“महिला आरक्षण का विरोध पड़ा भारी!” अवधेश प्रसाद के आवास पर फूटा महिलाओं का गुस्सा, ‘मुर्दाबाद’ के नारों से दहला सहादतगंज नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में सड़कों पर उतरीं महिलाएं, सांसद आवास का घेराव कर किया उग्र प्रदर्शन अयोध्या। महिला आरक्षण को लेकर छिड़ी सियासी जंग अब खुलकर सड़क पर उतर आई है। केंद्र सरकार के ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के विरोध में समाजवादी पार्टी के अयोध्या सांसद अवधेश प्रसाद के कथित रुख के खिलाफ रविवार को महिलाओं का गुस्सा विस्फोट बनकर फूट पड़ा। अयोध्या शहर के सहादतगंज स्थित सांसद आवास के बाहर सैकड़ों महिलाओं ने जोरदार घेराव कर प्रदर्शन किया और सांसद के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन इतना उग्र था कि पूरा सहादतगंज क्षेत्र “अवधेश प्रसाद मुर्दाबाद”, “महिला विरोधी सोच नहीं चलेगी”, “33 प्रतिशत आरक्षण हमारा अधिकार” और “नारी शक्ति का अपमान बंद करो” जैसे नारों से गूंज उठा। महिलाओं के हाथों में तख्तियां थीं, जिन पर महिला आरक्षण के समर्थन में तीखे संदेश लिखे गए थे। प्रदर्शनकारी महिलाओं का आरोप था कि महिला आरक्षण का विरोध कर महिलाओं के संवैधानिक अधिकारों को कुचलने की कोशिश की जा रही है। प्रदर्शन का नेतृत्व नारी शक्ति वंदन अभियान के जिला संयोजक एवं जिला उपाध्यक्ष अखण्ड सिंह डिम्पल के मार्गदर्शन में किया गया। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण का विरोध किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा और यह आंदोलन महिलाओं के सम्मान एवं राजनीतिक अधिकारों की निर्णायक लड़ाई है। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहीं डॉ. अंजू पांडेय ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि देश की आधी आबादी को राजनीतिक हिस्सेदारी देने वाले ऐतिहासिक कानून का विरोध करना महिलाओं के सम्मान पर सीधा हमला है। उन्होंने कहा कि संसद में महिलाओं की भागीदारी बढ़ने से जिन नेताओं की राजनीति खतरे में पड़ रही है, वही लोग महिला आरक्षण के खिलाफ माहौल बनाने में जुटे हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अब महिलाएं चुप बैठने वाली नहीं हैं और विरोध करने वालों को लोकतांत्रिक तरीके से करारा जवाब दिया जाएगा। घेराव के दौरान माहौल उस समय और गर्मा गया जब प्रदर्शनकारी महिलाओं ने आरोप लगाया कि सांसद अवधेश प्रसाद ने सहादतगंज स्थित आवास का गेट अंदर से बंद करा लिया और महिलाओं से मिलने तक बाहर नहीं आए। इससे नाराज महिलाओं का आक्रोश और भड़क उठा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जनता के वोट से संसद पहुंचने वाले नेता अब महिलाओं के सवालों से डरकर दरवाजे बंद कर रहे हैं। महिलाओं ने सांसद पर महिला विरोधी मानसिकता का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। सुमन पासवान ने कहा कि यह आंदोलन केवल एक राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि महिलाओं के सम्मान, अधिकार और हिस्सेदारी की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण के मुद्दे पर महिलाओं का यह जनाक्रोश आने वाले समय में और बड़ा आंदोलन बन सकता है। मीडिया प्रभारी सुशील मिश्रा ने आरोप लगाया कि जो नेता महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी का विरोध करेंगे, उन्हें जनता के बीच जाकर जवाब देना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने कहा कि महिलाएं अब अपने अधिकारों के लिए सड़क से लेकर संसद तक संघर्ष करने को तैयार हैं। स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन को भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा। पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारी महिलाओं को शांत कराने और स्थिति नियंत्रित करने का प्रयास किया,लेकिन महिलाएं लंबे समय तक सांसद आवास के बाहर डटी रहीं। प्रदर्शन में सरोज मिश्रा, सुमन पासवान,बिनीता मोदनवाल,माधुरी सिंह, नीलम गुप्ता,ममता सिंह, संगीता मिश्रा,रानी सिंह,उषा चौहान और सीमा यादव सहित बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया।
