logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

देवास जिले के ग्राम इटावा में भूमि विवाद से जुड़े एक मामले में प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को शिकायत सौंपकर सुरक्षा की मांग की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मनोज पिता नारायणदास मूंदड़ा नामक व्यक्ति द्वारा उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है और न्यायालय में लंबित प्रकरण वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। इटावा, तहसील देवास नगर स्थित सर्वे नंबर 79 और 78/2 से संबंधित यह मामला माननीय उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में विचाराधीन है, जिसकी द्वितीय अपील क्रमांक 792/2005 और 122/2006 लंबित हैं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, उच्च न्यायालय ने दोनों पक्षों को अपील के अंतिम निराकरण तक यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। आरोप है कि मनोज मुंदड़ा उन्हें मकान पर बुलडोजर चलवाने, झूठे प्रकरणों में फंसाने और पुलिस कार्रवाई कराने जैसी धमकियां दे रहा है। शिकायतकर्ताओं ने यह भी दावा किया है कि आरोपी स्वयं को प्रभावशाली बताकर प्रशासन और पुलिस पर अपनी पकड़ होने की बात कहता है। शिकायत में यह भी बताया गया है कि वर्ष 2022 में भी उनके परिवार के सदस्यों के विरुद्ध असत्य प्रकरण दर्ज कराकर उन्हें परेशान किया गया था, और अब पुनः वैसी ही कार्रवाई करने की धमकी दी जा रही है। परिवार ने अपनी आर्थिक कमजोरी का हवाला देते हुए कहा है कि लगातार मिल रही धमकियों के कारण वे भय के माहौल में जीवन यापन कर रहे हैं। प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने प्रशासन से मांग की है कि माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित यथास्थिति आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, बिना उचित जांच के उनके और परिवार के सदस्यों के विरुद्ध कोई भी कार्रवाई न की जाए। परिवार ने यह भी गुहार लगाई है कि उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए और कथित धमकियों से मुक्त कराया जाए।

14 hrs ago
user_Sajid Ali
Sajid Ali
Journalist देवास नगर, देवास, मध्य प्रदेश•
14 hrs ago

देवास जिले के ग्राम इटावा में भूमि विवाद से जुड़े एक मामले में प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को शिकायत सौंपकर सुरक्षा की मांग की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मनोज पिता नारायणदास मूंदड़ा नामक व्यक्ति द्वारा उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है और न्यायालय में लंबित प्रकरण वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। इटावा, तहसील देवास नगर स्थित सर्वे नंबर 79 और 78/2 से संबंधित यह मामला माननीय उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में विचाराधीन है, जिसकी द्वितीय अपील क्रमांक 792/2005 और 122/2006 लंबित हैं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार,

उच्च न्यायालय ने दोनों पक्षों को अपील के अंतिम निराकरण तक यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। आरोप है कि मनोज मुंदड़ा उन्हें मकान पर बुलडोजर चलवाने, झूठे प्रकरणों में फंसाने और पुलिस कार्रवाई कराने जैसी धमकियां दे रहा है। शिकायतकर्ताओं ने यह भी दावा किया है कि आरोपी स्वयं को प्रभावशाली बताकर प्रशासन और पुलिस पर अपनी पकड़ होने की बात कहता है। शिकायत में यह भी बताया गया है कि वर्ष 2022 में भी उनके परिवार के सदस्यों के विरुद्ध असत्य प्रकरण दर्ज कराकर उन्हें परेशान किया गया था, और अब पुनः वैसी ही कार्रवाई

करने की धमकी दी जा रही है। परिवार ने अपनी आर्थिक कमजोरी का हवाला देते हुए कहा है कि लगातार मिल रही धमकियों के कारण वे भय के माहौल में जीवन यापन कर रहे हैं। प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने प्रशासन से मांग की है कि माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित यथास्थिति आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, बिना उचित जांच के उनके और परिवार के सदस्यों के विरुद्ध कोई भी कार्रवाई न की जाए। परिवार ने यह भी गुहार लगाई है कि उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए और कथित धमकियों से मुक्त कराया जाए।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • देवास जिले के ग्राम इटावा में भूमि विवाद से जुड़े एक मामले में प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को शिकायत सौंपकर सुरक्षा की मांग की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मनोज पिता नारायणदास मूंदड़ा नामक व्यक्ति द्वारा उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है और न्यायालय में लंबित प्रकरण वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। इटावा, तहसील देवास नगर स्थित सर्वे नंबर 79 और 78/2 से संबंधित यह मामला माननीय उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में विचाराधीन है, जिसकी द्वितीय अपील क्रमांक 792/2005 और 122/2006 लंबित हैं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, उच्च न्यायालय ने दोनों पक्षों को अपील के अंतिम निराकरण तक यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। आरोप है कि मनोज मुंदड़ा उन्हें मकान पर बुलडोजर चलवाने, झूठे प्रकरणों में फंसाने और पुलिस कार्रवाई कराने जैसी धमकियां दे रहा है। शिकायतकर्ताओं ने यह भी दावा किया है कि आरोपी स्वयं को प्रभावशाली बताकर प्रशासन और पुलिस पर अपनी पकड़ होने की बात कहता है। शिकायत में यह भी बताया गया है कि वर्ष 2022 में भी उनके परिवार के सदस्यों के विरुद्ध असत्य प्रकरण दर्ज कराकर उन्हें परेशान किया गया था, और अब पुनः वैसी ही कार्रवाई करने की धमकी दी जा रही है। परिवार ने अपनी आर्थिक कमजोरी का हवाला देते हुए कहा है कि लगातार मिल रही धमकियों के कारण वे भय के माहौल में जीवन यापन कर रहे हैं। प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने प्रशासन से मांग की है कि माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित यथास्थिति आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, बिना उचित जांच के उनके और परिवार के सदस्यों के विरुद्ध कोई भी कार्रवाई न की जाए। परिवार ने यह भी गुहार लगाई है कि उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए और कथित धमकियों से मुक्त कराया जाए।
    3
    देवास जिले के ग्राम इटावा में भूमि विवाद से जुड़े एक मामले में प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को शिकायत सौंपकर सुरक्षा की मांग की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मनोज पिता नारायणदास मूंदड़ा नामक व्यक्ति द्वारा उन्हें लगातार धमकाया जा रहा है और न्यायालय में लंबित प्रकरण वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। इटावा, तहसील देवास नगर स्थित सर्वे नंबर 79 और 78/2 से संबंधित यह मामला माननीय उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में विचाराधीन है, जिसकी द्वितीय अपील क्रमांक 792/2005 और 122/2006 लंबित हैं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, उच्च न्यायालय ने दोनों पक्षों को अपील के अंतिम निराकरण तक यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।

