निरसा में एलिवेटेड फ्लाईओवर निर्माण को लेकर जारी सियासी घमासान बुधवार को सीधे सड़कों पर दिखाई दिया। धनबाद सांसद ढुलू महतो और निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने अपने-अपने समर्थकों के साथ अलग-अलग रैलियां निकालकर जमकर शक्ति प्रदर्शन किया। दोनों गुटों में टकराव की आशंका को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह हाई अलर्ट पर रहा। मौके पर भारी संख्या में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था और दोनों पक्षों के कार्यक्रमों की ड्रोन से निगरानी की गई। रूट और ट्रैफिक की ऐसी चाक-चौबंद व्यवस्था की गई थी कि दोनों दलों के समर्थक किसी भी स्थिति में आमने-सामने न आ सकें। इस शक्ति प्रदर्शन के तहत निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने माले के बैनर तले निरसा बाजार स्थित अपने कार्यालय से एक विशाल पदयात्रा निकाली, जो देवियाना पहुंचकर एक जनसभा में बदल गई। दूसरी तरफ, धनबाद सांसद ढुलू महतो के नेतृत्व में बेलचड़ी मोड़ से एक 'जन आक्रोश रैली' निकाली गई, जो हाथबाड़ी स्थित सभा स्थल तक पहुंची। सांसद और उनके समर्थकों ने इस रैली के जरिए एलिवेटेड फ्लाईओवर के निर्माण के समर्थन में अपनी ताकत दिखाई। इस पूरे विवाद के पीछे दोनों नेताओं के अलग-अलग रुख हैं। निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने मांग उठाई है कि एलिवेटेड फ्लाईओवर की गुणवत्ता से जुड़ी पूरी जानकारी और निर्माण का एस्टीमेट सार्वजनिक किया जाए, साथ ही निर्माण कार्य में स्थानीय लोगों को रोजगार सुनिश्चित किया जाए। उनका कहना है कि जब तक इन सवालों पर स्थिति स्पष्ट नहीं होती, तब तक निर्माण कार्य को आगे बढ़ने नहीं दिया जाएगा। वहीं, दूसरी ओर धनबाद सांसद ढुलू महतो ने दो टूक कहा है कि चाहे जैसी भी परिस्थिति हो, निरसा में एलिवेटेड फ्लाईओवर का निर्माण हर हाल में होकर रहेगा। सड़कों पर तीखी बयानबाजी और राजनीतिक गर्माहट के बावजूद पुलिस की चुस्त व्यवस्था के चलते दोनों पक्ष आमने-सामने नहीं आए और दोनों कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गए। इस शांतिपूर्ण समापन के बाद पुलिस और प्रशासन ने भी राहत की सांस ली है। फिलहाल, पूरे निरसा की नजर इस बात पर टिकी है कि फ्लाईओवर का निर्माण कितना आगे बढ़ता है और यह सियासी टकराव आगे क्या मोड़ लेता है।
निरसा में एलिवेटेड फ्लाईओवर निर्माण को लेकर जारी सियासी घमासान बुधवार को सीधे सड़कों पर दिखाई दिया। धनबाद सांसद ढुलू महतो और निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने अपने-अपने समर्थकों के साथ अलग-अलग रैलियां निकालकर जमकर शक्ति प्रदर्शन किया। दोनों गुटों में टकराव की आशंका को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह हाई अलर्ट पर रहा। मौके पर भारी संख्या में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था और
दोनों पक्षों के कार्यक्रमों की ड्रोन से निगरानी की गई। रूट और ट्रैफिक की ऐसी चाक-चौबंद व्यवस्था की गई थी कि दोनों दलों के समर्थक किसी भी स्थिति में आमने-सामने न आ सकें। इस शक्ति प्रदर्शन के तहत निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने माले के बैनर तले निरसा बाजार स्थित अपने कार्यालय से एक विशाल पदयात्रा निकाली, जो देवियाना पहुंचकर एक जनसभा में बदल गई। दूसरी तरफ, धनबाद सांसद ढुलू
