एक ट्रेन रुकी, ताकि हाथियों का सफर सुरक्षित रहे। राजधानी एक्सप्रेस को कुछ देर के लिए रोक दिया गया, क्योंकि हवाईपुर के पास हाथियों का एक झुंड रेलवे ट्रैक पार कर रहा था। एक ट्रेन रुकी, ताकि हाथियों का सफर सुरक्षित रहे। असम के होजाई में आज सुबह डाउन राजधानी एक्सप्रेस को कुछ देर के लिए रोक दिया गया, क्योंकि हवाईपुर के पास हाथियों का एक झुंड रेलवे ट्रैक पार कर रहा था। असम के वनकर्मियों, लोको पायलट और लुमडिंग रेलवे कंट्रोल रूम की सतर्कता से ट्रेन को रोका गया और हाथियों को बिना किसी खतरे के ट्रैक पार करने दिया गया। झुंड के सुरक्षित गुजरने के बाद ट्रेन ने अपनी यात्रा फिर शुरू कर दी। कभी-कभी वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए बस कुछ पल रुकना ही काफी होता है। इंसान अपनी मंज़िल तक कुछ मिनट देर से पहुँचा, लेकिन जंगल के इन मेहमानों को सुरक्षित रास्ता मिल गया। ऐसी संवेदनशीलता और सतर्कता ही इंसान और वन्यजीवों के बीच खूबसूरत सह-अस्तित्व की मिसाल है।
एक ट्रेन रुकी, ताकि हाथियों का सफर सुरक्षित रहे। राजधानी एक्सप्रेस को कुछ देर के लिए रोक दिया गया, क्योंकि हवाईपुर के पास हाथियों का एक झुंड रेलवे ट्रैक पार कर रहा था। एक ट्रेन रुकी, ताकि हाथियों का सफर सुरक्षित रहे। असम के होजाई में आज सुबह डाउन राजधानी एक्सप्रेस को कुछ देर के लिए रोक दिया गया, क्योंकि हवाईपुर के पास हाथियों का एक झुंड रेलवे ट्रैक पार कर रहा था। असम के वनकर्मियों, लोको पायलट और लुमडिंग रेलवे कंट्रोल रूम की सतर्कता से ट्रेन को रोका गया और हाथियों को बिना किसी खतरे के ट्रैक पार करने दिया गया। झुंड के सुरक्षित गुजरने के बाद ट्रेन ने अपनी यात्रा फिर शुरू कर दी। कभी-कभी वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए बस कुछ पल रुकना ही काफी होता है। इंसान अपनी मंज़िल तक कुछ मिनट देर से पहुँचा, लेकिन जंगल के इन मेहमानों को सुरक्षित रास्ता मिल गया। ऐसी संवेदनशीलता और सतर्कता ही इंसान और वन्यजीवों के बीच खूबसूरत सह-अस्तित्व की मिसाल है।
- रुद्रनाथ के बारे में मुख्य बातेंस्थानः चमोली जिला, उत्तराखंड। देवताः भगवान शिव (यहाँ शिव के मुख की पूजा होती है)। रुद्रनाथ के बारे में मुख्य बातेंस्थानः चमोली जिला, उत्तराखंड। देवताः भगवान शिव (यहाँ शिव के मुख की पूजा होती है)। विशेषताः यह पंच केदार में सबसे कठिन ट्रेक माना जाता है।1
- प्रेमचंद जयंती पर विकल्प कथा-सम्मान समारोह में संबोधित करते अंबिका दत्त July 31, 2026: प्रेमचन्द जयंती: विकल्प जन सांस्कृतिक मंच की तरफ से प्रेस क्लब कोटा में प्रेमचन्द जयंती मनाई गई, जिसमें कोटा के दो साहित्यकारों जगदीश भारती और मेघना तरुण को विकल्प कथा-सम्मान से नवाजा गया: उन कहानियों पर अभिमत भी कमाल के रहे: समारोह में दोनों सम्मानित कथाकारों और प्रेमचंद की कहानी होली का उपहार पर अपनी बात रखते समारोह के अध्यक्ष अंबिका दत्त साहब: अंबिका जी भी कोटा के बहुत ही प्रतिष्ठित और बड़े कवि और व्यंग्यकार हैं: बात कहने का उनका अपना तरीका है: अपने आसपास के माहौल को जिस तरह वो व्यंग्य में ढालते हैं, ये उन्हीं का हिस्सा है: इसी व्यंग्य के जरिए वो आगे बढ़ते हुए बहुत ही गहरी बातें अपने पढ़ने और सुनने वालों के दिल और दिमाग में बिठाते चलते हैं कि आखिर में सबको सोचने के लिए मजबूर कर देते हैं: कोटा के जिन साहित्यकारों ने देश और दुनिया में अपनी जगह बनाई है उनमें अंबिका जी भी पेश पेश हैं: ये इस प्रोग्राम का आखिरी वीडियो है और हमें उम्मीद ही नहीं पूरा यकीन है कि इसे भी आप पसंद करेंगे...1
