logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

मुहाना गांव में स्वास्थ्य विभाग की नाक के नीचे चल रहा 'मौत का क्लिनिक', बिना डिग्री और रजिस्ट्रेशन के धड़ल्ले से मरीजों को चढ़ाई जा रही बोतलें! जनपद जालौन के ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम मुहाना से इस वक्त की सबसे सनसनीखेज और झकझोर देने वाली खबर सामने आ रही है, जहां स्वास्थ्य विभाग की आपराधिक सुस्ती के चलते मासूमों की जिंदगी को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है। गांव में एक तथाकथित 'बंगाली डॉक्टर' बिना किसी वैध मेडिकल डिग्री, सरकारी पंजीकरण और बुनियादी मानकों के अवैध क्लिनिक का धड़ल्ले से संचालन कर रहा है। इस फर्जीवाड़े का पर्दाफाश तब हुआ जब क्लिनिक के भीतर मरीजों को बोतल (ड्रिप) लगाने का एक वीडियो तेजी से वायरल हो गया। बिना किसी पैथोलॉजिकल जांच के, यह झोलाछाप डॉक्टर मरीजों को अंधाधुंध भारी-भरकम एंटीबायोटिक और खतरनाक दवाइयां दे रहा है। साफ-सफाई के नाम पर गंदगी के बीच चल रहे इस अड्डे पर आए दिन गलत इलाज के कारण मरीजों की हालत गंभीर होने के मामले सामने आ रहे हैं, इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग का अमला आंखें मूंदकर बैठा है। ग्रामीणों की जान से हो रहे इस खतरनाक खिलवाड़ के खिलाफ क्षेत्रीय जनता का गुस्सा अब सातवें आसमान पर है। जनता ने जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) से तत्काल प्रभाव से इस अवैध क्लिनिक को सील कर आरोपी के खिलाफ कठोरतम आपराधिक कार्रवाई की मांग की है। क्या जिला प्रशासन किसी बड़े कत्लेआम या त्रासद हादसे के इंतजार में बैठा है?

9 hrs ago
user_सोनू महाराज पत्रकार
सोनू महाराज पत्रकार
कालपी, जालौन, उत्तर प्रदेश•
9 hrs ago

मुहाना गांव में स्वास्थ्य विभाग की नाक के नीचे चल रहा 'मौत का क्लिनिक', बिना डिग्री और रजिस्ट्रेशन के धड़ल्ले से मरीजों को चढ़ाई जा रही बोतलें! जनपद जालौन के ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम मुहाना से इस वक्त की सबसे सनसनीखेज और झकझोर देने वाली खबर सामने आ रही है, जहां स्वास्थ्य विभाग की आपराधिक सुस्ती के चलते मासूमों की जिंदगी को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है। गांव में एक तथाकथित 'बंगाली डॉक्टर' बिना किसी वैध मेडिकल डिग्री, सरकारी पंजीकरण और बुनियादी मानकों के अवैध क्लिनिक का धड़ल्ले से संचालन कर रहा है। इस फर्जीवाड़े का पर्दाफाश तब हुआ जब क्लिनिक के भीतर मरीजों को बोतल (ड्रिप) लगाने का एक वीडियो तेजी से वायरल हो गया। बिना किसी पैथोलॉजिकल जांच के, यह झोलाछाप डॉक्टर मरीजों को अंधाधुंध भारी-भरकम एंटीबायोटिक और खतरनाक दवाइयां दे रहा है। साफ-सफाई के नाम पर गंदगी के बीच चल रहे इस अड्डे पर आए दिन गलत इलाज के कारण मरीजों की हालत गंभीर होने के मामले सामने आ रहे हैं, इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग का अमला आंखें मूंदकर बैठा है। ग्रामीणों की जान से हो रहे इस खतरनाक खिलवाड़ के खिलाफ क्षेत्रीय जनता का गुस्सा अब सातवें आसमान पर है। जनता ने जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) से तत्काल प्रभाव से इस अवैध क्लिनिक को सील कर आरोपी के खिलाफ कठोरतम आपराधिक कार्रवाई की मांग की है। क्या जिला प्रशासन किसी बड़े कत्लेआम या त्रासद हादसे के इंतजार में बैठा है?

