तिल्दा-नेवरा सिविल कल्याण संघ की एक महत्वपूर्ण बैठक रविवार, 21 जून को नेवरा स्थित विश्वकर्मा मंदिर परिसर, बुधवारी बाजार में आयोजित की गई। इस गरिमामयी बैठक में संघ के वरिष्ठ पदाधिकारियों, सदस्यों और गणमान्य नागरिकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन की वर्तमान कार्यकारिणी का कार्यकाल पूर्ण होने पर नई कार्यकारिणी के गठन को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श करना था। सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया कि संघ के नए अध्यक्ष, पदाधिकारियों और कार्यकारिणी का चुनाव 3 जुलाई 2026 को लोकतांत्रिक एवं पारदर्शी प्रक्रिया के तहत संपन्न कराया जाएगा। इस दौरान संगठन को और अधिक सशक्त, सक्रिय एवं जनहितैषी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर भी चर्चा की गई। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि सिविल कल्याण संघ ने हमेशा नगर के नागरिकों की समस्याओं के समाधान, सामाजिक एकता तथा जनकल्याण के कार्यों में अग्रणी भूमिका निभाई है, और नई कार्यकारिणी संगठन को नई ऊर्जा और दिशा प्रदान करेगी। उपस्थित सदस्यों ने बड़ी संख्या में चुनाव में भाग लेकर संगठन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने का निर्णय लिया कि चुनाव प्रक्रिया शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हो। बैठक के अंत में, सभी सदस्यों ने संगठन की एकजुटता बनाए रखने और समाजहित के कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाने के अपने संकल्प को दोहराया।
तिल्दा-नेवरा सिविल कल्याण संघ की एक महत्वपूर्ण बैठक रविवार, 21 जून को नेवरा स्थित विश्वकर्मा मंदिर परिसर, बुधवारी बाजार में आयोजित की गई। इस गरिमामयी बैठक में संघ के वरिष्ठ पदाधिकारियों, सदस्यों और गणमान्य नागरिकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन की वर्तमान कार्यकारिणी का कार्यकाल पूर्ण होने पर नई कार्यकारिणी के गठन को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श करना था। सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया कि संघ के नए अध्यक्ष, पदाधिकारियों और कार्यकारिणी का चुनाव 3 जुलाई 2026 को लोकतांत्रिक एवं पारदर्शी प्रक्रिया के तहत संपन्न कराया जाएगा। इस दौरान संगठन को और अधिक सशक्त, सक्रिय एवं जनहितैषी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों
पर भी चर्चा की गई। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि सिविल कल्याण संघ ने हमेशा नगर के नागरिकों की समस्याओं के समाधान, सामाजिक एकता तथा जनकल्याण के कार्यों में अग्रणी भूमिका निभाई है, और नई कार्यकारिणी संगठन को नई ऊर्जा और दिशा प्रदान करेगी। उपस्थित सदस्यों ने बड़ी संख्या में चुनाव में भाग लेकर संगठन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने का निर्णय लिया कि चुनाव प्रक्रिया शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हो। बैठक के अंत में, सभी सदस्यों ने संगठन की एकजुटता बनाए रखने और समाजहित के कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाने के अपने संकल्प को दोहराया।
- रायपुर जिला की ग्राम पंचायत बुंडेरा के सरपंच पर अपने पद का दुरुपयोग और गुंडागर्दी करने का एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसके कारण ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। ग्राम पंचायत बुंडेरा निवासी तोरण कुमार साहू, पिता शत्रुघ्न साहू ने खरोरा थाना, तहसील खरोरा, जिला रायपुर, छत्तीसगढ़ में आरोप लगाया है कि सरपंच द्वारा गुंडागर्दी करते हुए उनके घर और एक ब्रिक्स कंपनी पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है, जिसके लिए उनसे 