कटनी यातायात पुलिस ने पुलिस अधीक्षक श्री अभिनय विश्वकर्मा के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमल मौर्य और उप पुलिस अधीक्षक रत्नेश मिश्रा के मार्गदर्शन में ओवर स्पीड वाहनों के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना और कटनी में सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करना है। अभियान के दौरान, आधुनिक स्पीड मॉनिटरिंग उपकरणों की सहायता से तेज गति से वाहन चलाने वालों पर कड़ी निगरानी रखी गई। जांच में निर्धारित गति सीमा का उल्लंघन करती हुई दो सफेद रंग की फॉर्च्यूनर एसयूवी, जिनके क्रमांक एमपी 07 सीजे 6655 और एमपी 21 सीबी 3024 हैं, सहित अन्य लक्जरी वाहनों को चिन्हित किया गया। इन सभी वाहनों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम, 1988 के प्रावधानों के अंतर्गत चालानी कार्रवाई की गई। यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया कि ओवर स्पीड सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण है, जिससे चालक का नियंत्रण कम हो जाता है, प्रतिक्रिया देने का समय घट जाता है, और दुर्घटना होने पर जन-धन की हानि की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। थाना प्रभारी यातायात निरीक्षक अनूप सिंह ठाकुर ने बताया कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों का पालन करने का विषय नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक के जीवन की सुरक्षा से जुड़ा एक महत्वपूर्ण दायित्व है। उन्होंने यह भी बताया कि यातायात पुलिस का लक्ष्य केवल चालान करना नहीं, बल्कि लोगों में सुरक्षित और जिम्मेदार वाहन चलाने की आदत विकसित करना है। कटनी यातायात पुलिस ने आम नागरिकों से निर्धारित गति सीमा का पालन करने, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करने, सीट बेल्ट एवं हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने और यातायात संकेतों व नियमों का पालन कर स्वयं व अन्य सड़क उपयोगकर्ताओं के जीवन की रक्षा करने की अपील की है। पुलिस ने यह भी घोषणा की है कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से ऐसे विशेष अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेंगे और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही की जाएगी। पुलिस ने इस संदेश के साथ अभियान को बल दिया है: "गति पर रखें नियंत्रण, सुरक्षित रहेगा आपका जीवन" और "तेज़ रफ्तार नहीं, सुरक्षित सफर चुनें।"
कटनी यातायात पुलिस ने पुलिस अधीक्षक श्री अभिनय विश्वकर्मा के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमल मौर्य और उप पुलिस अधीक्षक रत्नेश मिश्रा के मार्गदर्शन में ओवर स्पीड वाहनों के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना और कटनी में सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करना है। अभियान के दौरान, आधुनिक स्पीड मॉनिटरिंग उपकरणों की सहायता से तेज गति से वाहन चलाने वालों पर कड़ी निगरानी रखी गई। जांच में निर्धारित गति सीमा का उल्लंघन करती हुई दो सफेद रंग की फॉर्च्यूनर एसयूवी, जिनके क्रमांक एमपी 07 सीजे 6655 और एमपी 21 सीबी 3024 हैं, सहित अन्य लक्जरी वाहनों को चिन्हित किया गया। इन सभी वाहनों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम, 1988 के प्रावधानों के अंतर्गत चालानी कार्रवाई की गई। यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया कि ओवर स्पीड सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण है, जिससे चालक का नियंत्रण कम हो जाता है, प्रतिक्रिया देने का समय घट जाता है, और दुर्घटना होने पर जन-धन की हानि की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। थाना प्रभारी यातायात निरीक्षक अनूप
सिंह ठाकुर ने बताया कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों का पालन करने का विषय नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक के जीवन की सुरक्षा से जुड़ा एक महत्वपूर्ण दायित्व है। उन्होंने यह भी बताया कि यातायात पुलिस का लक्ष्य केवल चालान करना नहीं, बल्कि लोगों में सुरक्षित और जिम्मेदार वाहन चलाने की आदत विकसित करना है। कटनी यातायात पुलिस ने आम नागरिकों से निर्धारित गति सीमा का पालन करने, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करने, सीट बेल्ट एवं हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने और यातायात संकेतों व नियमों का पालन कर स्वयं व अन्य सड़क उपयोगकर्ताओं के जीवन की रक्षा करने की अपील की है। पुलिस ने यह भी घोषणा की है कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से ऐसे विशेष अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेंगे और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही की जाएगी। पुलिस ने इस संदेश के साथ अभियान को बल दिया है: "गति पर रखें नियंत्रण, सुरक्षित रहेगा आपका जीवन" और "तेज़ रफ्तार नहीं, सुरक्षित सफर चुनें।"
