अस्पताल में घुसकर महिला की गोली मारकर हत्या, आरोपी दबोचा गया चकिया के जीवक हॉस्पिटल में दिनदहाड़े वारदात, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल चंदौली: जनपद के चकिया स्थित जीवक हॉस्पिटल में सोमवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब वार्ड में भर्ती एक महिला मरीज की गोली मारकर हत्या कर दी गई। अस्पताल के भीतर हुई इस दुस्साहसिक वारदात से मरीजों, तीमारदारों और अस्पताल कर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद पूरे अस्पताल परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। मृतका की पहचान बिहार के सासाराम निवासी 55 वर्षीय लक्ष्मीना देवी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि वह बीते 5 अप्रैल से जीवक हॉस्पिटल में भर्ती थीं और उनका इलाज चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सोमवार सुबह एक युवक संदिग्ध परिस्थितियों में अस्पताल के अंदर दाखिल हुआ। उसके हाथ में पिस्टल थी। वह सीधे उस वार्ड में पहुंचा जहां लक्ष्मीना देवी भर्ती थीं। वार्ड में घुसते ही उसने महिला पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगते ही महिला बेड पर गिर पड़ीं और वार्ड में चीख-पुकार मच गई। घटना के बाद अस्पताल में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। इसी बीच अस्पताल कर्मचारियों, तीमारदारों और स्थानीय लोगों ने साहस दिखाते हुए भागने का प्रयास कर रहे हमलावर को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। डॉक्टरों ने महिला को बचाने का प्रयास किया, लेकिन जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि घटना के हर पहलू की जांच की जा सके। प्रारंभिक जांच में मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है। घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठ रहा है कि आखिर हमलावर हथियार लेकर वार्ड तक कैसे पहुंच गया। दिनदहाड़े अस्पताल के भीतर हुई इस हत्या से चंदौली ही नहीं बल्कि बिहार के सासाराम क्षेत्र में भी हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों ने अस्पतालों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर हत्या के पीछे की वास्तविक वजह तलाशने में जुटी हुई है।
अस्पताल में घुसकर महिला की गोली मारकर हत्या, आरोपी दबोचा गया चकिया के जीवक हॉस्पिटल में दिनदहाड़े वारदात, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल चंदौली: जनपद के चकिया स्थित जीवक हॉस्पिटल में सोमवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब वार्ड में भर्ती एक महिला मरीज की गोली मारकर हत्या कर दी गई। अस्पताल के भीतर हुई इस दुस्साहसिक वारदात से मरीजों, तीमारदारों और अस्पताल कर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद पूरे अस्पताल परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। मृतका की पहचान बिहार के सासाराम निवासी 55 वर्षीय लक्ष्मीना देवी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि वह बीते 5 अप्रैल से जीवक हॉस्पिटल में भर्ती थीं और उनका इलाज चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सोमवार सुबह एक युवक संदिग्ध परिस्थितियों में अस्पताल के अंदर दाखिल हुआ। उसके हाथ में पिस्टल थी। वह सीधे उस वार्ड में पहुंचा जहां लक्ष्मीना देवी भर्ती थीं। वार्ड में घुसते ही उसने महिला पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगते ही महिला बेड पर गिर पड़ीं और वार्ड में चीख-पुकार मच गई। घटना के बाद अस्पताल में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। इसी बीच अस्पताल कर्मचारियों, तीमारदारों और स्थानीय लोगों ने साहस दिखाते हुए भागने का प्रयास कर रहे हमलावर को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। डॉक्टरों ने महिला को बचाने का प्रयास किया, लेकिन जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि घटना के हर पहलू की जांच की जा सके। प्रारंभिक जांच में मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है। घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठ रहा है कि आखिर हमलावर हथियार लेकर वार्ड तक कैसे पहुंच गया। दिनदहाड़े अस्पताल के भीतर हुई इस हत्या से चंदौली ही नहीं बल्कि बिहार के सासाराम क्षेत्र में भी हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों ने अस्पतालों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर हत्या के पीछे की वास्तविक वजह तलाशने में जुटी हुई है।
- त्रिलोचन महादेव मंदिर परिसर में वाहन से कुचलकर महिला की जौनपुर त्रिलोचन महादेव मंदिर परिसर में वाहन से कुचलकर महिला की स्थिति नाजुक बनी हुई है संभवतः सात से आठ लोगो के घायल होने की भी सूचना है उग्र हुए श्रद्धालुओं ने वाहन को क्षतिग्रस्त कर दिया1