आरोप है कि मनोज मुंदड़ा उन्हें मकान पर बुलडोजर चलवाने, झूठे प्रकरणों में फंसाने और पुलिस कार्रवाई कराने जैसी धमकियां दे रहा है। शिकायतकर्ताओं ने यह भी दावा किया है कि आरोपी स्वयं को प्रभावशाली बताकर प्रशासन और पुलिस पर अपनी पकड़ होने की बात कहता है। शिकायत में यह भी बताया गया है कि वर्ष 2022 में भी उनके परिवार के सदस्यों के विरुद्ध असत्य प्रकरण दर्ज कराकर उन्हें परेशान किया गया था, और अब पुनः वैसी ही कार्रवाई करने की धमकी दी जा रही है। परिवार ने अपनी आर्थिक कमजोरी का हवाला देते हुए कहा है कि लगातार मिल रही धमकियों के कारण वे भय के माहौल में जीवन यापन कर रहे हैं।

प्रभुलाल पिता बाबुलाल ने प्रशासन से मांग की है कि माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित यथास्थिति आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, बिना उचित जांच के उनके और परिवार के सदस्यों के विरुद्ध कोई भी कार्रवाई न की जाए। परिवार ने यह भी गुहार लगाई है कि उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए और कथित धमकियों से मुक्त कराया जाए।
    user_Sajid Ali
    Sajid Ali
    Journalist देवास नगर, देवास, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • जिले के भैरूंदा क्षेत्र के ग्राम छीपानेर में प्रशासन ने अवैध रूप से भंडारित 2640 किलोग्राम डीजल जब्त किया है। भैरूंदा एसडीएम श्री सुधीर कुशवाहा के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई, जब ग्राम छीपानेर में एक घर में अवैध डीजल रखे होने की सूचना मिली। नायब तहसीलदार सुश्री आरती सोलंकी ने राजस्व निरीक्षक गोपालपुर और खाद्य विभाग की टीम के साथ मिलकर शिवम गंधवाने पिता रामचन्दर गंधवाने के घर पर जांच की। जांच के दौरान, घर में 12 टंकियों में डीजल भरा हुआ पाया गया, जिसमें प्रत्येक टंकी में लगभग 220 किलोग्राम डीजल था, जिससे कुल 2640 किलोग्राम डीजल का अवैध भंडारण सामने आया। पूछताछ में, शिवम गंधवाने ने बताया कि यह डीजल ग्राहकों को बेचने के उद्देश्य से सीहोर स्थित GRIL इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से खरीदा गया था। प्रशासन ने इस अवैध रूप से भंडारित डीजल को जब्त कर छीपानेर किसान सेवा केंद्र को सुपुर्द कर दिया है।
    1
    जिले के भैरूंदा क्षेत्र के ग्राम छीपानेर में प्रशासन ने अवैध रूप से भंडारित 2640 किलोग्राम डीजल जब्त किया है। भैरूंदा एसडीएम श्री सुधीर कुशवाहा के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई, जब ग्राम छीपानेर में एक घर में अवैध डीजल रखे होने की सूचना मिली। नायब तहसीलदार सुश्री आरती सोलंकी ने राजस्व निरीक्षक गोपालपुर और खाद्य विभाग की टीम के साथ मिलकर शिवम गंधवाने पिता रामचन्दर गंधवाने के घर पर जांच की। जांच के दौरान, घर में 12 टंकियों में डीजल भरा हुआ पाया गया, जिसमें प्रत्येक टंकी में लगभग 220 किलोग्राम डीजल था, जिससे कुल 2640 किलोग्राम डीजल का अवैध भंडारण सामने आया।