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • जालौन के उरई में अजनारी बायपास गोलीकांड मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली जालौन के उरई में अजनारी बायपास गोलीकांड मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। उरई कोतवाली पुलिस ने फरार चल रहे आरोपी अजय सिंह ठाकुर और रामजी सोनी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस के मुताबिक आरोपियों के कब्जे से तमंचा, कारतूस और चाकू बरामद हुआ है। बता दें कि मोहित यादव निवासी रामनगर पर चाकुओं से हमला कर गोली मारकर हत्या के प्रयास का आरोप है। पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है
    2
    जालौन के उरई में अजनारी बायपास गोलीकांड मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली 
जालौन के उरई में अजनारी बायपास गोलीकांड मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। उरई कोतवाली पुलिस ने फरार चल रहे आरोपी अजय सिंह ठाकुर और रामजी सोनी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस के मुताबिक आरोपियों के कब्जे से तमंचा, कारतूस और चाकू बरामद हुआ है। बता दें कि मोहित यादव निवासी रामनगर पर चाकुओं से हमला कर गोली मारकर हत्या के प्रयास का आरोप है। पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है
    user_Dev Patel
    Dev Patel
    Local News Reporter कालपी, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • जलभराव में कागजी गोताखोर! कदौरा में मनरेगा का नंगा नाच—कागजों में 75 मजदूर, मौके पर एक भी नहीं! जियो टैग पर मजदूरों की जगह कर्बी और जानवर! आखिर किसके इशारे पर कई दिनों से सरकारी धन का खेल चल रहा है? वाह रे सिस्टम! वाह रे मनरेगा की निगरानी! कागजों में 75 मजदूर रोज फावड़ा चला रहे हैं, लेकिन जमीन पर पहुंचते ही मजदूर ऐसे गायब कि जैसे कभी थे ही नहीं! और तो और, जिस जगह सरकारी रिकॉर्ड में मजदूरों के पसीने से विकास होने का दावा किया जा रहा है, वहां मौके पर नाला पानी से लबालब और खेत में जानवरों के लिए कर्बी खड़ी दिखाई दे रही है। मामला है विकासखंड कदौरा की ग्राम पंचायत बरदौली का, जहां संतराम के खेत से स्वामीदीन के खेत तक नाला खुदाई कार्य मनरेगा के तहत बताया जा रहा है। कार्य का वर्क कोड 3138009010... और मस्टर रोल संख्या 1291 बताई गई है। आरोप है कि 9 सितंबर से लगातार करीब 75 मजदूरों की NMMS हाजिरी दर्ज की जा रही है। सवाल यह है कि आखिर ये 75 मजदूर हैं कहां? 13 सितंबर को मौके पर पहुंचे तो एक भी मजदूर दिखाई नहीं दिया। नाला पानी से भरा हुआ है। मौके पर मजदूरों की जगह दिखाई दे रही है तो सिर्फ जानवरों के लिए खड़ी कर्बी! वाह रे जियो टैग! कैमरे में कुछ और, जमीन पर कुछ और! अब जरा मनरेगा की डिजिटल व्यवस्था पर भी सवाल उठाइए। अगर 75 मजदूर प्रतिदिन काम कर रहे हैं तो उनकी जियो टैग फोटो कहां है? फोटो में कितने मजदूर दिखाई दे रहे हैं? क्या फोटो उसी स्थान की है जहां वास्तव में काम होना है? क्या NMMS की हाजिरी लगाने से पहले जिम्मेदार कर्मचारी मौके पर पहुंचते हैं या मोबाइल से ही सरकारी खजाने का हिसाब-किताब चल रहा है? कैमरा अगर मजदूरों की मौजूदगी नहीं दिखा रहा और मौके पर भी मजदूर नहीं मिल रहे, तो फिर कागजों में 75 मजदूरों का पसीना आखिर किसके भरोसे बह रहा है? गरीबों के नाम पर सरकारी धन का खेल? मनरेगा गरीब परिवारों को रोजगार देने की योजना है। गरीब मजदूरों के हाथ में काम और मजदूरी पहुंचनी चाहिए, लेकिन अगर आरोप सही साबित होते हैं और कागजों में मजदूर दिखाकर भुगतान कराया जा रहा है तो यह गरीबों के हक के साथ खिलवाड़ और सरकारी धन के दुरुपयोग का गंभीर मामला होगा। सवाल बड़ा है—क्या बिना मौके पर मजदूरों की मौजूदगी के मस्टर रोल सत्यापित हो सकता है? रोजगार सेवक क्या कर रहे थे? ग्राम पंचायत सचिव ने क्या सत्यापन किया? तकनीकी सहायक ने कार्यस्थल देखा या नहीं? कार्यक्रम अधिकारी मनरेगा ने क्या जांच की? BDO कदौरा की निगरानी कहां थी? और जिला स्तर पर CDO जालौन तथा जिला कार्यक्रम समन्वयक मनरेगा की मॉनिटरिंग व्यवस्था आखिर किस काम की है? अब जांच हुई तो खुल सकता है पूरा खेल! अब जरूरत है कि मस्टर रोल संख्या 1291, NMMS की प्रत्येक दिन की हाजिरी, जियो टैग फोटो, मजदूरों के नाम, भुगतान विवरण और मौके पर कराए गए कार्य का तत्काल मिलान कराया जाए। अगर रिकॉर्ड में 75 मजदूर हैं तो जांच के दौरान उन मजदूरों से भी पूछा जाए कि उन्होंने किस दिन, किस समय और किस स्थान पर काम किया। अगर मजदूर वास्तव में काम कर रहे थे तो 13 सितंबर को मौके पर एक भी मजदूर क्यों नहीं मिला? और अगर काम नहीं हो रहा था तो फिर हाजिरी कैसे लगी? वाह रे इंसान! आखिर इतनी हिम्मत आपको कौन दे रहा है? कई दिनों से अगर कागजों पर मजदूर दिखाकर सरकारी धन निकालने का खेल चल रहा है तो यह सिर्फ फाइलों का मामला नहीं है। यह उस गरीब मजदूर के अधिकार का सवाल है जिसके नाम पर मनरेगा बनाई गई है। याद रखिए—अगर जांच में सरकारी धन की अनियमित निकासी या फर्जी हाजिरी साबित हुई तो जिम्मेदार लोगों से रिकवरी भी होनी चाहिए और नियमानुसार कठोर कार्रवाई भी। वायरल वीडियो ने खोली जमीनी हकीकत? मौके से सामने आए वायरल वीडियो और तस्वीरों ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है। वीडियो में मजदूरों की जगह कर्बी और जानवर दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी इस वायरल वीडियो को सिर्फ वीडियो मानकर छोड़ते हैं या फिर इसे जांच का आधार बनाकर मौके पर पहुंचते हैं। सरकार का पैसा जनता का पैसा है। गरीबों का हक कोई जेब में रखकर नहीं जा सकता। अब सवाल सिर्फ बरदौली का नहीं—सवाल यह है कि क्या कदौरा ब्लॉक की अन्य ग्राम पंचायतों में भी NMMS हाजिरी और जमीनी हकीकत का मिलान कराया जाएगा? फैसला अब जांच करेगी—कागजों में 75 मजदूर थे या सिर्फ सरकारी रिकॉर्ड में? नोट: यह रिपोर्ट मौके से प्राप्त जानकारी, उपलब्ध रिकॉर्ड के दावों तथा वायरल वीडियो/तस्वीरों के आधार पर है। लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी। संबंधित जिम्मेदारों का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रकाशित किया जाएगा।
    1
    जलभराव में कागजी गोताखोर! कदौरा में मनरेगा का नंगा नाच—कागजों में 75 मजदूर, मौके पर एक भी नहीं!