- अस्पताल में घुसकर महिला की गोली मारकर हत्या, आरोपी दबोचा गया चकिया के जीवक हॉस्पिटल में दिनदहाड़े वारदात, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल चंदौली: जनपद के चकिया स्थित जीवक हॉस्पिटल में सोमवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब वार्ड में भर्ती एक महिला मरीज की गोली मारकर हत्या कर दी गई। अस्पताल के भीतर हुई इस दुस्साहसिक वारदात से मरीजों, तीमारदारों और अस्पताल कर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद पूरे अस्पताल परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। मृतका की पहचान बिहार के सासाराम निवासी 55 वर्षीय लक्ष्मीना देवी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि वह बीते 5 अप्रैल से जीवक हॉस्पिटल में भर्ती थीं और उनका इलाज चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सोमवार सुबह एक युवक संदिग्ध परिस्थितियों में अस्पताल के अंदर दाखिल हुआ। उसके हाथ में पिस्टल थी। वह सीधे उस वार्ड में पहुंचा जहां लक्ष्मीना देवी भर्ती थीं। वार्ड में घुसते ही उसने महिला पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगते ही महिला बेड पर गिर पड़ीं और वार्ड में चीख-पुकार मच गई। घटना के बाद अस्पताल में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। इसी बीच अस्पताल कर्मचारियों, तीमारदारों और स्थानीय लोगों ने साहस दिखाते हुए भागने का प्रयास कर रहे हमलावर को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। डॉक्टरों ने महिला को बचाने का प्रयास किया, लेकिन जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि घटना के हर पहलू की जांच की जा सके। प्रारंभिक जांच में मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है। घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठ रहा है कि आखिर हमलावर हथियार लेकर वार्ड तक कैसे पहुंच गया। दिनदहाड़े अस्पताल के भीतर हुई इस हत्या से चंदौली ही नहीं बल्कि बिहार के सासाराम क्षेत्र में भी हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों ने अस्पतालों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर हत्या के पीछे की वास्तविक वजह तलाशने में जुटी हुई है।1
- जौनपुर में सोशल मीडिया पर सुबह की शुभकामनाएँ और भक्ति संदेश साझा किए जा रहे हैं। यह संदेश 'राम राम', 'राधे राधे' और 'हर हर महादेव' जैसे पवित्र नारों से भरा है, जो सकारात्मकता और आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार कर रहा है।1
- आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में जौनपुर के गांव मानसिक शांति का अनुभव देते हैं। शहरों के शोर और प्रदूषण से दूर, गांवों की ठंडी हवा और हरियाली मन को एक अलग ही सुकून प्रदान करती है। यह लेख ग्रामीण संस्कृति और जीवन मूल्यों के महत्व पर प्रकाश डालता है।1
- जौनपुर : त्रिलोचन महादेव मंदिर मार्ग पर हादसा, अनियंत्रित कार की चपेट में आए श्रद्धालु जौनपुर। जलालपुर थाना क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध त्रिलोचन महादेव मंदिर के पास सोमवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक तेज रफ्तार कार अचानक अनियंत्रित होकर श्रद्धालुओं के बीच जा घुसी। हादसे में पांच लोग घायल हो गए, जिनमें एक युवक की हालत गंभीर बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि मंदिर परिसर में दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ जुटी थी। इसी दौरान तेज गति से आ रही कार का चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा और सड़क किनारे मौजूद लोगों को टक्कर मार दी। घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और स्थानीय लोग तुरंत राहत कार्य में जुट गए। सूचना मिलते ही जलालपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को स्थानीय लोगों की मदद से अस्पताल भिजवाया गया। गंभीर रूप से घायल अरविंद राजभर को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया है। घायलों में अरविंद राजभर (32) निवासी कोड़री, प्रमोद कुमार (32) निवासी गढ़ कोड़री, विशाल मिश्रा (26) निवासी बराई, आयुष सिंह (21) तथा अंजली पटेल (14) निवासी फूलपुर, वाराणसी शामिल हैं। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त कार को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। चालक की तलाश की जा रही है। हादसे के चलते कुछ देर तक मंदिर मार्ग पर यातायात प्रभावित रहा।2
- जौनपुर ब्रेकिंग न्यूज़ जलालपुर थाना क्षेत्र के त्रिलोचन महादेव मंदिर के पास डिजायर कार कई लोगों को मारा टक्कर कुछ लोगों की हालत गंभीर सूचना पर पहुंची पुलिस छानबीन में जुटी सभी घायलों को इलाज के लिए एंबुलेंस से रहटी स्वास्थ्य केंद्र जलालपुर भेजा गया1
- जौनपुर जिले के बदलापुर तहसील क्षेत्र के कम्मरपुर गांव में एक शादी समारोह में बसपा विधानसभा अध्यक्ष सुनील कुमार गौतम शामिल हुए। उनके साथ घनश्यामपुर और कम्मरपुर के सेक्टर अध्यक्ष सहित पार्टी के कई अन्य पदाधिकारी भी मौजूद थे।10
- जौनपुर के मीरगंज में श्रीमद देवी भागवत कथा के दौरान श्रीराम और माता सीता के वनगमन का प्रसंग सुनाया गया। कथावाचक पं. डॉ. रितुराज कात्यायन ने इसे कर्तव्य और त्याग की पराकाष्ठा बताया, जिसे सुनकर भक्तों की आंखें नम हो गईं।6