नगर पंचायत फफूंद की गौशाला में बदहाली, गोवंशों की मौत से मचा हड़कंप फफूंद (औरैया)। नगर पंचायत फफूंद की गौशाला की बदहाल व्यवस्था एक बार फिर चर्चा में है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में गौशाला के अंदर अव्यवस्थाओं का गंभीर मामला सामने आया है, जहां कई गोवंशों के मृत पाए जाने का दावा किया जा रहा है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है। आरोप है कि गौशाला में गोवंशों के लिए पर्याप्त चारा, पानी और चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जा रही थी। देखरेख के अभाव में कई पशु तड़प-तड़प कर मर गए। लोगों का कहना है कि शासन द्वारा गौशालाओं के संचालन के लिए लाखों रुपये की धनराशि जारी की जाती है, लेकिन जमीनी स्तर पर व्यवस्थाएं नाकाफी नजर आ रही हैं। स्थानीय नागरिकों ने नगर पंचायत प्रशासन पर गंभीर लापरवाही और सरकारी धन के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि यदि समय रहते उचित देखभाल की जाती तो बेजुबान पशुओं की जान बचाई जा सकती थी। इस पूरे मामले में नगर अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी (ईओ) की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। लोगों की मांग है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और गौशाला की व्यवस्था को पारदर्शी बनाया जाए। फिलहाल प्रशासन की ओर से आधिकारिक बयान का इंतजार है। यदि जांच बैठती है तो यह स्पष्ट हो सकेगा कि गोवंशों की मौत के पीछे वास्तविक कारण क्या रहे। नगरवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए तो आंदोलन किया जाएगा।
नगर पंचायत फफूंद की गौशाला में बदहाली, गोवंशों की मौत से मचा हड़कंप फफूंद (औरैया)। नगर पंचायत फफूंद की गौशाला की बदहाल व्यवस्था एक बार फिर चर्चा में है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में गौशाला के अंदर अव्यवस्थाओं का गंभीर मामला सामने आया है, जहां कई गोवंशों के मृत पाए जाने का दावा किया जा रहा है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है। आरोप है कि गौशाला में गोवंशों के लिए पर्याप्त चारा, पानी और चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जा रही थी। देखरेख के अभाव में कई पशु तड़प-तड़प कर मर गए। लोगों का कहना है कि शासन द्वारा गौशालाओं के संचालन के लिए लाखों रुपये की धनराशि जारी की जाती है, लेकिन जमीनी स्तर पर व्यवस्थाएं नाकाफी नजर आ रही हैं। स्थानीय नागरिकों ने नगर पंचायत प्रशासन पर गंभीर लापरवाही और सरकारी धन के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि यदि समय रहते उचित देखभाल की जाती तो बेजुबान पशुओं की जान बचाई जा सकती थी। इस पूरे मामले में नगर अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी (ईओ) की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। लोगों की मांग है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और गौशाला की व्यवस्था को पारदर्शी बनाया जाए। फिलहाल प्रशासन की ओर से आधिकारिक बयान का इंतजार है। यदि जांच बैठती है तो यह स्पष्ट हो सकेगा कि गोवंशों की मौत के पीछे वास्तविक कारण क्या रहे। नगरवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए तो आंदोलन किया जाएगा।
- फफूंद (औरैया)। नगर पंचायत फफूंद की गौशाला की बदहाल व्यवस्था एक बार फिर चर्चा में है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में गौशाला के अंदर अव्यवस्थाओं का गंभीर मामला सामने आया है, जहां कई गोवंशों के मृत पाए जाने का दावा किया जा रहा है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है। आरोप है कि गौशाला में गोवंशों के लिए पर्याप्त चारा, पानी और चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जा रही थी। देखरेख के अभाव में कई पशु तड़प-तड़प कर मर गए। लोगों का कहना है कि शासन द्वारा गौशालाओं के संचालन के लिए लाखों रुपये की धनराशि जारी की जाती है, लेकिन जमीनी स्तर पर व्यवस्थाएं