जियो टैग पर मजदूरों की जगह कर्बी और जानवर! 
आखिर किसके इशारे पर कई दिनों से सरकारी धन का खेल चल रहा है?
वाह रे सिस्टम! 
वाह रे मनरेगा की निगरानी! 
कागजों में 75 मजदूर रोज फावड़ा चला रहे हैं, लेकिन जमीन पर पहुंचते ही मजदूर ऐसे गायब कि जैसे कभी थे ही नहीं!
और तो और, जिस जगह सरकारी रिकॉर्ड में मजदूरों के पसीने से विकास होने का दावा किया जा रहा है, वहां मौके पर नाला पानी से लबालब और खेत में जानवरों के लिए कर्बी खड़ी दिखाई दे रही है।
मामला है विकासखंड कदौरा की ग्राम पंचायत बरदौली का, जहां संतराम के खेत से स्वामीदीन के खेत तक नाला खुदाई कार्य मनरेगा के तहत बताया जा रहा है।
कार्य का वर्क कोड 3138009010... और मस्टर रोल संख्या 1291 बताई गई है।
आरोप है कि 9 सितंबर से लगातार करीब 75 मजदूरों की NMMS हाजिरी दर्ज की जा रही है। सवाल यह है कि आखिर ये 75 मजदूर हैं कहां?
13 सितंबर को मौके पर पहुंचे तो एक भी मजदूर दिखाई नहीं दिया।
नाला पानी से भरा हुआ है। मौके पर मजदूरों की जगह दिखाई दे रही है तो सिर्फ जानवरों के लिए खड़ी कर्बी!
वाह रे जियो टैग! कैमरे में कुछ और, जमीन पर कुछ और!
अब जरा मनरेगा की डिजिटल व्यवस्था पर भी सवाल उठाइए।
अगर 75 मजदूर प्रतिदिन काम कर रहे हैं तो उनकी जियो टैग फोटो कहां है? 
फोटो में कितने मजदूर दिखाई दे रहे हैं? 
क्या फोटो उसी स्थान की है जहां वास्तव में काम होना है?
क्या NMMS की हाजिरी लगाने से पहले जिम्मेदार कर्मचारी मौके पर पहुंचते हैं या मोबाइल से ही सरकारी खजाने का हिसाब-किताब चल रहा है?
कैमरा अगर मजदूरों की मौजूदगी नहीं दिखा रहा और मौके पर भी मजदूर नहीं मिल रहे, तो फिर कागजों में 75 मजदूरों का पसीना आखिर किसके भरोसे बह रहा है?
गरीबों के नाम पर सरकारी धन का खेल?
मनरेगा गरीब परिवारों को रोजगार देने की योजना है। 
गरीब मजदूरों के हाथ में काम और मजदूरी पहुंचनी चाहिए, लेकिन अगर आरोप सही साबित होते हैं और कागजों में मजदूर दिखाकर भुगतान कराया जा रहा है तो यह गरीबों के हक के साथ खिलवाड़ और सरकारी धन के दुरुपयोग का गंभीर मामला होगा।
सवाल बड़ा है—क्या बिना मौके पर मजदूरों की मौजूदगी के मस्टर रोल सत्यापित हो सकता है?
रोजगार सेवक क्या कर रहे थे?
ग्राम पंचायत सचिव ने क्या सत्यापन किया?
तकनीकी सहायक ने कार्यस्थल देखा या नहीं?
कार्यक्रम अधिकारी मनरेगा ने क्या जांच की?
BDO कदौरा की निगरानी कहां थी?
और जिला स्तर पर CDO जालौन तथा जिला कार्यक्रम समन्वयक मनरेगा की मॉनिटरिंग व्यवस्था आखिर किस काम की है?
अब जांच हुई तो खुल सकता है पूरा खेल!
अब जरूरत है कि मस्टर रोल संख्या 1291, NMMS की प्रत्येक दिन की हाजिरी, जियो टैग फोटो, मजदूरों के नाम, भुगतान विवरण और मौके पर कराए गए कार्य का तत्काल मिलान कराया जाए।
अगर रिकॉर्ड में 75 मजदूर हैं तो जांच के दौरान उन मजदूरों से भी पूछा जाए कि उन्होंने किस दिन, किस समय और किस स्थान पर काम किया।
अगर मजदूर वास्तव में काम कर रहे थे तो 13 सितंबर को मौके पर एक भी मजदूर क्यों नहीं मिला?
और अगर काम नहीं हो रहा था तो फिर हाजिरी कैसे लगी?
वाह रे इंसान! आखिर इतनी हिम्मत आपको कौन दे रहा है?
कई दिनों से अगर कागजों पर मजदूर दिखाकर सरकारी धन निकालने का खेल चल रहा है तो यह सिर्फ फाइलों का मामला नहीं है। यह उस गरीब मजदूर के अधिकार का सवाल है जिसके नाम पर मनरेगा बनाई गई है।
याद रखिए—अगर जांच में सरकारी धन की अनियमित निकासी या फर्जी हाजिरी साबित हुई तो जिम्मेदार लोगों से रिकवरी भी होनी चाहिए और नियमानुसार कठोर कार्रवाई भी।
वायरल वीडियो ने खोली जमीनी हकीकत?
मौके से सामने आए वायरल वीडियो और तस्वीरों ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है। 
वीडियो में मजदूरों की जगह कर्बी और जानवर दिखाई देने का दावा किया जा रहा है।
अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी इस वायरल वीडियो को सिर्फ वीडियो मानकर छोड़ते हैं या फिर इसे जांच का आधार बनाकर मौके पर पहुंचते हैं।
सरकार का पैसा जनता का पैसा है। 
गरीबों का हक कोई जेब में रखकर नहीं जा सकता।
अब सवाल सिर्फ बरदौली का नहीं—सवाल यह है कि क्या कदौरा ब्लॉक की अन्य ग्राम पंचायतों में भी NMMS हाजिरी और जमीनी हकीकत का मिलान कराया जाएगा?
फैसला अब जांच करेगी—कागजों में 75 मजदूर थे या सिर्फ सरकारी रिकॉर्ड में?