पूछताछ में, शिवम गंधवाने ने बताया कि यह डीजल ग्राहकों को बेचने के उद्देश्य से सीहोर स्थित GRIL इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से खरीदा गया था। प्रशासन ने इस अवैध रूप से भंडारित डीजल को जब्त कर छीपानेर किसान सेवा केंद्र को सुपुर्द कर दिया है।
    user_राजेश माल्या
    राजेश माल्या
    Dewas, Madhya Pradesh•
    17 hrs ago
  • इंदौर स्थित खजराना गणेश मंदिर के गर्भगृह के मुख्य द्वार की चौड़ाई बढ़ा दी गई है, जिससे अब भक्तों को भगवान श्री गणेश और अन्य विग्रहों के दर्शन करने में अधिक सुविधा होगी। इस विस्तार के बाद, एक साथ कई भक्त सुविधापूर्वक दर्शन कर सकेंगे, जिससे भीड़ के दौरान दर्शनार्थियों को बेहतर अनुभव मिलेगा। यह कार्य मंदिर के मास्टर प्लान के तहत किया गया है। मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष कलेक्टर शिवम वर्मा जी और प्रशासक नगर निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल जी की उपस्थिति में हुई बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार, प्रथम चरण के इन कार्यों का क्रियान्वयन किया जा रहा है। अब अगले चरण में गर्भगृह के सामने बने सभामंडप को भी नीचे करने का काम शुरू किया जाएगा। इस सभामंडप को लगभग दो से ढाई फीट नीचे किया जाएगा, ताकि पीछे की लाइन में खड़े भक्तों को भी भगवान के दर्शन आसानी से हो सकें, क्योंकि वर्तमान में भीड़ होने पर उन्हें दर्शन करने में कठिनाई होती है। सभामंडप के काम के बाद, दर्शन कॉरिडोर का निर्माण कार्य किया जाएगा। इन सभी कार्यों को आगामी सिंहस्थ के मद्देनजर भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिसमें मंदिर में बड़ी संख्या में भक्तों के आने की संभावना है।
    1
    इंदौर स्थित खजराना गणेश मंदिर के गर्भगृह के मुख्य द्वार की चौड़ाई बढ़ा दी गई है, जिससे अब भक्तों को भगवान श्री गणेश और अन्य विग्रहों के दर्शन करने में अधिक सुविधा होगी। इस विस्तार के बाद, एक साथ कई भक्त सुविधापूर्वक दर्शन कर सकेंगे, जिससे भीड़ के दौरान दर्शनार्थियों को बेहतर अनुभव मिलेगा। यह कार्य मंदिर के मास्टर प्लान के तहत किया गया है।

मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष कलेक्टर शिवम वर्मा जी और प्रशासक नगर निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल जी की उपस्थिति में हुई बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार, प्रथम चरण के इन कार्यों का क्रियान्वयन किया जा रहा है। अब अगले चरण में गर्भगृह के सामने बने सभामंडप को भी नीचे करने का काम शुरू किया जाएगा। इस सभामंडप को लगभग दो से ढाई फीट नीचे किया जाएगा, ताकि पीछे की लाइन में खड़े भक्तों को भी भगवान के दर्शन आसानी से हो सकें, क्योंकि वर्तमान में भीड़ होने पर उन्हें दर्शन करने में कठिनाई होती है।

सभामंडप के काम के बाद, दर्शन कॉरिडोर का निर्माण कार्य किया जाएगा। इन सभी कार्यों को आगामी सिंहस्थ के मद्देनजर भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिसमें मंदिर में बड़ी संख्या में भक्तों के आने की संभावना है।
    user_Naseem Khan
    Naseem Khan
    इंदौर, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    40 min ago
  • इंदौर में अवैध शराब तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत द्वारकापुरी पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने एक आईशर ट्रक में पार्सलों के बीच बेहद सुनियोजित तरीके से छुपाई गई 12 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब जब्त करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के दौरान लगभग 2 लाख रुपए कीमत की शराब और करीब 27 लाख रुपए कीमत का आईशर ट्रक जब्त किया गया, जिससे कुल मिलाकर लगभग 29 लाख रुपए का मशरूका पुलिस के कब्जे में आया है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद अवैध शराब कारोबारियों और तस्करों में हड़कंप मच गया है। पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह द्वारा शहर में अवैध शराब तस्करी और अन्य आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए जारी विशेष निर्देशों के पालन में, पुलिस उपायुक्त जोन-4 सुनील मेहता, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त दीशेष अग्रवाल तथा सहायक पुलिस आयुक्त अन्नपूर्णा शिवेन्दु जोशी के मार्गदर्शन में, थाना द्वारकापुरी पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में थाना प्रभारी निरीक्षक मनीष मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि गुजरात नंबर का एक आईशर ट्रक फूटी कोठी ब्रिज से चंदन नगर की तरफ आ रहा है, जिसमें सामान्य माल और पार्सलों के बीच बड़ी मात्रा में अंग्रेजी शराब छिपी है। सूचना के आधार पर पुलिस ने आस्था हॉस्पिटल के सामने मुख्य मार्ग पर घेराबंदी कर ट्रक को रोका। तलाशी में पार्सलों के पीछे और बीच में मैजिक मोमेंट और बेकपाइपर ब्रांड की कुल 12 पेटी (108 बल्क लीटर) अंग्रेजी शराब मिली। पुलिस ने ट्रक चालक इरफान पिता निशार अहमद (33 वर्ष), निवासी मऊ, जिला प्रयागराज (उत्तर प्रदेश) को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया है। प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ है कि शराब को पकड़े जाने से बचाने के लिए पार्सलों के बीच छिपाकर ले जाया जा रहा था। अब पुलिस इस शराब की खेप के स्रोत, इंदौर या आसपास के किस क्षेत्र में इसे खपाया जाना था, और इस अवैध कारोबार में शामिल अन्य सप्लायरों, खरीदारों तथा पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ से शराब तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हो सकता है, जिसके लिए आरोपी के मोबाइल फोन, संपर्क सूत्रों और परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है। इस उल्लेखनीय कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक मनीष मिश्रा, उप निरीक्षक मुकेश झारिया, प्रधान आरक्षक तनमय तोमर, प्रधान आरक्षक नितेश बघेल, आरक्षक कृष्णचंद शर्मा तथा आरक्षक शिवपाल सोलंकी की अहम भूमिका रही, जिनकी वरिष्ठ अधिकारियों ने सराहना की है। पुलिस का कहना है कि शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने और अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए आगे भी इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
    1
    इंदौर में अवैध शराब तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत द्वारकापुरी पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने एक आईशर ट्रक में पार्सलों के बीच बेहद सुनियोजित तरीके से छुपाई गई 12 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब जब्त करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के दौरान लगभग 2 लाख रुपए कीमत की शराब और करीब 27 लाख रुपए कीमत का आईशर ट्रक जब्त किया गया, जिससे कुल मिलाकर लगभग 29 लाख रुपए का मशरूका पुलिस के कब्जे में आया है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद अवैध शराब कारोबारियों और तस्करों में हड़कंप मच गया है।

पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह द्वारा शहर में अवैध शराब तस्करी और अन्य आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए जारी विशेष निर्देशों के पालन में, पुलिस उपायुक्त जोन-4 सुनील मेहता, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त दीशेष अग्रवाल तथा सहायक पुलिस आयुक्त अन्नपूर्णा शिवेन्दु जोशी के मार्गदर्शन में, थाना द्वारकापुरी पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में थाना प्रभारी निरीक्षक मनीष मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि गुजरात नंबर का एक आईशर ट्रक फूटी कोठी ब्रिज से चंदन नगर की तरफ आ रहा है, जिसमें सामान्य माल और पार्सलों के बीच बड़ी मात्रा में अंग्रेजी शराब छिपी है। सूचना के आधार पर पुलिस ने आस्था हॉस्पिटल के सामने मुख्य मार्ग पर घेराबंदी कर ट्रक को रोका। तलाशी में पार्सलों के पीछे और बीच में मैजिक मोमेंट और बेकपाइपर ब्रांड की कुल 12 पेटी (108 बल्क लीटर) अंग्रेजी शराब मिली। पुलिस ने ट्रक चालक इरफान पिता निशार अहमद (33 वर्ष), निवासी मऊ, जिला प्रयागराज (उत्तर प्रदेश) को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया है।

