दो साल से अधूरा पड़ा मकनपुर का मुख्य रास्ता, स्कूली बच्चों और ग्रामीणों की बढ़ी परेशानियां मकनपुर गांव का मुख्य रास्ता करीब दो वर्षों से निर्माण की बाट जोह रहा है। रास्ते की बदहाल स्थिति के चलते ग्रामीणों के साथ-साथ स्कूल जाने वाले बच्चों को भी रोजाना तमाम परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दिनों में समस्या और गंभीर हो जाती है। कीचड़ व जलभराव के कारण पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि मकनपुर का यह रास्ता गांव के आवागमन का प्रमुख मार्ग है। लंबे समय से निर्माण कार्य पूरा न होने के कारण रास्ता जगह-जगह खराब हो गया है। सबसे अधिक परेशानी स्कूल जाने वाले बच्चों को उठानी पड़ रही है। उन्हें खराब रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे फिसलने और गिरने का खतरा बना रहता है। ग्रामीण राहुल मौर्या, रामलखन, सुमेर लाल, पूरन लाल, खुशीराम आदि ने बताया कि रास्ते के निर्माण को लेकर लंबे समय से उम्मीद लगाए बैठे हैं, लेकिन दो वर्ष बीतने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। रास्ता खराब होने से बुजुर्गों, महिलाओं और दोपहिया वाहन चालकों को भी आवागमन में दिक्कत होती है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से जल्द से जल्द रास्ते का निर्माण पूरा कराने की मांग की है, ताकि गांव के लोगों और स्कूली बच्चों को राहत मिल सके।
दो साल से अधूरा पड़ा मकनपुर का मुख्य रास्ता, स्कूली बच्चों और ग्रामीणों की बढ़ी परेशानियां मकनपुर गांव का मुख्य रास्ता करीब दो वर्षों से निर्माण की बाट जोह रहा है। रास्ते की बदहाल स्थिति के चलते ग्रामीणों के साथ-साथ स्कूल जाने वाले बच्चों को भी रोजाना तमाम परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दिनों में समस्या और गंभीर हो जाती है। कीचड़ व जलभराव के कारण पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि मकनपुर का यह रास्ता गांव के आवागमन का प्रमुख मार्ग है। लंबे समय से निर्माण कार्य पूरा न होने के कारण रास्ता जगह-जगह खराब हो गया है। सबसे अधिक परेशानी स्कूल
जाने वाले बच्चों को उठानी पड़ रही है। उन्हें खराब रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे फिसलने और गिरने का खतरा बना रहता है। ग्रामीण राहुल मौर्या, रामलखन, सुमेर लाल, पूरन लाल, खुशीराम आदि ने बताया कि रास्ते के निर्माण को लेकर लंबे समय से उम्मीद लगाए बैठे हैं, लेकिन दो वर्ष बीतने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। रास्ता खराब होने से बुजुर्गों, महिलाओं और दोपहिया वाहन चालकों को भी आवागमन में दिक्कत होती है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से जल्द से जल्द रास्ते का निर्माण पूरा कराने की मांग की है, ताकि गांव के लोगों और स्कूली बच्चों को राहत मिल सके।
- रंगरेजान प्रथम में बदहाल रास्ते और चोक नालियों से बढ़ी परेशानी नई पानी टंकी के पास सड़क पर जमा गंदा पानी, स्कूली बच्चों और राहगीरों को आवागमन में हो रही दिक्कत पालिकाध्यक्ष के पास नगर की समस्याओं का समाधान कराने एवं विकास कराने की बजाए समस्याओं और विकास के मुद्दे उठाने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का बचा है काम पलियाकलां। नगर के मोहल्ला रंगरेजान प्रथम में नई पानी टंकी के पास बदहाल रास्ते और चोक नालियां मोहल्लेवासियों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई हैं। ये समस्या है तो है, ये कोई व्यक्ति विशेष का किया धरा नहीं है, बल्कि ये पालिका प्रशासन की लापरवाही है। नालियों से जलनिकासी बाधित होने के कारण घरों से निकलने वाला गंदा पानी सड़क पर जमा हो रहा है। इससे राहगीरों के साथ ही स्कूली बच्चों को भी आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। समस्या को लेकर स्थानीय लोगों में नगर पालिका प्रशासन के प्रति नाराजगी है। मोहल्लेवासियों के अनुसार नालियों की नियमित सफाई न होने और जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से