नोट: यह रिपोर्ट मौके से प्राप्त जानकारी, उपलब्ध रिकॉर्ड के दावों तथा वायरल वीडियो/तस्वीरों के आधार पर है। लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी। संबंधित जिम्मेदारों का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रकाशित किया जाएगा।
    user_सोनू महाराज पत्रकार
    सोनू महाराज पत्रकार
    कालपी, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • यातायात और थाना पुलिस द्वारा संयुक्त टीम बनाकर शराब पीकर वाहन चलाने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान के तहत की गयी सख्त कार्यवाही जनपद में सुरक्षित यातायात एवं सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु एक विशेष चेकिंग अभियान संचालित किया गया। इस अभियान के तहत यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों, मोडिफाई साइलेंसर, प्रेशर हॉर्न हूटर, फाल्टी नंबर प्लेट व विशेषकर शराब पीकर वाहन चलाने वाले चालकों के विरुद्ध यातायात पुलिस, थाना पुलिस की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया।इसी क्रम में यातायात पुलिस, थाना पुलिस बल व परिवहन विभाग द्वारा अपने थाना क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। चेकिंग के दौरान पुलिस टीम द्वारा संदिग्ध वाहनों को रोककर ब्रीथ एनालाइजर के माध्यम से चालकों की सघन जांच की गई।अभियान के दौरान 44 वाहनों का चालान किया गया और उन्यासी हजार रुपए का शमन शुल्क वसूला गया।अभियान के दौरान नशे की हालत में वाहन चलाते हुए पाए गए चालकों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत वैधानिक कार्यवाही की गई।
    1
    यातायात और थाना पुलिस द्वारा संयुक्त टीम बनाकर शराब पीकर वाहन चलाने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान के तहत की गयी सख्त कार्यवाही
जनपद में सुरक्षित यातायात एवं सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु एक विशेष चेकिंग अभियान संचालित किया गया। इस अभियान के तहत यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों, मोडिफाई साइलेंसर, प्रेशर हॉर्न हूटर, फाल्टी नंबर प्लेट व विशेषकर शराब पीकर वाहन चलाने वाले चालकों के विरुद्ध यातायात पुलिस, थाना पुलिस की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया।इसी क्रम में यातायात पुलिस, थाना पुलिस बल व परिवहन विभाग द्वारा अपने थाना क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। चेकिंग के दौरान पुलिस टीम द्वारा संदिग्ध वाहनों को रोककर ब्रीथ एनालाइजर के माध्यम से चालकों की सघन जांच की गई।अभियान के दौरान 44 वाहनों का चालान किया गया और उन्यासी हजार रुपए का शमन शुल्क वसूला गया।अभियान के दौरान नशे की हालत में वाहन चलाते हुए पाए गए चालकों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत वैधानिक कार्यवाही की गई।
    user_Arvind sharma kanpur dehat
    Arvind sharma kanpur dehat
    Local News Reporter अकबरपुर, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • खोजाफूल में सैलून संचालक से मारपीट और 15 हजार रुपये लूटने का आरोप, थाने में दी तहरीर खोजाफूल में सैलून संचालक से मारपीट और 15 हजार रुपये लूटने का आरोप, थाने में दी तहरीर कानपुर देहात। सिकंदरा थाना क्षेत्र के खोजाफूल गांव निवासी सैलून संचालक जीशान अली ने करीब 8-10 अज्ञात युवकों पर मारपीट, गाली-गलौज और दुकान में रखे रुपये छीनने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने मामले में सिकंदरा थाना पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित के मुताबिक, 13 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे वह खोजाफूल ग्राम स्थित अपनी सैलून की दुकान पर काम कर रहा था। इसी दौरान मोटरसाइकिल से आए 8-10 अज्ञात युवकों ने उससे बाल काटने की बात कही। कुछ समय रुकने को कहने पर युवक कथित तौर पर उसके साथ मारपीट और गाली-गलौज करने लगे। आरोप है कि युवकों ने दुकान की शीशे की शेल्फ भी तोड़ दी और गुल्लक में रखे 15 हजार रुपये तथा करीब 400 रुपये की दुकानदारी जबरन छीनकर भाग गए। पीड़ित का यह भी आरोप है कि जाते समय युवकों ने शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दी। जीशान अली ने सिकंदरा थाना पुलिस को तहरीर देकर मामले की जांच कर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस जांच के बाद मामले में आगे की कार्रवाई करेगी। खबर कानपुर देहात | पत्रकार इकबाल अहमद
    3
    खोजाफूल में सैलून संचालक से मारपीट और 15 हजार रुपये लूटने का आरोप, थाने में दी तहरीर