“महिला आरक्षण का विरोध पड़ा भारी!” अवधेश प्रसाद के आवास पर फूटा महिलाओं का गुस्सा, ‘मुर्दाबाद’ के नारों से दहला सहादतगंज नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में सड़कों पर उतरीं महिलाएं, सांसद आवास का घेराव कर किया उग्र प्रदर्शन अयोध्या। महिला आरक्षण को लेकर छिड़ी सियासी जंग अब खुलकर सड़क पर उतर आई है। केंद्र सरकार के ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के विरोध में समाजवादी पार्टी के अयोध्या सांसद अवधेश प्रसाद के कथित रुख के खिलाफ रविवार को महिलाओं का गुस्सा विस्फोट बनकर फूट पड़ा। अयोध्या शहर के सहादतगंज स्थित सांसद आवास के बाहर सैकड़ों महिलाओं ने जोरदार घेराव कर प्रदर्शन किया और सांसद के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन इतना उग्र था कि पूरा सहादतगंज क्षेत्र “अवधेश प्रसाद मुर्दाबाद”, “महिला विरोधी सोच नहीं चलेगी”, “33 प्रतिशत आरक्षण हमारा अधिकार” और “नारी शक्ति का अपमान बंद करो” जैसे नारों से गूंज उठा। महिलाओं के हाथों में तख्तियां थीं, जिन पर महिला आरक्षण के समर्थन में तीखे संदेश लिखे गए थे। प्रदर्शनकारी महिलाओं का आरोप था कि महिला आरक्षण का विरोध कर महिलाओं के संवैधानिक अधिकारों को कुचलने की कोशिश की जा रही है। प्रदर्शन का नेतृत्व नारी शक्ति वंदन अभियान के जिला संयोजक एवं जिला उपाध्यक्ष अखण्ड सिंह डिम्पल के मार्गदर्शन में किया गया। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण का विरोध किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा और यह आंदोलन महिलाओं के सम्मान एवं राजनीतिक अधिकारों की निर्णायक लड़ाई है। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहीं डॉ. अंजू पांडेय ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि देश की आधी आबादी को राजनीतिक हिस्सेदारी देने वाले ऐतिहासिक कानून का विरोध करना महिलाओं के सम्मान पर सीधा हमला है। उन्होंने कहा कि संसद में महिलाओं की भागीदारी बढ़ने से जिन नेताओं की राजनीति खतरे में पड़ रही है, वही लोग महिला आरक्षण के खिलाफ माहौल बनाने में जुटे हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अब महिलाएं चुप बैठने वाली नहीं हैं और विरोध करने वालों को लोकतांत्रिक तरीके से करारा जवाब दिया जाएगा। घेराव के दौरान माहौल उस समय और गर्मा गया जब प्रदर्शनकारी महिलाओं ने आरोप लगाया कि सांसद अवधेश प्रसाद ने सहादतगंज स्थित आवास का गेट अंदर से बंद करा लिया और महिलाओं से मिलने तक बाहर नहीं आए। इससे नाराज महिलाओं का आक्रोश और भड़क उठा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जनता के वोट से संसद पहुंचने वाले नेता अब महिलाओं के सवालों से डरकर दरवाजे बंद कर रहे हैं। महिलाओं ने सांसद पर महिला विरोधी मानसिकता का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। सुमन पासवान ने कहा कि यह आंदोलन केवल एक राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि महिलाओं के सम्मान, अधिकार और हिस्सेदारी की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण के मुद्दे पर महिलाओं का यह जनाक्रोश आने वाले समय में और बड़ा आंदोलन बन सकता है। मीडिया प्रभारी सुशील मिश्रा ने आरोप लगाया कि जो नेता महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी का विरोध करेंगे, उन्हें जनता के बीच जाकर जवाब देना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने कहा कि महिलाएं अब अपने अधिकारों के लिए सड़क से लेकर संसद तक संघर्ष करने को तैयार हैं। स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन को भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा। पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारी महिलाओं को शांत कराने और स्थिति नियंत्रित करने का प्रयास किया,लेकिन महिलाएं लंबे समय तक सांसद आवास के बाहर डटी रहीं। प्रदर्शन में सरोज मिश्रा, सुमन पासवान,बिनीता मोदनवाल,माधुरी सिंह, नीलम गुप्ता,ममता सिंह, संगीता मिश्रा,रानी सिंह,उषा चौहान और सीमा यादव सहित बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया।
