सोनिया विहार थाना क्षेत्र के जी-ब्लॉक सोम बाजार इलाके में एक महिला को उसके वैवाहिक घर से कथित तौर पर देर रात बाहर निकाल दिया गया, जबकि उसका सामान घर से बाहर फेंक दिया गया। महिला के अनुसार, उसकी शादी ग्यारह वर्ष पूर्व राकेश झा पुत्र उदय चंद झा से हुई थी, और उनके एक लड़का-लड़की हैं। उसके पति ने अदालत में तलाक का मुकदमा दायर किया हुआ था। आठ तारीख की रात लगभग साढ़े ग्यारह बजे एक वकील अचानक घर आया और कागज दिखाने को कहा। इसी दौरान उसके ससुर ने घर में घुसकर दरवाजा बंद कर दिया और ऊपर पहुंचकर बहू का सामान नीचे फेंकना शुरू कर दिया। महिला ने बताया कि उसने पूरे दिन कई बार पुलिस को कॉल की, और पुलिस चार-पांच बार मौके पर आई भी, लेकिन उन्होंने उसकी बात नहीं सुनी और न ही रात बारह बजे उसके सामान को बाहर फेंकने वाले व्यक्ति को रोका। इस घटना के दौरान आसपास के लोग इकट्ठा हो गए और महिला का सामान घर से निकाले जाने का विरोध करने लगे। महिला ने साफ तौर पर कहा कि उसका तलाक अभी नहीं हुआ है, इसलिए वह घर छोड़कर नहीं जाएगी। ऐसे में सवाल उठता है कि पति से अनबन या तलाक का मुकदमा चलने और यहां तक कि कोर्ट का कोई आदेश होने के बावजूद, आधी रात को पुलिस की मौजूदगी में एक महिला का सामान घर से बाहर फेंकना और उसे घर से निकालना कहां तक उचित है।
सोनिया विहार थाना क्षेत्र के जी-ब्लॉक सोम बाजार इलाके में एक महिला को उसके वैवाहिक घर से कथित तौर पर देर रात बाहर निकाल दिया गया, जबकि उसका सामान घर से बाहर फेंक दिया गया। महिला के अनुसार, उसकी शादी ग्यारह वर्ष पूर्व राकेश झा पुत्र उदय चंद झा से हुई थी, और उनके एक लड़का-लड़की हैं। उसके पति ने अदालत में तलाक का मुकदमा दायर किया हुआ था। आठ तारीख की रात लगभग साढ़े ग्यारह बजे एक वकील अचानक घर आया और कागज दिखाने को कहा। इसी दौरान उसके ससुर ने घर में घुसकर दरवाजा बंद कर दिया और ऊपर पहुंचकर बहू का सामान नीचे फेंकना शुरू कर दिया। महिला ने बताया कि उसने पूरे दिन कई बार पुलिस को कॉल की, और पुलिस चार-पांच बार मौके पर आई भी, लेकिन उन्होंने उसकी बात नहीं सुनी और न ही रात बारह बजे उसके सामान को बाहर फेंकने वाले व्यक्ति को रोका। इस घटना के दौरान आसपास के लोग इकट्ठा हो गए और महिला का सामान घर से निकाले जाने का विरोध करने लगे। महिला ने साफ तौर पर कहा कि उसका तलाक अभी नहीं हुआ है, इसलिए वह घर छोड़कर नहीं जाएगी। ऐसे में सवाल उठता है कि पति से अनबन या तलाक का मुकदमा चलने और यहां तक कि कोर्ट का कोई आदेश होने के बावजूद, आधी रात को पुलिस की मौजूदगी में एक महिला का सामान घर से बाहर फेंकना और उसे घर से निकालना कहां तक उचित है।
- माननीय सांसद एस. बलवंत जी के जनपद आगमन पर उनसे आत्मीय भेंट करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। इस मुलाकात के दौरान, विभिन्न प्रकार के उत्कृष्ट व्यंजनों के साथ उनका स्नेहपूर्ण आतिथ्य किया गया। इस अवसर पर माननीय सांसद जी के पति डॉ. अवदेश बिन्द जी द्वारा भी आतिथ्य का अवसर प्राप्त हुआ। इस दौरान सामाजिक, जनहित से संबंधित एवं विभिन्न समसामयिक विषयों पर सार्थक चर्चा की गई। भेंट के समय मेरे साथ मित्र मंजीत, राहुल, मोनू तथा अधिवक्ता अरविंद शास्त्री जी भी उपस्थित रहे। सभी के आत्मीय स्नेह, सम्मान एवं सहयोग के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया गया।2