प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ है कि शराब को पकड़े जाने से बचाने के लिए पार्सलों के बीच छिपाकर ले जाया जा रहा था। अब पुलिस इस शराब की खेप के स्रोत, इंदौर या आसपास के किस क्षेत्र में इसे खपाया जाना था, और इस अवैध कारोबार में शामिल अन्य सप्लायरों, खरीदारों तथा पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ से शराब तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हो सकता है, जिसके लिए आरोपी के मोबाइल फोन, संपर्क सूत्रों और परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है। इस उल्लेखनीय कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक मनीष मिश्रा, उप निरीक्षक मुकेश झारिया, प्रधान आरक्षक तनमय तोमर, प्रधान आरक्षक नितेश बघेल, आरक्षक कृष्णचंद शर्मा तथा आरक्षक शिवपाल सोलंकी की अहम भूमिका रही, जिनकी वरिष्ठ अधिकारियों ने सराहना की है। पुलिस का कहना है कि शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने और अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए आगे भी इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
    user_राष्ट्रीय भारत न्यूज़ 100
    राष्ट्रीय भारत न्यूज़ 100
    Newspaper publisher Indore, Madhya Pradesh•
    7 hrs ago
  • देवास में 16 जून 2026 को कलेक्टर श्री ऋतुराज सिंह की अध्यक्षता में कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा संबंधी लंबित पत्रों के निराकरण की प्रगति और अंतरविभागीय समन्वय मामलों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री शोभाराम सोलंकी, अपर कलेक्टर श्री संजीव जैन, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती अंशु जावला, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती विशाखा देशमुख सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारीगण उपस्थित रहे, जबकि विकासखण्ड स्तरीय अधिकारी वर्चुअली शामिल हुए। कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश दिए, कहा कि त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को 20 जून को जारी होने वाली प्रदेश स्तरीय रैंकिंग में जिले की बेहतर स्थिति सुनिश्चित करने के लिए चार दिवसीय विशेष अभियान चलाकर लंबित शिकायतों का तुरंत समाधान करने और सभी विभागों को 'ए-ग्रेड' में रहने का लक्ष्य रखने को कहा। साथ ही, सभी विभागीय अधिकारियों को स्वयं शिकायतकर्ता से बात कर संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर श्री सिंह ने आगामी टीएल बैठक के लिए विकासखंड स्तरीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे अब अलग-अलग स्थानों से ऑनलाइन नहीं जुड़ेंगे, बल्कि सभी तहसीलदार, मुख्य नगरपालिका अधिकारी, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर और जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों सहित अन्य संबंधित अधिकारी अनिवार्य रूप से एसडीएम कार्यालय में एक साथ उपस्थित होकर ही जिला स्तरीय टीएल बैठक में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई अधिकारी एसडीएम कार्यालय की बजाय किसी अन्य स्थान से जुड़ता पाया गया, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी, क्योंकि एसडीएम कार्यालय में सभी की मौजूदगी से समन्वय बेहतर होगा और मामलों का मौके पर ही तेजी से निराकरण किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त, कलेक्टर श्री सिंह ने मत्स्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा के दौरान विभागीय कार्यों में लापरवाही बरतने पर मत्स्य पालन अधिकारी श्री एस मंडलोई को दो वेतन वृद्धि रोकने संबंधी शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। केसीसी कार्य में लापरवाही पाए जाने पर सहायक संचालक कृषि श्री लोकेश गंगराड़े को भी शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। राज्य शासन के निर्देशानुसार आयोजित जनकल्याण शिविरों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कलेक्टर श्री सिंह ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य अंतिम छोर के व्यक्ति को लाभ पहुंचाना है, इसलिए अधिक से अधिक नागरिकों को शासन की योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। उन्होंने विभागवार और योजनावार जानकारी ली कि कितने नागरिकों को लाभ मिला है, और यह भी निर्देश दिए कि शिविरों के दौरान प्राप्त प्रत्येक आवेदन को अनिवार्य रूप से पोर्टल पर दर्ज किया जाए। कलेक्टर ने सभी विभागों से जनकल्याण शिविरों में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कार्य करने और केंद्र व राज्य सरकार की सभी हितग्राही मूलक योजनाओं का लाभ पात्र नागरिकों को एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिविरों के संपादन और आवेदनों के निराकरण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी, और सभी जिला अधिकारियों को 18 जून तक चलने वाले शिविरों की फील्ड में उतरकर नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिंह ने जिले के सभी राजस्व अधिकारियों को शत-प्रतिशत किसानों की 'फार्मर आईडी' बनाने की कार्यवाही शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही, ई-विकास प्रणाली में समय पर कार्य करने और 'एक पेड़ मां के नाम अभियान' के तहत ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने तथा उनकी जानकारी पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए, जिसमें सभी अधिकारी/कर्मचारियों को सहभागिता कर नागरिकों को भी प्रेरित करने को कहा गया। बैठक में बताया गया कि देवास शहर के 1150 नजूल पट्टाधारियों ने पट्टों का नवीनीकरण नहीं कराया है। इस पर कलेक्टर श्री सिंह ने सभी को एक माह में नवीनीकरण करवाने का नोटिस जारी करने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि समय-सीमा में नवीनीकरण न कराने पर नजूल कार्यालय द्वारा पट्टे निरस्त कर प्लाट वापस लेने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अविवादित नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन प्रकरणों की समीक्षा कर तय समय-सीमा में इनका निराकरण करने के निर्देश दिए और कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। जिले की सभी जनपद पंचायतों और नगर परिषदों में चल रहे ई-केवाईसी कार्य की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने शत-प्रतिशत ई-केवाईसी शीघ्र पूर्ण करने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए, और इस कार्य में लापरवाही बरतने वालों पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी। 'जल गंगा संवर्धन अभियान' की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए उन्होंने जल स्रोतों के पुनरुद्धार सहित चिन्हित कार्यों को समय-सीमा में पूरा करने का निर्देश दिया। सभी एसडीएम को तालाबों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने को कहा गया। कलेक्टर ने वन विभाग द्वारा कंटूर ट्रेंच निर्माण कार्य नहीं करने पर नाराजगी जाहिर की और अगली टीएल बैठक तक कार्य पूर्ण न होने पर संबंधितों पर कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने वन विभाग को 'एक पेड़ मां के नाम अभियान' के तहत ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने के भी निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिंह ने पीएम स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री श्रम योगी मान धन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की विस्तृत समीक्षा कर ज्यादा से ज्यादा पात्र नागरिकों को योजनाओं का लाभ दिलाने और प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। 'लखपति दीदी' और 'लखपति पशुपालक दीदी' योजनाओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को अधिक से अधिक पात्र महिलाओं को दायरे में शामिल करने को कहा। उन्होंने महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त करने और दुग्ध उत्पादन से जोड़ने के लिए सीसीएल के माध्यम से त्वरित ऋण स्वीकृत कराकर गाय खरीदने हेतु प्रोत्साहित करने पर जोर दिया। कलेक्टर श्री सिंह ने विभागीय तालमेल और जमीनी स्तर पर निगरानी बढ़ाने पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को लगातार संपर्क में रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 'लखपति दीदी' योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं की वार्षिक आय को एक लाख या उससे अधिक तक पहुंचाना है, और इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जल जीवन मिशन अंतर्गत एकल नल-जल योजनाओं की प्रगति की समीक्षा कर सभी प्रगतिरत योजनाओं को शीघ्र पूर्ण करने और हैंडओवर करने के निर्देश भी दिए गए। स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर, कलेक्टर ने गर्भवती महिलाओं में शत-प्रतिशत एएनसी पंजीयन, सीवियर एनेमिक गर्भवती महिलाओं और पी.आई.एच. का प्रबंधन, तथा टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। अंत में, कलेक्टर श्री सिंह ने कृत्रिम गर्भाधान, सेक्स सॉर्टेड सीमेन, डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु, प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ़्त बिजली योजना, पीएमएफएमई, पीएम विश्वकर्मा योजना और मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, कुसुम बी योजना सहित सभी स्वरोजगार योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को इन योजनाओं में अधिक से अधिक पात्र नागरिकों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
    4
    देवास में 16 जून 2026 को कलेक्टर श्री ऋतुराज सिंह की अध्यक्षता में कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा संबंधी लंबित पत्रों के निराकरण की प्रगति और अंतरविभागीय समन्वय मामलों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री शोभाराम सोलंकी, अपर कलेक्टर श्री संजीव जैन, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती अंशु जावला, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती विशाखा देशमुख सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारीगण उपस्थित रहे, जबकि विकासखण्ड स्तरीय अधिकारी वर्चुअली शामिल हुए। कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश दिए, कहा कि त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को 20 जून को जारी होने वाली प्रदेश स्तरीय रैंकिंग में जिले की बेहतर स्थिति सुनिश्चित करने के लिए चार दिवसीय विशेष अभियान चलाकर लंबित शिकायतों का तुरंत समाधान करने और सभी विभागों को 'ए-ग्रेड' में रहने का लक्ष्य रखने को कहा। साथ ही, सभी विभागीय अधिकारियों को स्वयं शिकायतकर्ता से बात कर संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