- “महिला आरक्षण का विरोध पड़ा भारी!” अवधेश प्रसाद के आवास पर फूटा महिलाओं का गुस्सा, ‘मुर्दाबाद’ के नारों से दहला सहादतगंज नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में सड़कों पर उतरीं महिलाएं, सांसद आवास का घेराव कर किया उग्र प्रदर्शन अयोध्या। महिला आरक्षण को लेकर छिड़ी सियासी जंग अब खुलकर सड़क पर उतर आई है। केंद्र सरकार के ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के विरोध में समाजवादी पार्टी के अयोध्या सांसद अवधेश प्रसाद के कथित रुख के खिलाफ रविवार को महिलाओं का गुस्सा विस्फोट बनकर फूट पड़ा। अयोध्या शहर के सहादतगंज स्थित सांसद आवास के बाहर सैकड़ों महिलाओं ने जोरदार घेराव कर प्रदर्शन किया और सांसद के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन इतना उग्र था कि पूरा सहादतगंज क्षेत्र “अवधेश प्रसाद मुर्दाबाद”, “महिला विरोधी सोच नहीं चलेगी”, “33 प्रतिशत आरक्षण हमारा अधिकार” और “नारी शक्ति का अपमान बंद करो” जैसे नारों से गूंज उठा। महिलाओं के हाथों में तख्तियां थीं, जिन पर महिला आरक्षण के समर्थन में तीखे संदेश लिखे गए थे। प्रदर्शनकारी महिलाओं का आरोप था कि महिला आरक्षण का विरोध कर महिलाओं के संवैधानिक अधिकारों को कुचलने की कोशिश की जा रही है। प्रदर्शन का नेतृत्व नारी शक्ति वंदन अभियान के जिला संयोजक एवं जिला उपाध्यक्ष अखण्ड सिंह डिम्पल के मार्गदर्शन में किया गया। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण का विरोध किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा और यह आंदोलन महिलाओं के सम्मान एवं राजनीतिक अधिकारों की निर्णायक लड़ाई है। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहीं डॉ. अंजू पांडेय ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि देश की आधी आबादी को राजनीतिक हिस्सेदारी देने वाले ऐतिहासिक कानून का विरोध करना महिलाओं के सम्मान पर सीधा हमला है। उन्होंने कहा कि संसद में महिलाओं की भागीदारी बढ़ने से जिन नेताओं की राजनीति खतरे में पड़ रही है, वही लोग महिला आरक्षण के खिलाफ माहौल बनाने में जुटे हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अब महिलाएं चुप बैठने वाली नहीं हैं और विरोध करने वालों को लोकतांत्रिक तरीके से करारा जवाब दिया जाएगा। घेराव के दौरान माहौल उस समय और गर्मा गया जब प्रदर्शनकारी महिलाओं ने आरोप लगाया कि सांसद अवधेश प्रसाद ने सहादतगंज स्थित आवास का गेट अंदर से बंद करा लिया और महिलाओं से मिलने तक बाहर नहीं आए। इससे नाराज महिलाओं का आक्रोश और भड़क उठा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जनता के वोट से संसद पहुंचने वाले नेता अब महिलाओं के सवालों से डरकर दरवाजे बंद कर रहे हैं। महिलाओं ने सांसद पर महिला विरोधी मानसिकता का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। सुमन पासवान ने कहा कि यह आंदोलन केवल एक राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि महिलाओं के सम्मान, अधिकार और हिस्सेदारी की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण के मुद्दे पर महिलाओं का यह जनाक्रोश आने वाले समय में और बड़ा आंदोलन बन सकता है। मीडिया प्रभारी सुशील मिश्रा ने आरोप लगाया कि जो नेता महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी का विरोध करेंगे, उन्हें जनता के बीच जाकर जवाब देना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने कहा कि महिलाएं अब अपने अधिकारों के लिए सड़क से लेकर संसद तक संघर्ष करने को तैयार हैं। स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन को भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा। पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारी महिलाओं को शांत कराने और स्थिति नियंत्रित करने का प्रयास किया,लेकिन महिलाएं लंबे समय तक सांसद आवास के बाहर डटी रहीं। प्रदर्शन में सरोज मिश्रा, सुमन पासवान,बिनीता मोदनवाल,माधुरी सिंह, नीलम गुप्ता,ममता सिंह, संगीता मिश्रा,रानी सिंह,उषा चौहान और सीमा यादव सहित बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया।1
