जारी किए गए हैं।1
- राजस्थान की राजधानी जयपुर में भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता की मांग को लेकर छात्रों का गुस्सा सड़कों पर देखने को मिला है। अपनी मांगों को बुलंद करते हुए बड़ी संख्या में छात्र जयपुर स्थित पत्रिका गेट पर एकत्र हुए और जोरदार प्रदर्शन किया। छात्रों के इस आक्रोश और प्रदर्शन का मुख्य कारण दिल्ली में हुआ लाठीचार्ज भी है। दिल्ली लाठीचार्ज के विरोध में जयपुर में छात्र लामबंद होकर सड़कों पर उतर आए हैं और भर्ती प्रक्रियाओं में पूरी पारदर्शिता बरतने की मांग कर रहे हैं।1
- पेपर लीक के मुद्दे पर कांग्रेस ने प्रदर्शन किया है। इस विरोध-प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस ने धर्मेंद्र प्रधान, अमित शाह और पीएम नरेंद्र मोदी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। परीक्षाओं में हो रहे कथित घोटालों और छात्रों के भविष्य से जुड़े इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस पूरी तरह से आक्रामक रुख अपनाए हुए है और सत्ता पक्ष के खिलाफ अपना विरोध जता रही है।1
- विराटनगर के जवानपुरा पब्लिक सीनियर सैकण्डरी स्कूल में निजी स्कूल संगठन की एक आवश्यक बैठक आयोजित की गई। कोटपूतली-बहरोड़ जिला संगठन के प्रथम नवनिर्वाचित जिला अध्यक्ष जे एस फागणा के नेतृत्व में हुई इस बैठक में विराटनगर ब्लॉक के करीब 90 फीसदी निजी स्कूलों के प्रतिनिधियों और संचालकों ने हिस्सा लेकर अपनी एकजुटता दिखाई। बैठक में निजी शिक्षण संस्थाओं के सामने आ रही प्रशासनिक और वित्तीय समस्याओं पर गहरा मंथन किया गया। इस दौरान सर्वसम्मति से काफी समय से लंबित आरटीई (RTE) भुगतान की समस्याओं का त्वरित समाधान करवाने की मांग की गई और 41 बिंदुओं की जांच का विरोध करने का फैसला लिया गया। इसके अलावा, किसी भी विषम परिस्थिति में सभी निजी स्कूलों द्वारा आपस में मिलकर एक-दूसरे का सहयोग करने पर भी सहमति बनी। संगठन के विस्तार और मजबूती के लिए विराटनगर ब्लॉक की नई कार्यकारिणी का निर्विरोध गठन किया गया, जिसमें अर्जुन लाल यादव को सर्वसम्मति से ब्लॉक अध्यक्ष चुना गया। इसके बाद ब्लॉक अध्यक्ष अर्जुन यादव ने अपनी टीम की घोषणा की, जिसमें महेन्द्र मीणा, सुनील गढ़वाल और महिपाल सिंह शेखावत को उपाध्यक्ष, बंशीधर सैनी को सचिव, मुन्ना लाल मधुर व सूरजभान चौधरी को संयोजक, इंद्राज रावत को आरटीई प्रभारी तथा सुजीत यादव को कोषाध्यक्ष बनाया गया। घोषणा के बाद उपस्थित स्कूल संचालकों ने नवनिर्युक्त पदाधिकारियों का माला पहनाकर भव्य स्वागत किया और सभी ने निष्ठापूर्वक संगठन के हितों की रक्षा करने का संकल्प लिया।1