- कटनी यातायात पुलिस ने पुलिस अधीक्षक श्री अभिनय विश्वकर्मा के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमल मौर्य और उप पुलिस अधीक्षक रत्नेश मिश्रा के मार्गदर्शन में ओवर स्पीड वाहनों के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना और कटनी में सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करना है। अभियान के दौरान, आधुनिक स्पीड मॉनिटरिंग उपकरणों की सहायता से तेज गति से वाहन चलाने वालों पर कड़ी निगरानी रखी गई। जांच में निर्धारित गति सीमा का उल्लंघन करती हुई दो सफेद रंग की फॉर्च्यूनर एसयूवी, जिनके क्रमांक एमपी 07 सीजे 6655 और एमपी 21 सीबी 3024 हैं, सहित अन्य लक्जरी वाहनों को चिन्हित किया गया। इन सभी वाहनों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम, 1988 के प्रावधानों के अंतर्गत चालानी कार्रवाई की गई। यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया कि ओवर स्पीड सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण है, जिससे चालक का नियंत्रण कम हो जाता है, प्रतिक्रिया देने का समय घट जाता है, और दुर्घटना होने पर जन-धन की हानि की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। थाना प्रभारी यातायात निरीक्षक अनूप सिंह ठाकुर ने बताया कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों का पालन करने का विषय नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक के जीवन की सुरक्षा से जुड़ा एक महत्वपूर्ण दायित्व है। उन्होंने यह भी बताया कि यातायात पुलिस का लक्ष्य केवल चालान करना नहीं, बल्कि लोगों में सुरक्षित और जिम्मेदार वाहन चलाने की आदत विकसित करना है। कटनी यातायात पुलिस ने आम नागरिकों से निर्धारित गति सीमा का पालन करने, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करने, सीट बेल्ट एवं हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने और यातायात संकेतों व नियमों का पालन कर स्वयं व अन्य सड़क उपयोगकर्ताओं के जीवन की रक्षा करने की अपील की है। पुलिस ने यह भी घोषणा की है कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से ऐसे विशेष अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेंगे और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही की जाएगी। पुलिस ने इस संदेश के साथ अभियान को बल दिया है: "गति पर रखें नियंत्रण, सुरक्षित रहेगा आपका जीवन" और "तेज़ रफ्तार नहीं, सुरक्षित सफर चुनें।"2
- हाईवे किनारे खड़े एक ट्रक से एक अनियंत्रित टेंपो की जोरदार टक्कर हो गई। इस भीषण हादसे में एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया है।1
- मध्य प्रदेश के पवई में एक युवक का अपहरण कर लिया गया है, जिसके बाद अज्ञात अपहरणकर्ताओं ने परिजनों से 10 लाख रुपये की फिरौती की मांग की है। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। युवक के परिजनों ने तत्काल पुलिस को सूचित किया, जिसके बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है।1
- कटनी यातायात पुलिस ने सड़क दुर्घटनाओं को कम करने और सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ओवर स्पीड वाहनों के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया। इस अभियान के तहत, तेज रफ्तार से दौड़ रहे दो लक्जरी वाहनों पर चालानी कार्रवाई की गई। पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा के निर्देश तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमल मौर्य और उप पुलिस अधीक्षक रत्नेश मिश्रा के मार्गदर्शन में, थाना यातायात कटनी की टीम ने आधुनिक स्पीड मॉनिटरिंग उपकरणों का उपयोग करके वाहनों की निगरानी की। जांच के दौरान, निर्धारित गति सीमा का उल्लंघन करते हुए सफेद रंग की फॉर्च्यूनर एसयूवी क्रमांक एमपी 07 सीजे 6655 और एमपी 21 सीबी 3024 को चिह्नित किया गया, जिनके विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम 1988 के तहत चालानी कार्रवाई की गई। यातायात पुलिस के अनुसार, ओवर स्पीड सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण है, जिससे चालक का नियंत्रण कम हो जाता है, प्रतिक्रिया का समय घट जाता है, और दुर्घटना की स्थिति में जन-धन की हानि की आशंका बढ़ जाती है। थाना प्रभारी यातायात निरीक्षक अनूप सिंह ठाकुर ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों के पालन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक के जीवन की सुरक्षा से जुड़ा एक दायित्व है। उन्होंने कहा कि यातायात पुलिस का लक्ष्य केवल चालान करना नहीं, बल्कि लोगों में सुरक्षित और जिम्मेदार वाहन संचालन की आदत विकसित करना भी है। पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित गति सीमा का पालन करें, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करें और अनिवार्य रूप से सीट बेल्ट व हेलमेट का प्रयोग करें। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए ऐसे विशेष अभियान लगातार जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।2
