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मंडला - NH30 पर दर्दनाक हादसा, बाइक और गाय की जोरदार टक्कर तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह, सड़क पर मचा अफरा-तफरी टक्कर में बाइक सवार घायल, स्थानीय लोगों ने पहुंचाई मदद हाईवे पर आवारा मवेशियों से बढ़ रहा खतरा, जिम्मेदार कौन?
Neelesh THAKUR
मंडला - NH30 पर दर्दनाक हादसा, बाइक और गाय की जोरदार टक्कर तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह, सड़क पर मचा अफरा-तफरी टक्कर में बाइक सवार घायल, स्थानीय लोगों ने पहुंचाई मदद हाईवे पर आवारा मवेशियों से बढ़ रहा खतरा, जिम्मेदार कौन?
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- *⭕💥विरोध प्रदर्शन💥⭕* *नैनपुर के रेस्ट हाउस के सामने हुआ प्रदर्शन* *जिला अध्यक्ष डॉ अशोक मर्सकोले ने बताया पूरा मामला* *विनय नामदेव की रिपोर्ट 🖋️ 🖋️* *INDIA 24 NOW NEWS MP-CG*1
- मंडला जिले में बढ़ते जल संकट को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा और सख्त फैसला लिया है। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी सोमेश मिश्रा ने निजी नलकूप यानी बोरवेल खनन पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। यह फैसला जिले में लगातार गिरते जल स्तर और आने वाले भीषण गर्मी के खतरे को देखते हुए लिया गया है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की रिपोर्ट ने चिंता बढ़ा दी है। मंडला सहित बिछिया, मवई, घुघरी, नैनपुर, बीजाडांडी, नारायणगंज और निवास विकासखंडों में जल स्तर लगातार नीचे जा रहा है। हालात को देखते हुए पूरे जिले को जल अभावग्रस्त क्षेत्र घोषित कर दिया गया है। जारी आदेश के अनुसार अब जिले में कोई भी व्यक्ति निजी नलकूप खनन नहीं करा सकेगा। बिना अनुमति कोई भी बोरिंग मशीन जिले में प्रवेश नहीं कर पाएगी। नियम तोड़ने पर मशीन जब्त होगी और संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी। पूरे जिले में निजी नलकूप खनन पर प्रतिबंध बिना अनुमति बोरिंग मशीन पर रोक उल्लंघन पर जब्ती और एफआईआर आपात स्थिति में ही मिलेगी अनुमति हालांकि प्रशासन ने साफ किया है कि शासकीय योजनाओं के तहत होने वाले नलकूप खनन पर यह रोक लागू नहीं होगी। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा स्वीकृत कार्य जारी रहेंगे। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, जिसमें जेल और जुर्माने का प्रावधान भी शामिल है। यह आदेश 1 अप्रैल से 15 जुलाई तक प्रभावी रहेगा। फिलहाल सवाल यही है कि क्या यह सख्ती मंडला को आने वाले जल संकट से बचा पाएगी या हालात और गंभीर होने वाले हैं।1
- सूरत रेलवे स्टेशन पर गुरुवार को एक बड़ा हादसा टल गया, जब दो सतर्क पुलिसकर्मियों की मुस्तैदी ने एक महिला यात्री की जान बचा ली। महिला ट्रेन में चढ़ने का प्रयास कर रही थी और अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया। इस समय वहां मौजूद जीआरपी (GRP) के जवान तुरंत सक्रिय हुए और फरिश्ता बनकर उसे मौत के मुंह से बाहर खींच लिया। उनकी सतर्कता और समय पर मदद ने एक बड़ी दुर्घटना को टाल दिया। #SuratRailway #GRP #PoliceHeroes #RailwayRescue #ATReel1
- घरेलू विवाद में पति ने पत्नी पर किया पत्थर से हमला, हालत गंभीर घंसौर/किंदरई, 3 अप्रैल 2026 (शुक्रवार)। किंदरई थाना क्षेत्र के अंतर्गत मोगा कटिया गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां पारिवारिक विवाद के चलते एक पति ने अपनी पत्नी पर पत्थर से हमला कर दिया। घटना में महिला गंभीर रूप से घायल हो गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, घरेलू विवाद के दौरान आरोपी पति रामकिशन ने गुस्से में आकर अपनी पत्नी पर पत्थर से वार कर दिया। घटना की सूचना तत्काल डायल 112 को दी गई। सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची, जिसमें स्टाफ आरक्षक एजाज खान (C178) एवं पायलट जयप्रकाश गिरियम शामिल थे। टीम की तत्परता से घायल महिला को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घंसौर लाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। वहीं, किंदरई पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और पूरे मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है।1