खोजाफूल में सैलून संचालक से मारपीट और 15 हजार रुपये लूटने का आरोप, थाने में दी तहरीर
कानपुर देहात। सिकंदरा थाना क्षेत्र के खोजाफूल गांव निवासी सैलून संचालक जीशान अली ने करीब 8-10 अज्ञात युवकों पर मारपीट, गाली-गलौज और दुकान में रखे रुपये छीनने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने मामले में सिकंदरा थाना पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
पीड़ित के मुताबिक, 13 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे वह खोजाफूल ग्राम स्थित अपनी सैलून की दुकान पर काम कर रहा था। इसी दौरान मोटरसाइकिल से आए 8-10 अज्ञात युवकों ने उससे बाल काटने की बात कही। कुछ समय रुकने को कहने पर युवक कथित तौर पर उसके साथ मारपीट और गाली-गलौज करने लगे।
आरोप है कि युवकों ने दुकान की शीशे की शेल्फ भी तोड़ दी और गुल्लक में रखे 15 हजार रुपये तथा करीब 400 रुपये की दुकानदारी जबरन छीनकर भाग गए। पीड़ित का यह भी आरोप है कि जाते समय युवकों ने शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दी।
जीशान अली ने सिकंदरा थाना पुलिस को तहरीर देकर मामले की जांच कर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस जांच के बाद मामले में आगे की कार्रवाई करेगी।
खबर कानपुर देहात | पत्रकार इकबाल अहमद
    user_Patrkar ekbal ahmad
    Patrkar ekbal ahmad
    Patrkar up voice news kanpur dehat सिकंदरा, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • सिकंदरा में लापता व्यक्ति का नहर में मिला शव, मोटरसाइकिल भी बरामद सिकंदरा (कानपुर देहात)। अमराहट थाना क्षेत्र के ग्राम सिंगरौली निवासी करीब 45 वर्षीय सामंत सिकंदरा में लापता व्यक्ति का नहर में मिला शव, मोटरसाइकिल भी बरामद सिकंदरा (कानपुर देहात)। अमराहट थाना क्षेत्र के ग्राम सिंगरौली निवासी करीब 45 वर्षीय सामंत सिंह पुत्र शिवराम सिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनका शव शनिवार सुबह रामगंगा निचली नहर में मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। जानकारी के मुताबिक सामंत सिंह शुक्रवार शाम करीब 8 बजे अपनी पल्सर मोटरसाइकिल से कस्बा सिकंदरा से अपने घर के लिए निकले थे। देर रात तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने उनके मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन मोबाइल स्विच ऑफ मिला। इसके बाद परिजनों ने रात में उनकी काफी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी। शनिवार सुबह करीब 10 बजे परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। स्थानीय पुलिस ने परिजनों और ग्रामीणों की मदद से सीसीटीवी कैमरों के जरिए हरिहरपुर चौराहे से अमराहट जाने वाले मार्ग पर तलाश शुरू की। करीब 11 बजे नसीरपुर क्षेत्र में हरिहरपुर-अमराहट रोड स्थित रामगंगा निचली नहर की पुलिया के पास मोटरसाइकिल के टायर के निशान मिले। निशानों के आधार पर नहर में तलाश की गई तो पुलिया के नीचे सामंत सिंह की मोटरसाइकिल फंसी हुई मिली। गोताखोरों की मदद से आगे तलाश करने पर पुलिया से करीब 200 मीटर दूर सामंत सिंह का शव बरामद हुआ। पुलिस के अनुसार शव के सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए। परिजनों ने सामंत सिंह की मौत सड़क दुर्घटना में होने की आशंका जताई है। मामले की जांच के लिए जनपदीय फॉरेंसिक फील्ड यूनिट को मौके पर बुलाया गया। टीम ने साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की। पुलिस ने पंचायतनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया। मौके पर मृतक के परिजन मौजूद रहे।
    2
    सिकंदरा में लापता व्यक्ति का नहर में मिला शव, मोटरसाइकिल भी बरामद 

