अखिल भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के आह्वान पर नीट (NEET) परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं के विरोध में राजधानी भोपाल में "छात्रों की गूंज" अभियान के तहत एक जोरदार प्रदर्शन किया गया। सैकड़ों छात्र-छात्राओं और संगठन के पदाधिकारियों ने शनिवार को जिंसी चौराहे से लाल परेड ग्राउंड तक पैदल मार्च निकाला, जो शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरा। प्रदर्शनकारी छात्रों और NSUI कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) पर कार्रवाई की मांग करते हुए जमकर नारेबाजी की। छात्र संगठन के नेताओं ने केंद्र सरकार पर छात्र विरोधी होने का आरोप लगाते हुए कहा कि पेपर लीक होने के बावजूद सरकार कोई कार्रवाई नहीं करती। NSUI के राष्ट्रीय समन्वयक अंशुल तिवारी ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि NEET परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने नैतिक जिम्मेदारी के आधार पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। संगठन की प्रमुख मांगों में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच, NTA को भंग कर नई, पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था लागू करना, और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करना शामिल है। प्रदर्शन के बाद NSUI के प्रतिनिधिमंडल ने भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय सिंह के नाम का ज्ञापन एसीपी बिट्टू शर्मा को सौंपा, जिसमें कार्रवाई की मांग की गई थी। NSUI ने स्पष्ट किया है कि जब तक छात्रों को न्याय नहीं मिलेगा और परीक्षा प्रणाली में सुधार नहीं होगा, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। संगठन ने कहा कि वे पैदल मार्च, मशाल जुलूस और विरोध-प्रदर्शनों के माध्यम से लगातार अपनी आवाज बुलंद करते रहेंगे।
अखिल भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के आह्वान पर नीट (NEET) परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं के विरोध में राजधानी भोपाल में "छात्रों की गूंज" अभियान के तहत एक जोरदार प्रदर्शन किया गया। सैकड़ों छात्र-छात्राओं और संगठन के पदाधिकारियों ने शनिवार को जिंसी चौराहे से लाल परेड ग्राउंड तक पैदल मार्च निकाला, जो शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरा। प्रदर्शनकारी छात्रों और NSUI कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) पर कार्रवाई की मांग करते हुए जमकर नारेबाजी की। छात्र संगठन के नेताओं ने केंद्र सरकार पर छात्र विरोधी होने का आरोप लगाते हुए कहा कि पेपर लीक होने के बावजूद सरकार कोई कार्रवाई नहीं करती। NSUI के राष्ट्रीय समन्वयक अंशुल तिवारी ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि NEET परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने नैतिक जिम्मेदारी के आधार पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। संगठन की प्रमुख मांगों में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच, NTA को भंग कर नई, पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था लागू करना, और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करना शामिल है। प्रदर्शन के बाद NSUI के प्रतिनिधिमंडल ने भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय सिंह के नाम का ज्ञापन एसीपी बिट्टू शर्मा को सौंपा, जिसमें कार्रवाई की मांग की गई थी। NSUI ने स्पष्ट किया है कि जब तक छात्रों को न्याय नहीं मिलेगा और परीक्षा प्रणाली में सुधार नहीं होगा, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। संगठन ने कहा कि वे पैदल मार्च, मशाल जुलूस और विरोध-प्रदर्शनों के माध्यम से लगातार अपनी आवाज बुलंद करते रहेंगे।
