उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के रेवतीपुर निवासी राकेश कुमार रावत ने जिलाधिकारी महोदय को क्षेत्र में गंभीर विद्युत समस्या और संबंधित जूनियर इंजीनियर (जेई) की लापरवाही के संबंध में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में बताया गया है कि ग्राम रेवतीपुर, थाना रेवतीपुर, तहसील रेवतीपुर में लंबे समय से बिजली संबंधी गंभीर समस्याएँ बनी हुई हैं। पत्र के अनुसार, क्षेत्र में लगा 25 KVA का ट्रांसफार्मर कम क्षमता का होने के कारण बार-बार खराब हो जाता है, जिससे बिजली आपूर्ति बाधित रहती है। इसके अतिरिक्त, लो वोल्टेज और लगातार बिजली कटौती के कारण आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शिकायतकर्ता ने बताया है कि इस समस्या के संबंध में क्षेत्रीय जेई को कई बार सूचित किया गया, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया, जिसके कारण ग्रामीणों में अधिकारियों की लापरवाही के प्रति भारी आक्रोश है। राकेश कुमार रावत ने जिलाधिकारी से विनम्र निवेदन किया है कि मामले की जांच कर संबंधित अधिकारी/जेई के विरुद्ध उचित कार्यवाही की जाए और क्षेत्र में विद्युत समस्या का शीघ्र समाधान कराया जाए। साथ ही, उन्होंने 25 KVA ट्रांसफार्मर के स्थान पर 63 KVA का ट्रांसफार्मर लगाने की भी मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्याएँ उत्पन्न न हों।
उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के रेवतीपुर निवासी राकेश कुमार रावत ने जिलाधिकारी महोदय को क्षेत्र में गंभीर विद्युत समस्या और संबंधित जूनियर इंजीनियर (जेई) की लापरवाही के संबंध में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में बताया गया है कि ग्राम रेवतीपुर, थाना रेवतीपुर, तहसील रेवतीपुर में लंबे समय से बिजली संबंधी गंभीर समस्याएँ बनी हुई हैं। पत्र के अनुसार, क्षेत्र में लगा 25 KVA का ट्रांसफार्मर कम क्षमता का होने के कारण बार-बार खराब हो जाता है, जिससे बिजली आपूर्ति बाधित रहती है। इसके अतिरिक्त, लो वोल्टेज और लगातार बिजली कटौती के कारण आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शिकायतकर्ता ने बताया है कि इस समस्या के संबंध में क्षेत्रीय जेई को कई बार सूचित किया गया, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया, जिसके कारण ग्रामीणों में अधिकारियों की लापरवाही के प्रति भारी आक्रोश है। राकेश कुमार रावत ने जिलाधिकारी से विनम्र निवेदन किया है कि मामले की जांच कर संबंधित अधिकारी/जेई के विरुद्ध उचित कार्यवाही की जाए और क्षेत्र में विद्युत समस्या का शीघ्र समाधान कराया जाए। साथ ही, उन्होंने 25 KVA ट्रांसफार्मर के स्थान पर 63 KVA का ट्रांसफार्मर लगाने की भी मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्याएँ उत्पन्न न हों।
- यह सवाल उठाया गया है कि रेलवे के टिकट चेकिंग स्टाफ (TTE) को किसी छात्र के साथ अपराधी जैसा व्यवहार करने का अधिकार किसने दिया है। पोस्ट में इस तरह के बर्ताव पर सवाल खड़े करते हुए पूछा गया है कि TTE को ऐसा करने का अधिकार आखिर किसने प्रदान किया है।1
- गाजीपुर जनपद के जमानिया थाना पुलिस ने अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत एक वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी 29 मई 2026 को मुखबिर की सूचना पर गंगा पुल तिराहा से हुई। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त का नाम इमरान शाह है, जो जहांगीर का पुत्र और मुहल्ला बुद्धीपुर कोट, कस्बा जमानिया, थाना जमानिया का निवासी है। उसकी उम्र लगभग 30 वर्ष बताई गई है। इमरान शाह मुकदमा अपराध संख्या 165/2026, धारा 85 एवं 103(1) भारतीय न्याय संहिता के तहत लंबे समय से वांछित था। गिरफ्तारी के बाद, उसके विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है, और पुलिस टीम द्वारा आगे की जांच तथा पूछताछ जारी है।1
- Post by Chandan kumar gupta1
- कैमूर की पहाड़ियों में रहने वाले आदिवासी समाज को आज भी पानी जैसी मूलभूत सुविधा के लिए गंभीर संघर्ष करना पड़ रहा है। इस क्षेत्र में पानी का इतना भीषण संकट है कि महिलाएं और बच्चे मीलों दूर से पीने का पानी लाने को विवश हैं, जो उनकी दैनिक दिनचर्या का एक कठिन हिस्सा बन चुका है। इस विकट स्थिति के बावजूद, सरकार और प्रशासन की ओर से अब तक इस समस्या के समाधान के लिए कोई ठोस या बड़ा कदम नहीं उठाया गया है। यह वीडियो कैमूर के पहाड़ी इलाकों की वास्तविक और अनदेखी स्थिति को दर्शाता है, जिसकी ओर मीडिया और नेता कथित तौर पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। जैसा कि स्थानीय लोगों द्वारा व्यक्त किया गया है, "नेता आते हैं… लेकिन पानी नहीं!", जो पानी जैसी बुनियादी आवश्यकता के लिए आदिवासी समाज की निरंतर मजबूरी को रेखांकित करता है। इस आवाज को सरकार तक पहुँचाने और इस गंभीर समस्या पर ध्यान आकर्षित करने के लिए वीडियो को अधिक से अधिक साझा करने की अपील की गई है।1
