नवादा जिले में एक बेहद हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ मायके से ससुराल लौट रही छह माह की गर्भवती महिला की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे में न केवल महिला की जान गई, बल्कि उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की भी मौत हो गई, जिससे पूरे परिवार में कोहराम मच गया है। मृतका की पहचान नवादा जिले के नारदीगंज थाना क्षेत्र के तिलकचक गांव निवासी लालजीत कुमार की 30 वर्षीय पत्नी सीमा कुमारी के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार, शनिवार को सीमा अपने पति लालजीत कुमार के साथ मेसकौर प्रखंड के बेलवान स्थित अपने मायके से बाइक पर सवार होकर तिलकचक स्थित ससुराल लौट रही थी। रास्ते में तेज हवा के कारण सीमा के हाथ में रखा एक प्लास्टिक का ड्रम उड़ने लगा। ड्रम को संभालने के प्रयास में सीमा का संतुलन बिगड़ गया और वह अचानक बाइक से सड़क पर गिर पड़ी। इस दौरान उसके सिर और सीने पर गंभीर चोटें आईं और अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। घटना के तुरंत बाद पति लालजीत कुमार और आसपास के लोगों ने गंभीर रूप से घायल सीमा को हिसुआ अस्पताल ले जाने का प्रयास किया, लेकिन गंभीर चोटों और भारी रक्तस्राव के कारण उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। अस्पताल पहुँचने पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। महिला की मौत की खबर फैलते ही अस्पताल परिसर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी और हर कोई इस दर्दनाक घटना पर चर्चा कर रहा था। परिजनों ने बताया कि सीमा छह माह की गर्भवती थी और परिवार में नए मेहमान के आने की खुशियाँ मनाई जा रही थीं, जो पल भर में मातम में बदल गईं। मृतका अपने पीछे पति लालजीत कुमार और तीन वर्षीय मासूम बेटे को छोड़ गई है, जिसे अभी यह भी समझ नहीं है कि उसकी माँ अब इस दुनिया में नहीं रही। पति लालजीत कुमार अपनी पत्नी को खोने के बाद पूरी तरह टूट चुके हैं और रोते हुए घटना की जानकारी दे रहे हैं। ग्रामीणों ने सीमा को मिलनसार और सरल स्वभाव की महिला बताया, जिसकी असमय मौत से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। इस घटना के बाद नारदीगंज, मेसकौर, हिसुआ और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई है। लोग ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिवार को दुख सहने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना कर रहे हैं। इस हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों ने बाइक पर यात्रा करते समय पूरी सावधानी बरतने और विशेषकर गर्भवती महिलाओं के लिए दोपहिया वाहन की लंबी यात्रा को जोखिम भरा बताया है। उन्होंने यात्रियों को बड़े और हल्के सामान को हाथ में लेकर चलने से बचने और दोनों हाथों से मजबूती से पकड़कर बैठने की सलाह दी है, ताकि संतुलन बिगड़ने का खतरा कम हो सके। यह घटना जीवन में एक क्षण की असावधानी के गंभीर परिणामों की याद दिलाती है।
नवादा जिले में एक बेहद हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ मायके से ससुराल लौट रही छह माह की गर्भवती महिला की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे में न केवल महिला की जान गई, बल्कि उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की भी मौत हो गई, जिससे पूरे परिवार में कोहराम मच गया है। मृतका की पहचान नवादा जिले के नारदीगंज थाना क्षेत्र के तिलकचक गांव निवासी लालजीत कुमार की 30 वर्षीय पत्नी सीमा कुमारी के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार, शनिवार को सीमा अपने पति लालजीत कुमार के साथ मेसकौर प्रखंड के बेलवान स्थित अपने मायके से बाइक पर सवार होकर तिलकचक स्थित ससुराल लौट रही थी। रास्ते में तेज हवा के कारण सीमा के हाथ में रखा एक प्लास्टिक का ड्रम उड़ने लगा। ड्रम को संभालने के प्रयास में सीमा का संतुलन बिगड़ गया और वह अचानक बाइक से सड़क पर गिर पड़ी। इस दौरान उसके सिर और सीने पर गंभीर चोटें आईं और अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। घटना के तुरंत बाद पति लालजीत कुमार और आसपास के लोगों ने गंभीर रूप से घायल सीमा को हिसुआ अस्पताल ले जाने का प्रयास किया, लेकिन गंभीर चोटों और भारी रक्तस्राव के कारण उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। अस्पताल