10 लाख रुपये की मांग की जा रही है। तोरण कुमार साहू के अनुसार, पैसा न दिए जाने पर 14.06.2026 को सरपंच ने अपने भाई, पत्नी और अन्य साथियों के साथ मिलकर उनके घर के चारों तरफ बनी सुरक्षा बाउंड्री को तोड़ दिया, जिससे उन्हें और उनके परिवार को मानसिक एवं आर्थिक क्षति पहुंची है। शिकायतकर्ता ने यह भी बताया कि सरपंच ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए, उनकी ही जमीन पर श्रम दिवस मनाने और 'प्रधानमंत्री जी के 12 वर्ष पूर्ण होने का दिवस' मनाने के लिए रोजगार गारंटी योजना के लगभग 200 लोगों को बुलाया। इस दौरान, सरपंच और उनके साथियों ने उन्हें तथा उनके परिवार वालों को गाली-गलौज करते हुए घेरा छोड़ दिया, जबकि उन्हें सरपंच या तहसील कार्यालय से कोई नोटिस नहीं दिया गया था। तोरण कुमार साहू का आरोप है कि सरपंच द्वारा उन्हें बार-बार गाली-गलौज और मानसिक-आर्थिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि खुद सरपंच कई जगहों पर बेजा कब्जा किए हुए हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होती, जबकि गरीब परिवारों का भी बहुत शोषण किया जा रहा है। इस मामले में तोरण कुमार साहू ने एसडीम कार्यालय पहुंचकर अनुविभागीय अधिकारी को आवेदन दिया है, जिसमें उन्होंने सरपंच के खिलाफ निष्पक्ष जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का भी कहना है कि सरपंच द्वारा किए गए अवैध कब्जों की भी निष्पक्ष जांच कर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।4
- मुंगेली वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने 20 जून को पुलिस संवाद कक्ष में जिले की एक महत्वपूर्ण अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की। इस बैठक में एएसपी नवनीत कौर छाबड़ा सहित जिले के सभी राजपत्रित अधिकारी और थाना-चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। एसपी पटेल ने विशेष रूप से महिला एवं गुम बालिकाओं से जुड़े अपराधों, हत्या, हत्या का प्रयास, चोरी और नकबजनी जैसे गंभीर मामलों में तत्काल कार्रवाई करने के कड़े निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने सभी लंबित मर्ग, शिकायतों और अन्य अपराधों को आगामी 15 दिनों के भीतर निपटाने का लक्ष्य भी निर्धारित किया। बैठक के दौरान ऑपरेशन मुस्कान में तेजी लाने, बीट प्रणाली के माध्यम से स्मार्ट पुलिसिंग सुनिश्चित करने और साइबर धोखाधड़ी को रोकने के लिए GRM-MRM पोर्टल का प्रभावी ढंग से उपयोग करने पर भी बल दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, जिससे पुलिसिंग में गंभीरता और जवाबदेही बनी रहे।1
- छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में शासन और प्रशासन के बीच समन्वय की कमी के कारण एक और सरकारी आयोजन विवादों में घिर गया है। मुख्यमंत्री कन्या सामूहिक विवाह योजना के बाद अब अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के जिला स्तरीय मुख्य कार्यक्रम में प्रशासनिक लापरवाही का एक नया मामला सामने आया है। यह विवाद स्वामी विवेकानंद स्टेडियम (कंतेली) में आयोजित कार्यक्रम में उस समय खड़ा हुआ जब प्रोटोकॉल की अनदेखी से नाराज होकर स्थानीय भाजपा विधायक ईश्वर साहू ने मंच छोड़ दिया। जानकारी के अनुसार, जिला प्रशासन द्वारा आयोजित इस भव्य योग दिवस कार्यक्रम के मुख्य फ्लेक्स (बैनर) और आमंत्रण पोस्टरों से स्थानीय विधायक ईश्वर साहू की तस्वीर नदारद थी। विधायक साहू ने इसे प्रोटोकॉल का सीधा उल्लंघन और एक जनप्रतिनिधि का अपमान मानते हुए गहरी नाराजगी व्यक्त की और कार्यक्रम के बीच से ही मंच छोड़कर चले गए। यह बेमेतरा में प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने वाला दूसरा बड़ा मामला है। इससे पहले मुख्यमंत्री कन्या सामूहिक विवाह योजना के दौरान भी व्यवस्थाओं और समन्वय को लेकर विवाद हुआ था। योग दिवस जैसे अंतरराष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रम में हुई इस चूक ने प्रशासनिक लापरवाही को एक बार फिर उजागर कर दिया है। इस घटना के बाद स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यशैली पर चर्चाएं तेज़ हो गई हैं, और अब देखना होगा कि शासन इस प्रोटोकॉल की अनदेखी पर क्या कड़ा संज्ञान लेता है।1