सिकंदरा (कानपुर देहात)। अमराहट थाना क्षेत्र के ग्राम सिंगरौली निवासी करीब 45 वर्षीय सामंत
सिकंदरा में लापता व्यक्ति का नहर में मिला शव, मोटरसाइकिल भी बरामद 
सिकंदरा (कानपुर देहात)। अमराहट थाना क्षेत्र के ग्राम सिंगरौली निवासी करीब 45 वर्षीय सामंत सिंह पुत्र शिवराम सिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनका शव शनिवार सुबह रामगंगा निचली नहर में मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
जानकारी के मुताबिक सामंत सिंह शुक्रवार शाम करीब 8 बजे अपनी पल्सर मोटरसाइकिल से कस्बा सिकंदरा से अपने घर के लिए निकले थे। देर रात तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने उनके मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन मोबाइल स्विच ऑफ मिला। इसके बाद परिजनों ने रात में उनकी काफी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी।
शनिवार सुबह करीब 10 बजे परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। स्थानीय पुलिस ने परिजनों और ग्रामीणों की मदद से सीसीटीवी कैमरों के जरिए हरिहरपुर चौराहे से अमराहट जाने वाले मार्ग पर तलाश शुरू की। करीब 11 बजे नसीरपुर क्षेत्र में हरिहरपुर-अमराहट रोड स्थित रामगंगा निचली नहर की पुलिया के पास मोटरसाइकिल के टायर के निशान मिले।
निशानों के आधार पर नहर में तलाश की गई तो पुलिया के नीचे सामंत सिंह की मोटरसाइकिल फंसी हुई मिली। गोताखोरों की मदद से आगे तलाश करने पर पुलिया से करीब 200 मीटर दूर सामंत सिंह का शव बरामद हुआ।
पुलिस के अनुसार शव के सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए। परिजनों ने सामंत सिंह की मौत सड़क दुर्घटना में होने की आशंका जताई है। मामले की जांच के लिए जनपदीय फॉरेंसिक फील्ड यूनिट को मौके पर बुलाया गया। टीम ने साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की। पुलिस ने पंचायतनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया। मौके पर मृतक के परिजन मौजूद रहे।
    user_Shabanam
    Shabanam
    Agricultural service सिकंदरा, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश•
    16 hrs ago
  • 🚨 #Kanpurdehat हवासपुर CHC कांड पर धरना या सियासी मंच?दीक्षा यादव की सक्रियता पर उठे सवाल!🚨 🚨 BIG BREAKING | कानपुर देहात 🚨 #Kanpurdehat हवासपुर CHC कांड पर धरना या सियासी मंच?दीक्षा यादव की सक्रियता पर उठे सवाल!🚨 ➡️ डिलीवरी के दौरान महिला की मौत के बाद एक उम्मीद की राष्ट्रीय सचिव दीक्षा यादव के नेतृत्व में सैकड़ों महिलाओं व ग्रामीणों ने DM कार्यालय पर धरना दिया। ➡️ प्रदर्शनकारियों ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही के आरोप लगाते हुए नर्स के निलंबन,CHC प्रभारी पर कार्रवाई और मृतका के परिवार को आर्थिक सहायता की मांग की। ➡️ मामले में नर्स के निलंबन के साथ 3 सदस्यीय जांच समिति गठित की गई है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही गई है। ❓लेकिन अब बड़ा सवाल यह भी—क्या इस मुद्दे को न्याय की मांग तक सीमित रखा गया या इसे राजनीतिक मंच बनाने की कोशिश भी हुई? ❓जब सरकारी और निजी स्वास्थ्य केंद्रों में कथित अनियमितताओं के मामले सामने आते हैं, तब ऐसी सक्रियता और भीड़ हर बार क्यों नजर नहीं आती? ➡️जनता का सवाल साफ है—मृतका को न्याय चाहिए या मुद्दे के बहाने राजनीतिक पहचान चमकाने की कोशिश? ➡️अंतिम सच जांच रिपोर्ट के बाद ही सामने आएगा, लेकिन सवालों का जवाब जिम्मेदार लोगों को देना होगा।
    1
    🚨 #Kanpurdehat हवासपुर CHC कांड पर धरना या सियासी मंच?दीक्षा यादव की सक्रियता पर उठे सवाल!🚨
🚨 BIG BREAKING | कानपुर देहात
🚨 #Kanpurdehat हवासपुर CHC कांड पर धरना या सियासी मंच?दीक्षा यादव की सक्रियता पर उठे सवाल!🚨
➡️ डिलीवरी के दौरान महिला की मौत के बाद एक उम्मीद की राष्ट्रीय सचिव दीक्षा यादव के नेतृत्व में सैकड़ों महिलाओं व ग्रामीणों ने DM कार्यालय पर धरना दिया।
➡️ प्रदर्शनकारियों ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही के आरोप लगाते हुए नर्स के निलंबन,CHC प्रभारी पर कार्रवाई और मृतका के परिवार को आर्थिक सहायता की मांग की।
➡️ मामले में नर्स के निलंबन के साथ 3 सदस्यीय जांच समिति गठित की गई है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही गई है।
❓लेकिन अब बड़ा सवाल यह भी—क्या इस मुद्दे को न्याय की मांग तक सीमित रखा गया या इसे राजनीतिक मंच बनाने की कोशिश भी हुई?
❓जब सरकारी और निजी स्वास्थ्य केंद्रों में कथित अनियमितताओं के मामले सामने आते हैं, तब ऐसी सक्रियता और भीड़ हर बार क्यों नजर नहीं आती?
➡️जनता का सवाल साफ है—मृतका को न्याय चाहिए या मुद्दे के बहाने राजनीतिक पहचान चमकाने की कोशिश?
➡️अंतिम सच जांच रिपोर्ट के बाद ही सामने आएगा, लेकिन सवालों का जवाब जिम्मेदार लोगों को देना होगा।
    user_शिवम् पत्रकार
    शिवम् पत्रकार
    Credit reporting agency Sikandra, Kanpur Dehat•
    20 hrs ago
  • मंगलपुर थाना समाधान दिवस पहुंची 12 शिकायतें तीन का मौके पर निस्तारण मंगलपुर थाना समाधान दिवस पहुंची 12 शिकायतें तीन का मौके पर निस्तारण तहसीलदार देशराज भारती व थाना प्रभारी प्रवीन कुमार ने सुनी फरियादियों की समस्याएं, गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के दिए निर्देश मंगलपुर थाना परिसर में शनिवार को थाना समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान थाना प्रभारी प्रवीन कुमार एवं डेरापुर तहसीलदार देशराज भारती ने फरियादियों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण व समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। शनिवार को दोपहर 2 बजे तक समाधान दिवस में कुल 12 शिकायतें पहुंचीं। अधिकारियों ने फरियादियों की समस्याओं को सुनते हुए तीन शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कराया। वहीं शेष नौ शिकायतों को संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सौंपकर मौके पर जांच करने तथा नियमानुसार गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने के निर्देश दिए गए। तहसीलदार देशराज भारती एवं थाना प्रभारी प्रवीन कुमार ने संबंधित कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। प्रत्येक शिकायत की वास्तविक स्थिति की मौके पर जांच कर निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि फरियादियों को अपनी समस्या के समाधान के लिए बार-बार अधिकारियों के चक्कर न लगाने पड़ें। अधिकारियों ने कहा कि थाना समाधान दिवस का उद्देश्य फरियादियों की समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी समाधान कराना है। इसलिए प्राप्त शिकायतों की जांच में पारदर्शिता रखते हुए निर्धारित समय के भीतर उनका निस्तारण किया जाए। इस मौके पर एसएसआई राम सिंह, सिकंदरा कानूनगो चंदबाबू, डेरापुर कानूनगो हरिशंकर शुक्ला तथा लेखपाल अनुज चौबे, उदयभान, देवेंद्र, रोहतास वर्मा, निगम यादव, दीप्ती अग्निहोत्री, प्रवेंद्र कुमार, विश्वजीत सहित राजस्व एवं पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
    1
    मंगलपुर थाना समाधान दिवस पहुंची 12 शिकायतें  तीन का मौके पर निस्तारण