पहुँचने पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। महिला की मौत की खबर फैलते ही अस्पताल परिसर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी और हर कोई इस दर्दनाक घटना पर चर्चा कर रहा था। परिजनों ने बताया कि सीमा छह माह की गर्भवती थी और परिवार में नए मेहमान के आने की खुशियाँ मनाई जा रही थीं, जो पल भर में मातम में बदल गईं। मृतका अपने पीछे पति लालजीत कुमार और तीन वर्षीय मासूम बेटे को छोड़ गई है, जिसे अभी यह भी समझ नहीं है कि उसकी माँ अब इस दुनिया में नहीं रही। पति लालजीत कुमार अपनी पत्नी को खोने के बाद पूरी तरह टूट चुके हैं और रोते हुए घटना की जानकारी दे रहे हैं। ग्रामीणों ने सीमा को मिलनसार और सरल स्वभाव की महिला बताया, जिसकी असमय मौत से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। इस घटना के बाद नारदीगंज, मेसकौर, हिसुआ और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई है। लोग ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिवार को दुख सहने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना कर रहे हैं। इस हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों ने बाइक पर यात्रा करते समय पूरी सावधानी बरतने और विशेषकर गर्भवती महिलाओं के लिए दोपहिया वाहन की लंबी यात्रा को जोखिम भरा बताया है। उन्होंने यात्रियों को बड़े और हल्के सामान को हाथ में लेकर चलने से बचने और दोनों हाथों से मजबूती से पकड़कर बैठने की सलाह दी है, ताकि संतुलन बिगड़ने का खतरा कम हो सके। यह घटना जीवन में एक क्षण की असावधानी के गंभीर परिणामों की याद दिलाती है।
- नवादा जिला परिषद की सदस्य पुष्पा देवी ने रोगी कल्याण समिति के सदस्यों के साथ मिलकर सदर अस्पताल का निरीक्षण किया। वे सदर अस्पताल में उपलब्ध व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुंची थीं, जिसके बाद उन्होंने आवश्यक निर्देश भी दिए।1
- Post by MD aurangzeb2
- नवादा सदर अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर जिला परिषद अध्यक्षा पुष्पा देवी ने अधिकारियों की क्लास लगाई है। अस्पताल की दयनीय और बदहाल स्थिति पर अध्यक्षा पुष्पा देवी ने गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए अपनी नाराजगी जताई, जिसके चलते अधिकारियों को जवाब देना पड़ा।1
- शनिवार, 30 मई 2026 को राष्ट्रीय लोक मोर्चा (रालोमो) नवादा जिला इकाई के जिला अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए नवादा शहर स्थित 3 नंबर बस स्टैंड के समीप मोर्या गार्डन में एक महत्वपूर्ण बैठक और चुनाव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिले भर से पार्टी के क्रियाशील सदस्य, पंचायत अध्यक्ष, प्रखंड अध्यक्ष और सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने सक्रिय रूप से भाग लिया। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, सुबह 11 बजे जिला अध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हुई। नामांकन के दौरान केवल विनय कुशवाहा का नाम सामने आया और किसी अन्य उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल नहीं किया। परिणामस्वरूप, चुनाव पदाधिकारियों ने विनय कुशवाहा को निर्विरोध जिला अध्यक्ष घोषित कर दिया। उनके निर्विरोध निर्वाचन की घोषणा होते ही कार्यकर्ताओं में उत्साह की लहर दौड़ गई, और उपस्थित लोगों ने तालियों तथा नारों के साथ उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस अवसर पर पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने संगठन को मजबूत करने और आगामी राजनीतिक रणनीतियों पर भी विस्तार से चर्चा की। नव-निर्वाचित जिला अध्यक्ष विनय कुशवाहा ने अपने संबोधन में कहा कि वे पार्टी के सिद्धांतों और नीतियों के अनुरूप पूरी ईमानदारी व निष्ठा के साथ कार्य करेंगे। उन्होंने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने को अपनी प्राथमिकता बताया और कहा कि वे सभी कार्यकर्ताओं को साथ लेकर पार्टी को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे। उन्होंने पार्टी नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त करते हुए सौंपी गई जिम्मेदारी पर खरा उतरने का संकल्प लिया। कार्यक्रम की देखरेख जिला संयोजक राजेन्द्र कुशवाहा ने की। इस महत्वपूर्ण आयोजन में पार्टी के कई वरिष्ठ पदाधिकारी, पंचायत एवं प्रखंड स्तर के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। विनय कुशवाहा के निर्विरोध जिला अध्यक्ष चुने जाने पर उनके समर्थकों ने उन्हें बधाई दी और संगठन के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।3