- बिलासपुर जिले के परसदा में रविवार रात करीब 8:40 बजे एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। अंबिकापुर से स्टेशनरी का सामान छोड़कर रायपुर लौट रहा एक तेज रफ्तार आईसर 6 चक्का ट्रक अनियंत्रित होकर डिवाइडर तोड़ते हुए दूसरी लेन में जा पहुंचा। इस दौरान नीट की परीक्षा देकर लौट रहे परीक्षार्थी सामने से आ रहे थे, जिनकी जान बाल-बाल बची। अनियंत्रित ट्रक सड़क से उतर गया। घटना के बाद मौके पर पहुंचे आसपास के लोगों ने देखा कि ड्राइवर, जो नशे में धुत था, भागने की फिराक में था। लोगों ने उसे पकड़कर डायल 112 पुलिस के हवाले कर दिया। ड्राइवर की पहचान हिर्री क्षेत्र के उड़ेला गोंडपारा निवासी 50 वर्षीय कमलेश ध्रुव के रूप में हुई है। चकरभाठा पुलिस को सूचना मिलने पर थाना प्रभारी भावेश शेंडे के निर्देश पर डायल 112 की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और आरोपित ड्राइवर को हिरासत में लेते हुए ट्रक को जब्त कर लिया है। मामले में आगे की कार्यवाही जारी है।1
- छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के मस्तूरी में कांग्रेस पार्टी ने 7 सूत्रीय मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन किया।1
- बिल्हा जनपद अध्यक्ष श्री रामकुमार कौशिक ने आज रविवार दोपहर ग्राम कुवापली में ₹3 लाख की लागत से बनने वाली 100 मीटर लंबी CC सड़क के निर्माण कार्य का भूमि पूजन किया। यह सड़क पासीद रोड से पानी टंकी तक बनाई जाएगी, जिसके लिए जनपद मद से राशि आवंटित की गई है। यह जानकारी गुरुवचन कौशले जी से रविवार की दोपहर 3:30 बजे मिली। इस बहुप्रतीक्षित सड़क के निर्माण से आश्रित ग्राम खम्हारडीह और कुवापली के ग्रामीणों को भारी राहत मिलने की उम्मीद है। बताया गया है कि बरसात के दिनों में इस सड़क पर कीचड़ भर जाने के कारण लोगों को आने-जाने में काफी परेशानी होती थी और कई लोग गिरकर घायल हो जाते थे। ग्रामीणों ने सरपंच सरोज मोनू यादव से इस सड़क को बरसात से पहले बनवाने की मांग रखी थी, जिसके बाद सरपंच की मांग पर बिल्हा जनपद अध्यक्ष रामकुमार कौशिक ने इसे बनवाने का वादा किया था। इस CC रोड निर्माण कार्य के भूमि पूजन कार्यक्रम में माननीय डॉ. रामकुमार कौशिक जी (अध्यक्ष जनपद पंचायत बिल्हा) के साथ डॉ. लक्ष्मण यादव जी, सरोजो मोनू यादव जी (अध्यक्ष भाजयुमो बरतोरी मंडल एवं वर्तमान सरपंच ग्राम कुवापली), प्रमोद वैष्णव, शेखर पटेल जी, विष्णु यादव, डी. भूषण डहरिया जी, चुन्नी लाल जायसवाल, शिव गेंदल जी, अगेश यादव जी, परमेश्वर यादव जी, रामाधार यादव जी, गुरुवचन कोशले जी, यमजीत खांडेकर जी, माखन सेन, रज्जू जोशी, देव गेंदल, शनी चेलके जी, रोहित जगत जी, सूरीत राम, लखन दास, जगमोहन, पारितम सोनवानी, सुमन डहरिया, जमोत्रि मरावी, सरिता मरावी, गनेशिया मरावी, बिंदु मरावी, रामचन्द्र जायसवाल एवं ग्राम पंचायत खम्हारडीह कुवापली के सभी निवासी उपस्थित रहे।1
- बिलासपुर जिले के मस्तूरी में कांग्रेस पार्टी ने अपनी सात सूत्रीय मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन किया। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान, पार्टी कार्यकर्ताओं ने स्थानीय एसडीएम कार्यालय का भी घेराव किया।1