- लूट के दो आरोपियों ने पुलिस पर झोंकी फायर जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के पैर में लगी गोली बांदा यूपी पुलिस और बदमाशों के बीच फिर हुई मुठभेड़ लूट के दो आरोपियों ने पुलिस पर झोंकी फायर पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने लुटेरों को घेरा कर्वी रोड ग्राम तुर्रा के पास हुई मुठभेड़ पुलिस की जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के पैर में लगी गोली दोनों आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार लूट के जेवर सहित अवैध तमंचा, कारतूस और खोखा किया बरामद आरोपी आदेश पर हत्या और गैंग लीडर का मुकदमा है दर्ज बिजली कर्मी बनकर एक घर में की थी लूट इसी माह की 01 तारीख को बदौसा थाना अंतर्गत की थी लूट तीन लुटेरे मीटर चेक करने के बहाने से घुसे थे अंदर वृद्ध महिला को बंधक बना कर लूट लिया था पूरा घर नादनमऊ गांव में लूट की घटना से थी दहशत दो और आरोपियों की तलाश में जुटी है पुलिस1
- अयोध्या सिविलकोर्टपरिसर में लगे कैंपों का जिला जज ने किया निरीक्षण। अयोध्या जिले के सिविल कोर्ट परिसर स्थित आठ तल्ला बिल्डिंग २४कक्षीय भवन के मीटिंग सभागार में माॅं सरस्वती जी के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्जवलन के साथ जिला जज रणंजय कुमार वर्मा द्वारा विधिक सचिव प्रिया सक्सेना व न्यायिक अधिकारियों की मौजूजगी में राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ किया गया। माॅं सरस्वती जी के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्जवलन के समय अपर जिला जज/नोडल अधिकारी दीपक यादव, सचिव, श्रीमती प्रिया सक्सेना, रवि कान्त पीठासीन अधिकारी एम,ए,सी,टी, वेद प्रकाश वर्मा, पीठासीन अधिकारी, कामर्शियल न्यायालय, राहुल कात्यान, प्रधान न्यायाधीश पारिवार न्यायालय,सुरेन्द्र मोहन सहाय,सुश्री निरूपमा विक्रम, रजत वर्मा, विशेष न्यायाधीश, विशेष कोर्ट नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत, श्रीमती प्रतिभा नारायण, श्री इन्द्रजीत सिंह, सुश्री अर्चना तिवारी,प्रदीप कुमार सिंह,रवि कुमार गुप्ता, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुधांशु शेखर उपाध्याय, सतीश कुमार मगन,तृतीय श्रीमती रंजिनी शुक्ला,पीयूष त्रिपाठी व अन्य सम्मानित न्यायिक अधिकारीगण उपस्थित रहे।कार्यक्रम का संचालन महेन्द्र सिंह पासवान द्वारा किया गया। रणंजय कुमार वर्मा जी द्वारा कार्यक्रम उद्घाटन के अवसर पर राष्ट्रीय लोक अदालत पर कविता के माध्यम से सुलह समझौता के दौरान सभी का मान, सभी का सम्मान, सभी को न्याय मिले इसका ध्यान रखा जाता है। राष्ट्रीय लोक अदालत में दोनों पक्षों के हितों को ध्यान में रखकर आपसी सुलह-समझौते के माध्यम से वादों को निस्तारित कराया जाता है सचिव प्रिया सक्सेना द्वाराश्री रामचरित मानस की चौपाई‘‘परहित सरिस धर्म नहीं भाई, परपीड़ा सम नहीं अधमाई से अपनी बात रखी,सचिव,वक्ताओं द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत पर अपने,अपने विचार रखे,सचिव द्वारा भेजी विज्ञप्ति के अनुसार आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल ८५३५० वादों को निस्तारित किया गया एवं कुल समझौता राशि मु0 121980954 रू0 है। पीठासीन अधिकारी (वर्चुअल कोर्ट) सुश्री निवेदिता सिंह द्वारा 35459 वादों का निस्तारण किया।