पानी सड़क पर ही जमा हो जाता है। सड़क पर जलभराव के कारण पैदल निकलने वाले लोगों को परेशानी होती है, जबकि दोपहिया वाहन चालकों को भी काफी सावधानी बरतनी पड़ती है। सबसे अधिक समस्या स्कूली बच्चों को होती है, जिन्हें इसी रास्ते से होकर विद्यालय जाना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर में सड़क और नाली जैसी मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराया जाना चाहिए। उनका आरोप है कि कई स्थानों पर ऐसे कार्य कराए जा रहे हैं, जहां तत्काल आवश्यकता कम है, जबकि जलनिकासी और सड़क जैसी बुनियादी समस्याओं से जूझ रहे मोहल्लों की ओर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है। मोहल्लेवासियों ने पालिका प्रशासन से नालियों की तत्काल सफाई कराने, यदि आवश्यक हो तो नालियों का निर्माण कराने, जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त करने और बदहाल सड़क का निर्माण कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे अपनी शिकायत उच्चाधिकारियों के समक्ष रखने को मजबूर होंगे। समस्याएं उठाने पर कार्रवाई को लेकर भी चर्चा उधर नगर की समस्याओं को लेकर आवाज उठाने वाले लोगों के खिलाफ हाल में दर्ज कराए गए मुकदमों का मुद्दा भी स्थानीय स्तर पर चर्चा में है। पालिकाध्यक्ष की ओर से दो ऐसे लोगों के खिलाफ कथित रूप से भ्रामक और गलत खबर प्रसारित करने व मानहानि के आरोप में कार्रवाई कराए जाने की बात सामने आई है। जिन्होंने नगर की समस्याओं को प्रमुखता से उठाकर पालिका प्रशासन की लापरवाही को सार्वजनिक किया। वहीं इसकी निन्दा करते हुए कुछ लोगों ने कहा है कि जनहित से जुड़े मुद्दों को सामने रखना उनका दायित्व है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क, नाली, जलभराव और सफाई जैसी समस्याएं किसी व्यक्ति विशेष की बनाई हुई नहीं हैं। इन्हें संबंधित विभाग को दूर करना चाहिए। उनका कहना है कि जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के सामने समस्याएं रखने का उद्देश्य समाधान कराना होना चाहिए। न कि समस्याओं को उठाने एवं जनप्रतिनिधियों की लापरवाही को उजागर करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराना। यदि इसी तरह चलता रहा तो आने वाले समय में कोई भी व्यक्ति समस्याओं को उठाने और जनप्रतिनिधियों की लापरवाही को उजागर करने की हिम्मत ही नहीं कर पाएगा। अब देखना यह है कि रंगरेजान प्रथम में लंबे समय से चली आ रही जलभराव और बदहाल सड़क की समस्या पर नगर पालिका प्रशासन कब तक संज्ञान लेकर आवश्यक कार्रवाई करता है और नगर की समस्याओं को उठाकर पालिका प्रशासन की लापरवाही को सार्वजनिक करने वाले और कितने लोगों के खिलाफ पालिकाध्यक्ष द्वारा मुकदमा दर्ज कराया जाता है। मित्रों ये समस्या केवल रंगरेजान मोहल्ले की ही नहीं है। पलिया नगर का ऐसा कोई मोहल्ला नहीं है, जहां सड़कों की बदहाल स्थिति आपको देखने को न मिल जाए। इसके बाद भी पालिकाध्यक्ष द्वारा समस्याओं को उठाने वालों के खिलाफ लगातार मुकदमें दर्ज कराए जा रहे हैं, शिकायती प्रार्थना पत्र दिए जा जा रहे हैं।3
- मध्य प्रदेश के गुना में खराब सड़क से परेशान स्थानीय युवकों ने जब मंत्री की कार रोककर कहा कि 'समय पर सड़क नहीं बनी तो इस बार कोई वोट नहीं डालेगा', तो केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया भड़क गए। सिंधिया ने कहा कि 'ये भाषा मेरे साथ कभी प्रयोग मत करना, आप आकर निवेदन करो फिर काम कराना मेरी जिम्मेदारी है'। हालांकि, बाद में उन्होंने PWD अधिकारियों को बुलाकर ₹3 करोड़ की सड़क परियोजना की मंजूरी दी।1
- सांसद चंद्रशेखर जिस भाषा में पुलिस के अधिकारियों से बात करते हैं, उसे उनके समर्थकों के अलावा शायद ही कोई पसंद करे कई समर्थक भी शायद कहें कि यह ठीक नहीं है।1