- पूरे देश में प्रतिष्ठित NEET परीक्षा को लेकर एक गंभीर सवाल उठाया गया है, जिसमें पूछा गया है कि क्या यह सिर्फ एक 'व्यावसायिक धंधा' बनकर रह गई है।1
- लहेरी थाना पुलिस ने फोर व्हीलर और टू व्हीलर चुराने वाले अंतरराष्ट्रीय शातिर चोरों के एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस कार्रवाई में छह चोरों को गिरफ्तार किया है। इन चोरों के पास से दो चोरी की गाड़ियां भी बरामद की गई हैं। सदर एसडीपीओ संकेत कुमार ने इस गिरफ्तारी की पुष्टि की।3
- बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रतिनिधियों ने सम्राट चौधरी सरकार पर आरोप लगाया है कि वह राज्य में जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया को 'सैटेलाइट टाउनशिप' और 'ग्रीन फील्ड' के नाम पर बंद करके तथा अब अंचल की भूमिका शामिल करके इसे और अधिक जटिल बना रही है, जिससे यह 'घूस का घोंसला' बन जाएगी। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि सरकार ने पहले राज्य के दर्जनों जिलों के सैकड़ों गांवों और नगर निकाय के वार्डों में जमीन रजिस्ट्री को एक साल के लिए रोक दिया था, और अब संपूर्ण बिहार में रजिस्ट्री विभाग के साथ-साथ अंचल को भी जमीन रजिस्ट्रीकरण पद्धति में शामिल करके बिहारवासियों को बड़े संकट में डाल दिया है। नेताओं के अनुसार, 'ग्रीन लैंड सैटेलाइट टाउनशिप' के अंतर्गत आने वाले गांवों और वार्डों के गरीब व मध्यमवर्गीय परिवार पहले से ही अपनी बेटियों की शादी, बच्चों की पढ़ाई या गंभीर बीमारियों जैसे आवश्यक कार्यों के लिए जमीन बेचने में असमर्थ होने के कारण परेशान थे। अब रजिस्ट्री ऑफिस के साथ-साथ अंचल अधिकारी और उनके कार्यालय को जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया में शामिल करने और उनसे रिपोर्ट लेने की पद्धति से लोगों को और अधिक संकट, देरी और भ्रष्टाचार का सामना करना पड़ेगा। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि सरकार का यह कदम किसान-मजदूरों और आमजनों को परेशान करने वाला है। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि जमीन रजिस्ट्री, जिसे 'विक्रय मनोबंध पत्र' कहा जाता है, वह जमीन का 'हकियत' (वास्तविक मालिकाना हक) नहीं है, न ही अंचल या म्युनिसिपल रसीदें हकियत दर्शाती हैं। ये सभी केवल रजिस्ट्रेशन और टैक्स संबंधी कागज़ात हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इन कागज़ातों का 'हौआ' बनाकर किसान-मजदूरों और आमजनों को तंग और तबाह करना चाहती है। नेताओं ने राज्य सरकार से मांग की है कि जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया को और जटिल बनाने के बजाय उसे आसान किया जाए, ताकि आम जनता को जमीन रजिस्ट्री के लिए अंचल कार्यालय के चक्कर न काटने पड़ें और पहले की तरह आसानी से कार्य संपन्न हो सकें। कांग्रेस पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि राज्य सरकार जल्द से जल्द जमीन खरीद-बिक्री (रजिस्ट्री) पर लगी रोक को हटाती नहीं है और अंचल की भूमिका समाप्त नहीं करती है, तो पार्टी बाध्य होकर जिला रजिस्ट्रार (जिलाधिकारी कार्यालय) और उप-रजिस्ट्रार (रजिस्ट्री ऑफिस कार्यालय) का घेराव करेगी। यह बात बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश प्रतिनिधि प्रो विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष बाबूलाल प्रसाद सिंह, दामोदर गोस्वामी, विपिन बिहारी सिन्हा, इंटक जिला महासचिव टिंकू गिरी, विशाल कुमार, मोहम्मद शामिम आलम, और मुन्ना मांझी सहित अन्य नेताओं ने कही।1
- बिहार की सियासत में 'पावर सेंटर' माने जाने वाले पटना के 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी बंगले को लेकर लालू-राबड़ी परिवार और सम्राट चौधरी सरकार के बीच सीधी जंग छिड़ गई है। भवन निर्माण विभाग द्वारा तीसरी बार बंगला खाली करने का अल्टीमेटम मिलने के बाद, दिल्ली से पटना लौटीं पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के तेवर बेहद उग्र नजर आए। इस नोटिस के कारण राज्य की राजनीति गरमा गई है, जिससे एक बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है।1