महतो के नेतृत्व में बेलचड़ी मोड़ से एक 'जन आक्रोश रैली' निकाली गई, जो हाथबाड़ी स्थित सभा स्थल तक पहुंची। सांसद और उनके समर्थकों ने इस रैली के जरिए एलिवेटेड फ्लाईओवर के निर्माण के समर्थन में अपनी ताकत दिखाई। इस पूरे विवाद के पीछे दोनों नेताओं के अलग-अलग रुख हैं। निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने मांग उठाई है कि एलिवेटेड फ्लाईओवर की गुणवत्ता से जुड़ी पूरी जानकारी और निर्माण का
एस्टीमेट सार्वजनिक किया जाए, साथ ही निर्माण कार्य में स्थानीय लोगों को रोजगार सुनिश्चित किया जाए। उनका कहना है कि जब तक इन सवालों पर स्थिति स्पष्ट नहीं होती, तब तक निर्माण कार्य को आगे बढ़ने नहीं दिया जाएगा। वहीं, दूसरी ओर धनबाद सांसद ढुलू महतो ने दो टूक कहा है कि चाहे जैसी भी परिस्थिति हो, निरसा में एलिवेटेड फ्लाईओवर का निर्माण हर हाल में होकर रहेगा। सड़कों पर
तीखी बयानबाजी और राजनीतिक गर्माहट के बावजूद पुलिस की चुस्त व्यवस्था के चलते दोनों पक्ष आमने-सामने नहीं आए और दोनों कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गए। इस शांतिपूर्ण समापन के बाद पुलिस और प्रशासन ने भी राहत की सांस ली है। फिलहाल, पूरे निरसा की नजर इस बात पर टिकी है कि फ्लाईओवर का निर्माण कितना आगे बढ़ता है और यह सियासी टकराव आगे क्या मोड़ लेता है।
- निरसा में एलिवेटेड फ्लाईओवर निर्माण को लेकर जारी सियासी घमासान बुधवार को सीधे सड़कों पर दिखाई दिया। धनबाद सांसद ढुलू महतो और निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने अपने-अपने समर्थकों के साथ अलग-अलग रैलियां निकालकर जमकर शक्ति प्रदर्शन किया। दोनों गुटों में टकराव की आशंका को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह हाई अलर्ट पर रहा। मौके पर भारी संख्या में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था और दोनों पक्षों के कार्यक्रमों की ड्रोन से निगरानी की गई। रूट और ट्रैफिक की ऐसी चाक-चौबंद व्यवस्था की गई थी कि दोनों दलों के समर्थक किसी भी स्थिति में आमने-सामने न आ सकें। इस शक्ति प्रदर्शन के तहत निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने माले के बैनर तले निरसा बाजार स्थित अपने कार्यालय से एक विशाल पदयात्रा निकाली, जो देवियाना पहुंचकर एक जनसभा में बदल गई। दूसरी तरफ, धनबाद सांसद ढुलू महतो के नेतृत्व में बेलचड़ी मोड़ से एक 'जन आक्रोश रैली' निकाली गई, जो हाथबाड़ी स्थित सभा स्थल तक पहुंची। सांसद और उनके समर्थकों ने इस रैली के जरिए एलिवेटेड फ्लाईओवर के निर्माण के समर्थन में अपनी ताकत दिखाई। इस पूरे विवाद के पीछे दोनों नेताओं के अलग-अलग रुख हैं। निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने मांग उठाई है कि एलिवेटेड फ्लाईओवर की गुणवत्ता से जुड़ी पूरी जानकारी और निर्माण का एस्टीमेट सार्वजनिक किया जाए, साथ ही निर्माण कार्य में स्थानीय लोगों को रोजगार सुनिश्चित किया जाए। उनका कहना है कि जब तक इन सवालों पर स्थिति स्पष्ट नहीं होती, तब तक निर्माण कार्य को आगे बढ़ने नहीं दिया जाएगा। वहीं, दूसरी ओर धनबाद सांसद ढुलू महतो ने दो टूक कहा है कि चाहे जैसी भी परिस्थिति हो, निरसा में एलिवेटेड फ्लाईओवर का निर्माण हर हाल में होकर रहेगा। सड़कों पर तीखी बयानबाजी और राजनीतिक गर्माहट के बावजूद पुलिस की चुस्त व्यवस्था के चलते दोनों पक्ष आमने-सामने नहीं आए और दोनों कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गए। इस शांतिपूर्ण समापन के बाद पुलिस और प्रशासन ने भी राहत की सांस ली है। फिलहाल, पूरे निरसा की नजर इस बात पर टिकी है कि फ्लाईओवर का निर्माण कितना आगे बढ़ता है और यह सियासी टकराव आगे क्या मोड़ लेता है।5