मंगलपुर थाना समाधान दिवस पहुंची 12 शिकायतें  तीन का मौके पर निस्तारण
तहसीलदार देशराज भारती व थाना प्रभारी प्रवीन कुमार ने सुनी फरियादियों की समस्याएं, गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के दिए निर्देश
मंगलपुर थाना परिसर में शनिवार को थाना समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान थाना प्रभारी प्रवीन कुमार एवं डेरापुर तहसीलदार देशराज भारती ने फरियादियों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण व समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
शनिवार को दोपहर 2 बजे तक समाधान दिवस में कुल 12 शिकायतें पहुंचीं। अधिकारियों ने फरियादियों की समस्याओं को सुनते हुए तीन शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कराया। वहीं शेष नौ शिकायतों को संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सौंपकर मौके पर जांच करने तथा नियमानुसार गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने के निर्देश दिए गए।
तहसीलदार देशराज भारती एवं थाना प्रभारी प्रवीन कुमार ने संबंधित कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। प्रत्येक शिकायत की वास्तविक स्थिति की मौके पर जांच कर निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि फरियादियों को अपनी समस्या के समाधान के लिए बार-बार अधिकारियों के चक्कर न लगाने पड़ें।
अधिकारियों ने कहा कि थाना समाधान दिवस का उद्देश्य फरियादियों की समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी समाधान कराना है। इसलिए प्राप्त शिकायतों की जांच में पारदर्शिता रखते हुए निर्धारित समय के भीतर उनका निस्तारण किया जाए।
इस मौके पर एसएसआई राम सिंह, सिकंदरा कानूनगो चंदबाबू, डेरापुर कानूनगो हरिशंकर शुक्ला तथा लेखपाल अनुज चौबे, उदयभान, देवेंद्र, रोहतास वर्मा, निगम यादव, दीप्ती अग्निहोत्री, प्रवेंद्र कुमार, विश्वजीत सहित राजस्व एवं पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
    user_भानु प्रताप सिंह कानपुर देहात
    भानु प्रताप सिंह कानपुर देहात
    संवाददाता कानपुर देहात सिकंदरा, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश•
    23 hrs ago
  • जालौन जालौन में पुलिस टीम ने जुए के अड्डे पर दबिश देकर की छापेमारी, पुलिस ने छापेमारी के दौरान 8 जुआरियों को किया गिरफ्तार, पकड़े गए जुआरियों के कब्जे से 1 लाख 37 हजार 500 रुपए कैश बरामद, पुलिस ने जुआरियों के पास से 8 मोबाइल फोन भी किए बरामद, पकड़े गए जुआरी लाखों की हार-जीत की बाजी लगाकर हर रोज चल रहे थे जुए का अड्डा, पुलिस ने पकड़े गए जुआरियों के खिलाफ जुआ अधिनियम में मामला किया दर्ज, जालौन की उरई कोतवाली पुलिस ने श्रीराम पैलेस के पास से की गिरफ्तारी। जालौन जालौन में पुलिस टीम ने जुए के अड्डे पर दबिश देकर की छापेमारी, पुलिस ने छापेमारी के दौरान 8 जुआरियों को किया गिरफ्तार, पकड़े गए जुआरियों के कब्जे से 1 लाख 37 हजार 500 रुपए कैश बरामद, पुलिस ने जुआरियों के पास से 8 मोबाइल फोन भी किए बरामद, पकड़े गए जुआरी लाखों की हार-जीत की बाजी लगाकर हर रोज चल रहे थे जुए का अड्डा, पुलिस ने पकड़े गए जुआरियों के खिलाफ जुआ अधिनियम में मामला किया दर्ज, जालौन की उरई कोतवाली पुलिस ने श्रीराम पैलेस के पास से की गिरफ्तारी।
    1
    जालौन 

