विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में, जिला गंगा समिति नमामि गंगे और वन विभाग, मधुबनी के संयुक्त तत्वावधान में मधुबनी के गुड्डीगाछी, अम्बेडकर नगर में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं के लिए "पर्यावरण एवं जल संरक्षण में आपकी भूमिका" विषय पर चित्रकला और निबंध लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ मुख्य अतिथि जिला परिषद अध्यक्ष बिन्दु गुलाब यादव, विशिष्ट अतिथि जिला जनसंपर्क पदाधिकारी परिमल कुमार, वनों के क्षेत्र पदाधिकारी संजय कुमार और डीपीओ नमामि गंगे आनंद अंकित द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर जिला परिषद अध्यक्ष बिन्दु गुलाब यादव ने पर्यावरण संरक्षण को प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व बताया और बच्चों में जागरूकता विकसित करने को भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम कहा। जिला जनसंपर्क पदाधिकारी परिमल कुमार ने पर्यावरण एवं जल संरक्षण से जुड़े जनजागरूकता कार्यक्रमों को समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रभावी माध्यम बताते हुए इसे जन आंदोलन बनाने का आह्वान किया। वनों के क्षेत्र पदाधिकारी संजय कुमार ने पृथ्वी को हरा-भरा रखने के लिए वृक्षारोपण के साथ-साथ पौधों के संरक्षण को भी आवश्यक बताया, जबकि डीपीओ नमामि गंगे आनंद अंकित ने जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण को पूरक बताते हुए बच्चों और युवाओं की भागीदारी से स्वच्छ एवं सुरक्षित पर्यावरण का लक्ष्य प्राप्त करने पर ज़ोर दिया। उन्होंने सभी प्रतिभागियों से अपने दैनिक जीवन में पर्यावरण संरक्षण से जुड़े व्यवहार अपनाने का आग्रह भी किया। प्रतियोगिताओं के परिणामों में, निबंध लेखन में हरेकृष्ण कुमार ने प्रथम, अजयप्रकाश कुमार ने द्वितीय, सचिदानंद ने तृतीय और तुलसी कुमारी ने चतुर्थ स्थान प्राप्त किया। वहीं, चित्रकला प्रतियोगिता में अनुज कुमार प्रथम, विशाल कुमार द्वितीय, मुस्कान कुमारी तृतीय और मैरी प्रिंस कला चतुर्थ स्थान पर रहीं। सभी सफल प्रतिभागियों को ट्रॉफी, मेडल एवं प्रमाण-पत्र से सम्मानित किया गया, जबकि सभी भाग लेने वाले छात्र-छात्राओं को सहभागिता प्रमाण-पत्र देकर प्रोत्साहित किया गया। इसी क्रम में, पर्यावरण एवं जल संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले मंटू कुमार, पवन कुमार सिंह, अमित कुमार चौधरी, ललित कुमार और सन्नी कुमार को 'पर्यावरण मित्र सम्मान' से नवाजा गया। इस पूरे कार्यक्रम का संचालन पवन कुमार सिंह द्वारा किया गया, जिसमें परिसर पदाधिकारी अनूप कुमार, वनरक्षी विवेक कुमार, मनीष रंजन दस, कुणाल कुमार और दीपक कुमार सहित कई अन्य ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विश्व पर्यावरण दिवस का यह आयोजन जल और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता का उत्सव बन गया, जहां छात्रों की रचनात्मक प्रतिभा और पर्यावरण प्रेमी दोनों को सम्मानित किया गया और चित्रकला व निबंध प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों ने पर्यावरण के प्रति अपनी संवेदनशीलता प्रदर्शित की।
विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में, जिला गंगा समिति नमामि गंगे और वन विभाग, मधुबनी के संयुक्त तत्वावधान में मधुबनी के गुड्डीगाछी, अम्बेडकर नगर में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं के लिए "पर्यावरण एवं जल संरक्षण में आपकी भूमिका" विषय पर चित्रकला और निबंध लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ मुख्य अतिथि जिला परिषद अध्यक्ष बिन्दु गुलाब यादव, विशिष्ट अतिथि जिला जनसंपर्क पदाधिकारी परिमल कुमार, वनों के क्षेत्र पदाधिकारी संजय कुमार और डीपीओ नमामि गंगे आनंद अंकित द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर जिला परिषद अध्यक्ष बिन्दु
गुलाब यादव ने पर्यावरण संरक्षण को प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व बताया और बच्चों में जागरूकता विकसित करने को भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम कहा। जिला जनसंपर्क पदाधिकारी परिमल कुमार ने पर्यावरण एवं जल संरक्षण से जुड़े जनजागरूकता कार्यक्रमों को समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रभावी माध्यम बताते हुए इसे जन आंदोलन बनाने का आह्वान किया। वनों के क्षेत्र पदाधिकारी संजय कुमार ने पृथ्वी को हरा-भरा रखने के लिए वृक्षारोपण के साथ-साथ पौधों के संरक्षण को भी आवश्यक बताया, जबकि डीपीओ नमामि गंगे आनंद अंकित ने जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण को पूरक बताते हुए बच्चों और युवाओं की भागीदारी से स्वच्छ एवं सुरक्षित पर्यावरण
का लक्ष्य प्राप्त करने पर ज़ोर दिया। उन्होंने सभी प्रतिभागियों से अपने दैनिक जीवन में पर्यावरण संरक्षण से जुड़े व्यवहार अपनाने का आग्रह भी किया। प्रतियोगिताओं के परिणामों में, निबंध लेखन में हरेकृष्ण कुमार ने प्रथम, अजयप्रकाश कुमार ने द्वितीय, सचिदानंद ने तृतीय और तुलसी कुमारी ने चतुर्थ स्थान प्राप्त किया। वहीं, चित्रकला प्रतियोगिता में अनुज कुमार प्रथम, विशाल कुमार द्वितीय, मुस्कान कुमारी तृतीय और मैरी प्रिंस कला चतुर्थ स्थान पर रहीं। सभी सफल प्रतिभागियों को ट्रॉफी, मेडल एवं प्रमाण-पत्र से सम्मानित किया गया, जबकि सभी भाग लेने वाले छात्र-छात्राओं को सहभागिता प्रमाण-पत्र देकर प्रोत्साहित किया गया। इसी क्रम में, पर्यावरण एवं जल संरक्षण के क्षेत्र
में उल्लेखनीय योगदान देने वाले मंटू कुमार, पवन कुमार सिंह, अमित कुमार चौधरी, ललित कुमार और सन्नी कुमार को 'पर्यावरण मित्र सम्मान' से नवाजा गया। इस पूरे कार्यक्रम का संचालन पवन कुमार सिंह द्वारा किया गया, जिसमें परिसर पदाधिकारी अनूप कुमार, वनरक्षी विवेक कुमार, मनीष रंजन दस, कुणाल कुमार और दीपक कुमार सहित कई अन्य ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विश्व पर्यावरण दिवस का यह आयोजन जल और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता का उत्सव बन गया, जहां छात्रों की रचनात्मक प्रतिभा और पर्यावरण प्रेमी दोनों को सम्मानित किया गया और चित्रकला व निबंध प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों ने पर्यावरण के प्रति अपनी संवेदनशीलता प्रदर्शित की।