- धनबाद के गोविंदपुर के गोडतोपा पंचायत में कब्रिस्तान बाउंड्री वॉल निर्माण कार्य का विधिवत रूप से शिलान्यास किया गया है। इस निर्माण कार्य का शिलान्यास जिला परिषद सदस्य ने फीता काटकर किया।1
- जामताड़ा में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई अब पूरी तरह से राजनीतिक रंग लेने लगी है। कांग्रेस नेता इर्शादुल हक आरसी ने इस अभियान पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए प्रशासन को घेरा है। उन्होंने प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसी व्यक्ति विशेष के कहने पर एक चाय दुकान को हटाना सरासर गलत है। कांग्रेस नेता ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि यदि अतिक्रमण हटाना ही है तो इसे भेदभाव के बिना पूरे शहर से हटाया जाए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि इस कार्रवाई के नाम पर चुनिंदा लोगों को निशाना बनाना बंद किया जाना चाहिए। जामताड़ा में अतिक्रमण हटाने की इस एकतरफा कार्रवाई के खिलाफ अब बवाल बढ़ता जा रहा है।1
- झारखंड के धनबाद जिले के निरसा में शक्ति प्रदर्शन दिखाया गया है। इस संबंध में साधना न्यूज के नीरज कुमार ने जानकारी दी है।1
- झारखंड के धनबाद सांसद ढुल्लू महतो के समर्थन में जनता का अपार आशीर्वाद और स्नेह देखने को मिल रहा है। उनके पक्ष में लोगों का एक विशाल जनसैलाब उमड़ पड़ा है, जो उनके प्रति जनता के इस भारी समर्थन और जुड़ाव को साफ तौर पर दर्शाता है।1
- धनबाद जिले के निरसा में गुरुवार को दो पार्टियों के बीच जोरदार शक्ति प्रदर्शन देखने को मिला। इस दौरान दोनों ही पक्ष पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरे और कोई भी किसी से कम साबित नहीं हुआ। दोनों पक्षों द्वारा खुद को श्रेष्ठ साबित करने की इस होड़ के बाद अब आगे क्या कुछ होने वाला है, इस पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं।1
- जामताड़ा नगर पंचायत के वार्ड संख्या ९ के न्यू टाउन में सड़क किनारे स्थित सुनील चाय दुकान पर अतिक्रमण हटाने पहुंची प्रशासनिक टीम को स्थानीय लोगों के तीखे विरोध का सामना करना पड़ा। अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर पंचायत की टीम का स्थानीय लोगों ने घेराव कर दिया, जिसके कारण बुलडोजर की कार्रवाई को रोकना पड़ गया। कार्रवाई के दौरान उग्र हुए स्थानीय लोगों ने प्रशासन के सामने मांग उठाई कि 'पहले पूरे शहर से अतिक्रमण हटाया जाए'। जनता के इस भारी आक्रोश और तीखे विरोध के आगे आखिरकार प्रशासन को झुकना पड़ा, जिसके चलते बिना बुलडोजर चलाए ही प्रशासनिक टीम को बैरंग वापस लौटना पड़ा।1
- झारखंड के धनबाद जिले के कतरास में एक स्कूल के बाहर छात्र पर केरोसिन छिड़क कर उसे जिंदा जलाने की कोशिश का बेहद खौफनाक मामला सामने आया है। इस सनसनीखेज वारदात के बाद स्कूल और छात्रों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई जा रही है। छात्र पर हुए इस जानलेवा हमले के बाद पीड़ित के लिए न्याय की मांग बुलंद की जा रही है।1