जालौन में पुलिस टीम ने जुए के अड्डे पर दबिश देकर की छापेमारी,

पुलिस ने छापेमारी के दौरान 8 जुआरियों को किया गिरफ्तार,

पकड़े गए जुआरियों के कब्जे से 1 लाख 37 हजार 500 रुपए कैश बरामद,

पुलिस ने जुआरियों के पास से 8 मोबाइल फोन भी किए बरामद,

पकड़े गए जुआरी लाखों की हार-जीत की बाजी लगाकर हर रोज चल रहे थे जुए का अड्डा,

पुलिस ने पकड़े गए जुआरियों के खिलाफ जुआ अधिनियम में मामला किया दर्ज,

जालौन की उरई कोतवाली पुलिस ने श्रीराम पैलेस के पास से की गिरफ्तारी।
जालौन 
जालौन में पुलिस टीम ने जुए के अड्डे पर दबिश देकर की छापेमारी,
पुलिस ने छापेमारी के दौरान 8 जुआरियों को किया गिरफ्तार,
पकड़े गए जुआरियों के कब्जे से 1 लाख 37 हजार 500 रुपए कैश बरामद,
पुलिस ने जुआरियों के पास से 8 मोबाइल फोन भी किए बरामद,
पकड़े गए जुआरी लाखों की हार-जीत की बाजी लगाकर हर रोज चल रहे थे जुए का अड्डा,
पुलिस ने पकड़े गए जुआरियों के खिलाफ जुआ अधिनियम में मामला किया दर्ज,
जालौन की उरई कोतवाली पुलिस ने श्रीराम पैलेस के पास से की गिरफ्तारी।
    user_सोनू महाराज पत्रकार
    सोनू महाराज पत्रकार
    कालपी, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    8 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.