- नगर निगम की पूर्व पार्षद रेणु नरवाल की जान जी नगर निगम के डंपर ने। आज 4:30 बजे नगर निगम पालिका परिषद के चुनाव की आचार संहिता लगी दो चरणों में होंगे चुनाव1
- 7 हजार करोड़ से बदलेगा कोटा का चेहरा, 430 से ज्यादा विकास कार्यों की सौगात—बिरला का बड़ा विजन कोटा। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने मंगलवार को कोटा के विकास को नई रफ्तार देते हुए कोटा विकास प्राधिकरण, नगर निगम, सार्वजनिक निर्माण विभाग सहित विभिन्न विभागों के 690 करोड़ रुपए की लागत वाले 430 से अधिक विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर बिरला ने कहा कि कोटा शहर के समग्र विकास के लिए आने वाले समय में करीब 7 हजार करोड़ रुपए के विकास कार्य धरातल पर उतारे जाएंगे। बड़ी परियोजनाओं के साथ शहर के प्रत्येक कोने में मूलभूत सुविधाओं के विस्तार और छोटी से छोटी जनसमस्याओं के समाधान पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि लक्ष्य है कि कोटा के सभी 100 वार्डों को स्मार्ट वार्ड के रूप में विकसित किया जाए। घर के नजदीक मिलेंगी सरकारी सुविधाएं बिरला ने कहा कि कोटा में ऐसा मॉडल विकसित किया जाएगा, जिसमें आमजन को सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ घर के नजदीक ही मिल सके। डिजिटल सेवाओं और स्थानीय स्तर पर सुविधाओं के विस्तार से लोगों को सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत देने की दिशा में कार्य किया जाएगा। एयरपोर्ट और वर्ल्ड क्लास रेलवे स्टेशन से बढ़ेगी कनेक्टिविटी बिरला ने कहा कि अगले वर्ष एयरपोर्ट का निर्माण पूरा होने के बाद कोटा कनेक्टिविटी के क्षेत्र में राजस्थान के अग्रणी शहरों में शामिल होगा। एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी मजबूत हो रही है, वहीं अगले वर्ष शहर को वर्ल्ड क्लास रेलवे स्टेशन की सौगात भी मिलेगी। रेल, सड़क और हवाई कनेक्टिविटी मजबूत होने से पर्यटन, उद्योग और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने कहा कि एआई और डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में भी कोटा को आगे बढ़ाया जाएगा। ट्रिपल आईआईटी के माध्यम से आधुनिक एक्सीलेंस सेंटर विकसित करने की दिशा में काम किया जा रहा है, जिससे युवाओं को नई तकनीकों और कौशल से जोड़ा जा सकेगा। स्वच्छ, सुंदर और आधुनिक बनेगा कोटा कोटा को स्वच्छ, सुंदर, व्यवस्थित, सुरक्षित और आधुनिक शहर बनाने के लिए व्यापक कार्ययोजना पर काम किया जा रहा है। अगले दो वर्षों में एयरपोर्ट के साथ चंबल गार्डन, भीतरिया कुंड, संविधान पार्क, दिव्यांग एवं वैदिक पार्क, विकास पथ, स्मार्ट रोड, जंगल सफारी, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, खेल संकुल, एयरो सिटी, रामाश्रय, मदर एंड चाइल्ड हॉस्पिटल, स्किल सेंटर और दशहरा मैदान फेज-1 जैसी करीब 1 हजार करोड़ रुपए की आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाएं शहर के विकास को नई दिशा देंगी। दामोदर अग्रवाल ने विकास को बताया गौरव की बात भीलवाड़ा सांसद दामोदर अग्रवाल ने एक साथ 690 करोड़ रुपए के विकास कार्यों के लोकार्पण और शिलान्यास को कोटा के लिए गौरव का विषय बताया। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के मार्गदर्शन में कोटा सहित पूरे क्षेत्र में विकास की गति तेज होने की बात कही। गजेंद्र पटेल बोले—देशभर में विकास पुरुष के रूप में पहचान खरगोन सांसद गजेंद्र पटेल ने कोटा के लिए दिन को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि एक साथ बड़ी संख्या में विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने ओम बिरला को बधाई देते हुए उन्हें देशभर में विकास पुरुष के रूप में पहचान मिलने की बात कही। संदीप शर्मा ने कांग्रेस पर साधा निशाना कोटा दक्षिण विधायक संदीप शर्मा ने कहा कि करीब 690 करोड़ रुपए के 430 से अधिक विकास कार्यों में लगभग 230 करोड़ रुपए के कार्यों का लोकार्पण और 460 करोड़ रुपए के कार्यों का शिलान्यास शामिल है। उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट, सड़क, पर्यटन, उद्योग और चिकित्सा सुविधाओं के क्षेत्र में कोटा को लगातार नई सौगातें मिल रही हैं। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार ने हजारों करोड़ रुपए खर्च करने के बावजूद कोटा की मूलभूत समस्याओं का समाधान नहीं किया। कल्पना देवी ने लगाया भेदभाव का आरोप लाडपुरा विधायक कल्पना देवी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार के दौरान भाजपा विधायकों के क्षेत्रों में विकास कार्यों के साथ भेदभाव किया गया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बनने के बाद सभी क्षेत्रों में विकास को प्राथमिकता दी गई और कोटा, विशेषकर लाडपुरा क्षेत्र में विकास कार्यों को नई गति मिली है। कार्यक्रम में निवर्तमान महापौर राजीव अग्रवाल, जिला अध्यक्ष राकेश जैन, गोविन्द शर्मा, सुनीता व्यास, कृष्ण कुमार सोनी, हेमंत विजय, विवेक राजवंशी, लव शर्मा, महेश विजय सहित प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे। Media House Kota | Kota News | Kota Development | Om Birla | Kota News Today1
- लंदन टावर ब्रिज पर्यटकों का मुख्य आकर्षण का केंद्र-एड. अख्तर खान "अकेला " थेम्स नदी पर बना यह लंदन टावर ब्रिज, लंदन की जान है, पर्यटकों का मुख्य आकर्षण है, आसपास बने बोटैनिकल गार्डन, हिज़ हाइनेस का वोह महल जहां बाद में कई लोगों को जेल में रखा गया, नदी में चलते सवारी, लदान माल वाले जहाज़, पास ही वर्ड ट्रेड सेंटर की तर्ज़ पर, लंदन ही नहीं पूरे यू के की अर्थव्यवस्था को नियंत्रित करने वाले बढ़े बढ़े कार्यालय, आर्थिक ब्यवस्थाएँ आस पास की गगन चुम्बी इमारतों में संचालित है, जब कोई ऊंचा जहाज़ इस पुल के नीचे से थेम्स नदी में आता जाता है तब यह पुल खुलकर नदी को खुला करते हुए जब पल के हाइड्रोलिक पद्धति से खुलकर ऊंचा हो जाना देखने लायक नज़ारा हो जाता है, मज़ेदार बात यह है के हज़ारों साल पुराने बने इस पल के लोहे, निर्माण में कोई अंश मात्र भी टूटफूट नहीं हुई है, जबकि हमारे इंडिया खासकर कोटा में कुछ दशक पहले बने पुल, बांध, नहरें टूट कर चरमरा रही है, बांध रिसाव कर रहे हैं, लागत भी आसमानी क़ीमतों वाली है, टॉवर ब्रिज, टॉवर ऑफ लंदन और टेम्स नदी : लंदन के इतिहास की जीवंत कहानी लंदन का Tower Bridge दुनिया के सबसे प्रसिद्ध पुलों में से एक है। यह केवल आवागमन का साधन नहीं, बल्कि ब्रिटेन के इतिहास, वास्तुकला और इंजीनियरिंग का अद्भुत उदाहरण है। इसका निर्माण 1886 में शुरू हुआ और लगभग आठ वर्षों बाद 30 जून 1894 को इसका उद्घाटन हुआ। इसे वास्तुकार Sir Horace Jones और इंजीनियर Sir John Wolfe Barry ने डिजाइन किया था। 