- सोनिया विहार थाना क्षेत्र के जी-ब्लॉक सोम बाजार इलाके में एक महिला को उसके वैवाहिक घर से कथित तौर पर देर रात बाहर निकाल दिया गया, जबकि उसका सामान घर से बाहर फेंक दिया गया। महिला के अनुसार, उसकी शादी ग्यारह वर्ष पूर्व राकेश झा पुत्र उदय चंद झा से हुई थी, और उनके एक लड़का-लड़की हैं। उसके पति ने अदालत में तलाक का मुकदमा दायर किया हुआ था। आठ तारीख की रात लगभग साढ़े ग्यारह बजे एक वकील अचानक घर आया और कागज दिखाने को कहा। इसी दौरान उसके ससुर ने घर में घुसकर दरवाजा बंद कर दिया और ऊपर पहुंचकर बहू का सामान नीचे फेंकना शुरू कर दिया। महिला ने बताया कि उसने पूरे दिन कई बार पुलिस को कॉल की, और पुलिस चार-पांच बार मौके पर आई भी, लेकिन उन्होंने उसकी बात नहीं सुनी और न ही रात बारह बजे उसके सामान को बाहर फेंकने वाले व्यक्ति को रोका। इस घटना के दौरान आसपास के लोग इकट्ठा हो गए और महिला का सामान घर से निकाले जाने का विरोध करने लगे। महिला ने साफ तौर पर कहा कि उसका तलाक अभी नहीं हुआ है, इसलिए वह घर छोड़कर नहीं जाएगी। ऐसे में सवाल उठता है कि पति से अनबन या तलाक का मुकदमा चलने और यहां तक कि कोर्ट का कोई आदेश होने के बावजूद, आधी रात को पुलिस की मौजूदगी में एक महिला का सामान घर से बाहर फेंकना और उसे घर से निकालना कहां तक उचित है।1
- गाजियाबाद के लोनी स्थित जवाहर नगर के सी 112 ईस्ट इलाके की गलियों में लगातार पानी भरा रहता है, जिससे स्थानीय लोगों को निकलने में भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। यह समस्या मुख्य रूप से आगे नाले पर पुलिया न होने के कारण उत्पन्न हुई है, जिसके चलते पानी की उचित निकासी नहीं हो पाती। बताया गया है कि यह क्षेत्र स्थानीय सभासद रूपेंद्र चौधरी के अंतर्गत आता है, फिर भी गलियों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है।2
- युवा जिला अध्यक्ष ठाकुर शैलेंद्र आर्य और जिला प्रभारी धर्मवीर उर्फ गुड्डू प्रधान की उपस्थिति में बीबी नगर के बिजली स्टाफ के खिलाफ एक विरोध प्रदर्शन किया गया।1
- दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के सतत मार्गदर्शन की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इन प्रयासों के कारण दिल्ली आज हरित विकास और स्वच्छ परिवहन दोनों दिशाओं में नई गति से आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्लीवासियों की ओर से प्रधानमंत्री और गृह मंत्री का 70 लाख पौधारोपण अभियान की शुरुआत और 300 नई इलेक्ट्रिक बसों की सौगात देने के लिए विशेष आभार व्यक्त किया।1
- केपी टेलर से संबंधित एक हाई-डेफिनिशन (एचडी) वीडियो रिकॉर्डिंग का उल्लेख किया गया है। यह जानकारी एचडी वीडियो रिकॉर्डिंग के विषय को प्रमुखता से दर्शाती है।4
- हाथरस जिले में हुए जलभराव ने स्थानीय लोगों के जनजीवन को पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है। बारिश का पानी लोगों के घरों तक पहुँच गया है, जिससे जनजीवन में भारी परेशानी और अव्यवस्था का माहौल है।1
- राजधानी दिल्ली से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ रोहिणी सेक्टर 16 में एक चार मंजिला इमारत ताश के पत्तों की तरह ढह गई। इस घटना में कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। सूचना मिलते ही पुलिस, NDRF और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुँच गईं और बचाव कार्य में जुट गई हैं।1