- पीएम मोदी के जन्मदिवस पर स्वास्थ्य विभाग ने मनाया 'आशीर्वाद का दीया' कार्यक्रम* *एएनएम छात्राओं की आकर्षक रंगोली ने मोहा मन, सीएमओ बोले- समाज के अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना हमारा लक्ष्य* लखीमपुर खीरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के जन्मदिवस के अवसर पर चल रहे 'सेवा संकल्प अभियान' के अंतर्गत गुरुवार की शाम 'आशीर्वाद का दीया' कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) कार्यालय सहित एएनएम ट्रेनिंग सेंटर में सीएमओ डॉ. संतोष गुप्ता की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। मुख्य कार्यक्रम के साथ ही जनपद के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी), प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी) और अन्य स्वास्थ्य केंद्रों पर भी दीप प्रज्वलित कर यह कार्यक्रम उत्साहपूर्वक मनाया गया। प्रधानमंत्री जी के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में एएनएम ट्रेनिंग सेंटर में अध्ययनरत छात्राओं द्वारा एक बेहद आकर्षक रंगोली बनाई गई, जिसकी मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने विशेष रूप से सराहना की। इस दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संतोष गुप्ता ने उपस्थित स्वास्थ्यकर्मियों को संबोधित करते हुए कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का संपूर्ण जीवन हम सभी के लिए राष्ट्रसेवा की एक बड़ी प्रेरणा है। उनके जन्मदिवस को सेवा संकल्प अभियान के रूप में मनाना हमारे लिए गर्व की बात है। 'आशीर्वाद का दीया' कार्यक्रम केवल एक आयोजन नहीं है, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने की हमारी अटूट प्रतिबद्धता का प्रतीक है। आज हम सभी स्वास्थ्यकर्मी यह संकल्प लेते हैं कि मरीजों की सेवा में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ेंगे। हम अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी, करुणा और समर्पण के साथ करेंगे, ताकि हर जरूरतमंद नागरिक को समय पर गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सके।" कार्यक्रम के सफल आयोजन में विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस दौरान एसीएमओ डॉ. रवि मोहन गुप्ता, डिप्टी सीएमओ डॉ. प्रमोद वर्मा और डॉ. अमितेश द्विवेदी सहित स्वास्थ्य विभाग के कई अधिकारी व कर्मचारी मुख्य रूप से मौजूद रहे।4
- "एक हजार मोदी पैदा होंगे तो भी अंबेडकर साहब की जूती के नोंक के बराबर नहीं हैं" UGC के खिलाफ बिजनौर, यूपी में आयोजित धरने में शेर सिंह राणा ने यह बात कही !! शेर सिंह राणा, फूलन देवी हत्याकांड में उम्रकैद की सजा पाए हुए है और साल 2016 से जमानत पर चल रहा है।1
- पुराने विवाद में घर पर धावा, फायरिंग का आरोप; दो युवक पकड़े। थाना क्षेत्र के खैरीगढ़ गांव में पुराने आपसी विवाद को लेकर कुछ युवकों द्वारा एक घर पर धावा बोलने का मामला सामने आया है। गृहस्वामी हरजीत सिंह ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने घर पर पहुंचकर उनके ऊपर फायरिंग की। घटना से परिवार में दहशत फैल गई। हरजीत सिंह के मुताबिक, हमलावरों के घर में घुसने के दौरान परिजनों ने हिम्मत दिखाते हुए दो युवकों को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से एक देशी तमंचा मिलने की बात कही गई है। सूचना पर थाना प्रभारी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और पकड़े गए युवकों को हिरासत में ले लिया।1
- TMC के 17 बागी सांसद दुर्गा पूजा से पहले बीजेपी में शामिल हो सकते हैं ब्रेकिंग न्यूज़ टीएमसी के 17 22 सांसद दुर्गा पूजा से शामिल पहले बीजेपी हो1
- मध्य प्रदेश के गुना में खराब सड़क से परेशान स्थानीय युवकों ने जब मंत्री की कार रोककर कहा कि 'समय पर सड़क नहीं बनी तो इस बार कोई वोट नहीं डालेगा', तो केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया भड़क गए। सिंधिया ने कहा कि 'ये भाषा मेरे साथ कभी प्रयोग मत करना, आप आकर निवेदन करो फिर काम कराना मेरी जिम्मेदारी है'। हालांकि, बाद में उन्होंने PWD अधिकारियों को बुलाकर ₹3 करोड़ की सड़क परियोजना की मंजूरी दी।1