राजनगर प्रखंड के करहिया पूर्वी पंचायत में आमजन की समस्याओं के समाधान और विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस पहल का लक्ष्य ग्रामीणों को सरकारी सेवाओं और सुविधाओं तक सीधी पहुँच प्रदान करना था। शिविर में करहिया पूर्वी पंचायत के ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बातचीत की और अपनी व्यक्तिगत समस्याओं के साथ-साथ विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की। इस दौरान, जनहित से जुड़े कई मामलों का मौके पर ही समाधान करने का प्रयास किया गया, जिससे लोगों को तुरंत राहत मिल सके। इसके अतिरिक्त, ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए सक्रिय रूप से जागरूक भी किया गया, ताकि वे इन योजनाओं का अधिकतम फायदा उठा सकें और अपने जीवन स्तर में सुधार ला सकें।
राजनगर प्रखंड के करहिया पूर्वी पंचायत में आमजन की समस्याओं के समाधान और विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस पहल का लक्ष्य ग्रामीणों को सरकारी सेवाओं और सुविधाओं तक सीधी पहुँच प्रदान करना था। शिविर में करहिया पूर्वी पंचायत के ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बातचीत की और अपनी व्यक्तिगत समस्याओं के साथ-साथ विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की। इस दौरान, जनहित से जुड़े कई मामलों का मौके पर ही समाधान करने का प्रयास किया गया, जिससे लोगों को तुरंत राहत मिल सके। इसके अतिरिक्त, ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए सक्रिय रूप से जागरूक भी किया गया, ताकि वे इन योजनाओं का अधिकतम फायदा उठा सकें और अपने जीवन स्तर में सुधार ला सकें।
- राजनगर प्रखंड के करहिया पूर्वी पंचायत में आमजन की समस्याओं के समाधान और विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस पहल का लक्ष्य ग्रामीणों को सरकारी सेवाओं और सुविधाओं तक सीधी पहुँच प्रदान करना था। शिविर में करहिया पूर्वी पंचायत के ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बातचीत की और अपनी व्यक्तिगत समस्याओं के साथ-साथ विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की। इस दौरान, जनहित से जुड़े कई मामलों का मौके पर ही समाधान करने का प्रयास किया गया, जिससे लोगों को तुरंत राहत मिल सके। इसके अतिरिक्त, ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए सक्रिय रूप से जागरूक भी किया गया, ताकि वे इन योजनाओं का अधिकतम फायदा उठा सकें और अपने जीवन स्तर में सुधार ला सकें।1
- मधुबनी जिले के सौराट में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में प्राप्त हुए मामलों में राजस्व विभाग से संबंधित मामले सबसे अधिक संख्या में थे।1
- मधुबनी जिले के खुटौना प्रखंड की कारमेघ उत्तरी पंचायत में 16 जून 2026 को एक 'सहयोग शिविर' का आयोजन किया गया, जिसमें जिलाधिकारी आनंद शर्मा और पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने भाग लिया। उन्होंने दीप प्रज्वलित कर शिविर का उद्घाटन किया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य आमजनों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना और उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाना है, जिसके प्रति सरकार अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। राज्य सरकार के निर्देश पर, जिले के 26 पंचायतों और सभी नगर निकाय क्षेत्रों के 15 वार्डों में भी ऐसे 'सहयोग शिविर' आयोजित किए गए हैं। इन शिविरों का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों में आमजन की समस्याओं का शीघ्र निपटान, सरकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन और जनता तथा प्रशासन के बीच सीधा संवाद स्थापित करना है। यह कार्यक्रम प्रत्येक माह के प्रथम एवं तीसरे मंगलवार को आयोजित किया जाता है। 'सहयोग शिविर' के माध्यम से राजस्व, सामाजिक सुरक्षा, जन वितरण प्रणाली, पेयजल, विद्युत, स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, भूमि विवाद, पेंशन, आवास एवं अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं से संबंधित समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाता है। संबंधित विभागों के पदाधिकारियों एवं कर्मियों को पूरी तत्परता एवं संवेदनशीलता के साथ आमजनों की समस्याओं के निराकरण हेतु निर्देशित किया गया है। जिला प्रशासन ने संबंधित पंचायतों के जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में शिविर में पहुंचकर अपनी समस्याओं और आवश्यकताओं को प्रशासन के समक्ष रखें तथा सरकार द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ प्राप्त करें।4
- मधुबनी जिले के जयनगर स्थित कमला पुल पर एक हादसा हो गया। इस घटना के बाद, राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीम दो घंटे की देरी से, शाम 7:30 बजे घटनास्थल पर पहुंची। फिलहाल, राहत और बचाव कार्य जारी है और टीम द्वारा तलाश की जा रही है।1
- मधुबनी जिले के बेनीपट्टी प्रखंड अंतर्गत अधवारी गांव में एक जमीन विवाद ने हिंसक रूप ले लिया है। घटना के दौरान, एक आत्मदाह का प्रयास भी किया गया, जिसके बाद आक्रोशित भीड़ ने प्रशासन पर हमला कर दिया। यह घटना गांव में तनाव का माहौल बनाए हुए है और स्थिति की गंभीरता को उजागर करती है।1
- मधुबनी जिले के बेनीपट्टी थाना क्षेत्र के अधवारी गांव में एक जमीन विवाद ने बेहद खतरनाक मोड़ ले लिया है। कोर्ट के आदेश पर दखल-दिहानी कराने पहुंची प्रशासनिक टीम के सामने ही एक बुजुर्ग व्यक्ति ने आत्मदाह का प्रयास कर लिया, जिसके बाद स्थिति बिगड़ गई। इस घटना से आक्रोशित भीड़ उग्र हो गई और मौके पर मौजूद कोर्ट कमिश्नर की जमकर पिटाई कर दी। घटना के उपरांत गांव में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और पुलिस बल तैनात कर मामले की जांच में जुट गई है।1
- बिहार के बेनीपट्टी स्थित अधवारी गांव में जमीन विवाद को लेकर एक बुजुर्ग व्यक्ति ने आत्मदाह का प्रयास किया। डॉक्टरों के अनुसार, बुजुर्ग की हालत अत्यंत गंभीर बनी हुई है, और उन्हें बेहतर इलाज के लिए एक बड़े अस्पताल में रेफर करने की तैयारी की जा रही है। इसी घटनाक्रम से जुड़े एक अन्य मामले में, भीड़ ने एक कोर्ट कमिश्नर के साथ भी जमकर मारपीट की है।1