कलेक्टर श्री सिंह ने आगामी टीएल बैठक के लिए विकासखंड स्तरीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे अब अलग-अलग स्थानों से ऑनलाइन नहीं जुड़ेंगे, बल्कि सभी तहसीलदार, मुख्य नगरपालिका अधिकारी, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर और जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों सहित अन्य संबंधित अधिकारी अनिवार्य रूप से एसडीएम कार्यालय में एक साथ उपस्थित होकर ही जिला स्तरीय टीएल बैठक में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई अधिकारी एसडीएम कार्यालय की बजाय किसी अन्य स्थान से जुड़ता पाया गया, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी, क्योंकि एसडीएम कार्यालय में सभी की मौजूदगी से समन्वय बेहतर होगा और मामलों का मौके पर ही तेजी से निराकरण किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त, कलेक्टर श्री सिंह ने मत्स्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा के दौरान विभागीय कार्यों में लापरवाही बरतने पर मत्स्य पालन अधिकारी श्री एस मंडलोई को दो वेतन वृद्धि रोकने संबंधी शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। केसीसी कार्य में लापरवाही पाए जाने पर सहायक संचालक कृषि श्री लोकेश गंगराड़े को भी शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।

राज्य शासन के निर्देशानुसार आयोजित जनकल्याण शिविरों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कलेक्टर श्री सिंह ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य अंतिम छोर के व्यक्ति को लाभ पहुंचाना है, इसलिए अधिक से अधिक नागरिकों को शासन की योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। उन्होंने विभागवार और योजनावार जानकारी ली कि कितने नागरिकों को लाभ मिला है, और यह भी निर्देश दिए कि शिविरों के दौरान प्राप्त प्रत्येक आवेदन को अनिवार्य रूप से पोर्टल पर दर्ज किया जाए। कलेक्टर ने सभी विभागों से जनकल्याण शिविरों में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कार्य करने और केंद्र व राज्य सरकार की सभी हितग्राही मूलक योजनाओं का लाभ पात्र नागरिकों को एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिविरों के संपादन और आवेदनों के निराकरण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी, और सभी जिला अधिकारियों को 18 जून तक चलने वाले शिविरों की फील्ड में उतरकर नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिंह ने जिले के सभी राजस्व अधिकारियों को शत-प्रतिशत किसानों की 'फार्मर आईडी' बनाने की कार्यवाही शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही, ई-विकास प्रणाली में समय पर कार्य करने और 'एक पेड़ मां के नाम अभियान' के तहत ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने तथा उनकी जानकारी पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए, जिसमें सभी अधिकारी/कर्मचारियों को सहभागिता कर नागरिकों को भी प्रेरित करने को कहा गया।