- मध्य प्रदेश के गुना जिले के फतेहगढ़ इलाके में 28 वर्षीय वल्लभ मीणा ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली है। इस घटना से पहले उन्होंने जहर खाते हुए एक वीडियो बनाया और उसे अपनी पत्नी को भेजा था। मृतक वल्लभ मीणा ने अपने ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं कि वे उनकी पत्नी को भड़का रहे थे। जानकारी के अनुसार, उनकी पत्नी बच्चे को अपने साथ लेकर मायके चली गई थीं और उन्हें अपने बच्चे से बात भी नहीं करने देती थीं।1
- भोपाल में 'सेफ क्लिक 2.0' साइबर सुरक्षा अभियान के तहत, हनुमानगंज पुलिस ने धार्मिक स्थलों पर पहुंचकर आमजन को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया। पुलिस अधिकारियों ने ऑनलाइन ठगी, फर्जी लिंक और ओटीपी साझा न करने जैसे विषयों पर महत्वपूर्ण जानकारी दी, साथ ही साइबर फ्रॉड से बचाव के विभिन्न उपाय भी बताए। इस पहल के दौरान, आमजन से अपील की गई कि किसी भी साइबर अपराध की स्थिति में वे तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।1
- मध्य प्रदेश के दमोह जिले में देहात थाना क्षेत्र की नरसिंहगढ़ चौकी अंतर्गत आने वाले सुखी पिपरिया गांव में एक गल्ला व्यापारी के घर लाखों की लूट की घटना सामने आई है। शुक्रवार रात करीब 2 से 3 बजे हुई इस वारदात को छह अज्ञात बदमाशों ने अंजाम दिया, जिन्होंने व्यापारी के हाथ-पैर बांधकर और सिर पर बंदूक रखकर घटना को अंजाम दिया। आरोपी भागते समय पीड़ित के मोबाइल भी ले गए, ताकि पुलिस को तत्काल सूचना न दी जा सके। जानकारी के अनुसार, गल्ला व्यापारी विजय जैन अपनी पत्नी कीर्ति जैन और दो बच्चों के साथ दूसरी मंजिल पर सो रहे थे। शुक्रवार रात करीब 2 बजे, छह नकाबपोश बदमाश बाउंड्री के सहारे ऊपर पहुंचे और खुले गेट से सीधे कमरे में घुस गए। उन्होंने सीधे विजय जैन की कनपटी पर बंदूक रख दी और वहीं रखी एक साड़ी से उनके हाथ तथा लोअर से पैर बांध दिए। इसके बाद बदमाशों ने उनके सीने पर बैठकर लॉकर की चाबी मांगी, और जब पत्नी ने मना किया तो पति के सिर पर बंदूक की बट से हमला कर दिया। इससे घबराई पत्नी ने तत्काल अलमारी की चाबी दे दी। बदमाशों ने करीब 7 से 8 तोला सोना, पत्नी के पहने हुए जेवर और लगभग 1 लाख रुपये नकद लूट लिए। भागते समय वे विजय जैन के दो मोबाइल फोन भी ले गए। घटना को अंजाम देते समय बदमाशों द्वारा 'रोहित' और 'सुनील' नाम लिए जाने की बात भी सामने आई है। लूट के बाद पीड़ित ने पड़ोसियों (देवेंद्र पटेल) को सूचना दी, जिसके बाद तत्काल पुलिस को खबर की गई। रात में ही पुलिस मौके पर पहुंची थी, लेकिन कोई खास सुराग नहीं मिला। शनिवार सुबह दमोह एसपी आनंद कलादगी, सीएसपी एच आर पांडे, देहात थाना प्रभारी और फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। एसपी ने पीड़ित से पूरी जानकारी ली और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित की हैं। पुलिस अधीक्षक का कहना है कि आरोपी जल्द ही पुलिस की गिरफ्त में होंगे।4
- जीआरपी इकाई भोपाल द्वारा “SAFE CLICK 2.0” साइबर जागरूकता अभियान के अंतर्गत 5 किलोमीटर मैराथन (दौड़) का सफल आयोजन किया गया। यह पहल साइबर सुरक्षा के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से की गई थी।1
- भोपाल स्थित मानस भवन में एक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया, जिसके अंतर्गत एक कवि सम्मेलन भी हुआ। इस आयोजन में विभिन्न कवियों ने अपनी रचनाएँ प्रस्तुत कीं।4
- पुलिस ने मादक पदार्थों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए बड़ा फैसला किया है। इस निर्णय के अनुसार, पुलिस द्वारा जब्त किए गए सभी मादक पदार्थ अब नष्ट किए जाएंगे। यह खबर आज की ताजा जानकारी है, जिसमें पुलिस की इस पहल को मादक पदार्थों के विरुद्ध एक अहम कदम बताया गया है।1
- भोपाल में हुई मात्र 30 मिनट की बारिश ने भारी आफत पैदा कर दी है, जिससे नगर निगम भोपाल के दावों की पोल खुल गई है। लालघाटी गुफा मंदिर के सामने स्थित जैन नगर में नाले की सफाई न होने और मिट्टी न हटने के कारण पूरी कॉलोनी में पानी भर गया है, जिससे निगम की वर्षा से पहले नालों की सफाई न करने की लापरवाही उजागर हुई है। इस जलभराव के कारण जैन नगर के लोग अपने घरों में कैद होने को मजबूर हो गए हैं, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।1