नाकाफी नजर आ रही हैं। स्थानीय नागरिकों ने नगर पंचायत प्रशासन पर गंभीर लापरवाही और सरकारी धन के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि यदि समय रहते उचित देखभाल की जाती तो बेजुबान पशुओं की जान बचाई जा सकती थी। इस पूरे मामले में नगर अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी (ईओ) की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। लोगों की मांग है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और गौशाला की व्यवस्था को पारदर्शी बनाया जाए। फिलहाल प्रशासन की ओर से आधिकारिक बयान का इंतजार है। यदि जांच बैठती है तो यह स्पष्ट हो सकेगा कि गोवंशों की मौत के पीछे वास्तविक कारण क्या रहे। नगरवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए तो आंदोलन किया जाएगा।1
- औरैया। ग्राम धीरजपुर निवासी आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की बेटी किरन के 15 फरवरी को देवकरन के साथ होने वाले विवाह से पहले समाजसेवी संस्था विचित्र पहल सेवा समिति रजि. औरैया की टीम उसके घर पहुंची। समिति एवं “सखी ग्रुप” की महिलाओं ने किरन का तिलक कर सम्मान किया और साड़ी, ज्वेलरी, बर्तन, राशन, कंबल, पंखा सहित गृह उपयोगी सामग्री व आर्थिक सहायता प्रदान की। समिति अध्यक्ष राजीव पोरवाल (रानू) ने बताया कि अब तक 68 जरूरतमंद बेटियों के विवाह में सहयोग किया जा चुका है, जबकि किरन 69वीं लाभार्थी हैं। सहयोग पाकर परिजनों के चेहरों पर खुशी झलक उठी। कार्यक्रम में समिति पदाधिकारी, सखी ग्रुप की सदस्याएं व ग्रामीण मौजूद रहे1
- दलीप नगर मढैयन तहसील चकर नगर इटावा उ प्र1
- औरैया1
- *आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की किरन के विवाह हेतु में मदद करने दरवाजे पहुंची विचित्र पहल शाखा की टीम* 15 फरवरी को किरन का देवकरन के साथ संपन्न होगा शुभ-विवाह* *० गृह उपयोगी सामग्री व आर्थिक मदद पाकर परिवारीजनों के चेहरों पर आई मुस्कान* समाजसेवी संगठन एक विचित्र पहल सेवा समिति रजि. औरैया द्वारा आज दिनांक 13 फरवरी 2026 दिन शुक्रवार को प्रातः 10 औरैया शहर से लगभग 4 किलोमीटर दूरी पर पश्चिम दिशा में स्थित ग्राम-धीरजपुर, औरैया निवासी आर्थिक रूप से कमजोर हरिजन समाज की तारावती व कमल शंकर जोकि घरों में पुट्टी पेंट, मजदूरी करके अपने परिवार का जीवकोपार्जन करते हैं, उनकी बेटी जरूरतमंद किरन का शुभ विवाह बबीना-औरैया निवासी चि. देवकरन के साथ दिनांक 15 फरवरी-2026 को संपन्न होना है, आर्थिक संकट होने के कारण समिति परिवार के सदस्यों ने विवाह में यथासंभव सहयोग का भरोसा दिया था, आर्थिक रूप से कमजोर बालिकाओं के विवाह, निराश्रित व वास्तविक जरूरतमंदों की सदैव मदद करने वाली समाजसेवी संस्था विचित्र पहल सेवा समिति के सदस्यों ने आज दिनांक 13 फरवरी शुक्रवार को प्रातः 10 बजे ग्राम-धीरजपुर स्थित किरन के दरवाजे पहुंचकर "सखी ग्रुप" की अध्यक्ष लक्ष्मी बिश्नोई के साथ "सखी ग्रुप" की सदस्यों ने किरन के मस्तक पर रोली चावल से तिलक, माल्यार्पण व पुष्प वर्षा करते हुए उसका हृदय से अभिनंदन किया, उसके उपरांत समिति व जन सहयोग से उसको साड़ियां, ज्वेलरी, 10 किलो गेहूं का आटा, सूट, स्टील के बर्तन, ऊनी कंबल, बेडशीट, केसरोल, कुकर, नाश्ता किट, सीलिंग फैन, कटोरी सैट, प्रेस, चूड़ी कंगन सैट, पुडिंग सेट, जेंट्स व लेडीज घड़ी, चाय कप सैट, कांच की कटोरी सेट, टिफिन, बिछिया, श्रृंगार सामग्री आदि गृह उपयोगी सामग्री व आर्थिक मदद की गयी, समिति द्वारा सहयोग पाकर परिवारीजनों के चेहरों पर खुशी झलक रही थी,3