रविकांत न्यायाधीश मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकारण द्वारा85 वाद निस्तारित किये गये, जिस पर कुल 6,51,19,807/- रू0 की धनराशि क्षतिपूर्ति निर्धारित की गयी। बैंक रिकवरी से संबन्धित 683 प्री-लिटिगेशन वाद निस्तारित किये गये तथा बैंक संबन्धित ऋण मु0- 4,64,21,488/- रू0 का सेटेलमेंट किया गया,पारिवारिक न्यायालय द्वारा 57 मुकदमों निस्तारण किया गया परिवार न्यायालय की पहल पर १२ जोड़े पुनः एक साथ घर बसाने को तैयार होके साथ साथ घर गए, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा 4510 वाद अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम द्वारा 2086 वादों का निस्तारण किया गया जो विगत लोक अदालत की तुलना में अधिक वाद निस्तारित किया गया है।राजस्व मामलों से संबन्धित 30996 वाद विभिन्न राजस्व न्यायालय द्वारा निस्तारित किये गये।जिला जज रणंजय कुमार वर्मा द्वारा न्यायिक अधिकारियों के साथ परिसर में लगाए गए कैंपों तथा स्वयं सेवी संस्थाओं द्वारा लगाए गए स्टालों का निरीक्षण किया गया और न्यायिक अधिकारियों के साथ खरीददारी भी की गई,1
- सुनो सुनो कही तुम बेखबर नहीं हो जाओ भारत वर्ष में जनगणना 2026, 2027 हो रही है पूरा सपोर्ट करे ,, संपूर्ण देशवासियों जनगणना 2027 में भाग लेकर अपने देश के संसाधनों को और मजबूत बनाएं यह हम सभी के लिए हित और अच्छी बातें हैं और हम सभी को इसमें बढ़ चढ़कर भाग लेनी चाहिए जनगणना हर 10 साल के बाद आती है और इसमें भाग लेकर अपने देश के आने के ऐसे जो भी सरकारी व्यक्ति जाता है और आपसे सवाल पूछता है उसकी आप पर सटीक सही जानकारी देने का पूरा प्रयास कीजिए या जनगणना है और या 10 वर्ष में एक बार आता है 2011 में हुआ था अब 2026 में हो रहा है तो यह सब ख्याल करते हुए भारत वर्ष में लगभग लगभग जनगणना शुरू हो चुका है और इसमें आप भी शामिल होकर और उन कर्मचारियों का मदद करें और अच्छी तरह से जनगणना करवा ।।। आज सुबह टाइम्स टीम लखनऊ ।। रिपोर्टिंग Lal Chand Soni ।। सुनो सुनो कही तुम बेखबर नहीं हो जाओ भारत वर्ष में जनगणना 2026, 2027 हो रही है पूरा सपोर्ट करे ,, संपूर्ण देशवासियों जनगणना 2027 में भाग लेकर अपने देश के संसाधनों को और मजबूत बनाएं यह हम सभी के लिए हित और अच्छी बातें हैं और हम सभी को इसमें बढ़ चढ़कर भाग लेनी चाहिए जनगणना हर 10 साल के बाद आती है और इसमें भाग लेकर अपने देश के आने के ऐसे जो भी सरकारी व्यक्ति जाता है और आपसे सवाल पूछता है उसकी आप पर सटीक सही जानकारी देने का पूरा प्रयास कीजिए या जनगणना है और या 10 वर्ष में एक बार आता है 2011 में हुआ था अब 2026 में हो रहा है तो यह सब ख्याल करते हुए भारत वर्ष में लगभग लगभग जनगणना शुरू हो चुका है और इसमें आप भी शामिल होकर और उन कर्मचारियों का मदद करें और अच्छी तरह से जनगणना करवा ।।। आज सुबह टाइम्स टीम लखनऊ ।। रिपोर्टिंग Lal Chand Soni ।।1
- अयोध्या में यातायात पुलिस ने इलाहाबाद रोड पर 'ड्रिंक एंड ड्राइव' के खिलाफ सघन चेकिंग अभियान चलाया। क्षेत्राधिकारी मयंक मिश्रा के नेतृत्व में टोल प्लाजा पर ड्रिंक मशीन से जांच कर बड़ी संख्या में वाहन चालकों के चालान काटे गए। यह अभियान जिले के तीनों टोल प्लाजा पर जारी रहेगा।1
- अयोध्या के भाजपा गढ़ में सपा के पूर्व विधायक अब्बास अली जैदी रुश्दी के काम की जमकर तारीफ हो रही है। उनके प्रयासों से मिल रहे लाभ की चर्चा पूरे जिले में है, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ गई है।1
- अयोध्या के हैरिंग्टनगंज में देर रात तेज रफ्तार पिकअप ने दो लोगों को टक्कर मार दी। इस हादसे में 69 वर्षीय नन्कऊ की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि अनिल जायसवाल गंभीर रूप से घायल होकर जिला अस्पताल रेफर किए गए हैं। पुलिस ने पिकअप जब्त कर ली है, लेकिन फरार चालक की तलाश जारी है, जिससे लोगों में आक्रोश है।1
- अयोध्या के सिविल कोर्ट परिसर में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में कई बैंकों ने कर्जदाताओं को ऋण सुविधाएँ और सलाह दीं। बैंक अधिकारियों ने ऋणदाताओं को समय पर कर्ज चुकाकर अनावश्यक कानूनी झंझटों और खर्चों से बचने की सलाह दी, जिसका निरीक्षण जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव ने भी किया।1