19वीं सदी में पूर्वी लंदन तेजी से विकसित हो रहा था और Thames नदी पर व्यापारिक जहाजों की आवाजाही भी बहुत अधिक थी। इसलिए ऐसा पुल आवश्यक था जो सड़क यातायात को भी जारी रखे और बड़े जहाजों के गुजरने के लिए बीच से खुल भी सके। Tower Bridge के दोनों मध्य भाग ऊपर उठने वाले bascule sections हैं। मूल रूप से इन्हें भाप से चलने वाली hydraulic मशीनरी से उठाया जाता था। पुल में लगभग 11,000 टन steel और लाखों bricks तथा rivets का इस्तेमाल हुआ। इसके निर्माण की मूल लागत लगभग £1.184 million थी, जबकि अतिरिक्त खर्च सहित कुल लागत लगभग £1.6 million तक पहुँची। Tower Bridge के ठीक पास स्थित Tower of London इससे लगभग 800 वर्ष पुराना है। इसका White Tower निर्माण William the Conqueror के शासन में 1070 के दशक में शुरू हुआ। यह कभी राजमहल, किला, जेल, शस्त्रागार और Royal Mint रहा। आज यहाँ ब्रिटिश Crown Jewels सुरक्षित रखे जाते हैं और प्रसिद्ध Yeoman Warders यानी Beefeaters इसकी ऐतिहासिक पहचान हैं। Tower of London UNESCO World Heritage Site भी है। इन दोनों ऐतिहासिक स्मारकों के बीच बहती River Thames लंदन के विकास की असली जीवनरेखा रही है। लगभग 2,000 वर्ष पहले Romans ने इसके किनारे Londinium बसाया था। नदी व्यापार, यातायात और लंदन की आर्थिक समृद्धि का प्रमुख आधार बनी। सदियों तक दुनिया के अलग-अलग देशों से आने वाला माल Thames के रास्ते London के docks तक पहुँचता रहा। Industrial Revolution के दौरान अत्यधिक औद्योगिक कचरे और sewage के कारण Thames इतनी प्रदूषित हो गई कि 20वीं सदी में इसे लगभग “biologically dead” तक कहा गया। बाद में sewage treatment और पर्यावरण संरक्षण के उपायों से नदी में फिर से जीवन लौटा और आज Thames में अनेक प्रकार की मछलियाँ तथा अन्य जलीय जीव पाए जाते हैं। इस प्रकार Tower Bridge, Tower of London और River Thames मिलकर लंदन के लगभग एक हजार वर्षों से अधिक के इतिहास को सामने रखते हैं—एक ओर मध्यकालीन राजसत्ता और किलेबंदी, दूसरी ओर Victorian युग की अद्भुत engineering और इनके बीच बहती वह Thames, जिसने London को व्यापार, परिवहन और सभ्यता का विश्व-प्रसिद्ध केंद्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई,,फिलहाल लंदन से, अख़्तर खान अकेला कोटा राजस्थान 98290863391
- कोटा. को फिर सौगात.लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने दी सौगात कोटा राजस्थान कोटा में तीन अत्याधुनिक एंबुलेंस जनसेवा को की समर्पित कहा, स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की पहल एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट सिस्टम से लैस है एंबुलेंस मेडिकल कॉलेज, जेके लोन और रेलवे अस्पताल में रहेंगी उपलब्ध मरीजों को अस्पताल तक निशुल्क परिवहन की सुविधा आज सुल्तानपुर और इटावा में रक्षाबंधन कार्यक्रमों में होंगे शामिल विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण-शिलान्यास करेंगे बिरला1
- उम्र छोटी हिम्मत बडी.. GEN.. Alpha के बच्चे ने बताई स्कूल की हकीकत1
- देश के छात्रों और युवाओं के भविष्य से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपनी आवाज़ बुलंद करने के लिए आइए, अधिक से अधिक संख्या में शामिल हों। देश के छात्रों और युवाओं के भविष्य से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपनी आवाज़ बुलंद करने के लिए आइए, अधिक से अधिक संख्या में शामिल हों। दिनांक: 23 जुलाई, 2026 (गुरुवार) समय: शाम 5:30 बजे स्थानः एक्जोटिका गार्डन, बूंदी रोड, कुन्हाड़ी, कोटा आइए, लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात मजबूती से रखें और कार्यक्रम को सफल बनाएं।1