बैठक में बताया गया कि देवास शहर के 1150 नजूल पट्टाधारियों ने पट्टों का नवीनीकरण नहीं कराया है। इस पर कलेक्टर श्री सिंह ने सभी को एक माह में नवीनीकरण करवाने का नोटिस जारी करने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि समय-सीमा में नवीनीकरण न कराने पर नजूल कार्यालय द्वारा पट्टे निरस्त कर प्लाट वापस लेने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अविवादित नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन प्रकरणों की समीक्षा कर तय समय-सीमा में इनका निराकरण करने के निर्देश दिए और कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। जिले की सभी जनपद पंचायतों और नगर परिषदों में चल रहे ई-केवाईसी कार्य की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने शत-प्रतिशत ई-केवाईसी शीघ्र पूर्ण करने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए, और इस कार्य में लापरवाही बरतने वालों पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी। 'जल गंगा संवर्धन अभियान' की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए उन्होंने जल स्रोतों के पुनरुद्धार सहित चिन्हित कार्यों को समय-सीमा में पूरा करने का निर्देश दिया। सभी एसडीएम को तालाबों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने को कहा गया। कलेक्टर ने वन विभाग द्वारा कंटूर ट्रेंच निर्माण कार्य नहीं करने पर नाराजगी जाहिर की और अगली टीएल बैठक तक कार्य पूर्ण न होने पर संबंधितों पर कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने वन विभाग को 'एक पेड़ मां के नाम अभियान' के तहत ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने के भी निर्देश दिए।

कलेक्टर श्री सिंह ने पीएम स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री श्रम योगी मान धन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की विस्तृत समीक्षा कर ज्यादा से ज्यादा पात्र नागरिकों को योजनाओं का लाभ दिलाने और प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। 'लखपति दीदी' और 'लखपति पशुपालक दीदी' योजनाओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को अधिक से अधिक पात्र महिलाओं को दायरे में शामिल करने को कहा। उन्होंने महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त करने और दुग्ध उत्पादन से जोड़ने के लिए सीसीएल के माध्यम से त्वरित ऋण स्वीकृत कराकर गाय खरीदने हेतु प्रोत्साहित करने पर जोर दिया। कलेक्टर श्री सिंह ने विभागीय तालमेल और जमीनी स्तर पर निगरानी बढ़ाने पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को लगातार संपर्क में रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 'लखपति दीदी' योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं की वार्षिक आय को एक लाख या उससे अधिक तक पहुंचाना है, और इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जल जीवन मिशन अंतर्गत एकल नल-जल योजनाओं की प्रगति की समीक्षा कर सभी प्रगतिरत योजनाओं को शीघ्र पूर्ण करने और हैंडओवर करने के निर्देश भी दिए गए। स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर, कलेक्टर ने गर्भवती महिलाओं में शत-प्रतिशत एएनसी पंजीयन, सीवियर एनेमिक गर्भवती महिलाओं और पी.आई.एच. का प्रबंधन, तथा टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

अंत में, कलेक्टर श्री सिंह ने कृत्रिम गर्भाधान, सेक्स सॉर्टेड सीमेन, डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु, प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ़्त बिजली योजना, पीएमएफएमई, पीएम विश्वकर्मा योजना और मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, कुसुम बी योजना सहित सभी स्वरोजगार योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को इन योजनाओं में अधिक से अधिक पात्र नागरिकों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
    user_पत्रकार करीम खान H. p
    पत्रकार करीम खान H. p
    हाटपीपल्या, देवास, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • इंदौर शहर में अपराध की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं, जहाँ पिछले 24 घंटे के भीतर दूसरी हत्या की वारदात सामने आई है। एरोड्रम थाना क्षेत्र के साहू नगर में एक निजी बैंक कर्मचारी जितेन्द्र मेढ़ की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुँची और प्रारंभिक जाँच में इसे हत्या का मामला माना जा रहा है। घटनास्थल से एक टूटी हुई काँच की बीयर बोतल भी बरामद हुई है, जिससे हमले की आशंका जताई जा रही है। पुलिस की जाँच में पता चला है कि मृतक जितेन्द्र मेढ़ और उसके पड़ोस में रहने वाले धर्मेंद्र पंवार ने बीती रात साथ बैठकर शराब पी थी। इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया, जो इतना बढ़ गया कि जितेन्द्र के सिर पर हमला कर दिया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि मृतक तलाकशुदा था और यह कहासुनी उसकी पत्नी से जुड़े किसी मुद्दे को लेकर हुई थी। पुलिस ने धर्मेंद्र पंवार को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। मामले में हत्या सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर आगे की जाँच की जा रही है।
    1
    इंदौर शहर में अपराध की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं, जहाँ पिछले 24 घंटे के भीतर दूसरी हत्या की वारदात सामने आई है। एरोड्रम थाना क्षेत्र के साहू नगर में एक निजी बैंक कर्मचारी जितेन्द्र मेढ़ की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुँची और प्रारंभिक जाँच में इसे हत्या का मामला माना जा रहा है। घटनास्थल से एक टूटी हुई काँच की बीयर बोतल भी बरामद हुई है, जिससे हमले की आशंका जताई जा रही है।

पुलिस की जाँच में पता चला है कि मृतक जितेन्द्र मेढ़ और उसके पड़ोस में रहने वाले धर्मेंद्र पंवार ने बीती रात साथ बैठकर शराब पी थी। इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया, जो इतना बढ़ गया कि जितेन्द्र के सिर पर हमला कर दिया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि मृतक तलाकशुदा था और यह कहासुनी उसकी पत्नी से जुड़े किसी मुद्दे को लेकर हुई थी।