- जबलपुर - जबलपुर क्राइम ब्रांच ने हाल ही में फर्जी बैंक खातों और साइबर ठगी से जुड़े मामलों में बड़ी कार्रवाई की है। 4 अप्रैल 2026 की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने करोड़ों रुपये के निवेश घोटाले में शामिल एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। फर्जी खातों का उपयोग: यह आरोपी दूसरों के नाम पर करेंट/कॉर्पोरेट बैंक खाते खुलवाता था और उन्हें टेलीग्राम के माध्यम से साइबर ठगों के नेटवर्क को बेच देता था। इन फर्जी खातों का उपयोग ठगी की रकम खपाने के लिए किया जाता था। डॉक्टर से ठगी: इस गिरोह ने जबलपुर के एक डॉक्टर को शेयर बाजार में 500% तक रिटर्न का लालच देकर ₹3.04 करोड़ ठग लिए थे। जबलपुर से कार्तिक गुप्ता की रिपोर्ट बाईट - जीतेन्द्र सिंह ऐडीशनल एस पी जबलपुर2
- जिला मुख्यालय से नजदीकी गांव कुई रामगुड़ा शारसताल त्यागपुर गोपालपुर बासी देवरी एवं देव करा गांव की ओर हाथी विचरण कर रहै हैं जन सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वन विभाग की टीम डीएफओ श्री अशोक सोलंकी उपवन मंडला अधिकारी श्री सुरेंद्र सिंह जाटव वनपरि अतुल बघेल वनपरिक्षैत्र अधिकारी एवं टीम के द्वारा सतत निगरानी रखी जा रही है3
- मंडला के सबसे संवेदनशील इलाके कलेक्ट्रेट रोड से एक बड़ी खबर सामने आई है… जहां लोकसेवा भवन के सामने एक टपरे में अचानक भीषण आग लग गई… देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और आसपास के चर्च, लोकसेवा केंद्र, उद्यानिकी विभाग, कलेक्ट्रेट और कोर्ट परिसर तक खतरा पहुंच गया…1
- केरल के मलप्पुरम जिले में कांग्रेस सांसद Shashi Tharoor के काफिले के साथ कथित तौर पर एक गंभीर घटना सामने आई है। जानकारी के अनुसार, वह वंडूर में UDF उम्मीदवार एपी अनिलकुमार के लिए चुनाव प्रचार करने जा रहे थे, तभी कुछ लोगों ने उनके काफिले को रास्ते में रोक लिया। बताया जा रहा है कि करीब आठ लोगों ने उनकी गाड़ी को आगे बढ़ने से रोक दिया। इस दौरान जब उनकी सुरक्षा टीम का एक सदस्य स्थिति संभालने के लिए नीचे उतरा, तो उसके साथ हाथापाई की गई। इस घटना के बाद मौके पर तनाव का माहौल बन गया। #ShashiTharoor #Kerala #Malappuram #Congress #PoliticalNews1
- वित्तीय घोटाला: डाक्टर संजय मिश्रा पर बिना सामान प्राप्त किए ही ₹1.74 करोड़ का भुगतान करने का आरोप है। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार यह कार्रवाई ₹93 लाख के गबन और फर्जी बिलों के मामले में की गई है。 लोकायुक्त जांच: समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं और अन्य लोगों ने उनके खिलाफ लोकायुक्त में भ्रष्टाचार की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें अवैध रूप से चल रहे अस्पतालों को संरक्षण देने के आरोप भी शामिल थे。 अतिरिक्त प्रभार: डॉ. मिश्रा जबलपुर CMHO के साथ-साथ क्षेत्रीय संचालक (JD) स्वास्थ्य सेवा के पद पर भी पदस्थ थे。 विभागीय कार्रवाई: मध्य प्रदेश शासन के स्वास्थ्य विभाग ने जांच में दोषी पाए जाने के बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी किया है स्वास्थ्य विभाग में हुए करोड़ों के फर्जी बिल घोटाले को गंभीरता से लेते हुए डॉ. संजय मिश्रा के निलंबन से पहले कड़ी जांच के आदेश दिए थे और विभाग के अन्य कर्मचारियों पर तत्काल कार्रवाई की थी कलेक्टर की कार्रवाई और मामले से जुड़ी मुख्य बातें इस प्रकार हैं: जांच दल का गठन:जबलपुर कलेक्टर के निर्देश पर डिप्टी कलेक्टर रघुवीर सिंह मरावी के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल का गठन किया गया था। इस टीम ने स्टोर और दस्तावेजों की गहन जांच की, जिसमें सामान आए बिना ही भुगतान किए जाने का खुलासा हुआ。 कर्मचारियों पर गाज: डॉ. संजय मिश्रा के निलंबन से पहले ही कलेक्टर ने इस मामले में संलिप्त अन्य लोगों पर एक्शन लिया था:फार्मासिस्ट (स्टोरकीपर) नीरज कौरव को निलंबित कर दिया गया। जिला कार्यक्रम प्रबंधक (DPM) आदित्य तिवारी को हटाकर सिहोरा स्वास्थ्य केंद्र में अटैच किया गया। फार्मासिस्ट जवाहर लोधी को भी हटाकर अन्य जगह अटैच किया गया l गंभीर अनियमितता: जांच में पाया गया कि अक्टूबर 2025 से स्वास्थ्य विभाग का स्टॉक रजिस्टर गायब था और ₹93 लाख से अधिक के फर्जी बिलों का भुगतान किया जा चुका था। शासन को रिपोर्ट: कलेक्टर के नेतृत्व में हुई इस जांच की रिपोर्ट भोपाल (राज्य शासन) भेजी गई, जिसके आधार पर ही स्वास्थ्य विभाग के आयुक्त ने डॉ. संजय मिश्रा को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी किया。 डॉ. संजय मिश्रा ने अपनी सफाई में कहा है कि यह घोटाला नहीं है, बल्कि फंड लैप्स होने से बचाने के लिए प्रक्रिया के तहत खरीदी की गई थी और सामग्री जुलाई तक सप्लाई होनी थी। जबलपुर से कार्तिक गुप्ता की रिपोर्ट4