दिनांक 23/24.05.2026 की रात को एक अभियुक्त ने सुरेंद्र शर्मा, उनकी पत्नी संजू देवी और उनकी दो पुत्रियों पर सोते समय धारदार हथियार से हमला कर दिया, जिससे ये सभी घायल हो गए। उपचार के दौरान संजू देवी की मृत्यु हो गई थी। इस मामले में थाना फेस-1 पुलिस ने अभियोग पंजीकृत किया और अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया, साथ ही अभियुक्त की गिरफ्तारी पर ₹25,000 का इनाम भी घोषित किया गया था। आज दिनांक 25.05.2026 को उक्त घटना को अंजाम देने वाले अभियुक्त हरनाम सिंह को, जो ग्राम मगरासा, थाना भूता, बरेली का निवासी है और वर्तमान में हरौला, थाना फेस-1, गौतमबुद्धनगर में रहता है, पुलिस मुठभेड़ के दौरान सेक्टर-14 गंदे नाली की पटरी से गिरफ्तार किया गया। पुलिस और बदमाश के बीच हुई इस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किए गए अभियुक्त हरनाम सिंह के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किया गया एक छुरा, एक तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा .315 बोर कारतूस और एक चोरी की स्कूटी बरामद हुई है। घायल अभियुक्त हरनाम सिंह को उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया गया है।
दिनांक 23/24.05.2026 की रात को एक अभियुक्त ने सुरेंद्र शर्मा, उनकी पत्नी संजू देवी और उनकी दो पुत्रियों पर सोते समय धारदार हथियार से हमला कर दिया, जिससे ये सभी घायल हो गए। उपचार के दौरान संजू देवी की मृत्यु हो गई थी। इस मामले में थाना फेस-1 पुलिस ने अभियोग पंजीकृत किया और अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया, साथ ही अभियुक्त की गिरफ्तारी पर ₹25,000 का इनाम भी घोषित किया गया था। आज दिनांक 25.05.2026 को उक्त घटना को अंजाम देने वाले अभियुक्त हरनाम सिंह को, जो ग्राम मगरासा, थाना भूता, बरेली का निवासी है और वर्तमान में हरौला, थाना फेस-1, गौतमबुद्धनगर में रहता है, पुलिस मुठभेड़ के दौरान सेक्टर-14 गंदे नाली की पटरी से गिरफ्तार किया गया। पुलिस और बदमाश के बीच हुई इस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किए गए अभियुक्त हरनाम सिंह के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किया गया एक छुरा, एक तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा .315 बोर कारतूस और एक चोरी की स्कूटी बरामद हुई है। घायल अभियुक्त हरनाम सिंह को उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया गया है।
- दिनांक 23/24.05.2026 की रात को एक अभियुक्त ने सुरेंद्र शर्मा, उनकी पत्नी संजू देवी और उनकी दो पुत्रियों पर सोते समय धारदार हथियार से हमला कर दिया, जिससे ये सभी घायल हो गए। उपचार के दौरान संजू देवी की मृत्यु हो गई थी। इस मामले में थाना फेस-1 पुलिस ने अभियोग पंजीकृत किया और अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया, साथ ही अभियुक्त की गिरफ्तारी पर ₹25,000 का इनाम भी घोषित किया गया था। आज दिनांक 25.05.2026 को उक्त घटना को अंजाम देने वाले अभियुक्त हरनाम सिंह को, जो ग्राम मगरासा, थाना भूता, बरेली का निवासी है और वर्तमान में हरौला, थाना फेस-1, गौतमबुद्धनगर में रहता है, पुलिस मुठभेड़ के दौरान सेक्टर-14 गंदे नाली की पटरी से गिरफ्तार किया गया। पुलिस और बदमाश के बीच हुई इस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किए गए अभियुक्त हरनाम सिंह के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किया गया एक छुरा, एक तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा .315 बोर कारतूस और एक चोरी की स्कूटी बरामद हुई है। घायल अभियुक्त हरनाम सिंह को उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया गया है।1
- बीजेपी के वरिष्ठ कार्यकर्ता रियाज अहमद ने ईद उल अजहा के मुबारक मौके पर पूरे देश के नागरिकों को अपनी ओर से हार्दिक शुभकामनाएं प्रेषित की हैं।1
- केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने देश में मौजूदा ईंधन संकट को लेकर अपनी बात रखी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पश्चिम एशिया संकट, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ संकट, रूस-यूक्रेन युद्ध संकट, और ईरान-इज़राइल-अमेरिका युद्ध संकट जैसी विभिन्न भू-राजनीतिक उथल-पुथल के कारण वैश्विक सप्लाई चेन बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिसका असर ईंधन की आपूर्ति पर पड़ रहा है।1
- देश में बकरीद का त्योहार जैसे-जैसे करीब आ रहा है, बकरा बाजारों में रौनक भी लगातार बढ़ती जा रही है। हालांकि, इस बार ग्राहकों को बकरे महंगे मिल रहे हैं। जाफराबाद बकरा मार्केट में भी बकरों की कीमतें बढ़ी हुई देखी जा रही हैं।1
- दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल टीम ने कपिल सांगवान उर्फ नंदू गैंग के तीन शार्प शूटरों के साथ दो अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, इन आरोपियों ने फायरिंग की थी, जिसके सिलसिले में चल रही कार्रवाई के दौरान पहले तीन आरोपियों को पकड़ा गया। इसके बाद दो और आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया, जिसके साथ ही कुल पाँच आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है।1
- लोनी के विधायक ने साफ तौर पर कहा है कि उनके विधानसभा क्षेत्र लोनी में मांस की एक भी दुकान नहीं खुलनी चाहिए।1
- दादरी थाना क्षेत्र में दिनांक 20/21.05.2026 की रात एक पुलिसकर्मी के साथ लूट की वारदात हुई थी। जानकारी के अनुसार, अभियुक्त ने सादे कपड़ों में अपने घर जा रहे पुलिसकर्मी को सवारी ले जाने के बहाने अपनी कार में बैठाया। इसके बाद, अभियुक्त ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर पुलिसकर्मी से लूट की घटना को अंजाम दिया। घटना की सूचना मिलने के बाद, दादरी थाना पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर लिया और अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया। पुलिस लगातार अभियुक्तों को पकड़ने के प्रयास कर रही थी, जिसके चलते थाना दादरी पुलिस और एक बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। इस मुठभेड़ में बदमाश घायल हो गया।1
- सईद एहसान अख्तर ने ईद उल अजहा के पावन अवसर पर समस्त देशवासियों को अपनी ओर से हार्दिक शुभकामनाएं और मुबारकबाद प्रेषित की हैं।1
- तृणमूल कांग्रेस पार्टी के नेता और ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के कोलकाता स्थित आवास पर सोमवार को कोलकाता पुलिस पहुंची। यह कार्रवाई कथित तौर पर कोलकाता नगर निगम द्वारा अवैध निर्माण को लेकर जारी किए गए एक नोटिस के बाद हुई है, जिसकी सात दिनों की समयसीमा आज समाप्त हो गई थी। पुलिस बल भारी संख्या में उनके 188ए हरीश मुखर्जी रोड स्थित आवास पर तैनात दिखा, हालांकि पुलिस के पहुंचने का आधिकारिक कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। सूत्रों के अनुसार, अभिषेक नोटिस का समय पर जवाब नहीं दे पाए थे, जिस वजह से पुलिस उनके आवास पर पहुंची थी। यह नोटिस अभिषेक बनर्जी के घर के कई हिस्सों में हुए कथित अवैध निर्माण से जुड़ा बताया जा रहा है। नगर निगम ने शांतिनिकेतन के अलावा अभिषेक बनर्जी के माता-पिता से जुड़ी संपत्तियों और उनकी कंपनी लीपस एंड बाउंस को भी नोटिस जारी किए हैं। पुलिस की टीम लगभग एक घंटे तक अभिषेक के आवास पर रहने के बाद शाम करीब पांच बजे लौट गई। इस मामले पर अभिषेक बनर्जी या टीएमसी की ओर से कोई बयान जारी नहीं किया गया है। इससे पहले, राज्य की शुभेंदु सरकार ने अभिषेक बनर्जी की जेड प्लस सुरक्षा वापस ले ली थी, और उनके कालीघाट स्थित आवास व कैमैक स्ट्रीट पर उनके ऑफिस कैंपस के बाहर तैनात पुलिस बल को भी हटा लिया गया था। साथ ही, बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान कथित भड़काऊ भाषण देने के मामले में बिधाननगर साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में अभिषेक बनर्जी के खिलाफ एक एफआईआर भी दर्ज की गई थी। सामाजिक कार्यकर्ता राजीव सरकार की शिकायत पर दर्ज इस एफआईआर में आरोप लगाया गया था कि अभिषेक बनर्जी ने 27 अप्रैल से 3 मई के बीच कई चुनावी कार्यक्रमों में भड़काऊ बयान दिए, जिससे दुश्मनी को बढ़ावा मिला, सार्वजनिक शांति भंग हुई और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को सीधे तौर पर धमकियां भी दी गईं।1