- सत्ती तालाब : जनपद औरैया वेन्डिंग जोन रेहडी पटरी स्थल नगर पालिका परिषद, औरैया 13/02/2026 इसी तरह के और भी चित्र हैं कई दिनों के जिसके लिए यह खोली गई है खरीदारी करने जाते हैं एक भी दुकान लगी नहीं मिलती कभी नाही कभी यहां निर्माण टॉयलेट ओपन मिलता है टॉयलेट शौचालय पर जितना लिखा जाए उतना कम है वही टॉयलेट सार्वजनिक शौचालय चालू है जो आज से 30-40 साल पहले बने बाकी के बाद के बने हुए चेक किए जा सकते हैं हम क्या लिखें। वैसे हमने सभी चेक किए हैं और सभी के चित्र वीडियो सुरक्षित है बहुत बार सोशल मीडिया पर भी दिखाएं इसमें एनटीपीसी एवं विभिन्न योजनाओं के विद्यालयों में आदि सार्वजनिक जगह वह पर नगर पालिका परिषद औरैया के संरक्षणमें शौचालय टॉयलेट सम्मिलित है जो ना तो संचालित होते हैं बहुत से शौचालय में ना ही निर्माण कार्य पूर्ण हुए हैं ना ही देखरेख होती है नाही सफाई मिली है एवं बहुत जगह ताला लगा मिला है नगर पालिका परिषद में ही खड़े हुए वाहन टॉयलेट की हालत देखी जा सकती है की सफाई व्यवस्था क्या है जो परमानेंट सामनेही संरक्षण में रहता है जिसकी कभी भी आवश्यकता पड़ सकती है वह भी आपको साफ नहीं मिलेगा नहीं तो जाकर चेक कर ले सत्ती तालाब वेन्डिंग जोन रेहडी पटरी स्थल नगर पालिका परिषद, इसका उद्घाटन भी हो चुका है और निर्माण भी हो चुका है एवं जगह भी आवंटित की जा चुकी है निर्माण टेंडर बजट भी पास हो चुका होगा मगर उपयोग नहीं है और जिनकी जिम्मेदारी है उपयोग करवाना उनकी भी कोई जिम्मेदारी नजर नहीं आती है जिस चीज के लिए इसका निर्माण करायागया है वह एक भी बार स्टाल लगा नहीं मिला है खरीदारी करने के लिए जाने पर क्या नगर पालिका में सिर्फ बजट बनाकर निर्माण करा कर बजट पास करना ही तक जिम्मेदारी होता है उसके आगे कोई जिम्मेदारी नहीं निर्माण सामग्री भी अभी भी सही से साफ नहीं की गई यहां पर सीमेंट मोहर्रम गिट्टी धूल अभी भी पड़ी है9
- नगर पंचायत फफूंद में प्रशासनिक लापरवाही ने मासूम गोवंशों की जान जोखिम में डाल दी है। नगर अध्यक्ष और ईओ की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए स्थानीय लोगों ने सरकारी धन के बंदरबांट का आरोप लगाया है। उचित चारे और देखरेख के अभाव में गौशाला के बेजुबान दम तोड़ रहे हैं। भ्रष्टाचार के दलदल में फंसी पंचायत की इस बदहाली पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। क्या प्रशासन की चुप्पी टूटेगी या यूं ही मासूम पशु मरते रहेंगे?1
- 15 फरवरी को देवकरन संग संपन्न होगा शुभ-विवाह, गृह उपयोगी सामग्री व आर्थिक सहयोग से खिले चेहरे औरैया. समाजसेवी संगठन विचित्र पहल सेवा समिति द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की बेटी किरन के विवाह में सराहनीय पहल की गई। शुक्रवार प्रातः 10 बजे समिति की टीम औरैया शहर से लगभग 4 किलोमीटर पश्चिम स्थित ग्राम धीरजपुर पहुंची, जहां हरिजन समाज के तारावती एवं कमल शंकर की पुत्री किरन का विवाह 15 फरवरी 2026 को बबीना-औरैया निवासी देवकरन के साथ होना निर्धारित है। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण समिति ने पूर्व में विवाह में सहयोग का आश्वासन दिया था। निर्धारित कार्यक्रम के तहत “सखी ग्रुप” की अध्यक्ष लक्ष्मी बिश्नोई एवं सदस्यों ने किरन के मस्तक पर रोली-चावल से तिलक कर, माल्यार्पण एवं पुष्पवर्षा कर भावपूर्ण अभिनंदन किया। समिति एवं जनसहयोग से किरन को साड़ियां, ज्वेलरी, सूट, 10 किलो गेहूं का आटा, स्टील के बर्तन, ऊनी कंबल, बेडशीट, केसरोल, कुकर, नाश्ता किट, सीलिंग फैन, कटोरी सेट, प्रेस, चूड़ी-कंगन सेट, पुडिंग सेट, जेंट्स-लेडीज घड़ी, चाय कप सेट, कांच की कटोरी, टिफिन, बिछिया एवं श्रृंगार सामग्री सहित अनेक गृह उपयोगी वस्तुएं एवं आर्थिक सहायता प्रदान की गई। सहयोग पाकर परिवार के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी। समिति के अध्यक्ष राजीव पोरवाल (रानू) ने बताया कि अब तक शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों की 68 जरूरतमंद बेटियों के विवाह में सहयोग किया जा चुका है। किरन इस पहल की 69वीं लाभार्थी हैं। समिति के संस्थापक “औरैया रत्न” आनंद नाथ गुप्ता एडवोकेट ने कहा कि सर्वसमाज के जरूरतमंदों की सेवा आगे भी निरंतर जारी रहेगी। कार्यक्रम में संजय अग्रवाल, बबिता गुप्ता, सीता पोरवाल, संगीता भदौरिया, सतीश पोरवाल सहित समिति के सदस्य, महिलाएं एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।5