- बिलासपुर पुलिस ने सोने की चेन स्नेचिंग करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के छह सदस्यों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। इन आरोपियों ने सकरी और सिरगिट्टी थाना क्षेत्रों सहित कई अन्य स्थानों पर वारदातों को अंजाम दिया था। पुलिस की जांच के दौरान, तोरवा निवासी नवीन साहू की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ। जानकारी के अनुसार, इस गिरोह के सदस्य उड़ीसा और बिलासपुर से जुड़े बताए जा रहे हैं। पुलिस इस मामले में आगे की जांच में जुटी हुई है।1
- गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, जहाँ मरवाही थाना क्षेत्र के ग्राम उषाढ़ में शनिवार को दिनदहाड़े दो अज्ञात बदमाश कथित पुलिसकर्मी बनकर एक व्यवसायी गिरीश यादव का पिस्तौल की नोक पर अपहरण कर फरार हो गए। यह पूरी वारदात घर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिससे पूरे क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल व्याप्त हो गया है। शनिवार सुबह करीब 11 बजे, किराना, छड़-सीमेंट तथा आटा चक्की का व्यवसाय करने वाले गिरीश यादव अपने घर के गलियारे में विश्राम कर रहे थे, जबकि उनका पुत्र पंकज यादव दुकान संभाल रहा था। इसी दौरान नीले रंग की कार में सवार दो व्यक्ति दुकान पर पहुंचे, जिन्होंने पहले सिगरेट और पानी खरीदा और गिरीश यादव के बारे में पूछताछ की। जैसे ही पंकज अपने पिता को बुलाने भीतर गया, दोनों आरोपी जबरन घर में घुस गए। परिजनों के अनुसार, आरोपियों ने गिरीश यादव को स्टील रंग की पिस्तौल दिखाते हुए स्वयं को पुलिसकर्मी बताया और साथ चलने को कहा। विरोध करने पर उन्हें पैर में गोली मारने की धमकी दी गई, जिसके बाद बदमाश उन्हें जबरन अपनी कार में बैठाकर बरौर बस्ती की दिशा में ले गए। परिवार के सदस्यों के शोर मचाने के बावजूद आरोपी तेज रफ्तार से वाहन लेकर भाग निकले। पंकज यादव ने पुलिस को वाहन के नंबर का आंशिक हिस्सा "OD 8552" देखा होने की जानकारी दी है। इस घटना का पूरा घटनाक्रम सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हुआ है, जिसमें दो संदिग्ध व्यक्तियों को व्यापारी को जबरन वाहन तक ले जाते हुए स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। पुलिस अब इसी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान और तलाश में जुटी है। व्यापारी की पत्नी के मुंहबोले भाई मनीष जायसवाल ने बरौर क्षेत्र में संदिग्ध कार को रोकने का प्रयास भी किया था, लेकिन आरोपी वाहन लेकर मरवाही की ओर भाग निकले। व्यापारी की पत्नी दुर्गा यादव की शिकायत पर मरवाही थाने में मामला दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट होने के बाद कि ले जाने वाले व्यक्ति वास्तविक पुलिसकर्मी नहीं थे, पुलिस ने अपहरण, धमकी और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच तेज कर दी है। एडिशनल एसपी अविनाश मिश्रा ने बताया कि भारतीय न्याय संहिता की धारा 140(3), 3(5), 333, 351(3) तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत प्रकरण दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश की जा रही है, जिसके लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। गौरतलब है कि लगभग 25 दिन पहले ही जिले में एक सर्राफा व्यापारी की हत्या की सनसनीखेज घटना सामने आई थी। लगातार हो रही इन गंभीर वारदातों ने जिले की सुरक्षा व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न खड़ा कर दिया है। अपराधियों द्वारा पुलिस का भेष धारण कर दिनदहाड़े अपहरण जैसी घटना को अंजाम दिए जाने से व्यापारियों और आम नागरिकों में गहरी चिंता व्याप्त है। अब पूरे जिले की निगाहें पुलिस कार्रवाई और अपहृत व्यापारी की सुरक्षित बरामदगी पर टिकी हुई हैं।1