- मध्य प्रदेश के रीवा जिले के समान थाना क्षेत्र में कथित गौमांस तस्करी के विरोध को लेकर एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। तस्करी का विरोध करने पर दो युवतियों ने सोनू सिंह नामक एक युवक पर पत्थरों से जानलेवा हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों युवतियों को गिरफ्तार कर लिया है और कथित गौमांस के सैंपल जांच के लिए भेजे हैं। नैकिन, गुढ़ निवासी शिकायतकर्ता सोनू सिंह को लंबे समय से जानकारी मिल रही थी कि आमिरती गांव से दो युवतियां नियमित रूप से स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर संदिग्ध बोरी और झोला लेकर रीवा की ओर आती हैं। रविवार को जब सोनू सिंह ने इन युवतियों को गोरगी-महसांव मार्ग पर देखा, तो संदेह के आधार पर उन्होंने अपनी कार से उनका पीछा किया। खुद को घिरा देख युवतियां भागने लगीं, लेकिन सोनू सिंह ने लोही नहर के पास अपनी कार अड़ाकर उन्हें रोक लिया। जैसे ही सोनू सिंह ने युवतियों को रोकने का प्रयास किया, एक युवती ने पीछे से उनके सिर पर एक भारी पत्थर से वार कर दिया, जिससे वह लहूलुहान होकर गिर पड़े। शोर सुनकर मौके पर पहुंचे राहगीरों ने युवतियों को घेर लिया, जिसके बाद भीड़ को देख युवतियों ने तुरंत मोटरसाइकिल पर रखी बोरी और झोला पास की नहर में फेंक दिया। सूचना मिलते ही बिछिया और समान थाना पुलिस बल मौके पर पहुँचा, जिन्होंने नहर से मांस बरामद कर दोनों युवतियों को हिरासत में ले लिया। घायल सोनू सिंह को तत्काल इलाज के लिए बिछिया अस्पताल भेजा गया है, जबकि समान पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस प्रशासन अब बरामद मांस की वैज्ञानिक जांच करवा रहा है और इस पूरे रैकेट के पीछे काम करने वाले बड़े नेटवर्क का पता लगाने के लिए गहन छानबीन की जा रही है। पुलिस सभी पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि ये युवतियां किसके इशारे पर और कहां यह खेप ले जा रही थीं। इस घटना के बाद इलाके में भारी तनाव है और स्थानीय लोग मामले में कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।1
- कटनी नगर में स्थित वृन्दावन भक्तों की आस्था और भक्ति का एक पावन धाम है। इस स्थान का शांत वातावरण, मनमोहक मंदिर, मधुर भजन-कीर्तन और राधा-कृष्ण की दिव्य झाँकियाँ हर श्रद्धालु के मन को मोह लेती हैं। जो भी यहाँ आता है, वह आध्यात्मिक शांति और श्रीकृष्ण की कृपा का अनुभव करके आनंदित हो उठता है।1
- हाल ही में बावड़ी उत्सव का आयोजन किया गया, जिसके माध्यम से जल संरक्षण का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया। इस उत्सव के दौरान, लोगों ने सक्रिय रूप से श्रमदान करते हुए साफ-सफाई के कार्यों में योगदान दिया।1
- कटनी के एनकेजे निवासी भाजपा कार्यकर्ता और यूनियन बैंक में सिक्योरिटी गार्ड रहे सचिन कश्यप के निधन के बाद उनकी सबसे छोटी बेटी हनी कश्यप ने बेटे का फर्ज निभाते हुए अपने पिता को मुखाग्नि दी। इस मार्मिक दृश्य ने अंतिम संस्कार में उपस्थित सभी लोगों को भावुक कर दिया और हर किसी की आंखें नम हो गईं। लगभग 60 वर्षीय सचिन कश्यप का जबलपुर के एक निजी अस्पताल में हृदय संबंधी ऑपरेशन के दौरान ब्रेन हेमरेज होने से दुखद निधन हो गया था। उनके निधन की खबर से एनकेजे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। रविवार को उनके नयागांव, एनकेजे स्थित निवास से अंतिम यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में सामाजिक, राजनीतिक एवं स्थानीय लोग शामिल हुए। सचिन कश्यप अपनी तीनों बेटियों जूनी, ग्लोरी और हनी से बेहद स्नेह करते थे। वे मांझी समाज के सक्रिय सदस्य होने के साथ-साथ मांझी समाज कटनी के सचिव पद पर रहते हुए सामाजिक कार्यों में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे थे। पिता की अंतिम यात्रा में शामिल तीनों बेटियों के आंसुओं और सबसे छोटी बेटी हनी द्वारा दिखाई गई हिम्मत ने उपस्थित लोगों को अत्यंत भावुक कर दिया। इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि आज की बेटियां किसी भी जिम्मेदारी को निभाने में बेटों से पीछे नहीं हैं।1