- कैमूर जिला परिषद की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी को लेकर विवाद गहरा गया है। जिला परिषद सदस्य भाग संख्या-3 और पूर्व विधानसभा प्रत्याशी विकास सिंह उर्फ लल्लू पटेल ने जिला परिषद अध्यक्ष रिंकी सिंह को 2 करोड़ रुपये की मानहानि का कानूनी नोटिस भेजा है। यह नोटिस सिविल कोर्ट भभुआ के वरीय अधिवक्ता कौशल पति पाण्डेय के माध्यम से भेजा गया है। इसमें आरोप लगाया गया है कि 26 मई 2026 को जिला परिषद कार्यालय भभुआ में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान अध्यक्ष रिंकी सिंह ने विकास सिंह के संबंध में आपत्तिजनक और मानहानिकारक टिप्पणियां की थीं। नोटिस में कहा गया है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिए गए इन कथित बयानों से विकास सिंह की सामाजिक और राजनीतिक छवि को नुकसान पहुँचाने का प्रयास किया गया है। विकास सिंह एक निर्वाचित जनप्रतिनिधि हैं और उनकी सामाजिक पहचान कैमूर सहित बिहार के विभिन्न क्षेत्रों में स्थापित है, ऐसे में सार्वजनिक मंच से दिए गए कथित बयान से उनकी मान-प्रतिष्ठा को ठेस पहुँची है। अधिवक्ता द्वारा भेजे गए इस नोटिस में जिला परिषद अध्यक्ष रिंकी सिंह से एक सप्ताह के भीतर अपना पक्ष स्पष्ट करते हुए जवाब देने की मांग की गई है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि निर्धारित अवधि में संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर उनके विरुद्ध सिविल एवं आपराधिक मानहानि का मुकदमा दायर किया जाएगा। नोटिस में 2 करोड़ रुपये की क्षतिपूर्ति की भी मांग की गई है। इस कानूनी नोटिस के बाद जिला परिषद की राजनीति में नई बहस छिड़ गई है और मामले को लेकर चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। हालांकि, समाचार लिखे जाने तक जिला परिषद अध्यक्ष रिंकी सिंह की ओर से इस नोटिस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।4
- बिहार के कैमूर जिले के बेलांव थाना क्षेत्र में एक युवक के साथ बेरहमी से मारपीट का सनसनीखेज मामला सामने आया है। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने इलाके में तनाव और विवाद को और बढ़ा दिया है। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि चार-पांच लोग मिलकर एक अकेले युवक को बुरी तरह से पीट रहे हैं। यह घटना बेलांव थाना क्षेत्र के खरेंदा गांव की बताई गई है। पीड़ित युवक की पहचान खरेंदा निवासी चंदन कुमार गुप्ता के रूप में हुई है, जिन्होंने बेलांव थाने में लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है। आवेदन में चंदन कुमार ने आरोप लगाया है कि जब वह अपने किसी काम से बेलांव पुल की तरफ जा रहे थे, तभी रास्ते में घात लगाए बैठे रामाश्रय सिंह, इंद्रजीत सिंह, मीनू कुमार और उनके कुछ अन्य साथियों ने उन्हें जबरन रोक लिया। आरोपियों ने पहले उनके साथ गाली-गलौज की और जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो लाठी-डंडों से उन पर जानलेवा हमला कर दिया। इस बर्बर मारपीट के कारण पीड़ित के सिर, होंठ और शरीर के कई अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। पीड़ित चंदन कुमार गुप्ता ने बताया कि इस मारपीट के पीछे अतिक्रमण को लेकर चल रहा पुराना विवाद है, और आरोपियों ने इसी रंजिश के तहत उन पर हमला किया। इस पूरे मामले पर बेलांव थाना पुलिस का कहना है कि उन्हें पीड़ित की ओर से लिखित आवेदन प्राप्त हो चुका है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है और वायरल वीडियो तथा आवेदन के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पीड़ित ने नामजद आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।4
- एक व्यक्ति ने जानकारी दी है कि वह गंजा हो गया है और अब क्या करना है, इसे लेकर उलझन में है। इसी बीच, उस व्यक्ति ने देखा कि एक छोटा बच्चा अपने बालों के लिए रो रहा है, जिस पर उसने अपनी भावनाओं को हँसी और दुख के मिश्रण के साथ व्यक्त किया है।1
- बक्सर के डुमराव में इन दिनों चोरों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे स्थानीय लोग दहशत में हैं। हाल ही में हुई एक घटना ने इस भय को और गहरा कर दिया है, जब चोरों ने एक छोटे बच्चे को निशाना बनाया। इस वारदात में, चोरों ने एक छोटे बच्चे के गले से उसका लौकिट काट कर छीन लिया और उसे पास की एक नाली में फेंक दिया। पूछने पर चोरों ने स्वयं बताया कि उन्होंने लौकिट नाली में डाल दिया है, लेकिन काफी तलाश के बावजूद वह नहीं मिल पाया। इस हृदय विदारक घटना के बाद बच्चे के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। इलाके में लगातार बढ़ रही चोरी की वारदातों के मद्देनजर लोगों से ऐसे चोरों से सावधान रहने की अपील की जा रही है, क्योंकि डुमराव में चोरों का खौफ दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है।1