- मधुबनी, बिहार में पंकज झा शास्त्री जन्मकुंडली बनवाने की सेवा प्रदान करते हैं। वे विशेष रूप से विवाह टूटने के कारण अधिकतर परिवारों को हो रही समस्याओं के समाधान हेतु सेवाएं उपलब्ध कराते हैं। इस सेवा के लिए 9576281913 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- मधुबनी विधायक श्री माधव आनंद ने दावा किया है कि उनके द्वारा किए गए कार्यों का फल मीठा होता है और जब लोगों को विकास समझ में आने लगेगा, तब वे यह समझेंगे कि ये कार्य विधायक के द्वारा ही किए गए हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि अभी भले ही लोगों को उनके विकास कार्य समझ में न आ रहे हों, लेकिन जब विकास प्रारंभ होगा तो उन्हें इसकी अहमियत पता चलेगी। विधायक आनंद ने अपने द्वारा किए गए कई विकास कार्यों को गिनाते हुए बताया कि उन्होंने 13 नंबर गुमती का फ्लाईओवर, सड़कों का निर्माण, बस स्टैंड और स्टेडियम का निर्माण, तथा पुराने बस स्टैंड में उद्यान का विकास जैसे मोर्चों पर काम किया है। उन्होंने आश्वस्त किया कि इन सभी कार्यों का फल जल्द ही नजर आने लगेगा। विधायक ने यह भी कहा कि अगर उनके कार्य करने को लेकर किसी को 'जलन' होती है, तो यह उनकी समस्या है, जबकि उनके लिए यह विकास है और वे विकास के लिए काम करते रहेंगे।1
- मधुबनी में जलजमाव की समस्या से तंग आकर वहाँ की जनता ने एक अनोखा आंदोलन शुरू किया है। अपनी इस परेशानी को उजागर करने के लिए लोगों ने शहर की सड़कों पर धान की खेती करना ही शुरू कर दिया है। यह प्रदर्शन क्षेत्र में लंबे समय से जारी जलभराव की स्थिति के प्रति जनता के गहरे असंतोष को दर्शाता है।1
- राजनगर प्रखंड के करहिया पूर्वी पंचायत में आमजन की समस्याओं के समाधान और विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस पहल का लक्ष्य ग्रामीणों को सरकारी सेवाओं और सुविधाओं तक सीधी पहुँच प्रदान करना था। शिविर में करहिया पूर्वी पंचायत के ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बातचीत की और अपनी व्यक्तिगत समस्याओं के साथ-साथ विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की। इस दौरान, जनहित से जुड़े कई मामलों का मौके पर ही समाधान करने का प्रयास किया गया, जिससे लोगों को तुरंत राहत मिल सके। इसके अतिरिक्त, ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए सक्रिय रूप से जागरूक भी किया गया, ताकि वे इन योजनाओं का अधिकतम फायदा उठा सकें और अपने जीवन स्तर में सुधार ला सकें।1
- मधुबनी जिले के सौराट में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में प्राप्त हुए मामलों में राजस्व विभाग से संबंधित मामले सबसे अधिक संख्या में थे।1
- दरभंगा के अधवारी में ज़मीन पर दखल-दिहानी कराने पहुंची प्रशासनिक टीम के सामने एक घटनाक्रम हुआ, जिसके बाद इलाके में अफरातफरी का माहौल बन गया है। इस घटना के बाद परिजनों ने दूसरे पक्ष पर आग लगाने का गंभीर आरोप लगाया है। फिलहाल, मौके पर पुलिस और प्रशासन कैंप कर रहा है और मामले की जांच जारी है। घटना को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं, जिनमें यह भी शामिल है कि उस दिन वास्तव में क्या हुआ और परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्रशासन का क्या रुख है।1
- मधुबनी जिले के जयनगर स्थित कमला पुल पर एक हादसा हो गया। इस घटना के बाद, राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीम दो घंटे की देरी से, शाम 7:30 बजे घटनास्थल पर पहुंची। फिलहाल, राहत और बचाव कार्य जारी है और टीम द्वारा तलाश की जा रही है।1
- सहरसा से मिली जानकारी के अनुसार, बिपिन सर ने रौशन सर के घर पर खान को लेकर तीखी टिप्पणी की है। बिपिन सर ने जोरदार शब्दों में कहा कि खान कुछ ही दिनों के भीतर देश छोड़कर भाग जाएगा। यह बयान रौशन सर के आवास पर दिया गया, जहाँ बिपिन सर ने खान के भविष्य को लेकर अपनी भविष्यवाणी जमकर व्यक्त की।1