पुलिस ने धर्मेंद्र पंवार को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। मामले में हत्या सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर आगे की जाँच की जा रही है।
    user_SUNDARAM EXPRESS NEWS
    SUNDARAM EXPRESS NEWS
    Media company मल्हारगंज, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • इंदौर कलेक्टर कार्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में शहर और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। कलेक्टर शिवम वर्मा ने स्वयं उपस्थित लोगों से सीधा संवाद किया, उनकी शिकायतें सुनीं और संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। जनसुनवाई के दौरान आर्थिक सहायता से जुड़े कई विषयों के साथ-साथ राजस्व संबंधी और पुलिस संबंधी प्रकरण भी सामने आए। इसके अतिरिक्त, माता-पिता और पुत्र के बीच विवाद जैसे पारिवारिक मामले भी कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत किए गए। कलेक्टर ने जानकारी दी कि सभी प्रकरणों को दर्ज कर लिया गया है और उन पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। विशेष रूप से, तत्कालीन प्रकृति के गंभीर प्रकरणों में मौके पर ही तत्काल सहायता भी उपलब्ध कराई गई। जनसुनवाई में बिजली, पानी, पेंशन, नामांतरण और अतिक्रमण जैसी विभिन्न शिकायतें भी प्राप्त हुईं। कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश हैं कि सभी जनसुनवाई में प्राप्त समस्याओं का प्राथमिक रूप से निराकरण किया जाए। साथ ही, किसी भी तरह की आकस्मिक स्थिति में सहायता की तत्काल व्यवस्था की जाए। प्रशासन इन्हीं निर्देशों के अनुसार कार्य कर रहा है, और अधिकारियों को सभी शिकायतों का तय समय-सीमा में निराकरण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
    1
    इंदौर कलेक्टर कार्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में शहर और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। कलेक्टर शिवम वर्मा ने स्वयं उपस्थित लोगों से सीधा संवाद किया, उनकी शिकायतें सुनीं और संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए।

जनसुनवाई के दौरान आर्थिक सहायता से जुड़े कई विषयों के साथ-साथ राजस्व संबंधी और पुलिस संबंधी प्रकरण भी सामने आए। इसके अतिरिक्त, माता-पिता और पुत्र के बीच विवाद जैसे पारिवारिक मामले भी कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत किए गए। कलेक्टर ने जानकारी दी कि सभी प्रकरणों को दर्ज कर लिया गया है और उन पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। विशेष रूप से, तत्कालीन प्रकृति के गंभीर प्रकरणों में मौके पर ही तत्काल सहायता भी उपलब्ध कराई गई। जनसुनवाई में बिजली, पानी, पेंशन, नामांतरण और अतिक्रमण जैसी विभिन्न शिकायतें भी प्राप्त हुईं।

कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश हैं कि सभी जनसुनवाई में प्राप्त समस्याओं का प्राथमिक रूप से निराकरण किया जाए। साथ ही, किसी भी तरह की आकस्मिक स्थिति में सहायता की तत्काल व्यवस्था की जाए। प्रशासन इन्हीं निर्देशों के अनुसार कार्य कर रहा है, और अधिकारियों को सभी शिकायतों का तय समय-सीमा में निराकरण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
    user_SUNDARAM EXPRESS NEWS
    SUNDARAM EXPRESS NEWS
    Media company मल्हारगंज, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • देश के सबसे स्वच्छ और नंबर वन शहर इंदौर के वार्ड क्रमांक 70 स्थित आदर्श इंदिरा नगर के रहवासी पानी की भीषण किल्लत और नलों से आ रहे नाली के गंदे, बदबूदार पानी से त्रस्त हैं। इस क्षेत्र में 'आदर्श' केवल नाम में है, जबकि जमीनी हकीकत यह है कि यहाँ के लोगों के हलक सूखे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, नर्मदा की पाइपलाइन में पानी का प्रेशर लगभग न के बराबर है, जिसके चलते उन्हें पानी भरने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है। इतना ही नहीं, जो पानी आता भी है, वह पीने लायक नहीं होता, क्योंकि नलों से 'अमृत' के बजाय नाली का बदबूदार और गंदा पानी खौल रहा है। पार्षद भरत रघुवंशी के इस क्षेत्र में पानी को लेकर त्राहि-त्राहि मची हुई है। इस गंभीर समस्या के कारण रहवासियों का गुस्सा सातवें आसमान पर है और वे बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं।
    1
    देश के सबसे स्वच्छ और नंबर वन शहर इंदौर के वार्ड क्रमांक 70 स्थित आदर्श इंदिरा नगर के रहवासी पानी की भीषण किल्लत और नलों से आ रहे नाली के गंदे, बदबूदार पानी से त्रस्त हैं। इस क्षेत्र में 'आदर्श' केवल नाम में है, जबकि जमीनी हकीकत यह है कि यहाँ के लोगों के हलक सूखे हैं।

स्थानीय लोगों के अनुसार, नर्मदा की पाइपलाइन में पानी का प्रेशर लगभग न के बराबर है, जिसके चलते उन्हें पानी भरने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है। इतना ही नहीं, जो पानी आता भी है, वह पीने लायक नहीं होता, क्योंकि नलों से 'अमृत' के बजाय नाली का बदबूदार और गंदा पानी खौल रहा है। पार्षद भरत रघुवंशी के इस क्षेत्र में पानी को लेकर त्राहि-त्राहि मची हुई है।

इस गंभीर समस्या के कारण रहवासियों का गुस्सा सातवें आसमान पर है और वे बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं।
    user_Ck_news
    Ck_news
    Video Creator इंदौर, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.